Tag: बिरजू महाराज

4 नवंबर : जब कथक की थिरकन को विराम मिला, सुरों और भावों के साधक शंभू महाराज को

लेखक : अभिषेक कुमार भारतीय शास्त्रीय नृत्य की दुनिया में कुछ व्यक्तित्व ऐसे होते हैं, जिनकी कला केवल मंच तक सीमित नहीं रहती, बल्कि पीढ़ियों की सांस्कृतिक विरासत बन जाती…