वह चराचर जगत के स्वामी हैं,सारा संसार उन्हीं पर आश्रित है,वह देवों के देव हैं, महानतम हैं,शक्तिशालियों में शक्तिशाली हैं।…
हर इंसान दूसरे इंसान के लिये शायदअच्छा भी और बुरा भी हो सकता है,पर यह निश्चित है कि हर इंसान…
धरती के तीन रत्न ही होते हैं जिन्हेंसभी जल अन्न सुभाषित कहते हैं,प्रस्तर खंडों के टुकड़ों को भी कुछअज्ञानी लालची…
परिणय सूत्र बंधन मांगलिक कार्य है,जिसे सीधी भाषा में विवाह कहते हैं,डीजे पर नाचना गाना, मद्यपान तथाहुल्लड़पन को विवाह नही…
शब्दों की मधुरता जीवन में रिश्तोंको मज़बूती से बाँध कर रखती है,जैसे गीली मिट्टी पेड़ पौधों की जड़ोंको मज़बूती से…
जीवों के प्रति दया व कृतज्ञ भाव,धार्मिक प्रवृत्ति सज्जनता दिखाती है,माया और कृतघ्नता में लिप्त भावनानरक में पहुँचाने का कारण…
समय के संघर्ष से जीत जीवन मेंजो व्यक्ति तक़दीर बदल लेता है,कल क्या होने वाला है उससे बेफ़िक्रक़र्म करे वह…
उधार देने वाले जब उधार दिया हुआवापस माँगते हैं वो भिखारी हो जाते हैं,और वही उधार लेने वाले धन्नासेठ कीतरह…
सुभाषित ही ख़ुशी देते हैं हम सबको,सुभाषित ही घावों का मरहम करते हैं,भाषा ही ग़मों का कारण बनती है,कुभाषित ही…
मनुष्य जीवन लाखों जन्म के भोगोंके बाद ही बड़े भाग्य से मिलता है,यह जीवन जीना आसान नहीं होता है,परिस्थितियों से…