देवरिया/राष्ट्र की परम्परा। हिंदी दिवस के अवसर पर युग निर्माण इंटर कॉलेज देवरिया खास देवरिया में 14 सितंबर को बड़े ही उल्लास के साथ मनाया गया, इस अवसर पर बच्चों को संबोधित करते हुए विद्यालय के प्रधानाचार्य कमलेश कुमार सेन ने कहा कि हिंदी दिवस प्रत्येक वर्ष 14 सितंबर को मनाया जाता है, 14 सितंबर 1949 को संविधान सभा ने यह निर्णय लिया की हिंदी केंद्र सरकार की आधिकारिक भाषा होगी,क्योंकि भारत में अधिकतर क्षेत्रों में ज्यादातर हिंदी भाषा बोली जाती थी, इसलिए हिंदी को राज्य भाषा बनाने का निर्णय लिया गया और इसी निर्णय के महत्व को प्रतिपादित करने तथा हिंदी को प्रत्येक क्षेत्र में प्रसारित करने के लिए हिंदी को प्रत्येक क्षेत्र में सन 1953 से पूरे भारत में 14 सितंबर को प्रतिवर्ष हिंदी दिवस मनाया मनाया जाता है। विद्यालय के प्रशासनिक अधिकारी हरिशंकर मणि ने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि वर्ष 1978 में गांधी जी ने हिंदी साहित्य सम्मेलन में हिंदी भाषा को राज्य भाषा बनाने को कहा था,इसे गांधी जी ने इसे जनमानस की भाषा भी कहा था, सन 1949 में आज ही के दिन संविधान सभा में एक मत होकर हिंदी को भारत की राज्य भाषा के तौर पर स्वीकार किया गया था, इस महत्वपूर्ण निर्णय के बाद यात्रा किया गया कि इसे हर क्षेत्र में प्रसारित किया जाए। इसी क्रम में हिंदी के प्रवक्ता अभिषेक श्रीवास्तव ने हिंदी दिवस पर अपना विचार प्रस्तुत किया उन्होंने यह कहा कि जनतांत्रिक आधार पर हिंदी विश्व भाषा है उसके बोलने समझने बोलने की संख्या संसार में तीसरी है। विश्व की 132 देश में जा बसे हैं भारतीय मूल के लगभग 2 करोड लोग हिंदी माध्यम से अपना कार्य करते हैं। इस अवसर पर अध्यापक दूधनाथ मणि, प्रेम कुमार पाण्डे,गगन तिवारी, रूपम मिश्रा,ऋषि गुप्ता,शुभम मिश्रा, तथा बच्चों में गायत्री,मानस आह्वान, खुशी, आलोक, आदित्य , अदिति, मुस्कान आदि बच्चों ने अपने-अपने विचार प्रकट किया।
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