जाम पुलिया की सफाई रोकने पर महुआनी चौराहे पर चक्का जाम, सड़क पर उतरे ग्रामीण

अनूप तिवारी की रिपोर्ट

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। चक्रवाती तूफान के प्रभाव से हुई मूसलाधार बारिश ने किसानों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। क्षेत्र के तिवारी टोला, पगारा, बरई टोला, जटमलपुर, रामपुर, बड़हरा और भद्रबरवा सहित कई गांवों में खेतों में भारी जलभराव हो गया है। पानी की निकासी नहीं होने के कारण धान की खड़ी फसल पानी में डूब गई है। इससे किसानों के सामने फसल बर्बाद होने का खतरा मंडराने लगा है। लगातार खेतों में पानी जमा रहने से परेशान ग्रामीणों ने जलनिकासी की व्यवस्था कराने के लिए खुद ही पहल की, लेकिन इस दौरान विवाद की स्थिति उत्पन्न हो गई।ग्रामीणों के अनुसार, महुआनी चौराहे से दक्षिण दिशा में घाटेला गाजी गांव के सामने स्थित जाम पुलिया जलनिकासी में बाधा बनी हुई है।

पुलिया में पानी का बहाव अवरुद्ध होने के कारण आसपास के गांवों के खेतों में बारिश का पानी जमा हो रहा है। इसी समस्या के समाधान के लिए विभिन्न गांवों के लोग जेसीबी मशीन लेकर पुलिया की सफाई कराने पहुंचे थे, ताकि अवरुद्ध जलनिकासी को सुचारु किया जा सके और खेतों में जमा पानी बाहर निकल सके।आरोप है कि इसी दौरान रतनपुरा गांव के पूर्व ग्राम प्रधान ने पुलिया की सफाई कराने से ग्रामीणों को रोक दिया। इस बात से नाराज ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। जलभराव और धान की फसल डूबने से पहले से परेशान ग्रामीणों ने विरोध जताते हुए महुआनी चौराहे पर चक्का जाम कर दिया। ग्रामीणों ने सुबह करीब 8:30 बजे से सड़क पर आवागमन रोककर अपनी नाराजगी जाहिर की।ग्रामीणों का कहना है कि किसानों की मेहनत से तैयार हो रही धान की फसल पानी में डूब रही है। यदि समय रहते जलनिकासी की व्यवस्था नहीं की गई तो किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। ग्रामीणों ने मांग की कि जाम पुलिया की तत्काल सफाई कराई जाए, जिससे खेतों में जमा पानी की निकासी हो सके और किसानों की फसल को बचाया जा सके।चक्का जाम के चलते महुआनी चौराहे पर आवागमन प्रभावित रहा। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर जलनिकासी की समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यह किसी एक गांव की नहीं, बल्कि आसपास के कई गांवों के किसानों और आम लोगों की समस्या है। ऐसे में आपसी विवाद को किनारे रखकर जनहित में पुलिया की सफाई कराना जरूरी है।इस दौरान बबलू यादव, व्यास तिवारी, पूर्व ग्राम प्रधान राम आशीष यादव, लल्लन यादव, सुभाष मिश्रा, रामप्यारे यादव, दिलीप यादव, विपिन तिवारी, जितेंद्र शर्मा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।