हमारे माता-पिता, पति-पत्नी,पुत्र-पुत्री, मित्र, सगे सम्बन्धी,क्या वास्तव में ये जीवनसाथी हैं,नहीं, जीवनसाथी तो शरीर है । शरीर साँसे लेना बंद…
हिसार (राष्ट्र की परम्परा)बस दिल से सच्चा हिंदुस्तानी बन।आये देश के काम वह जवानी बन॥ क्यों जला रहा ख़ुद से…
हीरक जयंती समारोह के अवसर पर अंग्रेजी विभाग में आयोजित हुआ कार्यक्रम गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय…
वादा करो कि बेलन का उपयोगचपाती बनाने के लिये ही करोगी,वादा दिवस, पति देव की कहानीसुनिये कहानी उन्हीं की ज़ुबानी।…
चार प्रकार के जीव संत बतलाते हैं,इन चारों के लिए चार प्रकार के हीव्यवहार भी यथानिम्न वताये जाते हैंसत्पुरुष, शठ,…
हिसार(राष्ट्र की परम्परा)बात एक ही यूँ सदा, कहता है गणतंत्र।बने रहे वो मूल्य सब, जन- मन हो स्वतंत्र। संसद में…
रहिमन धागा प्रेम का, मत तोरो चटकाय।टूटे पे फिर ना जुरे, जुरे गाँठ परी जाय ॥ रहीम दास कहते थे…
राष्ट्रीय हो या फिर अंतर्राष्ट्रीय,बालिका दिवस अवश्य मनायें,बालिकाओं को पैदा तो होने दें,उन्हें माँ की कोख में पलने तो दें।…