Tuesday, June 16, 2026
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विश्व पर्यावरण दिवस पर सी बी एकेडमी में 51 पौधों का रोपण

बस्ती (राष्ट्र की परम्परा)l बस्ती भानपुर क्षेत्र के अंतर्गत बरगदवा में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर सी.बी. एकेडमी विद्यालय में पर्यावरण संरक्षण एवं हरित वातावरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिवार द्वारा कुल 51 पौधों का रोपण किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों एवं समाज को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना तथा अधिक से अधिक पेड़ लगाने के लिए प्रेरित करना था।
विद्यालय के प्रबंधक अजय चौधरी के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में प्रधानाचार्य सहित समस्त शिक्षक, छात्र-छात्राएं एवं अभिभावकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। वृक्षारोपण के दौरान शिक्षिका सुशीला शर्मा, निरुपमा मिश्रा, अंगीता, शोभा तथा शिक्षक शिवकरन, भुइधर राम, शिवा, अजय यादव सहित विद्यालय के सभी अध्यापक उपस्थित रहे।
प्रबंधक अजय चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि पेड़-पौधे हमारे जीवन का आधार हैं और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने सभी विद्यार्थियों से पौधों की नियमित देखभाल करने तथा पर्यावरण संरक्षण का संदेश समाज तक पहुंचाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने पर्यावरण संरक्षण की शपथ ली और अधिक से अधिक पौधे लगाने का संकल्प लिया। यह आयोजन विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायक एवं पर्यावरण के प्रति जागरूकता बढ़ाने वाला रहा।

विश्व पर्यावरण दिवस पर बीबीएयू में जागरूकता कार्यक्रम, ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत 300 पौधे लगाए गए

लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा)। बाबासाहेब भीमराव अम्बेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में विश्व पर्यावरण दिवस पर पर्यावरण विज्ञान विभाग एवं एनबीआरआई-ईआईएसीपी द्वारा ‘इंस्पायर्ड बाय नेचर: फॉर क्लाइमेट, फॉर आवर फ्यूचर’ विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने की जबकि मुख्य वक्ता के रूप में बॉम्बे नेचुरल हिस्ट्री सोसायटी के पूर्व निदेशक डॉ. असद रहमानी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल ने कहा कि प्रकृति हमारे लिए माता के समान है और इसके संरक्षण की जिम्मेदारी हम सभी की है। उन्होंने युवाओं से पर्यावरण संरक्षण को जीवनशैली का हिस्सा बनाने तथा सतत विकास को बढ़ावा देने का आह्वान किया। उन्होंने शिक्षा, शोध और पर्यावरण उद्यमिता को भविष्य के विकास का आधार बताया।
मुख्य वक्ता डॉ. असद रहमानी ने जैव विविधता और पक्षी संरक्षण पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि रासायनिक उर्वरकों और कीटनाशकों के बढ़ते उपयोग से पक्षियों की अनेक प्रजातियां प्रभावित हो रही हैं। उन्होंने पक्षियों के प्राकृतिक आवासों के संरक्षण और सतत विकास नीतियों को अपनाने पर बल दिया।

पर्यावरण विज्ञान विभागाध्यक्ष प्रो. वेंकटेश दत्ता ने नदी संरक्षण एवं पुनर्जीवन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नदियां केवल जल स्रोत नहीं बल्कि संपूर्ण पारिस्थितिकी तंत्र की आधारशिला हैं। उन्होंने विश्वविद्यालय द्वारा जैव विविधता संरक्षण, वृक्षारोपण और अपशिष्ट प्रबंधन के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी।
सीएसआईआर-एनबीआरआई के वैज्ञानिक डॉ. पंकज कुमार श्रीवास्तव ने सिंगल यूज प्लास्टिक और माइक्रोप्लास्टिक के बढ़ते खतरे पर चर्चा की। उन्होंने प्लास्टिक कचरे के प्रभावी प्रबंधन और पुनर्चक्रण को पर्यावरण संरक्षण के लिए आवश्यक बताया।
एनबीआरआई-ईआईएसीपी की डॉ. अंजू पटेल ने केंद्र की गतिविधियों की जानकारी देते हुए बताया कि संस्था पर्यावरण जागरूकता, हरित कौशल विकास, जैव विविधता संरक्षण और सतत जीवनशैली को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न कार्यक्रम संचालित कर रही है।
इस अवसर पर प्रो. वेंकटेश दत्ता के मार्गदर्शन में तैयार ‘स्मॉलर रिवर रिस्टोरेशन गाइडबुक’ का विमोचन किया गया। प्रतिभागियों को मिशन लाइफ (लाइफस्टाइल फॉर एनवायरमेंट) की शपथ भी दिलाई गई।
विश्वविद्यालय के चिल्ड्रेन पार्क में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रो. जी.सी. यादव, अमोद कुमार सिंह और डॉ. समीर दीक्षित के निर्देशन में लगभग 300 पौधे लगाए गए। कार्यक्रम में शिक्षक, कर्मचारी, शोधार्थी और बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे।

सपा की मासिक बैठक मे आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर विचार विमर्श

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के विकास कार्यों को जन जन तक पहुंचाना होगा -अवधेश चौधरी

बरहज/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)l नगरपालिका स्थित डाक बंगले पर शुक्रवार को समाजवादी पार्टी की मासिक बैठक विधानसभा अध्यक्ष राम बहादुर यादव की अध्यक्षता मे सम्पन्न हुई।
बताते चले कि बरहज विधानसभा क्षेत्र स्थित डाक बंगले पर शुक्रवार को विधानसभा अध्यक्ष राम बहादुर यादव की अध्यक्षता मे सपा की मासिक बैठक आयोजित की गयी।
बैठक मे सपा नेता व कार्यकर्त्ता मौजूद रहे।
बैठक को सम्बोधित करते हुए सपा के जिला उपाध्यक्ष अवधेश चौधरी ने कहा कि विधानसभा का चुनाव को देखते हुए हम सभी नेता व कार्यकर्त्ता समाजवादी पार्टी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के द्वारा प्रदेश कि धरातल पर किये गए विकास कार्यों को जन जन तक पहुंचाने का कार्य करे। उन्होंने आगे कहा कि आज देश व प्रदेश आर्थिक बदहाली के दौर से गुजर रहा है, ऐसे मे हर वर्ग आज परेशान है। चौधरी ने कहा कि अब समय आ गया है कि भाजपा सरकार को सत्ता से उखाड़ फेके, इसके लिए सपा के सिपाहियों को पी डी ऐ और बूथों को मजबूत करना होगा। बैठक मे हम सभी लोगो को यह संकल्प लेना है कि आगामी विधानसभा चुनाव मे समाजवादी पार्टी कि सरकार बनाकर शोषित, पीड़ित, किसान, मजदूर और नौजवानों के जीवन मे खुशहाली लाई जाय, क्योंकि जनता महंगाई एवं बेरोजगारी से त्रस्त है।
इसी क्रम मे लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय सचिव अर्जुन सिंह ने बैठक को सम्बोधित करते कुए कहा कि हम सभी समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओ को पी डी ऐ को मजबूत करते हुए बूथों को शशक्त बनाने का कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार महंगाई को कंटोल करने मे विफल हो गयी वही आमजन मानस लाइनों मे लगकर परेशान हो चुकी है। महंगाई आसमान छू रही है लेकिन भाजपा सरकार सिर्फ सत्ता पाने मे लगी हुयी है, उसे जनता कि समस्याओं से क्या लेना है। बैठक मे जयप्रकाश सिंह, देशराज यादव, संतोष यादव, राजेंद्र यादव, गजानंद विश्वकर्मा मंजनाथ यादव, गोपी यादव,सहित भारी संख्या मे कार्यकर्त्ता मौजूद रहे।

भाजपा जिला कार्यालय पर जनसुनवाई, नेताओं ने अधिकारियों को दिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश

फरियादियों की समस्याएं सुनकर मौके पर कराया समाधान, राजस्व, मारपीट और चोरी के मामलों पर हुई चर्चा

बस्ती (राष्ट्र की परम्परा)। भारतीय जनता पार्टी के जिला कार्यालय पर आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम में आम जनता की समस्याओं को गंभीरता से सुना गया। कार्यक्रम के दौरान प्राप्त शिकायतों पर भाजपा पदाधिकारियों ने संबंधित अधिकारियों से वार्ता कर त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई के निर्देश दिए।

जनसुनवाई में भाजपा जिला उपाध्यक्ष शिवानी सिंह, जिला मंत्री ई. प्रदीप निषाद तथा जिला कोषाध्यक्ष राधेश्याम कमलापुरी प्रमुख रूप से उपस्थित रहे। नेताओं ने एक-एक कर फरियादियों की समस्याएं सुनीं और उनके समाधान का आश्वासन दिया।

राजस्व मामले में त्वरित निस्तारण के निर्देश

ग्राम माझा टिलिवा से आए एक राजस्व संबंधी मामले को सुनते हुए भाजपा जिला मंत्री ई. प्रदीप निषाद ने थाना कलवारी के प्रभारी से बातचीत की। उन्होंने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए निष्पक्ष एवं शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

मारपीट के मामले में सख्त कार्रवाई की मांग

पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र में दो पक्षों के बीच हुई मारपीट की घटना को जिला उपाध्यक्ष शिवानी सिंह ने गंभीरता से लिया। उन्होंने संबंधित पुलिस अधिकारियों को दोषियों के खिलाफ तत्काल और सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

चोरी की घटना पर जताई नाराजगी

पैकोलिया थाना क्षेत्र में हुई चोरी की घटना को लेकर पीड़ित पक्ष की शिकायत सुनने के बाद जिला कोषाध्यक्ष राधेश्याम कमलापुरी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने पुलिस अधिकारियों से मामले का जल्द खुलासा करने और दोषियों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा।

जनसमस्याओं का समाधान सरकार की प्राथमिकता

इस अवसर पर भाजपा नेताओं ने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार की प्राथमिकता जनता की समस्याओं का समयबद्ध और प्रभावी समाधान है। उन्होंने कहा कि किसी भी नागरिक के साथ अन्याय या प्रशासनिक लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

नेताओं ने भरोसा दिलाया कि भाजपा सरकार में जनसुनवाई कार्यक्रमों के माध्यम से आम लोगों की समस्याओं का समाधान कराने का कार्य लगातार जारी रहेगा।

अंतरराष्ट्रीय पहचान से चमकेगा बलिया का सुरहा ताल, जयप्रकाश नारायण पक्षी विहार बना रामसर साइट बलिया(राष्ट्र क़ी परम्परा )

जनपद बलिया के प्रसिद्ध जयप्रकाश नारायण पक्षी विहार (सुरहा ताल) को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़ी उपलब्धि मिली है। इसे विश्व प्रसिद्ध रामसर साइट के रूप में घोषित किया गया है। इस मान्यता के बाद सुरहा ताल को वैश्विक पहचान मिलने के साथ-साथ विदेशी पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनने की उम्मीद है। पर्यटन विशेषज्ञों का मानना है कि इससे क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को नई गति मिलेगी।उत्तर प्रदेश सरकार और उत्तर प्रदेश इको पर्यटन विकास बोर्ड इस आर्द्रभूमि को पर्यटन की दृष्टि से और अधिक विकसित करने में जुटे हैं। सुरहा ताल के निकट स्थित मैरीटार गांव में लगभग 4.99 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक पर्यटक सुविधाओं का निर्माण कराया जा रहा है। परियोजना के अंतर्गत ओपन एयर थिएटर, आकर्षक पाथवे, हॉर्टिकल्चर विकास, साइनेज, चिल्ड्रेन एरिया, मल्टीपर्पज हॉल, घाट सौंदर्यीकरण, बर्ड वाचिंग टावर, कियोस्क, इंटरप्रिटेशन गैलरी तथा बैठने के लिए बेंच जैसी सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। सुरहा ताल अपनी समृद्ध जैव विविधता और प्रवासी पक्षियों के लिए विशेष रूप से जाना जाता है। हर वर्ष सर्दियों के मौसम में देश-विदेश से हजारों प्रवासी पक्षी यहां पहुंचते हैं। इसके अलावा अनेक स्थानीय पक्षियों का भी यह सुरक्षित आवास स्थल है। रामसर साइट का दर्जा मिलने से इस प्राकृतिक धरोहर के संरक्षण और संवर्धन को और मजबूती मिलेगी।पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि प्रदेश में अब 13 रामसर साइट्स हो गई हैं और भारत की 100वीं रामसर साइट बनने का गौरव सुरहा ताल को मिला है। उन्होंने कहा कि इससे न केवल विदेशी और घरेलू पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय लोगों के लिए रोजगार और आय के नए अवसर भी सृजित होंगे। नाव संचालन, गाइड सेवा, हस्तशिल्प और स्थानीय व्यवसायों को इसका सीधा लाभ मिलेगा।गौरतलब है कि रामसर कन्वेंशन आर्द्रभूमियों के संरक्षण और उनके सतत उपयोग के लिए वर्ष 1971 में ईरान के रामसर शहर में शुरू की गई एक अंतरराष्ट्रीय संधि है। इस वर्ष फरवरी से अब तक उत्तर प्रदेश की तीन आर्द्रभूमियों—एटा का पटना पक्षी विहार, अलीगढ़ का शेखा पक्षी विहार और अब बलिया का सुरहा ताल—को रामसर साइट का दर्जा मिल चुका है।सुरहा ताल को मिली यह अंतरराष्ट्रीय मान्यता न केवल बलिया बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश के लिए गौरव का विषय है और आने वाले समय में यह क्षेत्र पर्यटन एवं पर्यावरण संरक्षण का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनकर उभरेगा।

गोरखपुर में दिल दहला देने वाली घटना: पिता ने बच्चों को जहर खिलाया, इलाज के दौरान दोनों की मौत

8 वर्षीय बेटी और 5 वर्षीय बेटे ने बीआरडी मेडिकल कॉलेज में तोड़ा दम, आरोपी पिता पुलिस हिरासत में

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। गीडा थाना क्षेत्र से एक बेहद दर्दनाक और हृदयविदारक मामला सामने आया है। यहां एक पिता पर अपने ही दो मासूम बच्चों को कथित तौर पर जहर खिलाने का आरोप है। इलाज के दौरान दोनों बच्चों की मौत हो गई, जिससे पूरे क्षेत्र में शोक और सनसनी का माहौल है।

पुलिस के अनुसार, 4 जून 2026 की रात करीब 11:45 बजे सूचना प्राप्त हुई कि गीडा थाना क्षेत्र के ग्राम बरवार सेक्टर-5 निवासी सत्यम पुत्र अनील कन्नौजिया ने अपनी 8 वर्षीय बेटी परी और 5 वर्षीय बेटे अक्षत को जहर खिला दिया है।

गंभीर हालत में बच्चों को कराया गया भर्ती

सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और दोनों बच्चों को गंभीर अवस्था में बीआरडी मेडिकल कॉलेज, गोरखपुर में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों की टीम ने दोनों बच्चों को बचाने का प्रयास किया, लेकिन उनकी हालत लगातार बिगड़ती चली गई।

इलाज के दौरान दोनों बच्चों की मौत

शुक्रवार सुबह करीब 5 बजे पुलिस को सूचना मिली कि उपचार के दौरान दोनों बच्चों की मौत हो गई है। मासूम बच्चों की मौत की खबर से परिवार और आसपास के लोगों में शोक की लहर दौड़ गई।

आरोपी पिता हिरासत में

घटना के बाद पुलिस ने आरोपी पिता सत्यम को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में घटना के पीछे के कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है।

जांच में जुटी पुलिस

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है। बच्चों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है और घटना के कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच जारी है।

इस दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है और लोग मासूम बच्चों की असमय मौत पर गहरा दुख व्यक्त कर रहे हैं।

खान सर-रौशन सर विवाद पर पप्पू यादव का बड़ा बयान, बोले- दोनों शिक्षकों को क्रिमिनल की तरह ट्रीट नहीं करना चाहिए

पटना (राष्ट्र की परम्परा)। खान सर और रौशन सर से जुड़े विवाद पर पूर्णिया सांसद पप्पू यादव की प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने दोनों शिक्षकों का सम्मान करते हुए कहा कि प्रतिस्पर्धा होना कोई अपराध नहीं है और उन्हें अपराधियों की तरह पेश नहीं किया जाना चाहिए।

पप्पू यादव ने कहा कि कोचिंग संस्थानों के बीच प्रतिस्पर्धा को विवाद का रूप नहीं दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कुछ लोग अच्छी संस्थाओं और शिक्षकों की छवि खराब करने का प्रयास करते हैं, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।

दोनों शिक्षकों के ज्ञान पर कोई सवाल नहीं

पप्पू यादव ने कहा कि खान सर और रौशन सर दोनों ही अपने-अपने क्षेत्र में सम्मानित शिक्षक हैं। उन्होंने कहा कि एक शिक्षक को वैश्विक स्तर पर पहचान मिली है, जबकि दूसरे ने पिछले कुछ वर्षों में छात्रों के बीच अपनी अलग पहचान बनाई है।

उन्होंने कहा, “दोनों के ज्ञान पर कोई सवाल नहीं है, दोनों की प्रतिस्पर्धा पर कोई सवाल नहीं है। दोनों आदरणीय हैं, लेकिन जिस तरह कुछ लोग इस मामले का मजाक बना रहे हैं, वह उचित नहीं है।”

‘क्रिमिनल की तरह ट्रीट करना गलत’

सांसद ने कहा कि गोली चलाने की घटना में संबंधित गार्ड की भूमिका की जांच होनी चाहिए, लेकिन किसी शिक्षक को अपराधी की तरह पेश करना सही नहीं है। उन्होंने कहा कि रौशन सर को जेल भेजना भी गलत कदम था।

पप्पू यादव ने सवाल उठाते हुए कहा कि शिक्षक और डॉक्टर जैसे पेशों से जुड़े लोगों को बाउंसर रखने की आवश्यकता क्यों पड़ रही है। उन्होंने इसे अहंकार और वर्चस्व की लड़ाई करार दिया।

‘यह अहंकार की लड़ाई है’

उन्होंने कहा कि यह पूरा विवाद “हम बड़े या आप बड़े” की मानसिकता से जुड़ा हुआ प्रतीत होता है। शिक्षा के क्षेत्र में इस तरह की प्रतिस्पर्धा और टकराव से छात्रों का नुकसान होता है।

निजी नर्सिंग होम और कोचिंग संस्थानों पर भी उठाए सवाल

मुजफ्फरपुर के प्रसाद अस्पताल में हुई आग की घटना का उल्लेख करते हुए पप्पू यादव ने बिहार में निजी नर्सिंग होम और कोचिंग संस्थानों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए।

उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में बड़ी संख्या में निजी नर्सिंग होम नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं। उन्होंने बिहार सरकार और स्वास्थ्य विभाग से इस मामले को गंभीरता से लेने की अपील की।

पप्पू यादव ने कहा कि राज्य में बिना पर्याप्त निगरानी के बड़ी संख्या में नर्सिंग होम और कोचिंग सेंटर संचालित हो रहे हैं, जिनकी नियमित जांच और नियमन आवश्यक है।

योग स्वस्थ एवं सम्मानजनक जीवन का आधार, कैंसर रोगियों के लिए अत्यंत उपयोगी: प्रो. पूनम टंडन

डीडीयू गोरखपुर विश्वविद्यालय और हनुमान प्रसाद पोद्दार कैंसर हॉस्पिटल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ विशेष योग प्रशिक्षण कार्यक्रम

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 की थीम “योगा फॉर हेल्दी एजिंग” के अंतर्गत महिला अध्ययन केंद्र, दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय और हनुमान प्रसाद पोद्दार कैंसर हॉस्पिटल, गीता वाटिका के संयुक्त तत्वावधान में “योगा फॉर कैंसर प्रिवेंशन एंड केयर” विषयक विशेष योग जागरूकता एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का उद्देश्य कैंसर रोगियों को योग के माध्यम से शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक रूप से सशक्त बनाना तथा स्वस्थ एवं सक्रिय जीवनशैली के प्रति जागरूक करना था। कार्यक्रम में कैंसर रोगियों, उनके परिजनों, चिकित्सकों, स्वास्थ्यकर्मियों और विश्वविद्यालय परिवार के सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

योग देता है मानसिक मजबूती और सकारात्मक सोच

विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने अपने संदेश में कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी व्यक्ति के शारीरिक, मानसिक और सामाजिक जीवन को प्रभावित करती है। ऐसे समय में योग रोगियों को मानसिक दृढ़ता, सकारात्मक सोच और जीवन के प्रति आशावादी दृष्टिकोण प्रदान करता है।

उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास शरीर की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने, तनाव कम करने और जीवन की गुणवत्ता में सुधार लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। योग स्वस्थ और सम्मानजनक जीवन का मजबूत आधार है।

संतुलित आहार और योग दोनों जरूरी

कार्यक्रम संयोजक प्रो. दिव्या रानी सिंह ने कहा कि स्वस्थ जीवन केवल दवाओं पर निर्भर नहीं करता, बल्कि दैनिक जीवन की आदतें भी स्वास्थ्य निर्धारण में अहम भूमिका निभाती हैं। उन्होंने योग, ध्यान और प्राणायाम के साथ संतुलित एवं पौष्टिक आहार अपनाने पर जोर दिया।

उन्होंने प्रतिभागियों को गुड़, चना, सत्तू, दालें, हरी सब्जियां, नींबू और मौसमी फलों के नियमित सेवन की सलाह दी।

विशेषज्ञों ने कराया योगाभ्यास

योग प्रशिक्षिकाओं नीलम और विन्ध्यवासिनी ने प्रतिभागियों को सूक्ष्म व्यायाम, अनुलोम-विलोम, कपालभाति, भ्रामरी तथा ध्यान का अभ्यास कराया। विशेषज्ञों ने बताया कि नियमित योगाभ्यास शरीर में ऑक्सीजन का संतुलन बनाए रखने, रक्त संचार बेहतर करने और मानसिक तनाव कम करने में सहायक होता है।

कैंसर रोगियों की विशेष आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए उनके लिए उपयुक्त योग क्रियाओं का भी अभ्यास कराया गया।

प्रश्नोत्तर सत्र में मिली स्वास्थ्य संबंधी जानकारी

कार्यक्रम के दौरान संवाद एवं प्रश्नोत्तर सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने स्वास्थ्य, पोषण, योगाभ्यास और दैनिक जीवनशैली से जुड़े सवाल पूछे। विशेषज्ञों ने उनके प्रश्नों का विस्तार से उत्तर देकर मार्गदर्शन किया।

इस अवसर पर हनुमान प्रसाद पोद्दार कैंसर हॉस्पिटल के प्रबंधक अवनीश पांडे, सचिव रासेंदू फोगला, आयुष श्रीवास्तव सहित चिकित्सकों, स्वास्थ्यकर्मियों तथा गृह विज्ञान विभाग की अध्यापिकाओं और शोधार्थियों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया।

कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने योग को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने तथा स्वस्थ, सक्रिय और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया।

‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के तहत कबीर चौरा परिसर में हुआ वटवृक्षारोपण

विश्व पर्यावरण दिवस पर पर्यावरण संरक्षण का दिया गया संदेश, आमी नदी किनारे 50 वटवृक्ष लगाने का संकल्प

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत कबीर चौरा परिसर स्थित धोबी घाट तट पर वटवृक्ष का पौधारोपण किया गया। कार्यक्रम में सामाजिक संस्था एकलव्य एजुकेशनल एंड चैरिटेबल ट्रस्ट के अध्यक्ष एवं मनोनीत सभासद गौरव निषाद ने अपने सहयोगियों के साथ पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य का संदेश दिया।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने पौधारोपण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए अधिक से अधिक वृक्ष लगाने और उनकी देखभाल करने का संकल्प लिया।

पर्यावरण संतुलन के लिए पौधारोपण जरूरी

वक्ताओं ने कहा कि पर्यावरण संतुलन बनाए रखने और प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए वृक्षारोपण बेहद आवश्यक है। वटवृक्ष न केवल वातावरण को शुद्ध करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, बल्कि यह आने वाली पीढ़ियों के लिए भी अमूल्य धरोहर साबित होता है।

उन्होंने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों से निपटने के लिए समाज के प्रत्येक व्यक्ति को पौधारोपण अभियान से जुड़ना चाहिए।

आमी नदी किनारे लगाए जाएंगे 50 वटवृक्ष

अभियान के तहत आमी नदी के आसपास कम से कम 50 वटवृक्ष लगाने का संकल्प लिया गया। आयोजकों ने बताया कि यह पहल क्षेत्र में हरित आवरण बढ़ाने और पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन का स्वरूप देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

कई गणमान्य लोग रहे मौजूद

पौधारोपण कार्यक्रम में भाजपा के जिलाउपाध्यक्ष ज्ञानेंद्र मिश्र, मंडल मंत्री रवि कन्नौजिया, आनंद, अमरजीत वर्मा, अमन कन्नौजिया, कृतेश पासवान और मनीष कन्नौजिया सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण का संकल्प लिया।

विश्व पर्यावरण दिवस पर महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय में हुआ पौधारोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

एनएसएस और एनसीसी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हुआ कार्यक्रम, छात्रों ने लिया पौधों की देखभाल का संकल्प

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। विश्व पर्यावरण दिवस और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री एवं कुलाधिपति योगी आदित्यनाथ के जन्मदिवस के अवसर पर महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय, गोरखपुर में पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) और राष्ट्रीय कैडेट कोर (एनसीसी) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना और प्रकृति संरक्षण का संदेश देना था।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. सुरिंदर सिंह रहे। इस अवसर पर कुलसचिव डॉ. प्रदीप कुमार राव, उप कुलसचिव (प्रशासन) श्रीकांत, मेडिकल कॉलेज की प्राचार्या डॉ. वर्षा मोकाशी, छात्रावास प्रभारी सिंह पाल सिंह, एनएसएस कार्यक्रम समन्वयक डॉ. धनंजय पांडेय तथा एनसीसी अधिकारी लेफ्टिनेंट डॉ. संदीप कुमार श्रीवास्तव सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

आंवला का पौधा लगाकर दिया हरियाली का संदेश

अतिथियों ने विश्वविद्यालय परिसर स्थित महंत गोपालनाथ पुरुष छात्रावास के सामने आंवला का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास का संदेश दिया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों और स्वयंसेवकों को वृक्षारोपण के महत्व तथा पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने के लिए जागरूक किया गया।

पर्यावरण संरक्षण सभी की जिम्मेदारी: कुलपति

कुलपति डॉ. सुरिंदर सिंह ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिन का अभियान नहीं है, बल्कि यह प्रत्येक व्यक्ति का सतत दायित्व है। उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ, स्वस्थ और सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करने का प्रभावी माध्यम है।

एक पौधा भविष्य की सुरक्षा का आधार

कुलसचिव डॉ. प्रदीप कुमार राव ने कहा कि एक पौधा भविष्य की पीढ़ियों के लिए जीवन, स्वास्थ्य और समृद्धि का आधार बन सकता है। उन्होंने सभी नागरिकों से कम से कम एक पौधा लगाने और उसके संरक्षण का संकल्प लेने की अपील की।

छात्रों ने लिया संरक्षण का संकल्प

कार्यक्रम के दौरान एनएसएस स्वयंसेवकों और एनसीसी कैडेटों को पौधों के संरक्षण, जल संरक्षण और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। सभी प्रतिभागियों ने लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण का संकल्प लिया।

इस अवसर पर डॉ. अमित उपाध्याय, डॉ. नीतिश कुमार, डॉ. वैशाख आर, अनिल कुमार, सुमन यादव तथा डॉ. रश्मि झा सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी और छात्र बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत हुआ पौधरोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

विश्व पर्यावरण दिवस पर शमशान घाट परिसर में लगाए गए पीपल और आम के पौधे

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर विकासखंड घुघली की ग्राम पंचायत पकड़ी बिशनपुर में ‘एक पेड़ मां के नाम–एक कदम हरित भविष्य के नाम’ अभियान के तहत पौधरोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। ग्राम पंचायत के नवनिर्मित शमशान घाट परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में पीपल और आम के पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम का आयोजन ग्राम प्रधान/प्रशासक मु. हुसैन एवं ग्राम पंचायत अधिकारी रंगपाल चौधरी के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। इस दौरान ग्रामीणों, पंचायत कर्मचारियों और गणमान्य नागरिकों ने पौधों के संरक्षण एवं संवर्धन का संकल्प लिया।

पर्यावरण संरक्षण के प्रति किया जागरूक

कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि पौधरोपण केवल एक औपचारिकता नहीं, बल्कि प्रकृति और आने वाली पीढ़ियों के प्रति हमारी जिम्मेदारी है। यदि प्रत्येक व्यक्ति एक पौधा लगाकर उसकी नियमित देखभाल करे तो पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण का निर्माण किया जा सकता है।

मां और वृक्ष दोनों जीवन के आधार

ग्राम प्रधान/प्रशासक मु. हुसैन ने कहा कि मां जीवन का आधार होती हैं और वृक्ष भी मानव जीवन के लिए उतने ही महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान लोगों को पर्यावरण संरक्षण से भावनात्मक रूप से जोड़ने का सशक्त माध्यम है।

उन्होंने कहा कि बढ़ता प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन और घटते हरित क्षेत्र आज गंभीर चुनौती बन चुके हैं। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को अपनी मां के सम्मान में एक पौधा लगाकर उसके संरक्षण का संकल्प लेना चाहिए।

पौधों की देखभाल भी जरूरी

ग्राम पंचायत अधिकारी रंगपाल चौधरी ने कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस हमें प्रकृति के प्रति अपने दायित्वों का स्मरण कराता है। उन्होंने कहा कि केवल पौधे लगाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें वृक्ष बनने तक सुरक्षित रखना भी उतना ही आवश्यक है।

उन्होंने ग्रामीणों से अपने घरों, विद्यालयों और सार्वजनिक स्थलों पर अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने की अपील की।

संरक्षण की भी होगी विशेष व्यवस्था

पौधरोपण के बाद लगाए गए पौधों की सुरक्षा और नियमित देखभाल के लिए विशेष व्यवस्था किए जाने की जानकारी भी दी गई। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और हरित विकास के लिए निरंतर कार्य करने का संकल्प लिया।

इस अवसर पर ग्राम रोजगार सेवक संगीता पाण्डेय, कंसल्टिंग अभियंता जनेश्वर वर्मा, पंकज राय, रमेश प्रसाद, संतोष कुमार सहित ग्राम पंचायत के अनेक गणमान्य नागरिक एवं ग्रामीण मौजूद रहे।

सपा बैठक में भाजपा सरकार पर जमकर बरसे विधायक जियाउद्दीन रिजवी, संगठन मजबूती पर दिया जोर

बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। समाजवादी पार्टी सिकंदरपुर की मासिक बैठक शुक्रवार को पार्टी कार्यालय में आयोजित की गई। बैठक में संगठन को मजबूत बनाने, जनसंपर्क अभियान तेज करने और प्रदेश की राजनीतिक एवं सामाजिक परिस्थितियों पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक में कार्यकर्ताओं से गांव-गांव जाकर समाजवादी पार्टी की नीतियों और जनहित के मुद्दों को आम जनता तक पहुंचाने का आह्वान किया गया।

भाजपा सरकार पर साधा निशाना

बैठक को संबोधित करते हुए सिकंदरपुर के विधायक मोहम्मद जियाउद्दीन रिजवी ने भाजपा सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं और कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।

विधायक ने कहा कि हत्या, बलात्कार और भ्रष्टाचार जैसी घटनाओं में वृद्धि हुई है तथा सरकार इन पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने में विफल रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि दलितों, पिछड़ों और अल्पसंख्यकों के अधिकारों की अनदेखी की जा रही है।

महंगाई और बेरोजगारी का उठाया मुद्दा

जियाउद्दीन रिजवी ने बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी तथा पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस की बढ़ती कीमतों को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि आम जनता आर्थिक परेशानियों का सामना कर रही है और देश की अर्थव्यवस्था कई चुनौतियों से गुजर रही है।

भाजपा छोड़ सपा में शामिल हुए हरिहर राजभर

बैठक के दौरान हरिहर राजभर ने भारतीय जनता पार्टी छोड़कर समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भाजपा में पिछड़े वर्गों की उपेक्षा की जा रही है, जिसके चलते उन्होंने सपा का दामन थामा है।

कई नेताओं ने रखे विचार

बैठक को भीष्म यादव, अनंत मिश्रा, नंदू चौहान, प्रेमशंकर राय और अवधेश राजभर सहित कई नेताओं ने संबोधित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता रामजी यादव ने की, जबकि संचालन बीर बहादुर वर्मा ने किया।

बैठक में पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने संगठन विस्तार तथा आगामी राजनीतिक रणनीतियों पर भी चर्चा की।

Aaj Ka Mausam: 19 राज्यों में आंधी-बारिश का अलर्ट, 80 KM/H की रफ्तार से चलेंगी तेज हवाएं; IMD ने जारी की नई चेतावनी

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। दक्षिण-पश्चिम मानसून के केरल पहुंचने के साथ ही देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदल गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शुक्रवार को देश के 19 राज्यों में आंधी, बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार कई क्षेत्रों में 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

दिल्ली-एनसीआर में दो चरणों में बदलेगा मौसम

आईएमडी के अनुसार दिल्ली-एनसीआर में शुक्रवार को मौसम दो चरणों में करवट ले सकता है। सुबह से दोपहर के बीच हल्की बारिश, गरज-चमक और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। वहीं शाम और रात के दौरान भी हल्की बारिश के साथ बादल गरज सकते हैं।

केरल, कर्नाटक और पूर्वोत्तर में भारी बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग ने बताया कि मानसून के सक्रिय होने के कारण केरल, कर्नाटक और पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में अगले 5 से 7 दिनों तक भारी बारिश हो सकती है। विशेष रूप से उत्तरी आंतरिक कर्नाटक में अत्यधिक भारी वर्षा की संभावना जताई गई है।

इसके अलावा असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में भी गरज-चमक के साथ बारिश और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है।

उत्तर भारत के कई राज्यों में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट

आईएमडी के मुताबिक जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के कुछ इलाकों में ओलावृष्टि हो सकती है। वहीं पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और बिहार में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाएं चलने की संभावना है।

कुछ राज्यों में गर्मी और उमस बरकरार

मौसम विभाग ने कहा है कि मानसून की एंट्री के बावजूद ओडिशा, तटीय आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और पूर्वोत्तर भारत के कुछ हिस्सों में गर्म और उमस भरा मौसम बना रह सकता है।

वहीं बिहार में 6 जून से एक बार फिर लू जैसी स्थिति बनने की संभावना जताई गई है, जिससे तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है।

लोगों को सतर्क रहने की सलाह

मौसम विभाग ने खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों और कमजोर संरचनाओं के पास खड़े होने से बचने की सलाह दी है। किसानों और आम नागरिकों को स्थानीय प्रशासन एवं मौसम विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।

Gorakhpur Accident: निर्माणाधीन डिवाइडर पर सो रहे मजदूर पर डंपर ने पलटी मिट्टी, दबकर दर्दनाक मौत

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले में सड़क निर्माण कार्य के दौरान बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। निर्माणाधीन फोरलेन सड़क के डिवाइडर पर सो रहे एक मजदूर की मिट्टी के नीचे दबकर मौत हो गई। हादसे के बाद क्षेत्र में हड़कंप मच गया और परिजनों में कोहराम मच गया।

घटना गुलरिहा थाना क्षेत्र के भटहट कस्बे की है, जहां निर्माणाधीन फोरलेन सड़क पर डिवाइडर निर्माण का कार्य चल रहा था। गुरुवार सुबह जब मजदूर डिवाइडर पर डाली गई मिट्टी को समतल कर रहे थे, तभी मिट्टी के ढेर से एक व्यक्ति का पैर बाहर दिखाई दिया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मिट्टी हटवाकर शव को बाहर निकाला।

डिवाइडर पर सो गया था मजदूर

प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि मृतक मजदूर रात में निर्माणाधीन डिवाइडर के बीच सो गया था। देर रात डंपर से मिट्टी डाले जाने के दौरान वह मिट्टी के नीचे दब गया, जिससे उसकी मौत हो गई।

मृतक की पहचान 32 वर्षीय मिंटू पुत्र जनार्दन निवासी देवरिया के रूप में हुई है। वह मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करता था और पिछले कई वर्षों से अपनी पत्नी और बच्चों के साथ गुलरिहा क्षेत्र के तरकुलहा में रह रहा था।

शव के पास मिला सामान

पुलिस को शव के पास एक झोला भी मिला, जिसमें रोटी-सब्जी, हरी मिर्च, देसी शराब का पाउच, चिलम, मोबाइल चार्जर और एक शाल रखी हुई थी। इससे अनुमान लगाया जा रहा है कि मिंटू रात में वहीं ठहरा हुआ था।

मृतक की पत्नी नीता देवी ने बताया कि मिंटू करीब 10 दिन पहले सड़क निर्माण कार्य में मजदूरी करने गया था और उसके बाद घर नहीं लौटा था।

पुलिस ने शुरू की जांच

गोरखपुर के एसपी सिटी ने बताया कि सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की। जांच में सामने आया कि मृतक निर्माणाधीन डिवाइडर पर सो रहा था और मिट्टी डालने के दौरान दबने से उसकी मौत हो गई।

पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और परिजनों की तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।

ठेकेदार और कार्यदायी संस्था पर उठे सवाल

हादसे के बाद सड़क निर्माण कार्य की सुरक्षा व्यवस्था और ठेकेदार की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण स्थल पर पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं थे, जिसके चलते यह दर्दनाक हादसा हुआ।

प्रशासन अब पूरे मामले की जांच कर रहा है और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही जा रही है।

Noida Fire News: सेक्टर-75 की Ivy County सोसाइटी में भीषण आग, 12वीं मंजिल का फ्लैट जलकर खाक

नोएडा (राष्ट्र की परम्परा)। दिल्ली में हालिया आग की घटनाओं के बाद अब नोएडा से भी एक बड़ी आग की खबर सामने आई है। शुक्रवार सुबह सेक्टर-75 स्थित Ivy County सोसाइटी के एक अपार्टमेंट में भीषण आग लग गई। आग 12वीं मंजिल पर स्थित एक फ्लैट में लगी, जिसने देखते ही देखते विकराल रूप धारण कर लिया।

आग इतनी भयावह थी कि दूर-दूर तक काले धुएं का गुबार दिखाई देने लगा। घटना के बाद सोसाइटी में अफरा-तफरी मच गई और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।

राहत और बचाव कार्य जारी

सूचना मिलते ही दमकल विभाग की कई गाड़ियां मौके पर पहुंच गईं और आग बुझाने का अभियान शुरू किया गया। फायर विभाग की टीम आग को आसपास के फ्लैटों तक फैलने से रोकने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।

एहतियात के तौर पर आग प्रभावित फ्लैट के आसपास के अपार्टमेंट खाली कराए जा रहे हैं। अधिकारियों को आशंका है कि आग पड़ोसी फ्लैटों तक भी फैल सकती है।

आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं

फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि घटना के समय फ्लैट में कितने लोग मौजूद थे और सभी सुरक्षित बाहर निकल पाए या नहीं।

पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीमें संयुक्त रूप से स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। अभी तक किसी जनहानि की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

सेक्टर-52 में भी आग की घटना

इसी बीच नोएडा के सेक्टर-52 स्थित शताब्दी विहार क्षेत्र से भी आग लगने की सूचना मिली है। थाना सेक्टर-24 क्षेत्र के अंतर्गत एक बंद कार्यालय में आग भड़क गई। राहगीरों ने धुआं उठता देख तत्काल फायर ब्रिगेड को सूचना दी।

दमकल कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया। राहत की बात यह रही कि इस घटना में भी किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

जांच के बाद सामने आएगी वजह

प्रशासन का कहना है कि आग पर पूरी तरह नियंत्रण मिलने के बाद विशेषज्ञ टीम द्वारा जांच की जाएगी। इसके बाद ही आग लगने के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।