Friday, July 10, 2026
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सीएम योगी ने महापौरों और नगर पालिका अध्यक्षों से जानी विकास की स्थिति

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गोरखपुर(राष्ट्र की परम्परा)
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को विकसित उत्तर प्रदेश संवाद कार्यक्रम के तहत प्रदेश के विभिन्न नगर निगमों, नगर पालिकाओं और निकायों के महापौरों एवं अध्यक्षों से वर्चुअल संवाद किया। इस दौरान सीएम ने स्थानीय स्तर पर चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा की और अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए।
सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश तेजी से विकास की राह पर है और इस प्रक्रिया में हर निकाय की भूमिका अहम है। उन्होंने महापौरों और अध्यक्षों से कहा कि अपने-अपने क्षेत्रों में बेहतर कार्यों की जानकारी सभी पार्षदों को देकर उन्हें सक्रिय बनाएं, जिससे योजनाओं को गति मिल सके।
महापौरों से संवाद करते हुए सीएम ने अयोध्या नगर निगम के महापौर को अच्छा कथावाचक बताते हुए कहा कि कथा जैसे आयोजनों में सभी पार्षदों को आमंत्रित कर उन्हें विकास कार्यों से जोड़ा जा सकता है। वहीं, फिरोजाबाद की महापौर ने विकसित भारत के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी, जिस पर सीएम ने सराहना की और कहा कि पार्षदों की सक्रियता से ही विकास की गति तेज होती है।
प्रयागराज महापौर से तकनीकी कारणों से वार्ता नहीं हो सकी। झांसी की महापौर ने अपने नगर के विकास कार्यों का ब्योरा दिया और बताया कि राष्ट्रीय स्वच्छ सर्वेक्षण में झांसी दूसरे स्थान पर आया है। उन्होंने कहा कि बुंदेलखंड अब पिछड़ेपन से निकलकर विकास की ओर अग्रसर है। सीएम योगी ने झांसी में स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स और एयरपोर्ट की आवश्यकता पर चर्चा की और आय को 100 करोड़ तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा।
नगर पालिका अध्यक्षों से संवाद
गाजियाबाद जिले के मोदीनगर पालिका अध्यक्ष ने विज्ञापन कर संग्रहण में बढ़ोत्तरी की जानकारी दी। मीरजापुर नगर पालिका अध्यक्ष ने बताया कि पिछले वर्ष उनकी वार्षिक आय 5.79 करोड़ थी, जो इस वर्ष और बढ़ेगी। सीएम योगी ने सुझाव दिया कि नगर पालिका मल्टीलेवल पार्किंग बनाकर आय बढ़ा सकती है। अध्यक्ष ने यह भी बताया कि शहर में 11 किलोमीटर तक वाई-फाई की सुविधा दी जा रही है।
देवरिया नगर पालिका अध्यक्ष ने बताया कि नगर की आय 3 करोड़ से बढ़कर अब 10 करोड़ तक पहुंच गई है। सीएम ने उन्हें पार्किंग व्यवस्था को और बेहतर बनाकर आय बढ़ाने के निर्देश दिए। इसी तरह सुलतानपुर नगर पालिका अध्यक्ष ने जानकारी दी कि यहां की वार्षिक आय साढ़े सात करोड़ तक पहुंची है। सीएम ने कहा कि उपलब्ध भूमि का उपयोग कर सेफ सिटी की दिशा में काम करना चाहिए।
जालौन जिले के कालपी नगर पालिका अध्यक्ष अनुपस्थित रहे, जिस पर कालपी के ईओ ने सीएम से संवाद किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, “उत्तर प्रदेश की नगर पालिकाएं और नगर निगम यदि आत्मनिर्भर होंगे, तो जनता को सुविधाएं देने में और अधिक सक्षम बन सकेंगे। केंद्र और राज्य सरकार लगातार नगर निकायों के लिए योजनाएं बना रही है। अब आवश्यकता है कि नगर निकाय खुद की आय बढ़ाएं और विकास को गति दें।
उन्होंने कहा कि “आज नगरों में तेजी से जनसंख्या बढ़ रही है। इसके साथ ही स्वच्छता, यातायात, मल्टीलेवल पार्किंग, पेयजल, जलनिकासी, हरियाली, स्ट्रीट लाइट और सुरक्षित वातावरण जैसी मूलभूत सुविधाओं की मांग भी बढ़ रही है। नगर निकायों को चाहिए कि वे दीर्घकालिक योजना बनाकर आने वाले दस वर्षों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए काम करें। हर निकाय को अपने क्षेत्र की प्राथमिकताओं को तय करना होगा और उनके आधार पर कार्य करना होगा।”
सीएम योगी ने पार्षदों और अध्यक्षों से कहा कि वे जनता के बीच जाकर योजनाओं की जानकारी दें और उनसे फीडबैक लेकर सुधार करें। उन्होंने कहा, “जनभागीदारी के बिना विकास अधूरा है। पार्षद यदि जनता को साथ लेकर योजनाओं पर काम करेंगे, तो परिणाम कई गुना बेहतर होंगे। नगर निकायों की कार्यप्रणाली पारदर्शी और तकनीकी आधारित होनी चाहिए। स्मार्ट तकनीक का उपयोग कर न सिर्फ आमजन को सुविधा दी जा सकती है, बल्कि राजस्व भी बढ़ाया जा सकता है।”
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि स्वच्छ भारत मिशन और सेफ सिटी प्रोजेक्ट के लक्ष्य को हर नगर निकाय को अपनी प्राथमिकता में रखना चाहिए। “जब नगर स्वच्छ, सुरक्षित और आधुनिक सुविधाओं से युक्त होगा, तो निवेशक भी आएंगे और स्थानीय स्तर पर रोजगार का सृजन होगा। आज उत्तर प्रदेश का हर क्षेत्र तेजी से बदल रहा है। हमें यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी नगर को पिछड़ापन न झेलना पड़े। हर नगर का विकास, उत्तर प्रदेश के समग्र विकास का हिस्सा है।”
सीएम योगी ने सभी निकायों से अपील की कि वे पार्षदों को विकास कार्यों की पूरी जानकारी दें और उन्हें निर्णय प्रक्रिया में शामिल करें। उन्होंने कहा कि “नगर निकायों की सफलता केवल योजनाओं के क्रियान्वयन में नहीं, बल्कि जनता के विश्वास अर्जित करने में है। यही विश्वास उत्तर प्रदेश को विकसित राज्य बनाने में हमारी सबसे बड़ी ताकत बनेगा।

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देवरिया में PWD कार्यालय में हंगामा: अभियंता से अभद्रता दस्तावेज फाड़े – ठेकेदार पर मुकदमा

जांच को सही दिशा मिल जाए तो फर्जी भुगतान का खेल भी उजागर होने की संभावना

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा डेस्क) जिले में सरकारी कामकाज में बाधा डालने का मामला अब बड़ा रूप ले चुका है। कोतवाली थाना क्षेत्र के महुआबारी निवासी नुरूल हुदा अंसारी उर्फ भलाऊ पर आरोप है कि उन्होंने लोक निर्माण विभाग (PWD) के अधिशासी अभियंता के कार्यालय में घुसकर अभद्रता की, दस्तावेज फाड़ डाले, गाली-गलौज की और अभियंता को जान से मारने की धमकी दी। यही नहीं, अभियंता से पैसों की मांग भी की गई।

अधिशासी अभियंता की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
🔎 शिकायत में क्या कहा गया?
अधिशासी अभियंता ने दर्ज कराई तहरीर में साफ लिखा है कि नुरूल हुदा अंसारी ने जानबूझकर कार्यालय में रखे महत्वपूर्ण दस्तावेजों को नष्ट कर दिया। इस दौरान उन्होंने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और अवैध धन की मांग रखी।
💰 फर्जी भुगतान का खेल भी आएगा सामने
सूत्रों का कहना है कि नुरूल हुदा अंसारी उर्फ भलाऊ की पैठ 2018 में पेटी ठेकेदार के रूप में हुई थी। तभी से उन्होंने दोनों खंडों के सहायक अभियंताओं और अवर अभियंताओं से नजदीकियां बढ़ाकर मोटी कमाई की।
माना जा रहा है कि अगर एक्स्ट्रा आइटम और वर्क ऑर्डर पर हुए भुगतानों की जांच कराई जाए तो करीब दर्जनभर अवर अभियंता फर्जी भुगतान में संलिप्त पाए जा सकते हैं।
जानकारों के अनुसार, इन्हीं संदिग्ध भुगतानों को लेकर अधिशासी अभियंता और नुरूल हुदा के बीच विवाद हुआ, जिसके बाद यह घटना सामने आई।
🏗️ धरातल पर अधूरे काम, फिर भी जारी भुगतान
स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि कई ठेकेदार वास्तविक कार्य कराने के बाद भी पूरा भुगतान नहीं ले पाते।
उदाहरण के तौर पर, किसी ठेकेदार ने 200 मीटर का कार्य कराया, लेकिन इंजीनियरों के दबाव में 10 से 50 मीटर अतिरिक्त कार्य कराना पड़ा।विभाग के पास बजट अभाव का हवाला देकर अतिरिक्त कार्य का भुगतान रोक दिया गया, जबकि कुछ चहेते ठेकेदारों को बिना काम किए ही भुगतान मिल जाता है।
लोगों का कहना है कि यदि नवागंतुक पुलिस अधीक्षक इस मुकदमे को भ्रष्टाचार निवारण संगठन को सौंप दें तो PWD की परत-दर-परत भ्रष्टाचार की परतें खुल जाएंगी।
🗣️ ठेकेदार संघ की प्रतिक्रिया
ठेकेदार संघ अध्यक्ष मनोज कुमार सिंह ने कहा –“हम ठेकेदारों के हित में खड़े रहेंगे और किसी के साथ अन्याय नहीं होने देंगे।”
👮 प्रशासन की सख्ती
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सरकारी कार्य में बाधा डालना और अभियंता को धमकी देना गंभीर अपराध है। आरोपी पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही विभागीय स्तर पर भी फर्जी भुगतान के मामलों की जांच की जानी चाहिए।
👉 यह मामला केवल मारपीट और दस्तावेज फाड़ने तक सीमित नहीं है, बल्कि PWD के अंदर चल रहे फर्जी भुगतानों और भ्रष्टाचार की परतें खोलने की कुंजी भी साबित हो सकता है।

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भाजपा की चुप्पी से कांग्रेस के सवाल तेज

राहुल गांधी को कथित जानलेवा धमकी पर कांग्रेस का हमला, केसी वेणुगोपाल ने BJP से मांगा जवाब

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। कांग्रेस और भाजपा के बीच सियासी जंग एक बार फिर गरमा गई है। कांग्रेस महासचिव एवं राज्यसभा सांसद केसी वेणुगोपाल ने भाजपा प्रवक्ता पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि एक टीवी बहस के दौरान कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को गोली मारने की धमकी दी गई। उन्होंने इसे “खुली साजिश” करार दिया और गृह मंत्री अमित शाह से तत्काल कार्रवाई की मांग की।
कांग्रेस नेता वेणुगोपाल ने सोमवार को प्रेस से बातचीत में कहा, “यह सिर्फ बयान नहीं बल्कि राहुल गांधी की जान को खुली धमकी है। आश्चर्य की बात यह है कि अभी तक इस मामले पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। न तो केरल पुलिस सक्रिय दिख रही है और न ही गृह मंत्रालय से कोई प्रतिक्रिया आई है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि जब सीआरपीएफ छोटी सी सुरक्षा चूक पर राहुल गांधी को पत्र लिखती है और सरकार संवेदनशील जानकारी साझा करती है, तो इस प्रकार की सार्वजनिक धमकी पर भाजपा की चुप्पी संदिग्ध है।
कांग्रेस महासचिव ने सवाल उठाते हुए कहा,
“क्या यह भाजपा का आधिकारिक रुख है? अगर नहीं, तो पार्टी को अपने प्रवक्ता के खिलाफ तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए। भाजपा की चुप्पी इस खतरे को और गंभीर बनाती है।”
अमित शाह को लिखा पत्र
कांग्रेस नेता ने रविवार को ही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को एक औपचारिक पत्र भेजा था। इसमें उन्होंने भाजपा प्रवक्ता प्रिंटू महादेव पर आरोप लगाया कि उन्होंने न्यूज़18 केरल की डिबेट के दौरान कथित तौर पर कहा –
“राहुल गांधी को सीने में गोली मार दी जाएगी।”
पत्र में वेणुगोपाल ने चेतावनी दी कि यदि इस मामले में तत्काल कार्रवाई नहीं हुई तो इसे न केवल “विपक्ष के नेता पर हिंसा का सामान्यीकरण” बल्कि गृह मंत्री के संवैधानिक शपथ का भी गंभीर उल्लंघन माना जाएगा।
कांग्रेस का आक्रामक रुख
कांग्रेस अब इस पूरे प्रकरण को एक “बड़ी राजनीतिक साजिश” बताकर भाजपा पर दबाव बना रही है। पार्टी नेताओं का कहना है कि यह मामला केवल व्यक्तिगत बयानबाज़ी का नहीं बल्कि लोकतांत्रिक ढांचे और विपक्ष की आवाज़ को दबाने की साज़िश का हिस्सा है।

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“90% स्वदेशी बजट से सशक्त होगा तटरक्षक बल, राजनाथ सिंह ने बताया आत्मनिर्भरता का रोडमैप”

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को भारतीय तटरक्षक कमांडरों के सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि पड़ोसी देशों में बढ़ती अस्थिरता, शरणार्थियों की आमद और अवैध प्रवासियों की बढ़ती गतिविधियाँ भारत की समुद्री सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती बन चुकी हैं। उन्होंने विशेष रूप से बंगाल की खाड़ी क्षेत्र में उत्पन्न हो रहे खतरों की ओर ध्यान दिलाया।

समुद्री सुरक्षा पर दोहरा फोकस

रक्षा मंत्री ने कहा कि भारत को केवल समुद्री निगरानी तक सीमित नहीं रहना चाहिए बल्कि भू-राजनीतिक सतर्कता और रणनीतिक तैयारी पर भी जोर देना होगा।
उन्होंने स्पष्ट किया कि “भारत पहले से ही अपनी भूमि सीमाओं पर चुनौतियों का सामना कर रहा है और अब समुद्री मोर्चे पर भी पूरी तत्परता जरूरी है।”

मेक इन इंडिया और आत्मनिर्भर भारत पर जोर

राजनाथ सिंह ने आत्मनिर्भर भारत और मेक इन इंडिया पहल के तहत भारतीय तटरक्षक बल (ICG) के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने बताया कि –तटरक्षक जहाजों की सर्विसिंग और मरम्मत अब पूरी तरह भारत में ही हो रही है।
तटरक्षक बल का 90 प्रतिशत बजट स्वदेशी संसाधनों पर खर्च होता है।
सरकार भारतीय तटरक्षक को अत्याधुनिक प्लेटफॉर्म और आधुनिक तकनीक उपलब्ध कराने के लिए निरंतर काम कर रही है।
तीन दिवसीय सम्मेलन का उद्देश्य
नई दिल्ली स्थित तटरक्षक मुख्यालय में 28 सितंबर से शुरू हुए इस तीन दिवसीय सम्मेलन का मुख्य मकसद समुद्री सुरक्षा, पर्यावरण संरक्षण और तटीय इलाकों की रक्षा को और मजबूत बनाना है।
आईसीजी के अनुसार, यह सम्मेलन भारत के सुरक्षित, स्थिर और लचीले समुद्री क्षेत्र के राष्ट्रीय दृष्टिकोण के अनुरूप है।

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फर्जी पहचान, 13 होटल और 8 करोड़ की संपत्ति – धर्मगुरु चैतन्यानंद की काली करतूतें

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)दिल्ली पुलिस ने आगरा के एक होटल से स्वयंभू ‘धर्मगुरु’ स्वामी चैतन्यानंद सरस्वती (62 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया। उन पर 17 से अधिक छात्राओं के यौन उत्पीड़न और करोड़ों की वित्तीय हेरफेर के गंभीर आरोप लगे हैं। पुलिस की जाँच में सामने आया कि फरार रहने के दौरान चैतन्यानंद ने पिछले 40 दिनों में 13 अलग-अलग होटल बदले और अधिकतर समय साधुओं के बीच छिपकर बिताया।

🔴 फरारी के दौरान बिना CCTV वाले होटलों में छिपता रहा

पुलिस के अनुसार, आरोपी जानबूझकर ऐसे सस्ते होटलों में ठहरता था, जहाँ सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे होते थे। होटल बुकिंग में उसके अनुयायी मदद करते थे। गिरफ्तारी के समय होटल रिसेप्शनिस्ट ने बताया कि शनिवार शाम 4 बजे वह अकेले होटल में पहुँचा था और उसके पास कोई मिलने भी नहीं आया।

🔴 अदालत ने पाँच दिन की पुलिस हिरासत दी

रविवार को दिल्ली की अदालत ने आरोपी को पाँच दिन की पुलिस हिरासत में भेजा। अभियोजन पक्ष ने बहस में बताया कि आरोपी छात्राओं को धमकाकर देर रात अपने क्वार्टर बुलाता था, उन पर अनुचित दबाव डालता था और गुपचुप तरीके से छात्राओं की गतिविधियों पर नज़र रखने के लिए कैमरे तक लगवाए थे, जिनमें कुछ बाथरूम तक शामिल थे। अब तक 16-20 पीड़िताओं के बयान दर्ज किए जा चुके हैं।

🔴 वित्तीय घोटाले का खुलासा – 8 करोड़ जब्त

जाँच में सामने आया कि चैतन्यानंद ने फर्जी दस्तावेज़ों और अलग-अलग नामों से कई बैंक खाते खोले। पुलिस ने उसके पास से लगभग 8 करोड़ रुपये की संपत्ति, सावधि जमा और बैंक खाते ज़ब्त किए हैं। एफआईआर में दर्ज है कि उसने संस्थान का अध्यक्ष रहते हुए छात्राओं को जबरन बुलाया, अनुचित संदेश भेजे और अपने फोन से उनकी गतिविधियों पर नज़र रखी। गिरफ्तारी से पहले उसने 50 लाख रुपये से अधिक की निकासी भी की थी।
पुलिस को छानबीन में फर्जी विज़िटिंग कार्ड भी मिले हैं, जिन पर खुद को संयुक्त राष्ट्र और ब्रिक्स संगठनों से जुड़ा दिखाया गया था।

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मोदी ने टीम इंडिया को ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के लिए बधाई दी

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)दुबई में हुए 2025 एशिया कप फाइनल में टीम इंडिया ने एक रोमांचक मुकाबले में पाकिस्तान को पांच विकेट से हराकर खिताब अपने नाम कर लिया। इस जीत ने न केवल खेल प्रेमियों का दिल जीत लिया बल्कि देश में जश्न का माहौल भी बना दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारतीय टीम के शानदार प्रदर्शन को लेकर X पर पोस्ट करते हुए कहा, “खेल के मैदान पर ऑपरेशन सिंदूर। नतीजा एक ही है – भारत जीतता है! हमारे क्रिकेटरों को बधाई।” इस जीत की अहमियत और भी बढ़ जाती है क्योंकि यह पाकिस्तान के साथ चल रहे तनावपूर्ण राजनीतिक और कूटनीतिक संबंधों की पृष्ठभूमि में हासिल की गई थी।

मैच के दौरान भारत का निचला मध्यक्रम निर्णायक साबित हुआ। सूर्यकुमार यादव, तिलक वर्मा और संजू सैमसन की उत्कृष्ट पारियों ने टीम इंडिया को यादगार जीत दिलाई। भारत ने एशिया कप में यह दूसरी बार टी20 खिताब और कुल मिलाकर नौवीं बार यह प्रतिष्ठित ट्रॉफी अपने नाम की।
“ट्रॉफी विवाद: भारतीय टीम ने मंच पर जाने से किया इंकार”
वहीं, जीत के बाद एक विवादास्पद क्षण भी देखने को मिला। भारतीय टीम ने ट्रॉफी लेने के लिए मंच पर जाने से इनकार कर दिया, क्योंकि ट्रॉफी पीसीबी और एसीसी प्रमुख मोहसिन नकवी से प्राप्त करनी थी। टीम के इस फैसले पर कप्तान सूर्यकुमार यादव ने कहा कि उन्होंने अपने क्रिकेट करियर में पहली बार देखा कि एक चैंपियन टीम को ट्रॉफी से वंचित किया गया।

बीसीसीआई ने भी टीम के इस कदम को सही ठहराया और कहा कि किसी ऐसे व्यक्ति से ट्रॉफी नहीं ली जा सकती जो देश के खिलाफ युद्ध की स्थिति में हो। सचिव देवाजीत सैकिया ने स्पष्ट किया कि इस विवाद को नवंबर में आईसीसी की आगामी बैठक में उठाया जाएगा।

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पाकिस्तान-सऊदी डिफेंस डील पर असर: खाड़ी में तनाव बढ़ा

इजरायल (राष्ट्र की परम्परा)दुनिया की निगाहें फिर से खाड़ी क्षेत्र पर टिक गई हैं, लेकिन इस बार चर्चा का केंद्र बिंदु पाकिस्तान बन गया है। इजरायल और फिलिस्तीन के बीच जारी संघर्ष के बीच, पाकिस्तान का एक जहाज इजरायली ड्रोन हमले का शिकार हुआ है। पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने इस हमले की जानकारी साझा करते हुए इसे गंभीर बताते हुए इजरायल पर गंभीर आरोप लगाए। उनका दावा है कि यमन के रास अल इशा पोर्ट पर खड़े पाकिस्तानी एलपीजी टैंकर को इजरायल ने निशाना बनाया।

इस जहाज पर कुल 27 लोग सवार थे, जिनमें 24 पाकिस्तानी, 2 श्रीलंकाई और 1 नेपाली नागरिक शामिल था। ड्रोन हमले के कारण जहाज में आग लग गई, लेकिन पाकिस्तानी अधिकारियों ने इसे नियंत्रण में कर सुरक्षित बताया। इस हमले ने पाकिस्तान और सऊदी अरब के हाल ही में हुए डिफेंस समझौते पर भी सवाल खड़ा कर दिया है। समझौते के तहत किसी देश पर हमला दूसरे देश पर हमला माना जाएगा, लेकिन इजरायली ड्रोन ने जहाज को ऐसे निशाने पर लिया कि सऊदी अरब के लिए विरोध जताना मुश्किल हो गया।

विशेषज्ञों का मानना है कि इजरायल ने जानबूझकर इस एलपीजी टैंकर को निशाना बनाकर पाकिस्तान की ऊर्जा आपूर्ति और खाड़ी क्षेत्र में रणनीतिक स्थिति पर अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश की है। इस हमले ने खाड़ी में सुरक्षा और राजनीतिक संतुलन को लेकर नई बहस को जन्म दे दिया है।

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नाव चलाने को लेकर प्रधान ने उपजिलाधिकारी को सौपा पत्रक

बरहज/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)
सोमवार को प्रधान संग ग्रामीणों ने नाव चलाने को लेकर उपजिलाधिकारी को पत्रक सौपा।
समस्याओं से जूझ रहे परसिया देवार और विशुनपुर देवार के ग्रामीणों ने सोमवार को नाव चलाने को लेकर विशुनपुर देवार के प्रधान ओमप्रकाश यादव के साथ ग्रामीणों ने उपजिलाधिकारी विपिन कुमार द्विवेदी को पत्रक सौपा। और मांग किया की अगर जल्द से जल्द नाव नहीं चलाई जायगी तो हम सभी ग्रामीण आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे।जबकि उपजिलाधिकारी ने जलस्तर घटने पर नाव चलवाने की बात कही। वही
विशुनपुर देवार प्रधान ओमप्रकाश यादव ने बताया की नाव न चलने से ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड रहा है। उन्होंने बताया की सरकारी नाव न चलने से राज मिस्त्री, दुग्ध व्यवसाई, एवं ग्रामीणों को प्राइवेट नाव से आने के लिए 50रूपये भाड़ा देकर आना पड़ता है। इस दौरान पुरुषोत्तम यादव, रमाशंकर, रामआश्रय सिंह, संतोष कुमार सिंह, सोनू पाल सहित आदि लोग मौजूद रहे।

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लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)उत्तर प्रदेश पुलिस ने बरेली में हालिया हिंसा के दूसरे प्रमुख मास्टरमाइंड नदीम को शाहजहाँपुर जिले से गिरफ्तार कर लिया है। नदीम इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल के प्रमुख और स्थानीय मौलवी तौकीर रज़ा खान का नजदीकी सहयोगी माना जाता है। अधिकारियों के अनुसार, नदीम ने भीड़ जुटाने और विरोध प्रदर्शन आयोजित करने के लिए एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाया था। पुलिस ने उसकी तलाश हिंसा शुरू होने के तुरंत बाद से ही शुरू कर दी थी।

मिली जानकारी के अनुसार, नदीम हिंसा भड़काने की योजना बनाने के बाद उत्तर प्रदेश से भागने की तैयारी कर रहा था, लेकिन पुलिस ने उसे भागने से पहले ही शाहजहाँपुर में पकड़ लिया। नदीम को तौकीर रज़ा का भरोसेमंद सहायक और ‘आई लव मुहम्मद’ अभियान के दौरान हुई हिंसा में शामिल प्रमुख व्यक्ति माना जा रहा है। बरेली में हुई इस हिंसा के सिलसिले में अब तक तौकीर रज़ा समेत कुल 40 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं।

बरेली में शुक्रवार की नमाज के बाद कोतवाली इलाके में मस्जिद के बाहर ‘आई लव मुहम्मद’ के पोस्टर लेकर बड़ी भीड़ और पुलिस के बीच हुई झड़प ने पूरे शहर में तनाव फैला दिया। भीड़ कथित तौर पर रज़ा द्वारा प्रस्तावित प्रदर्शन को रद्द किए जाने से नाराज थी। अधिकारियों ने अब तक हिंसा, तोड़फोड़ और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने के आरोप में 180 नामजद और 2,500 अज्ञात “दंगाइयों” के खिलाफ कई मामले दर्ज किए हैं।

इस गिरफ्तारी के साथ ही पुलिस को हिंसा के पीछे की साजिश और भीड़ के संगठन के अहम सुराग मिलने की उम्मीद है। नदीम के फोन और डिजिटल डेटा की जांच से आगामी जांच में महत्वपूर्ण जानकारी सामने आने की संभावना है।

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नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)लगभग चार दशकों तक पंडित पंत मार्ग में अपने कार्यालय से दिल्ली की राजनीति में सक्रिय रही भारतीय जनता पार्टी अब अपने नए, भव्य कार्यालय भवन के साथ एक नए युग की शुरुआत करने जा रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नवरात्रि की सप्तमी के दिन, दीन दयाल उपाध्याय मार्ग स्थित इस नवनिर्मित दिल्ली भाजपा कार्यालय का उद्घाटन करेंगे। इस ऐतिहासिक अवसर पर पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.पी. नड्डा, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, केंद्रीय मंत्री, सांसद, विधायक, पार्षद और हजारों पार्टी कार्यकर्ताओं की उपस्थिति होने की संभावना है।

दिल्ली भाजपा के नए कार्यालय भवन का निर्माण कार्य जून 2023 में भाजपा अध्यक्ष जे.पी. नड्डा द्वारा भूमि पूजन के साथ शुरू किया गया था। पांच मंजिला इस भवन में पार्टी की सभी गतिविधियों के लिए आधुनिक सुविधाओं का समावेश किया गया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा, “राजनीतिक संगठन के लिए कार्यालय न केवल कामकाज का केंद्र होता है, बल्कि यह कार्यकर्ताओं के आत्मविश्वास और संगठन की शक्ति को भी बढ़ाता है। दिल्ली भाजपा का यह नया कार्यालय भविष्य की नींव रखेगा।’’

भाजपा दिल्ली इकाई के अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने बताया कि पार्टी का पहला कार्यालय अजमेरी गेट पर खोला गया था, जिसे बाद में रकाबगंज रोड और फिर पंडित पंत मार्ग पर स्थानांतरित किया गया। लगभग 35 वर्षों तक पार्टी इसी कार्यालय से संचालित हुई। अब यह यात्रा दीन दयाल उपाध्याय मार्ग पर नए भवन में जारी होगी, जो पार्टी के संघर्षों और उपलब्धियों का प्रतीक है।

उद्घाटन समारोह में नड्डा, केंद्रीय मंत्री और हजारों पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ कई वरिष्ठ भाजपा नेता शामिल होंगे। यह आयोजन न केवल पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए गर्व का क्षण है, बल्कि दिल्ली की राजनीतिक परिदृश्य में भी एक नई ऊर्जा का संचार करेगा।

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बरहज में सरयू नदी में नहाने गए तीन युवक डूबे, परिजनों में पसरा मातम

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)बरहज थाना क्षेत्र के गौरा घाट पर रविवार को एक दर्दनाक हादसा हुआ। स्थानीय युवाओं के अनुसार, तीन लड़के सरयू नदी में नहाने गए और अचानक गहरे पानी में बह गए। सूचना मिलने के बाद मौके पर ग्रामीण और पुलिस प्रशासन पहुंचे, लेकिन तब तक कोहराम मच चुका था। परिजनों की हालत अत्यंत नाजुक है और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। पुलिस और स्थानीय प्रशासन राहत और बचाव कार्य में जुटे हैं।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार विवेक पुत्र बेचन 16 रंजीत पुत्र अक्षय 20 चंद्रशेखर पुत्र कोमल 16 लहछुआ बरहज गौरा घाट पर पानी भरने आए थे इसी बीच डूबने से एक दूसरे के बचाने के प्रयास में यह बच्चे डूबते वही गांगुली नामक बच्चे को स्थानीय लोगों की मदद से बचाया गया है जिसे चिकित्सा होते स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है हादसा अचानक हुआ और स्थानीय प्रशासन ने नदी में सुरक्षा उपायों की कमी को लेकर चेतावनी जारी की है। समाचार लिखे जाने तक डूबे बच्चों की तलाश जारी है घटना के कारणों का पता लगाने के लिए पुलिस जांच में जुटी है।

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ट्रक-ऑटो की आमने-सामने टक्कर में 4 की मौत, 1 घायल

पटना (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)बिहार के रोहतास जिले में सोमवार सुबह तिलौथू-डेहरी राष्ट्रीय राजमार्ग पर एक भीषण सड़क हादसा हुआ, जिसने स्थानीय लोगों को सकते में डाल दिया। मिली जानकारी के अनुसार, पुराने पेट्रोल पंप के पास एक ओवरलोडेड ट्रक और ऑटो की आमने-सामने टक्कर में चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। इस हादसे में एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हुआ है, जिसे तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया।

स्थानीय सूत्रों के अनुसार, दुर्घटना उस समय हुई जब डेहरी की ओर जा रहा ट्रक अपने नियंत्रण खो बैठा और ऑटो से टकरा गया। टक्कर की तेज़ी से ट्रक सड़क किनारे पलट गया और ऑटो पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे में दो पुरुष, एक महिला और एक युवक की मौत हुई, जिनकी पहचान अभी तक नहीं हो पाई है। उनके परिजन सदमे में हैं।

रोहतास पुलिस ने तुरंत घटनास्थल पर पहुंचकर दोनों वाहनों को क्रेन से हटाया और यातायात को बहाल किया। ड्राइवर को हिरासत में लिया गया है और साथ ही वाहनों के फिटनेस प्रमाणपत्रों की जांच भी की जा रही है। पुलिस पूरी गंभीरता से मामले की जांच कर रही है।

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निचलौल थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत सिंहपुर गांव की घटना, पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजा

महराजगंज(राष्ट्र की परम्परा परम्परा)। निचलौल थाना क्षेत्र के सभा सिंहपुर गांव में रविवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब ग्रामीणों ने करीब 10 बजे पोखरे में एक शव उतराता देखा।
नित्यकर्म के लिए निकले ग्रामीणों ने इसकी जानकारी ग्राम प्रधान को दी। सूचना मिलते ही निचलौल पुलिस मौके पर पहुँच गई। थोड़ी ही देर में घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ इकट्ठा हो गई। गांव के स्वामीनाथ ने शव की पहचान अपने 30 वर्षीय पुत्र सूरज के रूप में की। परिजनों ने बताया कि सूरज पिछले तीन दिनों से लापता था और उसकी लगातार तलाश की जा रही थी। शव मिलने के बाद परिवार में कोहराम मच गया।पुलिस और ग्रामीणों की मदद से शव को पोखरे से बाहर निकाला गया। पंचनामा की कार्रवाई पूरी कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
इस सम्बन्ध में निचलौल थानाध्यक्ष अखिलेश वर्मा ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

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“आधुनिक युग में आध्यात्मिक लाभ: कम समय में अधिक पुण्य”

दिव्य मंत्र और संक्षिप्त श्लोक: कुछ ही क्षणों में रामायण, गीता, गरुड़ पुराण, दुर्गा सप्तशती और सुखसागर के पाठ का फल

✍️ लेखक – पंडित सत्य प्रकाश पाण्डेय

सनातन धर्म में वेद, पुराण, उपनिषद, रामायण, महाभारत, गीता, दुर्गा सप्तशती और अन्य ग्रंथों का अपार महत्व है। लेकिन आधुनिक जीवन की व्यस्तताओं के कारण हर व्यक्ति को इनका नियमित पाठ और श्रवण करना संभव नहीं हो पाता। ऐसे में शास्त्रों ने एक अद्भुत समाधान दिया है – यदि कोई व्यक्ति पूरे ग्रंथ का पाठ करने में सक्षम न हो, तो वह संक्षिप्त श्लोक, चौपाई या मंत्र का जप कर उसी पुण्यफल को प्राप्त कर सकता है।
शास्त्रों में संक्षिप्त पाठ का महत्व
पुराणों में वर्णित है कि “भावना प्रधानं हि” – अर्थात ईश्वर की भक्ति भावना और श्रद्धा पर निर्भर है। यदि व्यक्ति पूरे ग्रंथ का पाठ न कर सके, तो संक्षिप्त मंत्र या बीजाक्षर का उच्चारण भी पूर्ण फलदायी होता है।
रामायण – तुलसीदास जी ने लिखा है कि “सिया राम मय सब जग जानी”। केवल “राम” नाम का स्मरण ही संपूर्ण रामायण के पाठ का फल देता है।
श्रीमद्भगवद्गीता – गीता का एक श्लोक “यदा यदा हि धर्मस्य…” या “कर्मण्येवाधिकारस्ते…” का नित्य जप पूरे गीता-पाठ के समान फल देता है।
दुर्गा सप्तशती – “ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे” मंत्र का जप सप्तशती के संपूर्ण पाठ के बराबर फलकारी माना गया है।
गरुड़ पुराण – मृत्यु और मोक्ष से जुड़े इस ग्रंथ के श्रवण का फल “ॐ नमो भगवते वासुदेवाय” मंत्र के जप से प्राप्त किया जा सकता है।
सुखसागर (भागवत पुराण) – केवल “ॐ नमो नारायणाय” या “हरे राम हरे कृष्ण” महा-मंत्र का जप करने से भागवत श्रवण का पुण्य मिलता है।
समयाभाव में संक्षिप्त उपाय
यदि व्यक्ति रोजाना कुछ ही मिनट निकाल सके तो:प्रातः या सायं इन संक्षिप्त मंत्रों का जप करें।श्रद्धा और भक्ति के साथ मन को एकाग्र करें।यदि संभव हो तो दीपक और धूप जलाकर ध्यान करें। दिन का आरंभ और अंत ईश्वर-स्मरण से करने पर ग्रंथ-पाठ का फल प्राप्त होता है।
शास्त्रीय प्रमाण
स्कंदपुराण, पद्मपुराण और नारदपुराण में वर्णित है कि:
“नामस्मरणे नास्ति पातकं पातकं महत्” – अर्थात केवल नाम जप करने से भी महापाप नष्ट हो जाते हैं।
गीता महात्म्य कहता है – “गीता पाठसमं पुण्यं नास्ति क्वचिदपि पृथिव्याम्”, लेकिन यदि कोई गीता पूरी न पढ़ सके, तो उसके एक श्लोक का चिंतन भी उतना ही फलकारी है।
आध्यात्मिक लाभ
मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा की प्राप्ति।
नकारात्मक विचारों का नाश।
गृहस्थ जीवन में सुख-समृद्धि।
पितरों की शांति और मोक्ष की प्राप्ति।
ईश्वर की अनुकंपा और कृपा।
समय की कमी, व्यस्त दिनचर्या या स्वास्थ्य कारणों से यदि कोई बड़ा ग्रंथ न पढ़ सके तो संक्षिप्त मंत्र और श्लोक का जप अवश्य करें। श्रद्धा, भक्ति और नियमितता से किया गया यह छोटा-सा उपाय न केवल पुण्यफल देता है, बल्कि जीवन में सुख, शांति और समृद्धि भी प्रदान करता है।

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पेड़ से लटकता मिला अधेड़ का शव, पुलिस जांच में जुटी

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। सदर कोतवाली थाना क्षेत्र के परसिया भंडारी गांव में सोमवार की सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब एक अधेड़ व्यक्ति का शव लिप्टिस (यूकेलिप्टस) के पेड़ से लटकता हुआ मिला। ग्रामीणों ने इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दी।

जानकारी मिलते ही सदर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक की पहचान अब तक नहीं हो सकी है। पुलिस ग्रामीणों से पूछताछ कर उसकी शिनाख्त और घटना के कारणों की जानकारी जुटाने में लगी हुई है।

गांव के लोगों के अनुसार सुबह खेत की ओर जाने वाले कुछ लोगों ने पेड़ से लटकता शव देखा और शोर मचाया। देखते ही देखते मौके पर भीड़ इकट्ठा हो गई। सूचना पाकर पुलिस भी वहां पहुंची और आवश्यक कार्रवाई शुरू की।

पुलिस का कहना है कि प्रथम दृष्टया यह मामला आत्महत्या का प्रतीत हो रहा है, लेकिन वास्तविक कारण का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चलेगा। साथ ही मृतक की पहचान सुनिश्चित करने के प्रयास किए जा रहे हैं।इस घटना से क्षेत्र में दहशत और चर्चा का माहौल है।

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