जलभराव और गंदगी का अंबार अस्पताल परिसर में बांधे जा रहे घोड़े; जिम्मेदार अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल
शाहजहांपुर(राष्ट्र की परम्परा)
गढ़िया रंगीन क्षेत्र के पृथ्वीपुर गांव में स्थित पशु चिकित्सालय बदहाली का शिकार है। ग्रामीणों के मुताबिक, करीब सात महीने से अस्पताल में डॉक्टर नहीं आ रहे हैं। इससे पशुओं के इलाज के लिए लोगों को दूसरे स्थानों पर भटकना पड़ रहा है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी समस्या के समाधान को लेकर गंभीर नजर नहीं आ रहे हैं।
राष्ट्र की परम्परा के पत्रकार ने मौके पर पहुंचकर पड़ताल की तो अस्पताल की जर्जर इमारत, टूटा फर्श, खराब गेट और भवन से बाहर निकली ईंटें बदहाली की कहानी बयां करती मिलीं। अस्पताल के सामने जलभराव, गंदगी और झाड़ियों से परेशानी बनी हुई है। अंदर ताला लटका होने के कारण परिसर में घोड़े बांधे जा रहे हैं, जबकि भवन के टूटे हिस्से में भूसा भरा हुआ है।
पूछने पर प्रभारी चिकित्सा अधिकारी अवनीश यादव ने बताया कि भवन जर्जर होने के कारण वहां बैठना जोखिम भरा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से सवाल उठाते हुए भवन की मरम्मत और नियमित पशु चिकित्सा सेवाएं शुरू कराने की मांग की है।
