देवप्रयाग के संस्कृत महाविद्यालय में शिक्षक पर छात्राओं से छेड़खानी का आरोप, POCSO में मुकदमा

देवप्रयाग (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तराखंड के टिहरी जिले के देवप्रयाग क्षेत्र स्थित श्री रघुनाथ कीर्ति संस्कृत महाविद्यालय में छात्राओं के साथ कथित अमर्यादित व्यवहार और छेड़खानी का मामला सामने आया है। प्रकरण में महाविद्यालय के सहायक आचार्य डॉ. सूर्यमणि भंडारी के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आरोपों में एक नाबालिग और एक बालिग छात्रा का उल्लेख किया गया है।
पुलिस के अनुसार, महाविद्यालय के संस्थान प्रभारी की ओर से थाने में दी गई नामजद लिखित शिकायत के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) और पॉक्सो अधिनियम की संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया गया है। शिकायत में शिक्षक पर दोनों छात्राओं के साथ कथित तौर पर अश्लील हरकतें करने और छेड़खानी करने का आरोप लगाया गया है।
22 अगस्त की घटना, जांच के बाद पुलिस तक पहुंचा मामला
शिकायत के मुताबिक घटना 22 अगस्त की बताई गई है। मामला सामने आने के बाद महाविद्यालय स्तर पर आंतरिक जांच की गई। इसी प्रक्रिया के चलते पुलिस को घटना की जानकारी करीब एक महीने बाद दी गई।
पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के बाद शिकायत में लगाए गए आरोपों, संबंधित परिस्थितियों और उपलब्ध साक्ष्यों की पड़ताल शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
POCSO के तहत जांच, साक्ष्यों पर पुलिस का फोकस
मामले की जांच कर रहीं वरिष्ठ उपनिरीक्षक (एसएसआई) अनिता नेगी के मुताबिक, पॉक्सो अधिनियम के तहत ऐसे अपराधों में गिरफ्तारी को लेकर लागू कानूनी प्रावधानों और अपराध की सजा की श्रेणी को ध्यान में रखते हुए पुलिस फिलहाल साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।
पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े तथ्यों को जुटाया जा रहा है और जांच के दौरान सामने आने वाले साक्ष्यों के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
उच्च शिक्षा विभाग भी मामले पर नजर बनाए हुए
घटना की गंभीरता को देखते हुए उच्च शिक्षा विभाग भी प्रकरण से जुड़े पहलुओं पर नजर रख रहा है। महाविद्यालय में हुई आंतरिक जांच, पुलिस में दी गई शिकायत और आगे की कानूनी कार्रवाई को लेकर संबंधित स्तर पर जानकारी जुटाई जा रही है।
फिलहाल पुलिस की जांच जारी है। शिक्षक के खिलाफ लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही हो सकेगी।