क्या लेकर साथ आये थे हम,
क्या लेकर साथ जायेंगे हम,
पैसा पैसा पैसा करते हरदम,
बताओ कितना कमायेंगे हम।
जीवन में बड़ा आदमी बनने की नहीं,
आदमी बनने की फ़िक्र होनी चाहिये,
अपने आप ही हम बड़े आदमी बन
जाएंगे और बड़ा नाम भी कमायेंगे।
पर आदमी बनने के लिये कठिन
परिश्रम, ईमानदारी, विवेक के
साथ सब अवरोधों को दूर कर
लक्ष्य तक पहुँचा जा सकता है।
कोई कितना भी बड़ा बुद्धिमान हो,
उसकी चाहे कितनी भी पहुँच हो,
उसके मन मुताबिक़ अवसर हों,
उसके ये तीन गुण काम आते हैं।
सफलतम व्यक्ति के लिए वस्तुतः
आदित्य कठिन परिश्रम, ईमानदारी
व विवेक शीलता ही सबसे सफल
साधन उसको ऊँचाई पर ले जाते हैं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बोले गांवों में ग्राम प्रहरी की भूमिका सीसीटीवी कैमरे जैसी, सूचना तंत्र…
बीडीओ विनोद कुमार बिंद और प्रभारी निरीक्षक हरिशंकर सिंह ने लिया व्यवस्थाओं का जायजा, समय…
दिग्विजय नाथ पीजी कॉलेज में विशेष व्याख्यान, जोखिम कम करने में जनभागीदारी पर जोर गोरखपुर…
नगरवासियों को भगवान श्रीराम के आदर्शों का मंचन देखने का नहीं मिला अवसर, आयोजन नहीं…
शारदीय नवरात्र: थावे से देवरिया तक मां के दरबार में भक्तों का तांता, जयकारों से…
चाय पर जुटेगा विपक्ष! ‘वोट चोरी’ के खिलाफ आंदोलन तेज करने की तैयारी, INDIA गठबंधन…