Wednesday, April 29, 2026
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मंहगाई के चलते खेत मजदूर व भूमिहीन मजदूर सबसे ज्यादा परेशान

खोड़ारे/गोंडा(राष्ट्र की परम्परा) देश में मंहगाई के चलते खेत मजदूर व भूमिहीन मजदूर सबसे ज्यादा परेशान हैं। ग्रामीण क्षेत्र व मनरेगा मजदूरों को छ सौ रुपए प्रतिदिन मजदूरी दिया जाय। मनरेगा मजदूरों को साल में दो सौ दिन का काम दिया जाय। ये बात उप्र खेत मजदूर यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष कामरेड सतीश कुमार ने भानपुर गौराचौकी में जिला संयोजन कमेटी को सम्बोधित करते हुए कहा। उन्होंने कहा की सरकार आम जनमानस से जुड़े मुद्दों को दरकिनार कर रही है। सांप्रदायिक ताकतों के माध्यम से सत्ता पाने की फिर से कोशिश तेज हो गई है। वर्षों से काबिज भूमिहीन गरीबों के घरों पर बुलडोजर चलवाने का काम सरकार कर रही है। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा की देश का एक राज्य मणिपुर आज भी अशांत है। वहां की महिलाएं, बेटियां सुरक्षित नहीं है। देश में महिलाओं के साथ अपराध की घटना बढ़ती जा रही है। देश में मंहगाई, बेरोजगारी चरम पर है। बैठक में गौरा, मेहनौन, गोंडा शहर, उतरौला में सदस्यता अभियान चलाकर दो हजार सदस्यता करने का निर्णय लिया गया। बैठक की अध्यक्षता कामरेड अब्दुल गनी व संचालन केपी पांडेय ने किया। बैठक में जिला संयोजक कामरेड मोहर्रम अली, रेहाना, नीलम, मुन्नी देवी, आशीष सिंह, खुर्शीद आलम, लखराजी आदि उपस्थिति रहे।

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