सरकारी योजनाओं और हेल्पलाइन नंबरों की दी जानकारी, बाल विवाह के खिलाफ दिलाई शपथ

कुशीनगर (राष्ट्र की परम्परा)। महिला एवं बाल सुरक्षा तथा शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रति लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से शुक्रवार को हब फॉर इम्पावरमेंट ऑफ वूमेन, कुशीनगर के तत्वावधान में कम्पोजिट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय गोड़रिया, दुदही में जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता डिस्ट्रीक्ट मिशन कोआर्डिनेटर नलिन सिंह ने की।कार्यक्रम में डिस्ट्रीक्ट मिशन कोआर्डिनेटर नलिन सिंह ने केंद्र एवं प्रदेश सरकार की ओर से संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों को दी। उन्होंने मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, निराश्रित महिला पेंशन, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, आयुष्मान गोल्डन कार्ड और वृद्धावस्था पेंशन सहित अन्य योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया।उन्होंने महिला एवं बाल सुरक्षा से संबंधित हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी देते हुए बताया कि आवश्यकता पड़ने पर चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, वन स्टॉप सेंटर 181, महिला हेल्पलाइन 1090, आपातकालीन सेवा 112 तथा एंबुलेंस सेवा 108 और 102 का उपयोग किया जा सकता है। उन्होंने छात्र-छात्राओं से किसी भी प्रकार की समस्या होने पर बिना झिझक संबंधित हेल्पलाइन की सहायता लेने की अपील की।जेंडर स्पेशलिस्ट प्रीती सिंह ने बाल विवाह और दहेज प्रथा के दुष्प्रभावों पर चर्चा करते हुए छात्र-छात्राओं को जागरूक किया। उन्होंने कहा कि सामाजिक कुरीतियों को समाप्त करने में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता फैलाकर समाज में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।कार्यक्रम के दौरान विभागीय योजनाओं और हेल्पलाइन नंबरों से संबंधित पंपलेट भी वितरित किए गए। अधिकारियों ने पात्र लोगों से योजनाओं का लाभ लेने तथा पात्र व्यक्तियों को योजनाओं से जोड़ने में सहयोग करने की अपील की।इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाध्यापक शैमुद्दीन अंसारी, सहायक अध्यापक सुनील कुमार मौर्य, अवनीश कुमार, बबलू कुमार, शिक्षामित्र संपोष कुमार कुशवाहा, मीना पाण्डेय सहित शिक्षक-शिक्षिकाएं और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे। कार्यक्रम के समापन पर शिक्षकों एवं छात्र-छात्राओं को बाल विवाह नहीं करने तथा इसके खिलाफ समाज में जागरूकता फैलाने की शपथ दिलाई गई।