गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय, गोरखपुर में उच्च शिक्षा विभाग, उत्तर प्रदेश द्वारा संयोजित सेवा संकल्प अभियान के तहत मतदाता जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) के स्वयंसेवकों, राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) कैडेट्स और विद्यार्थियों ने कार्यक्रम में सहभागिता की। इस दौरान विद्यार्थियों को स्वतंत्र, निष्पक्ष और जिम्मेदार मतदान के महत्व की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में एनएसएस एवं एनसीसी कैडेट्स ने मतदाता शपथ लेकर स्वयं जागरूक मतदाता बनने तथा परिवार, मित्रों और समाज के लोगों को मतदान के प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया। विद्यार्थियों ने मतदान को नागरिक अधिकार के साथ महत्वपूर्ण जिम्मेदारी के रूप में स्वीकार करने की बात कही।
एनएसएस समन्वयक धनंजय पाण्डेय, एनसीसी के एसोसिएट एनसीसी अधिकारी लेफ्टिनेंट डॉ. संदीप कुमार श्रीवास्तव और आईजीसी रिपब्लिक डे शिविर के बीएचएम पंकज सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि लोकतंत्र की सफलता जागरूक और जिम्मेदार नागरिकों की भागीदारी पर निर्भर करती है। मतदान नागरिकों को अपनी पसंद के प्रतिनिधियों के चयन में भागीदारी का अवसर देता है, इसलिए प्रत्येक पात्र नागरिक को मतदान प्रक्रिया के प्रति सजग रहना चाहिए।
लेफ्टिनेंट डॉ. संदीप कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि एनसीसी कैडेट्स अनुशासन और नेतृत्व के साथ सामाजिक दायित्वों के निर्वहन में भी भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कैडेट्स से स्वयं जागरूक मतदाता बनने और आसपास के लोगों को लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भागीदारी के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
धनंजय पाण्डेय ने कहा कि युवाओं को समाज और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदार बनाना एनएसएस के प्रमुख उद्देश्यों में शामिल है। मतदाता जागरूकता इसी सामाजिक उत्तरदायित्व का हिस्सा है। वहीं पंकज सिंह ने राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए मतदान के प्रति जागरूक रहने की अपील की।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों और कैडेट्स ने लोकतंत्र, नागरिक कर्तव्य और मताधिकार से जुड़े विषयों पर चर्चा की। उन्हें मतदान के दौरान किसी दबाव, प्रलोभन या भ्रामक सूचना से प्रभावित हुए बिना अपने विवेक के आधार पर भागीदारी करने तथा मतदाता पंजीकरण और मतदान संबंधी आवश्यक जानकारी के प्रति सजग रहने के लिए प्रेरित किया गया। आयोजन में एनसीसी कैडेट्स और एनएसएस स्वयंसेवक उपस्थित रहे।