देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी), देवरिया में आज एसडीआर दयाशंकर मिश्र द्वारा औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संस्थान में संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रमों, प्रशिक्षुओं की उपस्थिति तथा प्रशिक्षण से जुड़ी व्यवस्थाओं का जायजा लिया।

एसडीआर दयाशंकर मिश्र ने प्रशिक्षण कक्षों का निरीक्षण करते हुए प्रशिक्षुओं से बातचीत की और प्रशिक्षण के दौरान उन्हें दी जा रही सुविधाओं एवं गतिविधियों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने प्रशिक्षुओं से प्रशिक्षण की गुणवत्ता, सीखने की प्रक्रिया तथा प्रशिक्षण के बाद स्वरोजगार शुरू करने की उनकी योजनाओं के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की।

निरीक्षण के दौरान आरसेटी की ओर से संचालित विभिन्न स्वरोजगारपरक प्रशिक्षण कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा की गई। एसडीआर ने प्रशिक्षुओं को प्रशिक्षण का अधिकतम लाभ उठाने और प्रशिक्षण पूरा करने के बाद स्वरोजगार के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया।

उन्होंने संस्थान की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने तथा प्रशिक्षण की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। साथ ही प्रशिक्षुओं को बैंकिंग सुविधाओं, ऋण योजनाओं और स्वरोजगार से जुड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने पर भी जोर दिया।

आरसेटी देवरिया द्वारा ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं एवं महिलाओं को विभिन्न रोजगारपरक कौशल में प्रशिक्षण देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है। औचक निरीक्षण के दौरान संस्थान के निदेशक विशाल गुप्ता, वरिष्ठ संकाय सोमनाथ मिश्रा एवं विनय शंकर मणि त्रिपाठी आदि उपस्थित रहे।