Friday, May 1, 2026
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मिशन शक्ति, महिलाओं को आत्मरक्षा, साइबर सुरक्षा और घरेलू हिंसा से बचाव की दी जानकारी

कोपागंज ब्लाक के कोपा कोहना में लगी महिला चौपाल

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)पुलिस अधीक्षक के दिशा निर्देशन एवं थाना कोपागंज के प्रभारी निरीक्षक के कुशल नेतृत्व में मिशन शक्ति टीम द्वारा क्षेत्र के कोपाकोहना गांव में महिला चौपाल का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं और किशोरियों को सुरक्षा से जुड़े विभिन्न सरकारी हेल्पलाइन नंबरों और योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।
चौपाल में उपस्थित महिलाओं को 1090 महिला हेल्पलाइन, 112 पुलिस आपातकालीन सेवा, 1930 साइबर हेल्पलाइन, 1098 चाइल्ड हेल्पलाइन, 1076 मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, 102 गर्भवती महिलाओं एवं नवजात शिशुओं के लिए एंबुलेंस सेवा तथा 108 आपातकालीन एंबुलेंस सेवा के बारे में जागरूक किया गया। साथ ही महिलाओं को बताया गया कि किसी भी प्रकार की समस्या या उत्पीड़न की स्थिति में इन नंबरों पर तत्काल संपर्क कर सहायता प्राप्त की जा सकती है।
मिशन शक्ति टीम ने महिलाओं की समस्याएं भी सुनीं और उन्हें आश्वस्त किया कि पुलिस हर समय उनकी सुरक्षा के लिए तत्पर है। इस दौरान महिलाओं को आत्मरक्षा, साइबर सुरक्षा और घरेलू हिंसा जैसे विषयों पर भी जागरूक किया गया।
इस कार्यक्रम में उपनिरीक्षक प्रियंका सिंह, महिला कांस्टेबल गायत्री वर्मा सहित अन्य पुलिसकर्मी उपस्थित रहे।
थाना प्रभारी कोपागंज रविंद्रनाथ राय ने बताया कि “मिशन शक्ति अभियान के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार चौपाल लगाकर महिलाओं और बच्चियों को उनके अधिकारों और सुरक्षा संबंधी सेवाओं के प्रति जागरूक किया जा रहा है। किसी भी आपात स्थिति में पुलिस तत्परता से सहायता प्रदान करेगी।”
कार्यक्रम के अंत में महिलाओं ने पुलिस टीम के इस प्रयास की सराहना की और भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने की मांग की।

खेत के बीच लगा सरकारी हैंडपंप बना चर्चा का विषय, ग्रामीणों ने उठाए सवाल

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के कोपागंज ब्लॉक अंतर्गत ग्राम सभा जयरामगढ़ में सरकारी धन के उपयोग को लेकर एक मामला चर्चा का विषय बन गया है। यहां गेहूं के खेत के बीच स्थापित इंडिया मार्का-2 हैंडपंप को लेकर ग्रामीणों में नाराज़गी देखी जा रही है। लोगों का आरोप है कि सार्वजनिक उपयोग के लिए लगाए जाने वाले हैंडपंप को ऐसे स्थान पर स्थापित किया गया है, जहां आम लोगों की पहुंच बेहद मुश्किल है। खेत के चारों ओर खड़ी फसल के बीच लगाए गए इस हैंडपंप की तस्वीरें सामने आने के बाद मामला और अधिक चर्चा में आ गया है। ग्रामीणों का कहना है कि इस स्थान पर हैंडपंप लगाने से इसका लाभ सीमित लोगों तक ही सिमट कर रह गया है, जबकि इसका उद्देश्य पूरे गांव को पेयजल सुविधा उपलब्ध कराना था। उनका कहना है कि यदि हैंडपंप को किसी सार्वजनिक स्थल, जैसे चौराहे, स्कूल या बस्ती के पास लगाया जाता, तो अधिक लोगों को इसका लाभ मिल सकता था। इस व्यवस्था को लेकर ग्रामीणों ने सवाल उठाते हुए मामले की जांच कराने की मांग की है। स्थानीय लोगों के अनुसार सरकारी योजनाओं का उद्देश्य आम जनता को सुविधा देना होता है, लेकिन खेत के बीच हैंडपंप लगाना पारदर्शिता पर प्रश्नचिह्न खड़ा करता है। उन्होंने संबंधित विभाग और प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। वहीं इस पूरे मामले में अब तक किसी भी जिम्मेदार अधिकारी की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द ही उचित कदम नहीं उठाया गया, तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करेंगे।

एनेक्सी सभागार में पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री की प्रेस वार्ता

योजनाओं व उपलब्धियों का दिया विस्तृत ब्यौरा

गोरखपुर(राष्ट्र की परम्परा)
पशुधन एवं दुग्ध विकास तथा राजनीतिक पेंशन मंत्री धर्मपाल सिंह ने एनेक्सी सभागार में आयोजित प्रेस वार्ता में प्रदेश में पशुपालन, दुग्ध उत्पादन एवं पशुधन विकास से जुड़ी योजनाओं और उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जैव विविधता से समृद्ध उत्तर प्रदेश देश में सर्वाधिक पशुधन वाला राज्य है।
मंत्री ने बताया कि वर्ष 2019 की 20वीं पशुगणना के अनुसार प्रदेश में 190.20 लाख गोवंश, 330.17 लाख महिषवंश, 144.80 लाख बकरी, 9.85 लाख भेड़ एवं 4.09 लाख सूकर हैं। वर्ष 2025 की 21वीं पशुगणना पूर्ण हो चुकी है, जिसका अंतिम आंकड़ा भारत सरकार द्वारा जारी किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2023-24 में प्रदेश में 387.79 लाख मीट्रिक टन दुग्ध, 589.48 करोड़ अंडे तथा 1259 हजार टन मांस का उत्पादन हुआ। पशुपालकों को घर-घर चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध कराने के लिए मोबाइल वेटरिनरी यूनिट योजना के तहत टोल फ्री नंबर 1962 संचालित है। वर्ष 2024-25 में 15.93 लाख पशुपालकों के 32.34 लाख पशुओं तथा 2025-26 में अब तक 5.70 लाख पशुपालकों के 11.16 लाख पशुओं का उपचार किया गया।
प्रदेश में वर्तमान में 520 मोबाइल वेटरिनरी यूनिट संचालित हैं। साथ ही PPP मॉडल पर डायग्नोस्टिक लैब एवं पॉलीक्लीनिक विकसित किए जा रहे हैं, जिससे उच्च स्तरीय उपचार सुविधा मिलेगी।
टीकाकरण अभियान की जानकारी देते हुए मंत्री ने बताया कि वर्ष 2024-25 में 1648.89 लाख तथा 2025-26 में अब तक 817.96 लाख पशुओं का टीकाकरण किया जा चुका है। प्रदेश में 7608 गो-आश्रय स्थलों में 12.36 लाख से अधिक गोवंश संरक्षित हैं और 157 बड़े गौ संरक्षण केंद्र निर्माणाधीन हैं।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री सहभागिता योजना के तहत 1.79 लाख से अधिक गोवंश पशुपालकों को सुपुर्द किए गए हैं तथा भरण-पोषण हेतु डीबीटी के माध्यम से वित्तीय सहायता दी जा रही है। गोचर भूमि से अतिक्रमण हटाकर 11,952 हेक्टेयर से अधिक भूमि मुक्त कराई गई है, जिसमें बड़े पैमाने पर चारा उत्पादन किया जा रहा है।
नस्ल सुधार कार्यक्रम के तहत कृत्रिम गर्भाधान को बढ़ावा दिया जा रहा है। वर्ष 2024-25 में 238.20 लाख तथा 2025-26 में अब तक 115.97 लाख कृत्रिम गर्भाधान किए गए हैं। लखनऊ के रहमानखेड़ा में अत्याधुनिक सेक्स-सॉर्टेड सीमेन लैब स्थापित की जा रही है, जिससे उच्च गुणवत्ता की नस्ल विकसित होगी।
नंद बाबा दुग्ध मिशन के अंतर्गत नंदिनी, मिनी नंदिनी एवं मुख्यमंत्री स्वदेशी गो संवर्धन योजनाएं संचालित हैं, जिनमें डेयरी इकाइयों पर 40% से 60% तक अनुदान दिया जा रहा है। साथ ही प्रगतिशील पशुपालकों को 10,000 से 15,000 रुपये तक प्रोत्साहन दिया जा रहा है।
पशुधन बीमा, बकरी पालन, भेड़ पालन एवं कुक्कुट विकास योजनाओं के माध्यम से रोजगार सृजन पर विशेष जोर दिया जा रहा है। कुक्कुट विकास नीति-2022 के तहत 433.90 करोड़ रुपये के निवेश से 20 हजार से अधिक लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है।
मंत्री ने बताया कि बुंदेलखंड क्षेत्र में महिला ब्रायलर पालन योजना तथा बैकयार्ड पोल्ट्री योजना के माध्यम से हजारों महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है। साथ ही चारा विकास, प्रशिक्षण और नई नीतियों के जरिए पशुपालन क्षेत्र को और मजबूत किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार पशुपालकों की आय बढ़ाने, रोजगार सृजन और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार नई योजनाएं लागू कर रही है।

तीन संस्थाओं के ब्रांड एंबेसडर बने अंतरराष्ट्रीय किकबॉक्सर सनी सिंह, गोरखपुर का बढ़ाया मान

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के छात्र और अंतरराष्ट्रीय किकबॉक्सर सनी सिंह ने एक बार फिर जिले को गौरवान्वित किया है। उनकी खेल प्रतिभा और सामाजिक सरोकारों के प्रति समर्पण को देखते हुए उन्हें ऐशप्रा फाउंडेशन (स्पोर्ट्स), फ्लाईअप फाउंडेशन (नवाचार लैब) और यूनाइटेड यूथ एसोसिएशन ऑफ पूर्वांचल का आधिकारिक ब्रांड एंबेसडर नियुक्त किया गया है। इस उपलब्धि पर विश्वविद्यालय में खुशी का माहौल है और इसे युवाओं के लिए प्रेरणादायक उपलब्धि माना जा रहा है।
इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि यह पूरे विश्वविद्यालय के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने बताया कि ये संस्थाएं समाज और छात्रों के उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं और सनी सिंह का चयन इस दिशा में एक सकारात्मक संदेश देता है। सनी न केवल खेल के मैदान में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं, बल्कि सामाजिक सरोकारों में भी सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं, जो उन्हें अन्य खिलाड़ियों से अलग बनाता है।
वहीं, ऐशप्रा ग्रुप के चेयरमैन अतुल सराफ ने सनी को दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रतीक बताते हुए कहा कि उनकी ऊर्जा और समर्पण युवाओं को खेलों की ओर प्रेरित करेगा। फ्लाईअप फाउंडेशन के संस्थापक अभय सिंह ने कहा कि सनी तकनीक और खेल के बीच संतुलन बनाकर नई पीढ़ी के लिए मिसाल पेश कर रहे हैं, जबकि यूनाइटेड यूथ एसोसिएशन के संस्थापक नारायण दत्त पाठक ने उन्हें पूर्वांचल के युवाओं के लिए एक आदर्श बताया।
सनी सिंह का सफर केवल खेल उपलब्धियों तक सीमित नहीं है, बल्कि उन्होंने समाज सेवा के क्षेत्र में भी अपनी अलग पहचान बनाई है। लगातार तीन वर्षों (2023-2025) तक नेशनल मेडलिस्ट रहने के साथ-साथ उन्होंने 2025-2026 में दो बार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया। उज्बेकिस्तान में आयोजित वर्ल्ड कप में उन्होंने टॉप-10 खिलाड़ियों में स्थान बनाते हुए 5वीं रैंक हासिल की, वहीं अबू धाबी (UAE) में हुई वर्ल्ड चैंपियनशिप में टॉप-20 फाइटर्स में 9वीं रैंक प्राप्त की।
खेल के साथ-साथ सामाजिक जिम्मेदारी निभाते हुए सनी सिंह ने ‘मिशन अपराजिता’ के माध्यम से अब तक 5,000 से अधिक बेटियों को नि:शुल्क आत्मरक्षा प्रशिक्षण प्रदान किया है। उनका यह प्रयास महिलाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

लो-हाइट अंडरपास निर्माण की मांग, विभिन्न संगठनों ने सौंपा ज्ञापन

सलेमपुर/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। देवरिया जनपद के सलेमपुर रेलवे स्टेशन परिसर में सोमवार को राष्ट्रीय समानता दल, समाजवादी पार्टी (सपा) अनुसूचित प्रकोष्ठ एवं अन्य विभिन्न सामाजिक व राजनीतिक संगठनों द्वारा एक महत्वपूर्ण सविनय निवेदन बैठक का आयोजन किया गया। बैठक के उपरांत स्टेशन अधीक्षक के माध्यम से महाप्रबंधक एवं मंडल रेल प्रबंधक, पूर्वोत्तर रेलवे के नाम ज्ञापन सौंपकर स्थानीय समस्याओं के समाधान की मांग की गई।
बैठक को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय समानता दल उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष संजयदीप कुशवाहा ने कहा कि सलेमपुर नगर पंचायत तहसील मुख्यालय होने के साथ-साथ घनी आबादी वाला क्षेत्र है। रेलवे स्टेशन के दोनों ओर नगर बसा हुआ है, जबकि दक्षिणी समपार फाटक से उत्तरी समपार फाटक की दूरी लगभग चार किलोमीटर है। इस कारण आमजन, विशेषकर कम आय वर्ग के लोग, पैदल यात्री, स्कूली बच्चे, बुजुर्ग एवं महिलाओं को रेलवे लाइन पार करने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में लो-हाइट अंडरपास का निर्माण अत्यंत आवश्यक है, जिससे आवागमन सुगम और सुरक्षित हो सके।
सपा अनुसूचित प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष हरेराम आर्य ने अपनी मांग रखते हुए कहा कि भटनी स्टेशन से संचालित ट्रेन संख्या 65115 एवं 65116 का प्रस्थान एवं आगमन बरहज बाजार से किया जाना चाहिए, ताकि क्षेत्रीय यात्रियों को सुविधा मिल सके। वहीं सुरेश कुशवाहा ने ट्रेन संख्या 15131 एवं 15132 का ठहराव पिवकोल रेलवे स्टेशन पर सुनिश्चित किए जाने की मांग उठाई।
राष्ट्रीय समानता दल के जिलाध्यक्ष विजय कुमार ने अपने संबोधन में बरहज, सिसई गुलाब राय, सतरवा तथा देवराहाबाबा हाल्ट स्टेशनों को अमृत भारत स्टेशन योजना में शामिल करने की मांग की, जिससे इन स्टेशनों का समुचित विकास हो सके। बसपा नेता राजदेव प्रसाद ने सुझाव दिया कि बरहज बाजार रेलवे स्टेशन को दोहरीघाट रेलवे स्टेशन से जोड़ा जाए, जिससे क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूती मिले।
बैठक का संचालन अभय कुमार एवं आजाद कुशवाहा ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर श्यामदेव यादव (सीपीआई), देशराज यादव (सपा), चन्द्रिका प्रसाद, सुजीत कुमार, बीरबल कुशवाहा, दिनेश गुप्ता, नरेन्द्र यादव सहित सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में प्रस्तुत ज्ञापन के माध्यम से रेलवे प्रशासन से सभी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई करने की अपील की गई, ताकि क्षेत्र के नागरिकों को बेहतर, सुरक्षित एवं सुलभ यातायात सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।

यूपीएससी में होनहारों का परचम: अनुराग डीपीआरओ, सुमित बीडीओ पद पर चयनित

बनकटा ब्लॉक क्षेत्र में हर्ष की लहर
भैंसही गांव के अनुराग द्विवेदी डीपीआरओ तथा प्रताप छापर के सुमित कुमार पासवान बीडीओ पद पर चयनित

भाटपार रानी/बनकटा(राष्ट्र की परम्परा)
घोषित यूपीएससी परीक्षा परिणाम में देवरिया जनपद, विशेषकर भाटपार रानी तहसील क्षेत्र के प्रतिभाशाली अभ्यर्थियों ने उल्लेखनीय सफलता हासिल कर क्षेत्र का मान बढ़ाया है।
इस सफलता सूची में खरोहवा ठाकुर गांव की बेटी अनुष्का यादव ने पीसीएस परीक्षा उत्तीर्ण कर ओबीसी वर्ग में 85वीं रैंक प्राप्त की है। वहीं, बनकटा ब्लॉक के ग्राम भैंसही निवासी अनुराग कुमार द्विवेदी, पुत्र मदन मोहन द्विवेदी, ने यूपीएससी परीक्षा उत्तीर्ण कर जिला प्रोबेशन अधिकारी (डीपीआरओ) पद प्राप्त किया है। इसी क्रम में ग्राम पंचायत प्रताप छापर निवासी शिक्षक सुरेंद्र प्रसाद के पुत्र सुमित कुमार पासवान ने भी परीक्षा में सफलता हासिल कर खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) पद पर चयनित होकर क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है।
अनुराग द्विवेदी की प्रारंभिक शिक्षा उनके पिता द्वारा संचालित जीवन ज्योति पब्लिक स्कूल, भैंसही से हुई। उन्होंने हाईस्कूल सर्वोदय इंटर कॉलेज बखरी बाजार तथा इंटरमीडिएट जुबली इंटर कॉलेज गोरखपुर से उत्तीर्ण किया। इसके बाद उन्होंने IIT Kanpur से बीटेक एवं एमटेक की पढ़ाई पूरी की।
वहीं सुमित कुमार पासवान ने हाईस्कूल शिवदेवी सरस्वती विद्या मंदिर से, इंटरमीडिएट द्रौपदी सरस्वती विद्या मंदिर, बदायूं से, स्नातक (गणित) Hansraj College, दिल्ली से तथा इतिहास विषय में परास्नातक IGNOU से किया है।
बताया जाता है कि तीनों ही अभ्यर्थी बचपन से मेधावी और परिश्रमी रहे हैं। इनकी सफलता ने यह सिद्ध कर दिया है कि कठिन परिश्रम और लगन से हर लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है। इस उपलब्धि पर यह कहावत सटीक बैठती है—
“सफलता मेहनत करने वालों के कदम चूमती है।”
इस गौरवपूर्ण उपलब्धि पर क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। सांसद सलेमपुर रमाशंकर विद्यार्थी, ब्लॉक प्रमुख बनकटा श्रीमती विंदा सिंह कुशवाहा सहित अनेक जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों और ग्राम प्रधानों ने सभी सफल अभ्यर्थियों को बधाई दी है। पूरे बनकटा ब्लॉक एवं भाटपार रानी क्षेत्र में खुशी की लहर व्याप्त है।

खाकी पर दाग! पुलिसकर्मियों पर मारपीट और 10 हजार वसूली का गंभीर आरोप

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के थाना दुधारा क्षेत्र के निवासी सुधाकर कुमार ने पुलिस अधीक्षक को दिए शिकायत पत्र में गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रार्थी के अनुसार, 27 मार्च 2026 की रात करीब 9 बजे कुर्थिया पेट्रोल पंप मोड़ के पास कांटे चौकी पर तैनात सिपाहियों ने उसे पुरानी रंजिश के चलते पकड़ लिया। आरोप है कि सिपाही संजय प्रसाद, हरिप्रकाश व अन्य पुलिसकर्मियों ने उसे सरकारी वाहन में बैठाकर लात-घूंसों और डंडों से मारपीट की तथा जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए अपमानित किया।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि मारपीट के दौरान प्रार्थी ने अपनी आर्थिक स्थिति का हवाला देते हुए रहम की गुहार लगाई, लेकिन आरोपित पुलिसकर्मियों ने 10 हजार रुपये की मांग की। प्रार्थी ने अपने एक मित्र से रुपये मंगाकर किसी तरह अपनी जान बचाई। आरोप है कि जाते समय पुलिसकर्मियों ने उसे धमकी दी कि यदि इस घटना की शिकायत कहीं की तो उसे जान से मार दिया जाएगा।
पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक, संत कबीर नगर से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। इस घटना के सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। अब देखना होगा कि प्रशासन इस गंभीर शिकायत पर क्या कदम उठाता है और पीड़ित को न्याय कब तक मिल पाता है।

सोनार महापंचायत की तैयारी को लेकर मगहर में बैठक संपन्न

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। लखनऊ में आगामी 11 अप्रैल को आयोजित होने वाली सोनार महापंचायत की तैयारी के संबंध में जिले के नगर पंचायत मगहर में संदीप वर्मा के आवास पर सजातीय बंधुओं की एक आवश्यक बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वर्णकार समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और महापंचायत को सफल बनाने पर विचार-विमर्श किया।
बैठक में कस्बे के स्वर्णकार समाज के साथ खलीलाबाद के समाजसेवी पूर्व चेयरमैन श्याम सुंदर वर्मा, अरविंद स्वर्णकार, अशोक वर्मा (पूर्व प्रधान), छात्र नेता गौरव वर्मा, मंगल प्रसाद वर्मा सहित अन्य लोगों ने भाग लिया। इस दौरान सभी ने लखनऊ में होने वाले सम्मेलन में अधिक से अधिक संख्या में सहभागिता सुनिश्चित करने के लिए सजातीय बंधुओं से संपर्क करने और व्यापक जनसमर्थन जुटाने की रणनीति बनाई।

US-Iran War: कुवैत में पावर प्लांट पर ईरान का हमला, भारतीय कर्मचारी की मौत

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष के बीच कुवैत में एक बड़ा हमला हुआ है। ईरान द्वारा किए गए हमले में एक भारतीय कर्मचारी की मौत हो गई है। यह हमला कुवैत के एक पावर प्लांट पर किया गया, जिससे इलाके में भारी नुकसान हुआ है।

पावर प्लांट और बिल्डिंग को भारी नुकसान

कुवैत के बिजली, जल और ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार यह हमला 29 मार्च की शाम को हुआ। हमले में पावर प्लांट की सर्विस बिल्डिंग और वाटर प्लांट को निशाना बनाया गया, जिससे इमारत को गंभीर क्षति पहुंची।

कुवैत ने बताया आक्रामकता का हिस्सा

मंत्रालय ने इस हमले को ईरान की आक्रामक कार्रवाई बताया है। वहीं, घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों और तकनीकी टीमों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया।

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लोगों से शांति बनाए रखने की अपील

कुवैत सरकार ने नागरिकों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की है। साथ ही कहा गया है कि लोग केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही भरोसा करें।

मिडिल ईस्ट में बढ़ता खतरा

US-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष का असर अब पूरे मिडिल ईस्ट में दिखाई दे रहा है। कुवैत के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, पिछले एक महीने में देश पर सैकड़ों मिसाइल और ड्रोन हमले हो चुके हैं।

बीते 24 घंटे में ही 14 बैलिस्टिक मिसाइल और 12 ड्रोन को निष्क्रिय किया गया है, जो इस संघर्ष की गंभीरता को दर्शाता है।

स्थिति बनी हुई है तनावपूर्ण

इस हमले के बाद मिडिल ईस्ट में हालात और अधिक तनावपूर्ण हो गए हैं। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस संघर्ष को रोकने की मांग तेज हो रही है, ताकि और जान-माल के नुकसान को रोका जा सके।

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साइबर सेल की तत्परता से ठगी की रकम वापस, पीड़ित को मिली राहत

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के थाना श्यामदेंउरवा क्षेत्र में साइबर ठगी के एक मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पीड़ित की पूरी धनराशि वापस कराकर सराहनीय कार्य किया है। इस पहल से आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास और मजबूत हुआ है।
श्यामदेंउरवा क्षेत्र के ग्राम सोहनपुर उर्फ सोंनकटिया निवासी अब्दुल करीम पुत्र रिजवानुल्लाह के साथ ऑन-लाइन माध्यम से 34,800 रुपये की ठगी कर ली गई थी। घटना के बाद पीड़ित ने बिना देर किए साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराई, जिससे मामले में तुरंत कार्रवाई संभव हो सकी।
पुलिस अधीक्षक सोमेंद्र मीणा के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ के पर्यवेक्षण तथा क्षेत्राधिकारी के मार्गदर्शन में थानाध्यक्ष अभिषेक सिंह के नेतृत्व में साइबर सेल टीम ने सक्रियता दिखाते हुए विधिक प्रक्रिया अपनाई। टीम के निरंतर प्रयासों के चलते ठगी गई पूरी धनराशि 34,800 रुपये पीड़ित के खाते में वापस करा दी गई।
धनराशि वापस मिलने पर पीड़ित ने पुलिस टीम का आभार व्यक्त करते हुए उनकी कार्यप्रणाली की सराहना की। इस सफल कार्रवाई में उपनिरीक्षक अक्षय कुमार, कंप्यूटर ऑपरेटर ओम प्रकाश, कांस्टेबल राजकुमार तथा महिला कांस्टेबल अनीता पाण्डेय की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
महराजगंज पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी की स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना दें और सतर्क रहकर ऑन-लाइन लेन-देन करें।

मेला देखने गए युवक पर चाकू से हमला करने वाला आरोपी 24 घंटे में गिरफ्तार

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के थाना पनियरा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम लक्ष्मीपुर में बाकी माता मंदिर मेले के दौरान एक युवक पर जानलेवा हमला करने वाले आरोपी को पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। घटना से क्षेत्र में हड़कंप मच गया था, जिसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को पकड़ लिया।
पुलिस अधीक्षक सोमेन्द्र मीना के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक के मार्गदर्शन तथा क्षेत्राधिकारी सदर के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष पनियरा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को रविवार को ग्राम लक्ष्मीपुर से गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान राकेश गुप्ता 26 वर्ष पुत्र रामभरोस, निवासी सोनबरसा थाना पनियरा जनपद महराजगंज के रूप में हुई है। पुलिस ने उसके पास से घटना में प्रयुक्त एक चाकू भी बरामद किया है।
बताया जा रहा है कि 28 मार्च 2026 को बाकी माता मंदिर मेला देखने गए एक युवक पर आरोपी ने जान से मारने की नियत से चाकू से हमला कर दिया था। इस संबंध में थाना पनियरा में मुकदमा संख्या 92/ 2026, धारा 109(1)/352/351(3) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया था। आरोपी का आपराधिक इतिहास भी दर्ज है और उसी मुकदमे में वह वांछित चल रहा था। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अग्रिम विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
गिरफ्तार करने वाली टीम में शामिल थानाध्यक्ष राघवेन्द्र सिंह, उपनिरीक्षक बृजभान यादव, हेड कांस्टेबल परमेश्वर गौड़ व कांस्टेबल विष्णु अग्रहरि की अहम भूमिका रही। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की क्षेत्र में सराहना की जा रही है।

अहिरौली तिवारी महोत्सव 2026 का भव्य समापन, ग्रामीण प्रतिभाओं ने बिखेरा हुनर का जलवा

संस्कृति और उत्साह का अद्भुत संगम

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के अहिरौली तिवारी गांव में आयोजित अहिरौली तिवारी महोत्सव 2026 का भव्य और प्रेरणादायी समापन रात्रिकालीन सत्र में गरिमामय वातावरण के बीच हुआ। यह महोत्सव केवल एक सांस्कृतिक आयोजन भर नहीं रहा, बल्कि ग्रामीण प्रतिभाओं को मंच देने की एक सार्थक पहल के रूप में भी उभरकर सामने आया। पूरे आयोजन में उत्साह, ऊर्जा और सांस्कृतिक रंगों का अद्भुत संगम देखने को मिला।

महोत्सव का उद्देश्य ग्रामीण अंचल के युवाओं, विद्यार्थियों और छात्र-छात्राओं को अपनी प्रतिभा को निखारने और प्रदर्शित करने के लिए एक सशक्त मंच प्रदान करना था। यही कारण रहा कि क्षेत्र भर से बड़ी संख्या में अभिभावकों, युवाओं और नागरिकों की उपस्थिति ने कार्यक्रम को जीवंत बना दिया और माहौल को उत्सवमय बना दिया।

महोत्सव के दौरान छात्र-छात्राओं ने नृत्य, संगीत, काव्य-पाठ और विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। उनकी प्रस्तुतियों में न केवल कला का प्रदर्शन दिखा, बल्कि गांव, समाज और शिक्षा के प्रति जागरूकता और संवेदनशीलता भी झलकती रही। कई प्रस्तुतियों ने दर्शकों को भावुक कर दिया, तो कई ने तालियों की गूंज से पूरे पंडाल को भर दिया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि चंद्र प्रताप सिंह (निदेशक, बब्बन सिंह शिक्षण संस्थान) ने अपने संबोधन में कहा कि ग्रामीण क्षेत्र की प्रतिभाएं किसी से कम नहीं हैं, जरूरत केवल सही मंच और मार्गदर्शन की है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं के आत्मविश्वास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और समाज को नई दिशा देने की क्षमता रखते हैं।

विशिष्ट अतिथि उदय सम्यक ने भी अपने विचार रखते हुए कहा कि साहित्य और संस्कृति समाज की आत्मा होते हैं। जब गांव का युवा मंच पर अपनी प्रस्तुति देता है, तो वह केवल कला का प्रदर्शन नहीं करता, बल्कि समाज के भविष्य की दिशा तय करने का संकेत भी देता है। ऐसे आयोजन सकारात्मक बदलाव के वाहक बनते हैं।

इस अवसर पर पीके गुप्ता, संतोष पाण्डेय, कमलेश गुप्ता, सचिन पासवान, साधु जायसवाल, राजेश महंथ, अनुज यादव, राकेश यादव, धीरज गुप्ता सहित अनेक लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम को सफल बनाने में अध्यक्ष अमित कुशवाहा, कार्यक्रम प्रमुख दीपक कुशवाहा और संयोजक विकास कुशवाहा के साथ-साथ गांव के युवाओं—शिवम, इंद्रजीत, रविकांत, जवाहर लाल, इस्लाम सिद्दकी, सुनील, सत्येंद्र, राहुल, बिट्टू, आलोक, युगुलकिशोर, अमरेंद्र, उपेंद्र, शराबचंद्र, धनंजय यादव, ओमप्रकाश, मिठाईलाल, विनय ने सक्रिय भूमिका निभाई।

एक साथ 201 बटुकों का उपनयन संस्कार, वैदिक परंपरा का भव्य आयोजन

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। ब्राह्मण विकास परिषद के तत्वावधान में आयोजित भव्य यज्ञोपवीत कार्यक्रम में 201 ब्राह्मण बटुकों का उपनयन संस्कार संपन्न कराया गया। कार्यक्रम का संचालन परिषद के संरक्षक डॉ. एस.सी. तिवारी, रामजी उपाध्याय, जिलाध्यक्ष ऋषिकेश पाण्डेय और जिला महामंत्री संजय तिवारी के मार्गदर्शन में हुआ, जबकि काशी से आए आचार्यों ने वैदिक रीति से संस्कार सम्पन्न कराया।

इस आयोजन में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों के साथ-साथ पूर्वांचल के अन्य जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक उमेश चंद पाण्डेय ने कहा कि इस प्रकार के सामूहिक संस्कार समाज को अपनी परंपराओं से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं।

संयोजक डॉ. एस.सी. तिवारी ने बताया कि सनातन धर्म में 16 संस्कारों का उल्लेख है, जिनमें उपनयन संस्कार अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह संस्कार व्यक्ति को अनुशासित और संयमित जीवन की ओर प्रेरित करता है तथा भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करता है। उन्होंने कहा कि संस्कार के बाद बटुक आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ते हैं।

जिलाध्यक्ष ऋषिकेश पाण्डेय ने शास्त्रीय आधार बताते हुए कहा कि उपनयन संस्कार की आयु ब्राह्मण के लिए 8 वर्ष, क्षत्रिय के लिए 11 वर्ष और वैश्य के लिए 16 वर्ष निर्धारित की गई है। पंडित राजेश जी महाराज ने कहा कि वैदिक काल में महिलाओं का भी उपनयन संस्कार होता था, जिन्हें ब्रह्मवादिनी कहा जाता था और वे वेदों का अध्ययन करती थीं।

कार्यक्रम के अंत में संयोजक रामजी उपाध्याय ने सभी उपस्थित लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर पंडित प्रणव चतुर्वेदी, एडवोकेट संजीव कुमार द्विवेदी, राजेश मिश्र, आद्याशंकर, अजय कुमार तिवारी, सतीश कुमार पाण्डेय, नरेंद्र तिवारी, प्रशांत पाण्डेय, शशांक तिवारी, डॉ. अरुण कुमार मिश्र, चन्द्र प्रकाश तिवारी सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।

संस्कार के दौरान बटुकों द्वारा भिक्षाटन की परंपरा भी निभाई गई, जो इस बात का प्रतीक है कि जीवन में कठिन परिस्थितियों में भी संयम और धैर्य बनाए रखना चाहिए। शास्त्रों में इसे आत्मनिर्भरता और साधना का महत्वपूर्ण हिस्सा माना गया है।

महायोगी गुरु गोरखनाथ ड्रोन टेक्नोलॉजी लैब का शुभारंभ, छात्रों को मिला हाईटेक प्रशिक्षण का नया मंच

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (आईईटी) परिसर में रविवार को “महायोगी गुरु गोरखनाथ ड्रोन टेक्नोलॉजी लैब” का भव्य उद्घाटन संपन्न हुआ। यह अत्याधुनिक लैब ड्रोन तकनीक, अनुसंधान एवं नवाचार को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है, जिससे पूर्वांचल के छात्रों को उन्नत तकनीकी प्रशिक्षण और नए अवसर मिलेंगे।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि कुलपति प्रो. पूनम टंडन रहीं। इस अवसर पर ‘ड्रोन मैन ऑफ इंडिया’ राहुल सिंह, अपर पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार, ऐष्प्रा फाउंडेशन के संस्थापक अतुल साराफ, एसआईएफ फाउंडेशन के निदेशक जितेंद्र बहादुर सिंह, आईईटी के डीन प्रो. हिमांशु पांडेय, निदेशक प्रो. एस. एन. तिवारी तथा ईसीई विभागाध्यक्ष प्रो. नरेंद्र यादव की उपस्थिति रही।

कार्यक्रम का संचालन एवं समन्वय रोबोएक्स टीम द्वारा पेशेवर ढंग से किया गया, जिससे आयोजन सुव्यवस्थित और प्रभावी रहा।
अपने संबोधन में कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने कहा कि यह लैब विश्वविद्यालय में तकनीकी शिक्षा को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी और छात्रों को अनुसंधान व नवाचार के लिए प्रेरित करेगी। राहुल सिंह ने ड्रोन उद्योग की बढ़ती संभावनाओं पर प्रकाश डालते हुए इसे भविष्य के विशेषज्ञ तैयार करने की दिशा में मील का पत्थर बताया।
अपर पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने तकनीक और सुरक्षा के समन्वय पर बल देते हुए कहा कि ड्रोन तकनीक कानून व्यवस्था और निगरानी के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। अतुल साराफ ने युवाओं को स्टार्टअप और नवाचार के लिए प्रेरित करते हुए इसे भविष्य उन्मुख कदम बताया।
एसआईएफ फाउंडेशन के निदेशक जितेंद्र बहादुर सिंह ने ऐसे नवाचारों को निरंतर सहयोग देने की प्रतिबद्धता जताई। आईईटी के डीन प्रो. हिमांशु पांडेय ने इसे संस्थान की ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए छात्रों को व्यावहारिक शिक्षा के लिए प्रेरित किया।
निदेशक प्रो. एस. एन. तिवारी ने कहा कि यह लैब उद्योगोन्मुखी कौशल विकास में सहायक सिद्ध होगी, जबकि ईसीई विभागाध्यक्ष प्रो. नरेंद्र यादव ने छात्रों के तकनीकी कौशल को सुदृढ़ करने का भरोसा दिलाया।
कार्यक्रम के अंत में रोबोएक्स टीम ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया और भविष्य में ऐसे नवाचार आधारित आयोजनों को जारी रखने की प्रतिबद्धता दोहराई। यह पहल विश्वविद्यालय के साथ-साथ पूरे पूर्वांचल क्षेत्र के लिए तकनीकी प्रगति और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

भजन और भक्ति के जरिए ईश्वर को पाया जा सकता है: चारु चौधरी

साहित्यकार समाज का आईना होता है: महामंडलेश्वर कनकेश्वरी नंद गिरी

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। अपना ट्रस्ट एवं गोरखपुर कारागार के संयुक्त तत्वावधान में जिला कारागार गोरखपुर में भव्य कवि सम्मेलन एवं भजन संध्या का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में साहित्य और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला, जहां कवियों और भजन गायकों ने अपनी प्रस्तुतियों से सभी को भावविभोर कर दिया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए महामंडलेश्वर कनकेश्वरी नंद गिरी ने कहा कि साहित्यकार समाज का आईना होता है, जो समाज की वास्तविक तस्वीर प्रस्तुत करता है। विशिष्ट अतिथि उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष चारु चौधरी ने कहा कि भजन और भक्ति के जरिए ईश्वर को पाया जा सकता है, यह आध्यात्मिक साधना का सरल और प्रभावी मार्ग है।

कार्यक्रम का संचालन मिन्नत गोरखपुरी ने किया। उन्होंने अपनी प्रस्तुति में पढ़ा—
“सब की श्रद्धा और सम्मान है इस नाम के साथ,
भगवान श्री राम का जिक्र होता है हनुमान के नाम के साथ।”
जिस पर उपस्थित लोगों ने तालियों की गड़गड़ाहट से स्वागत किया।

मुख्य अतिथि राकेश श्रीवास्तव तथा विशिष्ट अतिथि प्रमोद चोखानी व शिवयोगी ने भजन प्रस्तुत कर पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। कार्यक्रम की शुरुआत आसिया गोरखपुरी ने सरस्वती वंदना से की।

कवि सम्मेलन में गौतम गोरखपुरी ने पढ़ा—
“गीता और कुरान से बाहर आ गए,
हिंदू मुसलमान से बाहर आ गए।”

प्रतिभा गुप्ता ने अपनी रचना में कहा—
“हरे-भरे दरख्तों को उजाड़ कर इंसान,
विरानियों में सुकून भरा आयाम ढूंढ़ता है।”

आसिया गोरखपुरी ने भी अपनी प्रस्तुति में कहा—
“मोहम्मद माते ए जा अपनी,
राम भी राम है हमारे लिए।”

इसके अलावा उत्कर्ष पाठक उत्पल, तनिष्क हरि अग्रवाल, आदित्य राज, अंकुर सच्चर सहित अन्य कवियों ने भी काव्य पाठ कर कार्यक्रम को समृद्ध बनाया।

इस अवसर पर जेलर अरुण कुमार, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कारागार डी.के. पांडेय, शाहिना शेख, रवीश मिश्रा, दीपक, आजाद पांडेय सहित अन्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम की संयोजिका स्वेच्छा श्रीवास्तव ने सभी के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया