Category: लेख

ब्रिटेन ने कैसे किया मैसूर पर कब्ज़ा?

3 अक्टूबर 1831 की ऐतिहासिक घटना और उसके दूरगामी परिणामभारत का इतिहास विदेशी आक्रमणों और उपनिवेशवाद की लंबी गाथा है। इसी क्रम में ब्रिटेन और मैसूर राज्य के बीच हुए…

पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री: सादगी और नैतिकता के प्रतिमूर्ति

भारत के लोकतांत्रिक इतिहास में कुछ ऐसे नेता हुए जिनका नाम उनकी सादगी और ईमानदारी के लिए सदैव याद किया जाएगा। उन्हीं में से एक थे लाल बहादुर शास्त्री। देश…

मोबाइल चोर, जेबकट और साइबर अपराधियों का दुस्साहस बढ़ा — केंद्रीय व राज्य गृह विभागों के लिए चुनौती

गोंदिया-भारत में अपराध का स्वरूप पिछले कुछ वर्षों में तेज़ी से बदल रहा है। पारंपरिक हिंसक, अपराधों में जहाँ कुछ गिरावट देखी जा रही है,वहीं तकनीक आधारित अपराध, विशेषकर साइबर…

विजय दशमी 2025: धर्म, विज्ञान और पौराणिक कथाओं का संगम

जानें इस महापर्व का रहस्य और महत्व भारत के प्रत्येक प्रांत में अलग-अलग ढंग से मनाई जाने वाली विजय दशमी, न केवल धार्मिक बल्कि वैज्ञानिक दृष्टि से भी हमारे जीवन…

“गांधी जयंती पर ज़हर नहीं, सत्य का संदेश:क्या सरकार विपक्ष संग मिलकर‘व्हाट्सएप ज़हर’ पर कसेगी नकेल?”

(ओमकार मणि त्रिपाठी ) 2 अक्टूबर पर करोड़ों खर्च कर गांधी स्मृति कार्यक्रम आयोजित होते हैं, परंतु डिजिटल मंचों पर गांधीजी को गाली देने वालों पर कब होगी सख्त कार्रवाई?…

100 साल का संघ : विचार, विकास और नई दिशा

प्रधानमंत्री ने जारी किया डाक टिकट व स्मारक सिक्का संघ की राष्ट्र साधना पर नवनीत मिश्र का आलेख राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की स्थापना 1925 में विजयादशमी के दिन डॉ.…

आलेखशिक्षा वह खजाना है जिसे कोई चुरा नहीं सकता यह जीवन को दिशा और सफलता को ऊँचाई देती

“शिक्षा वह खजाना है जिसे कोई चुरा नहीं सकता।”इसका अर्थ है कि जो ज्ञान और शिक्षा हम अर्जित करते हैं, वह हमारी सबसे बड़ी पूँजी होती है। धन, वस्तुएँ या…

2 अक्टूबर 2025: गांधी जयंती, शास्त्री जयंती और विजयादशमी का ऐतिहासिक संगम – दो पर्व, एक ही संदेश

गोंदिया – वैश्विक स्तरपर भारत एक ऐसा देश है जिसकी सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परंपरा हजारों वर्षों से दुनियाँ को राह दिखाती रही है। यहां के पर्व केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं…

बचपन के त्योहारों की छुट्टियाँ: रिश्तों का संगम और मामा के घर की रौनक

(वशिष्ठ सिंह) 🎉 त्योहार आते ही सिर्फ छुट्टियाँ और मेले का आनंद नहीं मिलता था, बल्कि पूरा परिवार एकजुट होकर रिश्तों की मिठास का उत्सव मनाता था। उस दौर में…

1980-90 के दशक का दशमी का मेला: संस्कृति, श्रद्धा और लोकजीवन की जीवंत झलक

भारत की सांस्कृतिक परंपरा में दशहरा और दुर्गा पूजन का पर्व सदियों से विशेष स्थान रखता है। 1980 से 1990 के दशक का दौर ग्रामीण और कस्बाई जीवन में मेलों…

✍️ संघ का शताब्दी वर्ष: डॉ. हेडगेवार के विचारों से शुरू हुई एक सदी की संगठन यात्रा

🚩 100 वर्षों की गौरवपूर्ण यात्रा राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने अपनी स्थापना के 100 वर्ष पूर्ण कर लिए हैं। 1925 में विजयादशमी के दिन नागपुर में डॉ. केशव राव…

भगत सिंह की जयंती? आधुनिकता, राजनीति और सोशल मीडिया के जाल में खोता इतिहास?

(राजकुमार मणि) आज़ादी का संघर्ष सिर्फ तारीख़ों और घटनाओं का संग्रह नहीं है, बल्कि उन वीर आत्माओं की शौर्य गाथाओं से लिखा गया है जिन्होंने मातृभूमि के लिए अपने प्राण…

दिल का ख्याल रखें – परिवार का भविष्य बचाएँ

हार्ट अटैक समस्या क़ा संभावित समाधान- जीवनशैली में सख़्त आचार संहिता अपनाकर असामाइक मौतों को रोकने में सहभागी बनें गोंदिया- वैश्विक स्तरपर दुनियाँ तेजी से बदल रही है जिसके कारण…

“संघ और स्त्रियाँ सेविका समिति से शताब्दी तक की यात्रा”

सितंबर 2025 में आयोजित व्याख्यानमाला के दौरान राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत ने कहा कि आज महिलाओं की भागीदारी समाज और राष्ट्र निर्माण में पहले से कहीं…

“भारत-अमेरिका व्यापार तनाव: फार्मास्यूटिकल सेक्टर को ट्रंप का अप्रत्याशित झटका”

गोंदिया-वैश्विक स्तरपर अंतरराष्ट्रीय व्यापार की दुनियाँ में नीति-निर्माण अक्सर केवल आर्थिक नहीं बल्कि राजनीतिक, रणनीतिक और सामाजिक दृष्टिकोण से भी जुड़ा होता है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही…