Category: कविता

सर्व गुण सम्पन्न नहीं होता कोई

कुछ न कुछ कमी सब में होती हैसर्व गुण सम्पन्न नहीं कोई होता है,थोड़ी सी कमी भुला करके अपनीमित्रता बनाए रखना अच्छा होता है। अपनों और परायों के मैत्री रिश्तेबनाने…

हँसिए : हम भारत में ही हैं

नब्बे प्रतिशत वाला प्रतियोगितापास कर बाबू जी ही बन पाता है,उससे कम प्रतिशत वाला अधिकारीबनकर बाबुओं पर हुक्म चलाता है। मस्ती से पास होने वाला राजनीति मेंमंत्री बन अधिकारी पर…

अच्छाई की शुरुआत…

जीवन में अच्छाई की शुरुआत तोहमको स्वयं से ही करना पड़ता है,किसी के मस्तक पर तिलक लगानेसे पहले खुद की उंगली पर लगता है। बिना फलों वाले सूखे पेंड़ पर…

मंज़िल

ज़िंदगी में मायूसी न ठहर सके,शाम सूरज ढले सुबह फिर उगे,धीरे धीरे ज़िन्दगी यूँ चलती रहे,मंज़िल की राह यूँ तय होती रहे। जीवन के प्रश्न हल करने पड़ेंगे,पवित्रता से अर्चन…

वैध नोट अवैध हो जाएँगे

आठ नवंबर दो हज़ार सोलहकी रात अचानक आठ बजे,राष्ट्र सम्बोधन में आदरणीयप्रधानमंत्री जी जनता से बोले। उस रात बारह बजे से पाँच सौऔर एक हज़ार के सारे नोट,सभी के रद्दी…

कृत्रिम संदेशों की बाढ़

कैसे कैसे काण्ड और घोटाले होते हैं,अब सब कुछ ऑनलाइन भी होता है,अनैतिकता का चेहरा नहीं उजागर होइसलिए मिलना ज़ुलना नहीं होता है। नैतिकता का यही तक़ाज़ा है किइधर उधर…

ठंड हुई पुरजोर-डॉ सत्यवान सौरभ

हिसार(राष्ट्र की परम्परा)लगे ठिठुरने गात सब,निकले कम्बल शाल।सिकुड़ रहे हैं ठंड से,हाल हुआ बेहाल।। बाहर मत निकलो कहे,बहुत ठंड है आज।कान पकते सुनते हुए,दादी की आवाज।। जाड़ा आकर यूं खड़ा,ठोके…

आयुर्वेद और स्वास्थ्य

ज्ञान समान पवित्र नहीं कुछ इसनश्वर संसार में कुछ भी होता है,नि:संदेह ज्ञान और कर्मयोग केद्वारा ही अंतःकरण शुद्ध होता है। कर्मयोग के द्वारा तो ज्ञान मनुष्यअपने आप आत्मा में…

ख़ुशियों की चाभी

सफलता की चाभी से ख़ुशी नहीं मिलती,परंतु ख़ुशियों की चाभी सफलता देती है,हम जो कुछ करते हैं, यदि दिल से करते हैं,तो ऐसे कार्य सफलता भी प्राप्त करते हैं। जो…

ख़ुशियों की चाभी

सफलता की चाभी से ख़ुशी नहीं मिलती,परंतु ख़ुशियों की चाभी सफलता देती है,हम जो कुछ करते हैं, यदि दिल से करते हैं,तो ऐसे कार्य सफलता भी प्राप्त करते हैं। जो…

चंचल स्वभाव तितली जैसा

ख़ुशियाँ तितली जैसी होती हैं,चाहने से तो बहुत दूर उड़ जाती हैं,जितना उनके पीछे भागेंगे वह,हमसे उतनी ही दूर चली जाती हैं। तितली को देख अगर हम पीछेउसके न जा…

सबके पास उजाले हो

मानवता का संदेश फैलाते,मस्जिद और शिवाले हो।नीर प्रेम का भरा हो सब में,ऐसे सब के प्याले हो।। होली जैसे रंग हो बिखरे,दीपों की बारात सजी हो,अंधियारे का नाम न हो,सबके…

त्योहार परम पुण्य पुरुषार्थ

त्योहार परम पुण्य पुरुषार्थ यह,दीपावली शुभ दिव्यार्थ मय यह,द्वार द्वार दीप ज्योति जलती रहे,तिमिर नाशक द्वंद्व युद्ध चलता रहे। जीत जायेगी प्रकाश पुंज लालिमा,होगी पराजित ये घनघोर कालिमा,दीप ज्योति पर्व…

तन-मन का अँधेरा पहले मिटाओ

दीपक हृदय का पहले जलाओ,तन-मन का अँधेरा पहले मिटाओ,धरा का उठाना न आसान होगा,गगन को झुकाना न आसान होगा। इस वर्ष दीवाली फिर आ गई है,आप दीपक जलायें पर ना…