Tuesday, June 16, 2026
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भाजपा सरकार में अपराधियों के हौसले हैं बुलंद- केशवचंद यादव

किसान की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत का मामला, परिजनों से मिला कांग्रेस प्रतिनिधि मंडल

श्रीरामपुर थाना क्षेत्र के परसौनी रघुनाथ में किसान के हुए मौत का मामला

भाटपाररानी/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)l प्रदेश में अपराध का ग्राफ तेजी के साथ बढ़ता जा रहा है, यह सरकार इस पर रोक लगाने में पूरी तरह से अक्षम साबित हो रही है, अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं उनके हौसले पूरी तरह से बुलन्द हैं। उक्त बातें श्रीरामपुर थाना क्षेत्र के परसौनी रघुनाथ निवासी किसान जयप्रकाश यादव के संदिग्ध परिस्थितियों में हुए मौत के मामले में जिलाध्यक्ष विजयशेखर मल्ल रोशन के नेतृत्व में परिजनों से मिलने पहुंचे कांग्रेस प्रतिनिधि मंडल में शामिल युवा कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष, उत्तर प्रदेश कांग्रेस के निवर्तमान उपाध्यक्ष केशवचंद यादव ने कहा।उन्होंने कहा कि घर से सुबह खेत में जाने के लिए निकले किसान का शव लक्ष्मणचक टोला भटवलिया स्थित चौरा के पास मिला संदिग्ध परिस्थितियों में मिला। परिजनों ने प्रतिनिधिमंडल से किसान के हत्या का आरोप लगाते हुए कहा कि आज भी हत्यारे पकड़ से बाहर हैं।जिलाध्यक्ष विजयशेखर मल्ल रोशन ने सांत्वना देते हुए कहा कि जब तक आप लोगों को न्याय नहीं मिल जाता है तब तक कांग्रेस कार्यकर्ता आपके साथ खड़ा रहेगा। उक्त घटना से कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व को भी अवगत कराया जायेगा।इस दौरान ग्रामीणों व परिजनों ने बताया कि इस मामले में दोषियों पर कार्रवाई करने के बजाय18 ग्रामीणों सहित पीड़ित परिवार के 3 सदस्यों सहित सैकड़ों अज्ञात लोगों को फर्जी तरीके से फंसा दिया गया है।प्रतिनिधिमंडल में जिला उपाध्यक्ष अरविंद शाही,जनार्दन वर्मा, डॉ धर्मेन्द्र पांडेय,जगरनाथ यादव, विजयशंकर मिश्र, धर्मेन्द्र कुमार पांडेय,बृजेश यादव, सत्यपाल सिंह कुशवाहा,राजकिशोर यादव, कौलेशर गुप्ता सहित सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे।

Ballia News: शत-प्रतिशत जनगणना कार्य पूर्ण होने पर शिक्षक धनंजय कुमार राय को मिली बधाई

सिकंदरपुर/बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। जनगणना जैसे महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य को सफलतापूर्वक और शत-प्रतिशत पूर्ण करने पर प्राथमिक विद्यालय चौमुखा के शिक्षक एवं प्रगणक धनंजय कुमार राय (एचएलबी-087) को क्षेत्र के अधिकारियों, शिक्षकों और जनप्रतिनिधियों ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उनके कार्य की सराहना करते हुए इसे राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान बताया गया।

उपजिलाधिकारी सिकंदरपुर के निर्देशन तथा खंड शिक्षा अधिकारी नवानगर के मार्गदर्शन में संपन्न हुए इस कार्य को निर्धारित समय सीमा के भीतर सफलतापूर्वक पूरा किया गया। इस उपलब्धि को प्रशासनिक समन्वय, टीम भावना और कर्तव्यनिष्ठा का उत्कृष्ट उदाहरण माना जा रहा है।

विकास योजनाओं की आधारशिला है जनगणना

जनगणना किसी भी देश के विकास और योजना निर्माण का महत्वपूर्ण आधार होती है। इससे प्राप्त आंकड़ों के आधार पर सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, आवास, रोजगार, सड़क, बिजली और पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं से जुड़ी योजनाओं का निर्माण एवं क्रियान्वयन करती है।

विशेषज्ञों का मानना है कि सटीक जनगणना आंकड़े संसाधनों के बेहतर वितरण और समाज के सभी वर्गों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

धनंजय कुमार राय ने निभाई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी

प्राथमिक विद्यालय चौमुखा के शिक्षक धनंजय कुमार राय ने जनगणना कार्य को पूरी लगन, निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ पूरा किया। उनके प्रयासों के साथ-साथ सुपरवाइजर डॉ. विनय के मार्गदर्शन और सहयोग को भी इस सफलता का महत्वपूर्ण आधार माना जा रहा है।

अधिकारियों के निर्देशन और टीम के सामूहिक प्रयासों से जनगणना कार्य समयबद्ध तरीके से संपन्न हो सका।

क्षेत्र में खुशी का माहौल

जनगणना कार्य की सफलता पर क्षेत्र के शिक्षकों, अधिकारियों और गणमान्य नागरिकों ने प्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जनगणना कार्य में लगे सभी प्रगणकों, पर्यवेक्षकों और कर्मचारियों ने कठिन परिस्थितियों में भी पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ कार्य किया है।

उन्होंने इसे राष्ट्र निर्माण और समावेशी विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया।

राष्ट्र निर्माण में अहम योगदान

स्थानीय लोगों ने धनंजय कुमार राय सहित जनगणना कार्य से जुड़े सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को शुभकामनाएं देते हुए आशा जताई कि भविष्य में भी इसी प्रकार की प्रतिबद्धता और समर्पण के साथ राष्ट्रीय महत्व के कार्यों को सफलतापूर्वक पूरा किया जाएगा।

जनगणना कार्य की यह सफलता क्षेत्र के लिए गौरव का विषय बन गई है और इसे विकास एवं जनहित की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।

Ballia News: बलिया को मिला नया मुख्य चिकित्सा अधिकारी, डॉ. अभय नारायण राय संभालेंगे स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी

बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद बलिया को लंबे इंतजार के बाद नया मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) मिल गया है। उत्तर प्रदेश शासन ने डॉ. अभय नारायण राय को बलिया का नया मुख्य चिकित्सा अधिकारी नियुक्त किया है। फरवरी 2026 से यह महत्वपूर्ण पद रिक्त चल रहा था, जिसके कारण स्वास्थ्य विभाग के प्रशासनिक कार्यों पर असर पड़ रहा था।

उत्तर प्रदेश शासन के चिकित्सा अनुभाग-2, लखनऊ द्वारा जारी आदेश के अनुसार, प्रादेशिक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा संवर्ग के संयुक्त सचिव ग्रेड के अधिकारी डॉ. अभय नारायण राय को तत्काल प्रभाव से बलिया में मुख्य चिकित्सा अधिकारी के पद पर तैनात किया गया है। वह इससे पहले प्रतापगढ़ में अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (ACMO) के पद पर कार्यरत थे।

लंबे समय से खाली था CMO का पद

फरवरी 2026 से मुख्य चिकित्सा अधिकारी का पद खाली होने के कारण स्वास्थ्य विभाग में कई प्रशासनिक चुनौतियां सामने आ रही थीं। इस दौरान कार्यवाहक सीएमओ के रूप में डॉ. आनंद कुमार सिंह विभागीय कार्यों का संचालन कर रहे थे।

नए सीएमओ की नियुक्ति के बाद स्वास्थ्य विभाग में नई उम्मीदें जगी हैं और विभागीय कार्यों में तेजी आने की संभावना जताई जा रही है।

स्वास्थ्य प्रशासन में अनुभवी हैं डॉ. अभय नारायण राय

डॉ. अभय नारायण राय स्वास्थ्य प्रशासन के क्षेत्र में अनुभवी अधिकारी माने जाते हैं। उन्होंने विभिन्न जनपदों में अपनी सेवाओं के दौरान स्वास्थ्य योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, अस्पताल प्रबंधन और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

उनके अनुभव को देखते हुए उम्मीद की जा रही है कि बलिया की स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने की होगी चुनौती

बलिया जनपद में ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता, अस्पतालों में चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टाफ की कमी, टीकाकरण कार्यक्रमों का प्रभावी संचालन तथा राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) की योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन प्रमुख चुनौतियां हैं।

नए सीएमओ के सामने इन समस्याओं का समाधान करते हुए स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाने की जिम्मेदारी होगी।

लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की उम्मीद

डॉ. अभय नारायण राय की नियुक्ति की खबर सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच चर्चा का माहौल है। वहीं जनपदवासियों को भी उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा और सरकारी योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचेगा।

अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि नए मुख्य चिकित्सा अधिकारी जनपद की स्वास्थ्य व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए कौन-कौन से कदम उठाते हैं।

बिजली बिल में सरचार्ज बढ़ाने के विरोध में सपा का प्रदर्शन, विजय रावत बोले- वापस हो फैसला, नहीं तो होगा जन आंदोलन

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश में बिजली दरों में बढ़ोतरी और सरचार्ज लगाए जाने के विरोध में समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बरहज में विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने थाली बजाकर राज्य सरकार के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।

बरहज-देवरिया मार्ग पर आयोजित प्रदर्शन के दौरान समाजवादी पार्टी के नेता विजय रावत ने प्रदेश सरकार पर जनता पर महंगाई का बोझ बढ़ाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि बिजली बिल में बढ़ाए गए सरचार्ज और बढ़ती महंगाई से आम जनता परेशान है।

“जनता पर बढ़ रहा आर्थिक बोझ”

विजय रावत ने कहा कि भाजपा सरकार ने महंगाई कम करने के वादे के साथ सत्ता हासिल की थी, लेकिन वर्तमान में महंगाई लगातार बढ़ रही है। उनका आरोप है कि बिजली, खाद्य पदार्थों और अन्य आवश्यक वस्तुओं की बढ़ती कीमतों से आम लोगों का बजट प्रभावित हो रहा है।

उन्होंने कहा कि यदि बिजली बिल में बढ़ाया गया सरचार्ज वापस नहीं लिया गया और महंगाई पर नियंत्रण नहीं किया गया तो समाजवादी पार्टी जन जागरूकता अभियान चलाएगी और जिले के विभिन्न गांवों में धरना-प्रदर्शन करेगी।

थाली बजाकर जताया विरोध

प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने थाली बजाकर सरकार की नीतियों के खिलाफ विरोध जताया। सपा नेताओं का कहना था कि बिजली दरों में वृद्धि का सीधा असर आम उपभोक्ताओं और किसानों पर पड़ेगा।

कई कार्यकर्ता रहे मौजूद

इस अवसर पर सपा नेता विजय रावत के साथ सजीव तिवारी, राहुल सिंह, पवन पांडेय, अजीत सिंह, अमित प्रधान, प्रदीप सिंह, वीरेंद्र चौधरी, विजय यादव सहित कई कार्यकर्ता और समर्थक मौजूद रहे।

समाजवादी पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने जनता की समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।

Maharajganj News: नदी में मिला बुजुर्ग का शव, क्षेत्र में सनसनी; जांच में जुटी पुलिस

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। महराजगंज और कुशीनगर जिले की सीमा पर स्थित टेढवा गांव के समीप शनिवार को नदी में एक बुजुर्ग का शव मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। नदी में शव उतराता देख ग्रामीणों में हड़कंप मच गया और सूचना मिलने पर घुघली थाना पुलिस मौके पर पहुंचकर जांच में जुट गई।

नदी में उतराता मिला शव

जानकारी के अनुसार, स्थानीय ग्रामीणों ने शनिवार दोपहर नदी में एक शव बहते हुए देखा। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से शव को नदी से बाहर निकलवाया और पहचान की प्रक्रिया शुरू की।

मृतक की हुई पहचान

पुलिस जांच के दौरान मृतक की पहचान घुघली थाना क्षेत्र के ग्राम घघरूआ खंडेसर निवासी रियाजुद्दीन अंसारी पुत्र हफीजुल्लाह के रूप में हुई। घटना की जानकारी मिलते ही मृतक के परिजन भी मौके पर पहुंच गए। शव मिलने की खबर से परिवार में शोक की लहर दौड़ गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।

फॉरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने फॉरेंसिक टीम को भी घटनास्थल पर बुलाया। टीम ने मौके का बारीकी से निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है और मौत के कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार

घुघली थाना प्रभारी सूरज कुमार ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का स्पष्ट पता चल सकेगा। फिलहाल पुलिस सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है।

क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी घटना

नदी में शव मिलने की घटना के बाद पूरे क्षेत्र में चर्चा का माहौल है। स्थानीय लोग विभिन्न प्रकार की अटकलें लगा रहे हैं, जबकि पुलिस तथ्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ा रही है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

Deoria News: भूमि विवाद मामले में जिलाधिकारी ने दिए जांच के आदेश, पीड़ित ने फर्जी नाम दर्ज कराने का लगाया आरोप

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। तहसील सलेमपुर क्षेत्र के ग्राम सरकंडा में भूमि विवाद का मामला सामने आया है। शिकायतकर्ता चंद्रमा कुशवाहा ने अपनी पैतृक एवं गोदनामा संबंधी भूमि में कथित रूप से फर्जी तरीके से नाम दर्ज कराने और संपत्ति हड़पने के प्रयास का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी देवरिया से शिकायत की है। मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।

गोदनामा आधारित अधिकार का दावा

शिकायतकर्ता चंद्रमा कुशवाहा का कहना है कि उनका विधिवत गोदनामा हुआ था, जिसके आधार पर उन्हें गोद लेने वाले परिवार की संपत्ति में वैधानिक अधिकार प्राप्त है। उन्होंने आरोप लगाया है कि उनके सगे भाई ने, जो अपने जन्मदाता पिता की संपत्ति में पहले ही हिस्सा प्राप्त कर चुके हैं, ग्राम सरकंडा स्थित भूमि में गलत तरीके से अपना नाम दर्ज करा लिया है।

प्रभाव का दुरुपयोग करने का आरोप

शिकायत में दावा किया गया है कि संबंधित व्यक्ति न्यायालय से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं और अपने प्रभाव का उपयोग कर राजस्व अभिलेखों में कथित रूप से हेरफेर कराने का प्रयास कर रहे हैं। शिकायतकर्ता का कहना है कि इससे उनके वैधानिक अधिकार प्रभावित हो रहे हैं।

भूमि हस्तांतरण और मुआवजे को लेकर भी उठाए सवाल

प्रार्थना पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि शिकायतकर्ता के नाबालिग रहने के दौरान उनकी माता से कथित रूप से धोखे से भूमि का हिस्सा हस्तांतरित करा लिया गया था। बाद में उसी भूमि से संबंधित परियोजना के तहत लाखों रुपये का मुआवजा प्राप्त किया गया। शिकायतकर्ता ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

धमकी देने का भी आरोप

चंद्रमा कुशवाहा ने आरोप लगाया है कि शिकायत दर्ज कराने के बाद उन्हें और उनके परिवार को कथित रूप से धमकियां दी जा रही हैं तथा शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया जा रहा है। उन्होंने प्रशासन से सुरक्षा प्रदान करने की मांग भी की है।

जांच के आदेश जारी

जिलाधिकारी देवरिया ने मामले की जांच उपजिलाधिकारी सलेमपुर को सौंप दी है। जांच के दौरान गोदनामा, खतौनी, खसरा, वंशावली और अन्य संबंधित राजस्व अभिलेखों की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

RCB vs GT Playing 11: क्या फाइनल में खेलेंगे फिल सॉल्ट? गुजरात अतिरिक्त बल्लेबाज के साथ उतर सकती है

अहमदाबाद (राष्ट्र की परम्परा)। आईपीएल 2026 का महामुकाबला अब बस कुछ ही घंटे दूर है। फाइनल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और गुजरात टाइटंस (GT) आमने-सामने होंगी। दोनों टीमें अपने दूसरे आईपीएल खिताब की तलाश में हैं। अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में होने वाले इस मुकाबले में सभी की नजरें प्लेइंग-11 पर टिकी हैं, खासकर फिल सॉल्ट की फिटनेस और गुजरात की टीम संयोजन पर।

क्या फाइनल में उपलब्ध होंगे फिल सॉल्ट?

आरसीबी के लिए इस सीजन में विराट कोहली और फिल सॉल्ट की सलामी जोड़ी ने कई मैचों में धमाकेदार शुरुआत दिलाई है। हालांकि, सॉल्ट की चोट के बाद वेंकटेश अय्यर को मौका मिला और उन्होंने भी टीम को मजबूत शुरुआत देने में अहम भूमिका निभाई।

फाइनल से पहले सबसे बड़ा सवाल यही है कि फिल सॉल्ट पूरी तरह फिट होकर प्लेइंग-11 में वापसी करेंगे या नहीं। यदि सॉल्ट उपलब्ध रहते हैं तो वह विराट कोहली के साथ ओपनिंग कर सकते हैं, जबकि वेंकटेश अय्यर इम्पैक्ट प्लेयर की भूमिका में नजर आ सकते हैं।

भुवनेश्वर-हेजलवुड की जोड़ी बनेगी गुजरात के लिए चुनौती

आरसीबी की गेंदबाजी इस सीजन में उसकी सबसे बड़ी ताकत रही है। भुवनेश्वर कुमार और जोश हेजलवुड ने नई गेंद से लगातार विकेट निकालकर विपक्षी टीमों पर दबाव बनाया है।

फाइनल में गुजरात के मजबूत टॉप ऑर्डर को रोकने की जिम्मेदारी भी इन्हीं दोनों अनुभवी गेंदबाजों पर होगी।

गुजरात को फिर गिल-सुदर्शन से उम्मीद

क्वालिफायर-1 में आरसीबी के खिलाफ गुजरात का शीर्ष क्रम पूरी तरह फ्लॉप रहा था, लेकिन टीम ने दूसरे क्वालिफायर में शानदार वापसी की। कप्तान शुभमन गिल और साई सुदर्शन की जोड़ी पूरे सीजन में गुजरात की सबसे बड़ी ताकत रही है।

दोनों बल्लेबाज टी20 क्रिकेट में 11 बार शतकीय साझेदारी कर चुके हैं, जो एक रिकॉर्ड है। इसके अलावा जोस बटलर भी किसी भी समय मैच का रुख बदलने की क्षमता रखते हैं।

अतिरिक्त बल्लेबाज के साथ उतर सकती है गुजरात

फाइनल मुकाबले में गुजरात टाइटंस राहुल तेवतिया को इम्पैक्ट प्लेयर के बजाय सीधे प्लेइंग-11 में शामिल कर सकती है। इससे टीम को बल्लेबाजी में अतिरिक्त मजबूती मिलेगी और मध्यक्रम अधिक संतुलित नजर आएगा।

गेंदबाजी में कगिसो रबाडा, प्रसिद्ध कृष्णा और मोहम्मद सिराज की तिकड़ी पर बड़ी जिम्मेदारी होगी। यदि यह तेज गेंदबाजी आक्रमण आरसीबी के बल्लेबाजों को शुरुआती झटके देने में सफल रहा, तो गुजरात की जीत की संभावनाएं काफी बढ़ जाएंगी।

संभावित प्लेइंग-11

RCB संभावित Playing 11:

वेंकटेश अय्यर / फिल सॉल्ट, विराट कोहली, देवदत्त पडिक्कल, रजत पाटीदार (कप्तान), जितेश शर्मा (विकेटकीपर), टिम डेविड, क्रुणाल पांड्या, भुवनेश्वर कुमार, जैकब डफी, जोश हेजलवुड, रासिख सलाम डार।

GT संभावित Playing 11:

साई सुदर्शन, शुभमन गिल (कप्तान), जोस बटलर (विकेटकीपर), निशांत सिंधु, वाशिंगटन सुंदर, जेसन होल्डर, राहुल तेवतिया, राशिद खान, प्रसिद्ध कृष्णा, कगिसो रबाडा, मोहम्मद सिराज।

हाई-वोल्टेज मुकाबले की उम्मीद

एक ओर आरसीबी की आक्रामक बल्लेबाजी और घातक गेंदबाजी है, तो दूसरी ओर गुजरात का संतुलित और संयमित खेल। ऐसे में आईपीएल 2026 का फाइनल रोमांच, दबाव और बड़े खिलाड़ियों के प्रदर्शन से भरपूर होने की उम्मीद है।

Export Levies: पेट्रोल, डीजल और ATF के निर्यात पर केंद्र सरकार ने बढ़ाया शुल्क, 1 जून से लागू होंगी नई दरें

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। केंद्र सरकार ने पेट्रोल, डीजल और विमानन टर्बाइन ईंधन (ATF) के निर्यात पर लगने वाले शुल्क की नई दरों की घोषणा कर दी है। वित्त मंत्रालय द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार नई दरें 1 जून 2026 से अगले 15 दिनों तक प्रभावी रहेंगी। सरकार का कहना है कि यह फैसला देश में पेट्रोलियम उत्पादों की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने और निर्यात को संतुलित करने के उद्देश्य से लिया गया है।

पश्चिम एशिया संकट के बीच सरकार का बड़ा कदम

गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने 27 मार्च 2026 को पेट्रोल, डीजल और ATF के निर्यात पर विशेष अतिरिक्त उत्पाद शुल्क (SAED) और रोड एवं इंफ्रास्ट्रक्चर सेस (RIC) लागू किया था। उस समय पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक तेल बाजार में बढ़ती अनिश्चितता के चलते यह निर्णय लिया गया था।

सरकार का उद्देश्य घरेलू जरूरतों को प्राथमिकता देना और अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों में उतार-चढ़ाव का असर भारतीय बाजार पर कम करना है।

हर 15 दिन में होती है शुल्क दरों की समीक्षा

वित्त मंत्रालय के अनुसार, पेट्रोलियम उत्पादों पर लगाए गए निर्यात शुल्क की समीक्षा प्रत्येक 15 दिन में की जाती है। समीक्षा के दौरान अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल, पेट्रोल, डीजल और ATF की औसत कीमतों का विश्लेषण किया जाता है और उसी आधार पर नई दरें तय की जाती हैं।

इससे पहले शुल्क दरों में संशोधन 16 मई 2026 को किया गया था।

1 जून से लागू नई निर्यात शुल्क दरें

नई अधिसूचना के अनुसार:

  • पेट्रोल के निर्यात पर शुल्क: ₹1.5 प्रति लीटर
  • डीजल के निर्यात पर शुल्क: ₹13.5 प्रति लीटर
  • ATF (एविएशन टर्बाइन फ्यूल) के निर्यात पर शुल्क: ₹9.5 प्रति लीटर

इन शुल्कों का बड़ा हिस्सा विशेष अतिरिक्त उत्पाद शुल्क (SAED) के रूप में वसूला जाएगा।

आम उपभोक्ताओं पर नहीं पड़ेगा असर

सरकार ने स्पष्ट किया है कि घरेलू बाजार में बिक्री के लिए उपलब्ध पेट्रोल और डीजल पर लगने वाले केंद्रीय उत्पाद शुल्क में कोई बदलाव नहीं किया गया है। इसका मतलब है कि फिलहाल आम उपभोक्ताओं को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में इस फैसले के कारण कोई सीधा असर देखने को नहीं मिलेगा।

विशेषज्ञों का मानना है कि निर्यात शुल्क जारी रखने से देश में ईंधन की उपलब्धता सुनिश्चित होगी और वैश्विक बाजार में संभावित मूल्य वृद्धि का प्रभाव घरेलू बाजार पर सीमित रहेगा।

Deoria News: बरियारपुर थाने के दरोगा पर रिश्वत और अवैध खनन संरक्षण के आरोप, सोशल मीडिया पोस्ट वायरल

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के बरियारपुर थाना क्षेत्र में तैनात एक दरोगा को लेकर सोशल मीडिया पर एक पोस्ट तेजी से वायरल हो रही है। वायरल पोस्ट में दरोगा पर कथित तौर पर रिश्वत लेने और अवैध खनन गतिविधियों को संरक्षण देने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं।

हालांकि, वायरल हो रही पोस्ट में किए गए दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर चर्चा का माहौल बना हुआ है और लोग सोशल मीडिया पर विभिन्न प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।

सोशल मीडिया पर वायरल हुआ पोस्ट

वायरल पोस्ट में दावा किया गया है कि संबंधित दरोगा कथित रूप से अवैध खनन से जुड़े लोगों को संरक्षण दे रहे हैं। इसके अलावा रिश्वतखोरी से जुड़े आरोप भी लगाए गए हैं। हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में कोई आधिकारिक दस्तावेज या प्रमाण सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आया है।

थाना प्रभारी ने आरोपों को बताया निराधार

मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए बरियारपुर थाना प्रभारी निरीक्षक दीपक सिंह ने वायरल पोस्ट में लगाए गए आरोपों को पूरी तरह बेबुनियाद बताया है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर प्रसारित की जा रही जानकारी तथ्यात्मक नहीं है और आरोपों में कोई सच्चाई नहीं है।

पुलिस प्रशासन की नजर

फिलहाल मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। प्रशासनिक स्तर पर भी वायरल सामग्री की सत्यता और उसके स्रोत की जांच की जा सकती है। जब तक किसी आधिकारिक जांच या साक्ष्य के आधार पर पुष्टि नहीं होती, तब तक आरोपों को केवल दावा माना जाएगा।

गौरतलब है कि सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली किसी भी सूचना की सत्यता की जांच करना आवश्यक होता है, ताकि अफवाहों और भ्रामक जानकारी से बचा जा सके।

अभिषेक बनर्जी पर हमले को लेकर भड़के राहुल गांधी, BJP पर साधा निशाना; बोले- ‘बदले की राजनीति का घिनौना रूप’

कोलकाता (राष्ट्र की परम्परा)। पश्चिम बंगाल के सोनारपुर में तृणमूल कांग्रेस (TMC) सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुए कथित हमले को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। इस घटना पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर निशाना साधा है और इसे “बदले की राजनीति” का परिणाम बताया है।

राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर जारी अपने बयान में कहा कि सांसद अभिषेक बनर्जी पर हुआ हमला बेहद निंदनीय है। उन्होंने कहा कि किसी सांसद पर हमला केवल एक व्यक्ति पर नहीं, बल्कि उन लाखों लोगों पर हमला है जिन्होंने उन्हें लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत चुना है।

राहुल गांधी ने कहा, “यह BJP की बदले की राजनीति का घिनौना रूप है। राजनीतिक मतभेद कभी भी हिंसा का कारण नहीं बन सकते। केंद्र और पश्चिम बंगाल सरकार को दोषियों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए और सभी जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए।”

उन्होंने अभिषेक बनर्जी और उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की।

ममता बनर्जी ने भी जताई नाराजगी

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी इस घटना पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सीधे तौर पर BJP को निशाने पर लेते हुए हमले की निंदा की और आरोप लगाया कि विपक्षी नेताओं को डराने का प्रयास किया जा रहा है। ममता बनर्जी घायल अभिषेक बनर्जी से मिलने के लिए अस्पताल भी पहुंचीं, जहां उनका उपचार जारी है।

TMC ने जारी किया घटना का वीडियो

इस बीच TMC के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल से घटना का एक वीडियो भी साझा किया गया है। पार्टी ने दावा किया कि अभिषेक बनर्जी ने हमले के बावजूद अपने कार्यक्रम को जारी रखा और शोक संतप्त परिवार के साथ खड़े रहने का फैसला किया।

इस घटना के बाद पश्चिम बंगाल की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है और आने वाले दिनों में यह मुद्दा और अधिक राजनीतिक तूल पकड़ सकता है।

APO Recruitment 2026: LLB पास युवाओं के लिए 371 सरकारी पदों पर भर्ती, 8 जून से शुरू होंगे आवेदन

सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे कानून (LLB) स्नातकों के लिए शानदार अवसर सामने आया है। राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) ने Assistant Prosecution Officer (APO) Recruitment 2026 का आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इस भर्ती अभियान के तहत कुल 371 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी।

इच्छुक और योग्य उम्मीदवार 8 जून 2026 से 7 जुलाई 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति राजस्थान गृह विभाग में Assistant Prosecution Officer (APO) के पद पर की जाएगी।

भर्ती का विवरण

RPSC द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार Assistant Prosecution Officer (APO) के कुल 371 रिक्त पदों को भरा जाएगा। यह भर्ती कानून की पढ़ाई पूरी कर चुके युवाओं के लिए सरकारी सेवा में शामिल होने का सुनहरा अवसर है।

शैक्षणिक योग्यता

इस भर्ती के लिए उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से LLB (Bachelor of Laws) की डिग्री होना अनिवार्य है। विस्तृत योग्यता संबंधी जानकारी उम्मीदवार आधिकारिक नोटिफिकेशन में देख सकते हैं।

आयु सीमा

  • न्यूनतम आयु: 21 वर्ष
  • अधिकतम आयु: 40 वर्ष

आयु की गणना 1 जनवरी 2027 के आधार पर की जाएगी। आरक्षित वर्गों के अभ्यर्थियों को सरकारी नियमों के अनुसार आयु सीमा में छूट प्रदान की जाएगी।

आवेदन शुल्क

  • सामान्य वर्ग, EWS, OBC (क्रीमी लेयर) एवं अन्य राज्य के अभ्यर्थी: ₹600
  • राजस्थान के OBC, MBC, SC, ST एवं अन्य आरक्षित वर्ग: ₹400

आवेदन कैसे करें?

उम्मीदवार राजस्थान लोक सेवा आयोग की आधिकारिक वेबसाइट http://rpsc.rajasthan.gov.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

आवेदन प्रक्रिया में निम्न चरण शामिल होंगे:

  1. ऑनलाइन पंजीकरण (Registration)
  2. आवेदन पत्र भरना
  3. आवश्यक दस्तावेज अपलोड करना
  4. आवेदन शुल्क जमा करना
  5. अंतिम सबमिट और प्रिंट आउट सुरक्षित रखना

उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि आवेदन करने से पहले आधिकारिक अधिसूचना को ध्यानपूर्वक पढ़ लें ताकि किसी भी प्रकार की त्रुटि से बचा जा सके।

यह भर्ती उन अभ्यर्थियों के लिए बेहतरीन अवसर है जो विधि क्षेत्र में सरकारी नौकरी की तलाश कर रहे हैं और अभियोजन विभाग में अपना करियर बनाना चाहते हैं।

गाजियाबाद में पैरा एथलीट चिराग त्यागी की संदिग्ध मौत, हत्या की आशंका; राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी का शव पार्क में मिला

गाजियाबाद (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। उभरते हुए पैरा एथलीट चिराग त्यागी का शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिलने से खेल जगत और स्थानीय क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। पुलिस शुरुआती जांच में हत्या की आशंका जता रही है और मामले की गहन जांच में जुटी हुई है।

जानकारी के मुताबिक, चिराग त्यागी का शव गाजियाबाद के साई उपवन में मिला। शव पर कमर और बगल के पास दो गंभीर घाव पाए गए हैं। पुलिस को आशंका है कि ये चोटें गोली लगने या किसी नुकीले हथियार से किए गए हमले के कारण हो सकती हैं। हालांकि, मौत के सही कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।

राष्ट्रीय स्तर पर चमक रहा था चिराग त्यागी का करियर

चिराग त्यागी गाजियाबाद के मुरादनगर थाना क्षेत्र के बसंतपुर सेन्थली गांव के निवासी थे। वह पैरा एथलेटिक्स में तेजी से अपनी पहचान बना रहे थे और हाल ही में बेंगलुरु में आयोजित राष्ट्रीय प्रतियोगिता में 400 मीटर दौड़ में स्वर्ण पदक जीतकर सुर्खियों में आए थे।

इतना ही नहीं, चिराग ने अक्टूबर में जापान में होने वाले एशियाई खेलों के लिए भी क्वालीफाई किया था। वह दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में रहकर प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे थे और उनके उज्ज्वल भविष्य की उम्मीद की जा रही थी।

इकलौते बेटे की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़

चिराग अपने माता-पिता की इकलौती संतान थे। उनके पिता मनोज त्यागी ने बेटे के खेल करियर को संवारने के लिए अपनी वर्षों की जमा पूंजी खर्च कर दी थी। यहां तक कि उन्होंने बेटे के सपनों को पूरा करने के लिए अपनी जमीन तक बेच दी थी।

परिजनों का कहना है कि चिराग की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी और न ही परिवार का किसी से कोई विवाद था। ऐसे में उनकी संदिग्ध मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।

पुलिस ने एक संदिग्ध को हिरासत में लिया

डीसीपी सिटी धवल जायसवाल के अनुसार, मामले में हत्या की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज की जांच के आधार पर एक संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है।

शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले के खुलासे के लिए कई पुलिस टीमों का गठन किया गया है और जांच हर पहलू से की जा रही है।

चिराग त्यागी की असामयिक मौत ने खेल जगत को झकझोर कर रख दिया है। अब सभी की नजर पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के निष्कर्षों पर टिकी हुई है।

IPL 2026 Final: कौन जीतेगा ट्रॉफी? शुभमन गिल ने दिया बड़ा बयान, बताया जीत का असली मंत्र

अहमदाबाद (राष्ट्र की परम्परा)। IPL 2026 का फाइनल मुकाबला क्रिकेट प्रेमियों के लिए बेहद रोमांचक होने वाला है। फाइनल में गुजरात टाइटंस (GT) और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) आमने-सामने होंगी। मुकाबले से पहले गुजरात टाइटंस के कप्तान शुभमन गिल ने जीत को लेकर बड़ा बयान दिया है।

गुजरात टाइटंस के कप्तान शुभमन गिल अपनी कप्तानी में पहली बार टीम को आईपीएल फाइनल तक ले गए हैं। खास बात यह है कि फाइनल मुकाबला अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला जाएगा, जो गुजरात का घरेलू मैदान है। ऐसे में टीम को होम एडवांटेज मिलने की उम्मीद है।

घरेलू मैदान पर खेलने का मिलेगा फायदा

फाइनल से पहले मीडिया से बातचीत में शुभमन गिल ने कहा कि घरेलू मैदान पर खेलने का फायदा जरूर मिलेगा क्योंकि टीम यहां की पिच और परिस्थितियों को अच्छी तरह समझती है।

उन्होंने कहा, “हम यहां की परिस्थितियों से परिचित हैं। हमें पता है कि इस मैदान पर जीत हासिल करने के लिए किस तरह का क्रिकेट खेलना होगा।”

कौन जीतेगा फाइनल? गिल ने दिया दिलचस्प जवाब

हालांकि गिल ने केवल होम एडवांटेज पर भरोसा नहीं जताया। उन्होंने कहा कि फाइनल जैसे बड़े मुकाबले केवल परिस्थितियों से नहीं बल्कि मानसिक मजबूती से जीते जाते हैं।

गिल ने कहा, “मेरा मानना है कि फाइनल मुकाबले मानसिक मजबूती के आधार पर जीते जाते हैं। जो टीम दबाव के बीच खुद को बेहतर तरीके से संभालेगी और मानसिक रूप से ज्यादा मजबूत होगी, जीत उसी की होगी।”

RCB और गुजरात के बीच होगी कांटे की टक्कर

एक तरफ शुभमन गिल पहली बार कप्तान के रूप में आईपीएल ट्रॉफी जीतने के करीब हैं, वहीं दूसरी तरफ रजत पाटीदार की कप्तानी में RCB लगातार दूसरी बार फाइनल में पहुंची है। दोनों टीमों ने पूरे सीजन शानदार प्रदर्शन किया है, जिससे फाइनल मुकाबला बेहद रोमांचक होने की उम्मीद है।

क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि अहमदाबाद की पिच, खिलाड़ियों का प्रदर्शन और दबाव में फैसले लेने की क्षमता मैच का परिणाम तय कर सकती है। ऐसे में फैंस को एक हाई-वोल्टेज मुकाबला देखने को मिल सकता है।

दिल्ली के साकेत में भरभराकर गिरी 5 मंजिला इमारत, कई लोगों के दबे होने की आशंका; NDRF समेत कई एजेंसियां राहत कार्य में जुटीं

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। राजधानी दिल्ली के साकेत इलाके में शनिवार शाम एक बड़ा हादसा हो गया, जब एक 5 मंजिला इमारत अचानक भरभराकर ढह गई। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और मलबे में कई लोगों के फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। सूचना मिलते ही दमकल विभाग, एनडीआरएफ, दिल्ली पुलिस और अन्य एजेंसियां मौके पर पहुंच गईं और राहत एवं बचाव अभियान शुरू कर दिया गया।

दिल्ली अग्निशमन सेवा (DFS) के अनुसार, शाम करीब 7:44 बजे इमारत गिरने की सूचना प्राप्त हुई थी। इसके तुरंत बाद चार दमकल गाड़ियों को घटनास्थल पर भेजा गया। शुरुआती जांच में पता चला है कि इमारत का एक हिस्सा निर्माणाधीन था।

मलबे में लोगों के फंसे होने की आशंका

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इमारत के गिरने के समय अंदर कई लोग मौजूद हो सकते थे। राहत दल मलबे में दबे लोगों की तलाश में जुटे हैं। अधिकारियों का कहना है कि बचाव अभियान पूरा होने के बाद ही हताहतों और नुकसान की वास्तविक जानकारी सामने आ सकेगी।

NDRF, दिल्ली पुलिस और अन्य एजेंसियां मौके पर तैनात

घटना के बाद राहत और बचाव कार्य को तेज करने के लिए NDRF, दिल्ली पुलिस, DDMA, MCD, CATS और सिविल डिफेंस की टीमें भी मौके पर पहुंच गईं। सभी एजेंसियां संयुक्त रूप से ऑपरेशन चला रही हैं और मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने का प्रयास कर रही हैं।

स्थानीय लोगों ने सुनाई आपबीती

एक स्थानीय निवासी ने बताया कि हादसा शाम करीब 6 बजे हुआ। इमारत में कई कार्यालय संचालित होते थे, लेकिन वीकेंड होने के कारण अधिकांश दफ्तर बंद थे, जिससे बड़ी जनहानि टल सकती है। उन्होंने बताया कि इमारत पूरी तरह ढह गई और आसपास की कुछ छोटी इमारतों को भी नुकसान पहुंचा है।

वहीं एक चश्मदीद ने बताया कि इमारत में कुछ छात्र भी काम कर रहे थे। उन्होंने आशंका जताई कि अभी भी कई लोग मलबे में फंसे हो सकते हैं। चश्मदीद के अनुसार, अब तक तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है, जबकि उनकी एक रिश्तेदार अभी भी मलबे में फंसी हुई हैं।

प्रशासन ने लोगों से की अपील

हादसे के बाद इलाके में भारी भीड़ जमा हो गई है। प्रशासन ने लोगों से घटनास्थल से दूर रहने और बचाव कार्य में सहयोग करने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और राहत अभियान पूरी प्राथमिकता के साथ चलाया जा रहा है।

नवलपुर-सिकंदरपुर मार्ग चौड़ीकरण कार्य के चलते 1 जून को चार घंटे बाधित रहेगी विद्युत आपूर्ति

बलिया (राष्ट्र क़ी परम्परा )

विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं को सूचित किया है कि नवलपुर से सिकंदरपुर मार्ग के चौड़ीकरण कार्य के कारण 1 जून सोमवार को क्षेत्र की विद्युत आपूर्ति अस्थायी रूप से बाधित रहेगी। यह जानकारी विद्युत वितरण खंड तृतीय, बांसडीह के अधिशासी अभियंता द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति में दी गई है। सड़क चौड़ीकरण के दौरान विद्युत लाइनों एवं संबंधित संरचनाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक तकनीकी कार्य किए जाएंगे। इसी कारण उपखंड सिकंदरपुर के अंतर्गत आने वाले 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्र सिकंदरपुर ग्रामीण से जुड़े क्षेत्रों में सुबह 8:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद रहेगी।विद्युत विभाग ने बताया कि निर्धारित अवधि के दौरान विद्युत आपूर्ति प्रभावित रहने से ग्रामीण क्षेत्र के उपभोक्ताओं को कुछ असुविधा हो सकती है। हालांकि यह कार्य जनहित में किया जा रहा है, जिससे भविष्य में सड़क यातायात बेहतर और सुरक्षित हो सकेगा। विभाग ने सभी उपभोक्ताओं से सहयोग एवं धैर्य बनाए रखने की अपील की है। अधिशासी अभियंता ने कहा कि सड़क चौड़ीकरण कार्य पूर्ण होते ही आवश्यक परीक्षण एवं तकनीकी जांच के बाद 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्र सिकंदरपुर ग्रामीण से जुड़े सभी गांवों की बिजली आपूर्ति पुनः सुचारु रूप से बहाल कर दी जाएगी। विभाग का प्रयास रहेगा कि कार्य निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा कर लिया जाए ताकि उपभोक्ताओं को न्यूनतम असुविधा हो। विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं को सलाह दी है कि निर्धारित समयावधि के दौरान आवश्यक विद्युत उपकरणों का उपयोग पूर्व में ही सुनिश्चित कर लें। विशेष रूप से पेयजल, मोबाइल चार्जिंग, कृषि कार्यों तथा अन्य जरूरी घरेलू आवश्यकताओं के लिए पहले से तैयारी कर लें ताकि बिजली कटौती के दौरान किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।इस संबंध में जारी प्रेस विज्ञप्ति की प्रतिलिपि मुख्य अभियंता (वितरण) आजमगढ़ क्षेत्र, अधीक्षण अभियंता विद्युत वितरण मंडल बलिया तथा उपखंड अधिकारी विद्युत वितरण उपखंड प्रथम सिकंदरपुर को भी भेजी गई है।विद्युत विभाग ने पुनः स्पष्ट किया है कि 1 जून को सुबह 8 बजे से दोपहर 12 बजे तक सिकंदरपुर ग्रामीण विद्युत उपकेंद्र से जुड़े क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित रहेगी तथा कार्य पूर्ण होने के तुरंत बाद आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।