Saturday, May 2, 2026
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महराजगंज: 8 महीने से मानदेय नहीं! 35 हजार वेतन की मांग पर भड़के ग्राम रोजगार सेवक, बड़े आंदोलन की चेतावनी

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद महराजगंज में ग्राम रोजगार सेवकों का आक्रोश अब खुलकर सामने आने लगा है। विकासखंड घुघली, परतावल और पनियरा के ग्राम रोजगार सेवकों ने Uttar Pradesh Gram Rozgar Sevak Sangh के बैनर तले अपनी लंबित मांगों को लेकर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन भेजा है।

यह ज्ञापन प्रांतीय उपाध्यक्ष/जिला अध्यक्ष Brahmanand के नेतृत्व में पनियरा विधायक Gyanendra Singh के माध्यम से प्रेषित किया गया।

8 माह से नहीं मिला मानदेय

ग्राम रोजगार सेवकों का कहना है कि अगस्त 2025 से अब तक करीब 8 माह का मानदेय बकाया है। लगातार कार्य करने के बावजूद भुगतान न होने से उनकी आर्थिक स्थिति गंभीर हो गई है। कई कर्मचारियों को परिवार चलाने के लिए कर्ज लेना पड़ रहा है, जिससे मानसिक तनाव भी बढ़ता जा रहा है।

₹35,000 वेतन की उठी मांग

संघ ने वर्तमान ₹7,788 प्रतिमाह मानदेय को बेहद कम बताते हुए इसे बढ़ाकर कम से कम ₹35,000 करने की मांग की है। उनका कहना है कि बढ़ती महंगाई में इतने कम मानदेय पर परिवार का भरण-पोषण संभव नहीं है।

योजनाओं पर पड़ सकता है असर

ग्राम रोजगार सेवकों ने बताया कि वे मनरेगा सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में अहम भूमिका निभाते हैं। जॉब कार्ड सत्यापन, मजदूरों की उपस्थिति, भुगतान प्रक्रिया और विकास कार्यों की निगरानी जैसे कार्य उन्हीं के माध्यम से होते हैं।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो ग्रामीण विकास योजनाओं पर भी असर पड़ सकता है।

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नियमितीकरण और स्थायी बजट की मांग

संघ ने मांग की है कि

• मानदेय भुगतान के लिए स्थायी बजट की व्यवस्था की जाए
• रोजगार सेवकों का नियमितीकरण किया जाए
• स्थायी सेवा नियमावली लागू की जाए

साथ ही वर्ष 2021 में सरकार द्वारा किए गए वादों को लागू करने की मांग भी दोहराई गई।

आंदोलन की चेतावनी

संघ पदाधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो वे धरना-प्रदर्शन, कार्य बहिष्कार और बड़े स्तर पर आंदोलन करने को बाध्य होंगे।
इस दौरान इंद्रमणि विश्वकर्मा, अमित कुमार पटेल, बंधु मद्धेशिया, राजेश जायसवाल, राहुल कुमार गुप्ता सहित बड़ी संख्या में ग्राम रोजगार सेवक मौजूद रहे।

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शांति समिति की बैठक संपन्न, रामनवमी और ईद पर सौहार्द बनाए रखने की अपील

देवरिया/भाटपाररानी (राष्ट्र की परम्परा)भाटपाररानी में आगामी रामनवमी और ईद त्योहारों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण ढंग से मनाने को लेकर स्थानीय थाने परिसर में शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रशासन, व्यापार मंडल और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

बैठक में उपस्थित सभी लोगों ने आपसी भाईचारे और सद्भाव के साथ त्योहार मनाने पर सहमति जताई। अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि किसी भी प्रकार की अफवाहों से बचें और प्रशासन का सहयोग करें।
इस दौरान व्यापार मंडल के जिला उपाध्यक्ष जितेंद्र जायसवाल, जिला संगठन मंत्री देवेश कुमार गुप्ता, डॉ. जे. अली, सभासद सलीम अली, गायत्री परिवार से राजू जी, विवेक बरनवाल, शिवजी सिंह, मुन्ना राय, प्रिंस मिश्रा, बाबूलाल सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
सभी वक्ताओं ने कहा कि भाटपाररानी की पहचान हमेशा से आपसी सौहार्द और भाईचारे की रही है, जिसे हर हाल में बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है।

नाबालिग से अश्लील हरकत करने वाले आरोपी को 4 साल की सजा, कोर्ट का सख्त संदेश

सरायकेला (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)झारखंड के सरायकेला जिले में नाबालिग से छेड़छाड़ के गंभीर मामले में अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए आरोपी को दोषी करार दिया है। इस चर्चित सरायकेला छेड़छाड़ केस में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामाशंकर सिंह की अदालत ने आरोपी हिमांशु पांडे को 4 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है।
कोर्ट ने न सिर्फ जेल की सजा सुनाई बल्कि आरोपी पर आर्थिक दंड भी लगाया है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि ऐसे अपराधों के प्रति न्यायपालिका का रुख बेहद सख्त है।
पॉक्सो एक्ट के तहत सजा
इस मामले की सुनवाई पॉक्सो एक्ट सजा के तहत की गई। अदालत ने आरोपी को नाबालिग के साथ अश्लील छेड़छाड़ का दोषी मानते हुए,4 साल सश्रम कारावास ,₹2000 जुर्माना,जुर्माना न देने पर 2 महीने अतिरिक्त सजा,यह फैसला नाबालिगों के खिलाफ अपराधों को रोकने के लिए एक कड़ा संदेश माना जा रहा है।
IPC की धाराओं में भी सजा
अदालत ने केवल पॉक्सो एक्ट ही नहीं, बल्कि भारतीय दंड संहिता (IPC) की विभिन्न धाराओं के तहत भी आरोपी को दोषी पाया,धारा 354 (छेड़छाड़): 2 साल सश्रम कारावास + ₹1000 जुर्माना,धारा 504 (गाली-गलौज): 1 साल सश्रम कारावास + ₹500 जुर्माना,,धारा 506 ,(धमकी): 2 साल सश्रम कारावास + ₹1000 जुर्माना हर धारा में जुर्माना न देने पर अतिरिक्त कारावास का प्रावधान भी रखा गया है।
महत्वपूर्ण बात यह है कि सभी सजाएं एक साथ चलेंगी, जिससे कुल सजा की अवधि प्रभावी रूप से 4 साल ही रहेगी।
क्या है पूरा मामला
यह आदित्यपुर थाना क्षेत्र का मामला है, जहां 16 मई 2022 को पीड़िता के पिता ने लिखित शिकायत दर्ज कराई थी।
शिकायत के अनुसार:14 मई की शाम पीड़िता घर के लिए सामान लेने दुकान जा रही थी,
वह लिफ्ट का इंतजार कर रही थी,तभी आरोपी हिमांशु पांडे लिफ्ट से बाहर निकला, उसने नाबालिग को अकेला पाकर अश्लील हरकत शुरू कर दी,यह घटना सरायकेला छेड़छाड़ केस का मुख्य आधार बनी।
विरोध करने पर दी धमकी
जब पीड़िता ने आरोपी का विरोध किया, तो आरोपी ने,गाली-गलौज की जान से मारने की धमकी दी,किसी को बताने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी, डरी हुई पीड़िता तुरंत घर पहुंची और अपनी मां को पूरी घटना बताई।
परिवार को भी धमकाया
पीड़िता के पिता जब आरोपी के परिजनों से बात करने पहुंचे, तो आरोपी ने उन्हें भी गालियां दीं।जान से मारने की धमकी दी इसके बाद परिवार ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर मामला आगे बढ़ा और जांच के बाद कोर्ट में सुनवाई हुई।
अदालत का संदेश
इस पॉक्सो एक्ट सजा के फैसले के जरिए अदालत ने स्पष्ट संदेश दिया है कि,नाबालिगों के खिलाफ अपराध बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे।दोषियों को कठोर सजा मिलेगी,कानून पीड़ितों के साथ खड़ा है।यह फैसला समाज में बढ़ते अपराधों के खिलाफ एक मजबूत उदाहरण माना जा रहा है।
समाज के लिए सबक
सरायकेला छेड़छाड़ केस केवल एक मामला नहीं, बल्कि समाज के लिए चेतावनी भी है।
बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए,परिवारों को जागरूक रहना जरूरी है
ऐसे मामलों में तुरंत शिकायत करना जरूरी है।पुलिस और न्यायिक प्रक्रिया की भूमिका
इस मामले में,पुलिस ने शिकायत के आधार पर कार्रवाई की,साक्ष्यों के आधार पर केस मजबूत बनाया गया।अदालत ने समयबद्ध सुनवाई कर फैसला सुनाया।यह दर्शाता है कि सही प्रक्रिया अपनाने पर न्याय मिलना संभव है।
सरायकेला में नाबालिग से छेड़छाड़ का यह मामला अब न्यायिक निष्कर्ष तक पहुंच चुका है। अदालत द्वारा सुनाई गई पॉक्सो एक्ट सजा न केवल पीड़िता के लिए न्याय है, बल्कि समाज में अपराधियों के लिए चेतावनी भी है।
इस तरह के मामलों में त्वरित कार्रवाई और सख्त सजा ही अपराध पर नियंत्रण का सबसे प्रभावी तरीका है।

🟧 विडंबना नहीं तो और क्या

परिचय

अपने ही देश में बेघर दर्द झेलना और शरणार्थी जैसा जीवन जीना आज की सबसे बड़ी विडंबना बनता जा रहा है। प्रस्तुत विडंबना कविता समाज के उस सच को सामने लाती है, जहां अन्याय और भय आम आदमी की ज़िंदगी को प्रभावित कर रहे हैं।


✍️ अपनी बात कहना कोई गुनाह नहीं,
मैं भी यह “गुनाह” करता हूँ।
जब अन्याय की आँधी उठती है,
मैं बहती हवाओं को शब्द देता हूँ।
मैं उन तूफानों का सच लिखता हूँ,
जो अन्याय की कहानी कहते हैं,
जब बेबस लोगों के आशियाने उजड़ते हैं,
और उन्हें अपने ही घर से बेघर करते हैं।
मैं भी उन्हीं में से एक हूँ,
जो बेघर होने का दर्द समझता है,
इसी डर और सच्चाई के बीच,
हर पीड़ा को शब्दों में बुनता है।
विडंबना नहीं तो और क्या है—
कि अपने ही देश में हम,
शरणार्थी सा जीवन जीते हैं,
और जरूरत में अपनों का मुंह ताकते हैं।
अन्याय की उस बेकाबू आँधी ने,
सैनिकों तक को नहीं बख्शा,
जिस त्रासदी से जूझ रहा हूँ मैं,
उस हर षड्यंत्र को लिखा।
यह पीड़ा, यह त्रासदी,
हमें भीतर तक जकड़ चुकी है,
जो बचे हैं, वे भी आज
त्राहि माम, पाहि माम पुकारते हैं।
इतनी कठोरता इस धरा पर,
मानवता को शर्मिंदा करती है,
और इंसानियत का हर सवाल,
हमसे जवाब मांगता है।
शहीदों की चिताओं पर
राजनीति का लेप न लगाओ,
अगर दिल में इंसानियत है,
तो उसे कर्मों में दिखलाओ।
✍️ डा० कर्नल आदिशंकर मिश्र ‘आदित्य’

अवैध अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर सख्ती: 15 दिन में पहचान, दोषियों पर होगी कड़ी कार्रवाई


बलिया में प्रशासन सख्त: स्वास्थ्य और विकास कार्यों की गहन समीक्षा


बलिया (राष्ट्र की परम्परा)जिले में अवैध अल्ट्रासाउंड सेंटर और प्राइवेट अस्पतालों में अनियमितताओं को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। विकास भवन सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में कमिश्नर विवेक ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले में संचालित सभी अवैध अल्ट्रासाउंड केंद्रों को 15 दिनों के भीतर चिन्हित कर उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
यह बैठक विकास कार्यों और निर्माणाधीन परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा के लिए आयोजित की गई थी, जिसमें स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, बिजली और राजस्व जैसे महत्वपूर्ण विभागों की स्थिति पर विस्तार से चर्चा हुई।
15 दिन का अल्टीमेटम: अवैध अल्ट्रासाउंड पर विशेष अभियान
कमिश्नर ने मुख्य चिकित्साधिकारी (CMO) को निर्देश दिया कि जिले में चल रहे सभी संदिग्ध और अवैध अल्ट्रासाउंड केंद्रों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाए।
उन्होंने कहा कि 15 दिनों के भीतर सभी केंद्रों का सर्वे किया जाए
नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर तुरंत कार्रवाई हो
लाइसेंस और पंजीकरण की जांच अनिवार्य रूप से की जाए
यह निर्णय स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और भ्रूण लिंग जांच जैसे अपराधों पर रोक लगाने के उद्देश्य से लिया गया है।
प्राइवेट अस्पतालों की जांच: योग्य डॉक्टरों की होगी पुष्टि
बैठक में प्राइवेट अस्पताल जांच को भी प्राथमिकता दी गई। कमिश्नर ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी निजी अस्पतालों का निरीक्षण किया जाए।
वहां कार्यरत डॉक्टरों की योग्यता और पंजीकरण की जांच हो।
यदि किसी अस्पताल में फर्जी या अयोग्य व्यक्ति इलाज करते पाया गया, तो सख्त कार्रवाई की जाए।
इस कदम का उद्देश्य मरीजों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार लाना है।
शिक्षा व्यवस्था पर भी फोकस: गुणवत्ता और निगरानी जरूरी।
स्वास्थ्य के साथ-साथ शिक्षा क्षेत्र में भी सुधार के निर्देश दिए गए। बेसिक शिक्षा अधिकारी को आदेश दिया गया कि स्कूलों में शिक्षकों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करें।
पढ़ाई की गुणवत्ता में सुधार करें।
मध्याह्न भोजन योजना की लगातार निगरानी रखें।
कमिश्नर ने स्पष्ट किया कि शिक्षा और स्वास्थ्य दोनों ही विकास के प्रमुख आधार हैं और इनमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
सड़क, सेतु और बिजली: निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश।निर्माण कार्यों की समीक्षा के दौरान कमिश्नर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि खराब सड़कों को जल्द से जल्द दुरुस्त किया जाए।सेतु निर्माण कार्यों में गति लाई जाए।जर्जर बिजली तारों को प्राथमिकता के आधार पर बदला जाए।उन्होंने कहा कि बुनियादी ढांचे की मजबूती से ही जिले का समग्र विकास संभव है।
विभागीय रैंकिंग पर नाराजगी: ‘A’ रैंकिंग का लक्ष्य
बैठक में विभिन्न योजनाओं की रैंकिंग को लेकर असंतोष जताया गया। कमिश्नर ने निर्देश दिया कि सभी विभाग अपनी कार्यप्रणाली में सुधार लाकर ‘A’ रैंकिंग हासिल करें।
विशेष रूप से जिन योजनाओं पर ध्यान देने को कहा गया मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना
छात्रवृत्ति योजना,निर्माण कार्य,राजस्व विभाग,खनन विभाग,स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन
अवैध खनन और कालाबाजारी पर भी कार्रवाई तेज,कमिश्नर ने खनन विभाग को निर्देश दिया कि अवैध खनन के खिलाफ अभियान चलाएं,बिना अनुमति चल रहे वाहनों पर कार्रवाई करें
इसके अलावा गैस एजेंसियों और पेट्रोल पंपों पर निगरानी बढ़ाने को कहा गया, ताकि कालाबाजारी रोकी जा सके। अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
जनकल्याण योजनाओं का लाभ हर पात्र तक पहुंचे
कमिश्नर ने कहा कि सरकार की योजनाओं का लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। इसके लिए जनसुनवाई में अधिकारियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित की जाए,
शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया जाए।लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाए।विशेष रूप से मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना बीमा योजना के सभी लंबित मामलों को जल्द निपटाने के निर्देश दिए गए।
प्रशासनिक बैठक में प्रमुख अधिकारी रहे मौजूद
इस महत्वपूर्ण बैठक में जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह, सीडीओ ओजस्वी राज, सीआरओ त्रिभुवन, एडीएम अनिल कुमार, सिटी मजिस्ट्रेट आसाराम शर्मा सहित सभी जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।सभी विभागों को समयबद्ध और प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
सख्त कार्रवाई से सुधरेगी व्यवस्था
बलिया में अवैध अल्ट्रासाउंड और प्राइवेट अस्पताल जांच को लेकर प्रशासन की सख्ती साफ संकेत देती है कि अब स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
फर्जी डॉक्टरों और अवैध गतिविधियों पर कार्रवाई से न केवल मरीजों की सुरक्षा बढ़ेगी, बल्कि पूरे सिस्टम में पारदर्शिता और विश्वास भी मजबूत होगा।

📰 देवरिया दुकान कब्जा विवाद: बैनामेदार पक्ष ने पेश की सच्चाई, वायरल वीडियो पर उठे सवाल

बैनामा बनाम आरोप: देवरिया दुकान विवाद में कौन सच, कौन गलत?

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देवरिया (राष्ट्र की परम्परा) देवरिया शहर में इन दिनों देवरिया दुकान कब्जा विवाद और देवरिया वायरल वीडियो को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो ने जहां एक पक्ष की बात को प्रमुखता दी, वहीं अब बैनामेदार पक्ष सामने आकर पूरे मामले को लेकर अपनी स्थिति स्पष्ट कर रहा है। इस फॉलोअप रिपोर्ट में हम आपको इस पूरे देवरिया संपत्ति मामला की गहराई से जानकारी दे रहे हैं।

इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करते सौजन्य से abn

📍 क्या है पूरा विवाद – एक नजर में
मालवीय रोड निवासी एक महिला द्वारा लगाए गए आरोपों के बाद यह देवरिया दुकान कब्जा विवाद सुर्खियों में आया। महिला ने आरोप लगाया कि उनकी संपत्ति को धोखे से बैनामा करा लिया गया और बाद में जबरन कब्जे की कोशिश की गई।
लेकिन इस देवरिया वायरल वीडियो के सामने आने के बाद अब बैनामेदार पक्ष ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कई महत्वपूर्ण दावे किए हैं।
⚖️ बैनामेदार पक्ष का दावा – “सब कुछ कानूनी तरीके से हुआ”
खरीदार यानी बैनामेदार पक्ष का कहना है कि:संपत्ति का बैनामा पूरी तरह से वैध और कानूनी प्रक्रिया के तहत किया गया
रजिस्ट्री के बाद खारिज दाखिल भी नियमानुसार पूरा किया गया
संबंधित संपत्ति पर उनका कानूनी अधिकार स्थापित हो चुका है
महिला द्वारा पहले दायर किया गया मुकदमा न्यायालय से खारिज हो चुका है
उनका स्पष्ट कहना है कि देवरिया दुकान कब्जा विवाद को गलत तरीके से प्रस्तुत किया जा रहा है और वास्तविकता को छिपाया जा रहा है।
📄 “ताला तोड़ने” का आरोप – नया मोड़
बैनामेदार पक्ष ने यह भी दावा किया है कि:
दुकान पर उनका वैध अधिकार होने के बावजूद महिला ने स्वयं ताला तोड़ा
इस घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई
पूरे मामले को जानबूझकर देवरिया वायरल वीडियो के जरिए भ्रामक रूप दिया गया
इस दावे ने देवरिया संपत्ति मामला को और अधिक जटिल बना दिया है।
📢 वायरल वीडियो पर उठे सवाल
सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहे इस देवरिया वायरल वीडियो को लेकर अब कई सवाल उठ रहे हैं:क्या वीडियो में दिखाए गए आरोप पूरी तरह सत्य हैं?
क्या वीडियो एकतरफा कहानी दिखा रहा है?
क्या कानूनी दस्तावेजों को नजरअंदाज किया गया है?
विशेषज्ञों का मानना है कि किसी भी देवरिया दुकान कब्जा विवाद जैसे संवेदनशील मामले में केवल वीडियो के आधार पर निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है।
🧾 कानूनी स्थिति क्या कहती है?
कानूनी विशेषज्ञों के अनुसार: यदि बैनामा वैध है और रजिस्ट्री पूरी हो चुकी है, तो संपत्ति पर अधिकार खरीदार का माना जाता है।
खारिज दाखिल के बाद सरकारी रिकॉर्ड में भी नाम दर्ज हो जाता है।
यदि कोई पक्ष आपत्ति करता है, तो उसे न्यायालय में साक्ष्य प्रस्तुत करने होते हैं।
इस देवरिया संपत्ति मामला में भी अंतिम निर्णय न्यायालय के दस्तावेजों और साक्ष्यों पर ही निर्भर करेगा।
🚨 प्रशासन की भूमिका पर नजर
इस पूरे देवरिया दुकान कब्जा विवाद में स्थानीय प्रशासन की भूमिका भी महत्वपूर्ण है।
हालांकि, अभी तक कोई विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन:पुलिस को सूचना दिए जाने की बात सामने आई है।दोनों पक्षों के बीच विवाद की पुष्टि हो रही है।
ऐसे में निष्पक्ष जांच की आवश्यकता और बढ़ जाती है।
📱 सोशल मीडिया बनाम सच्चाई
आज के डिजिटल युग में देवरिया वायरल वीडियो जैसे मामले यह दिखाते हैं कि: सोशल मीडिया तेजी से मुद्दों को फैलाता है।
लेकिन कई बार अधूरी जानकारी भ्रम पैदा कर सकती है।
इसलिए जरूरी है कि:किसी भी देवरिया दुकान कब्जा विवाद में दोनों पक्षों की बात सुनी जाए
आधिकारिक जांच का इंतजार किया जाए।
कानूनी दस्तावेजों को प्राथमिकता दी जाए।
🧠 एकतरफा नहीं, संतुलित नजर जरूरी
फिलहाल यह साफ है कि देवरिया संपत्ति मामला अभी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हुआ है।
एक तरफ महिला के आरोप हैं, तो दूसरी तरफ बैनामेदार पक्ष के दस्तावेज और दावे।
लेकिन उपलब्ध तथ्यों और बैनामेदार पक्ष के अनुसार:संपत्ति का बैनामा वैध बताया जा रहा है
कानूनी प्रक्रिया पूरी होने का दावा किया गया है।
वायरल वीडियो को भ्रामक बताया जा रहा है।
ऐसे में अंतिम सच्चाई न्यायालय और प्रशासनिक जांच के बाद ही सामने आएगी।

न्यू मैक्सिको के अमेरिकी एयरफोर्स बेस पर फायरिंग: एक की मौत, एक घायल; बेस किया गया लॉकडाउन

न्यू मैक्सिको/अमेरिका (राष्ट्र की परम्परा)। अमेरिका के न्यू मैक्सिको स्थित हॉलोमन एयर फोर्स बेस पर मंगलवार शाम गोलीबारी की घटना से हड़कंप मच गया। इस फायरिंग में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद पूरे सैन्य बेस को तुरंत लॉकडाउन कर दिया गया।

मिलिट्री अधिकारियों के अनुसार, आलामोगोर्डो के पास स्थित इस बेस पर शाम करीब 5:30 बजे एक्टिव शूटर की सूचना मिली, जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियां तुरंत हरकत में आ गईं। घायल व्यक्ति को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है।

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हालांकि बाद में अधिकारियों ने जानकारी दी कि स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है और बेस को सुरक्षित घोषित कर दिया गया है। लॉकडाउन हटा लिया गया है और फिलहाल किसी अतिरिक्त खतरे की आशंका नहीं है। आपातकालीन टीमें मौके पर मौजूद हैं और जांच जारी है।

अधिकारियों ने अभी तक मृतक और घायल की पहचान सार्वजनिक नहीं की है। घटना के कारणों और हमलावर के बारे में भी विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है।

गौरतलब है कि हॉलोमन एयर फोर्स बेस अमेरिका का एक महत्वपूर्ण सैन्य ठिकाना है, जो करीब 93 वर्ग मील क्षेत्र में फैला हुआ है। यहां 49वीं विंग तैनात है, जो देश की सुरक्षा से जुड़े अहम अभियानों में शामिल रहती है।

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इंदौर में EV चार्जिंग के दौरान ब्लास्ट: घर में लगी भीषण आग, सिलेंडर फटने से 6 की मौत

इंदौर (राष्ट्र की परम्परा)। मध्य प्रदेश के इंदौर से बुधवार सुबह एक दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया, जहां इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) चार्जिंग पॉइंट में हुए ब्लास्ट के बाद भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया। इस दर्दनाक हादसे में 6 लोगों की जलकर मौत हो गई, जबकि 3 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया।

पुलिस के अनुसार, घटना सुबह करीब 4 बजे की है। घर के बाहर एक इलेक्ट्रिक वाहन चार्ज किया जा रहा था, तभी अचानक चार्जिंग पॉइंट में विस्फोट हो गया। इसके बाद आग तेजी से वाहन से घर के अंदर फैल गई।
बताया जा रहा है कि घर के अंदर 10 से अधिक गैस सिलेंडर और ज्वलनशील सामग्री रखी हुई थी, जिसके कारण आग ने विकराल रूप ले लिया। सिलेंडरों में हुए धमाकों ने स्थिति को और भयावह बना दिया। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान भी 2-3 बार ब्लास्ट हुए।

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इंदौर के पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह के अनुसार, यह घर मनोज पुगलिया का था, जो पॉलीमर का व्यवसाय करते थे। घर में ज्वलनशील रसायन भी मौजूद थे, जिससे आग तेजी से फैली।

प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि घर में इलेक्ट्रॉनिक लॉक लगे हुए थे, जो पावर कट होने के बाद नहीं खुल पाए। इससे घर के अंदर मौजूद लोग बाहर नहीं निकल सके और कई लोग अंदर ही फंस गए।

सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आसपास के घरों की छतों से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया।

हादसे के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और ब्लास्ट के सटीक कारणों का पता लगाया जा रहा है।

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भारतीय नववर्ष पर महराजगंज में उमड़ेगा जनसैलाब: 19 मार्च को निकलेगी भव्य शोभायात्रा, दिखेगी संस्कृति की झलक

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। भारतीय नववर्ष चैत्र शुक्ल प्रतिपदा एवं विक्रम संवत 2083 के शुभ अवसर पर जनपद में भव्य आयोजन की तैयारियां तेज हो गई हैं। इसी क्रम में 19 मार्च (बृहस्पतिवार) को सिंदुरिया स्थित गायत्री शक्तिपीठ से विशाल और आकर्षक शोभायात्रा निकाली जाएगी, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है।

प्रातः 10 बजे प्रारंभ होने वाली इस शोभायात्रा में महिलाएं, युवा, बच्चे तथा विभिन्न सामाजिक, धार्मिक और सांस्कृतिक संगठनों के लोग भाग लेंगे। आयोजन को ऐतिहासिक स्वरूप देने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं।

शोभायात्रा में भारतीय संस्कृति और परंपरा की अनूठी झलक देखने को मिलेगी। आकर्षक झांकियां, देवी-देवताओं के स्वरूप, ध्वज-पताकाएं, ढोल-नगाड़े, भजन-कीर्तन मंडलियां और पारंपरिक वेशभूषा इस आयोजन को खास बनाएंगी। पूरे मार्ग में जयघोष और भक्ति गीतों के साथ नववर्ष का स्वागत किया जाएगा, जिससे वातावरण भक्तिमय और उत्साहपूर्ण हो उठेगा।

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आयोजकों के अनुसार, इस आयोजन का उद्देश्य भारतीय नववर्ष के महत्व को जन-जन तक पहुंचाना और नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति से जोड़ना है। साथ ही यह शोभायात्रा समाज में एकता, समरसता और सकारात्मक ऊर्जा का संदेश भी देगी।

शोभायात्रा मार्ग पर जगह-जगह स्वागत द्वार, पुष्प वर्षा, जलपान और प्रसाद वितरण की व्यवस्था की जा रही है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन भी सतर्क है, ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।

आयोजकों ने जनपदवासियों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर भारतीय नववर्ष का स्वागत उत्साह और उल्लास के साथ करने की अपील की है। आयोजन को लेकर पूरे क्षेत्र में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिल रहा है।

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संतकबीरनगर में भीषण सड़क हादसा: तेज रफ्तार कंटेनर की टक्कर से महिला की मौत, भतीजा गंभीर

संतकबीरनगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के कोतवाली खलीलाबाद क्षेत्र में गोरखपुर-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित डीघा बाईपास के पास मंगलवार शाम एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार कंटेनर की टक्कर से बाइक सवार महिला की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका भतीजा गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद चालक वाहन छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने कंटेनर को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस के अनुसार, भिनखिनी गांव निवासी श्यामा त्रिपाठी (30), पत्नी अंगद त्रिपाठी, गोरखपुर में इलाज कराने गई थीं। वह अपने भतीजे विशाल त्रिपाठी, निवासी बरंडा थाना खजनी (गोरखपुर), के साथ बाइक से घर लौट रही थीं। शाम करीब पांच बजे डीघा बाईपास के पास गोरखपुर से लखनऊ की ओर जा रहे तेज रफ्तार कंटेनर ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी।

टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक चला रहा विशाल सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि पीछे बैठी श्यामा त्रिपाठी कंटेनर के पिछले पहिए के नीचे आ गईं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कंटेनर तेज रफ्तार में था और ओवरटेक के दौरान यह हादसा हुआ।

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सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और क्रेन की मदद से शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घायल युवक को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।
हादसे के बाद कुछ समय के लिए हाईवे पर यातायात प्रभावित रहा। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज के आधार पर चालक की पहचान करने में जुटी है। प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और लापरवाही को दुर्घटना का मुख्य कारण माना जा रहा है।

घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया और गांव में शोक का माहौल है।

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महराजगंज में गैस एजेंसी बना रणक्षेत्र: बुकिंग विवाद में जमकर मारपीट, 14 लोगों पर मुकदमा

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के घुघली थाना क्षेत्र के जोगिया स्थित एचपी गैस एजेंसी पर मंगलवार शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब गैस बुकिंग को लेकर शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया। उपभोक्ताओं और कर्मचारियों के बीच जमकर मारपीट हुई, जिसमें कई लोग घायल हो गए। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों पक्षों के कुल 14 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

बताया जा रहा है कि मंगलवार शाम करीब 5:30 बजे एजेंसी पर गैस बुकिंग का कार्य चल रहा था। इसी दौरान खानपुर गांव से आए कुछ उपभोक्ताओं ने पहले अपनी बुकिंग कराने के लिए कर्मचारियों पर दबाव बनाना शुरू कर दिया। कर्मचारियों द्वारा नियमों का हवाला देकर मना करने पर दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई, जो कुछ ही देर में उग्र हो गई।

आरोप है कि विवाद के दौरान उपभोक्ता पक्ष के लोगों ने एजेंसी कर्मचारी दिवाकर सिंह पर डंडों से हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए। बीच-बचाव करने आए अन्य कर्मचारी संदीप यादव और सूरज को भी मारपीट का सामना करना पड़ा।

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घटना को देख मौके पर मौजूद अन्य लोग भड़क उठे और उन्होंने हमलावरों की पिटाई कर दी। इसी दौरान जोगिया गांव के अन्य लोग भी मौके पर पहुंच गए, जिससे स्थिति और अधिक तनावपूर्ण हो गई और एजेंसी परिसर रणक्षेत्र में तब्दील हो गया।

सूचना मिलते ही घुघली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। पुलिस ने मामले में उपभोक्ता पक्ष के आसिफ अली, मेराज अली, सादिक अली, अनीस अली, सिकंदर अली, अकरम अली तथा दूसरे पक्ष के कमलेश सिंह (एजेंसी मालिक), संदीप यादव, दिवाकर सिंह, रमेश गोंड, मनीष चौधरी, नंदकिशोर, नमन पाल और उपेंद्र चौधरी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।

थानाध्यक्ष कुंवर गौरव सिंह ने बताया कि सभी आरोपियों के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत कर शांति भंग में चालान किया गया है तथा आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।

घटना के बाद क्षेत्र में गैस एजेंसी की सुरक्षा व्यवस्था और बुकिंग प्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। स्थानीय लोगों ने ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रशासन से सख्त कदम उठाने की मांग की है।

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पीडीए के साथ भेदभाव कर रही भाजपा – रणवीर

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)

सपा कार्यकर्ताओ ने मंगलवार को दीवानी कचहरी रोड स्थित सपा के जिला कार्यालय में बैठक की। बैठक में पीडीए समाज के खिलाफ हो रहे भेदभाव एवं अत्याचार को लेकर भाजपा सरकार की जमकर आलोचना की गई।
बैठक को संबोधित करते हुए समाजवादी युवजन सभा के जिलाध्यक्ष रणवीर यादव ने कहा की भाजपा की भ्रष्ट सरकार को पीडीए की एकजुट ताकत उखाड़ फेंकने का काम करेगी। भाजपा सरकार में चाहे नौकरियों का मामला हो या रोजगार, महंगाई व शिक्षा से सम्बन्धित सभी में भाजपा सरकार पीडीए के खिलाफ भेदभावपूर्ण काम कर रही है। भाजपा सरकार में महिलाओं, बेटियों के साथ अन्याय और उत्पीड़न हो रहा है।उन्होंने गैस सिलेंडर पर कहा कि घरेलू सिलेंडर के दाम ग्यारह सौ हो गये है। तहसीलों, पुलिस थानों में भ्रष्टाचार बढ़ रहा है। जमीनों पर कब्जे हो रहे हैं। आगे आने वाले समय में पीडीए की सरकार बनेगी। सरकार ने शिक्षा मंहगी कर दी है जिससे गरीब परिवार के बच्चों को शिक्षा हासिल करना मुश्किल है। शिक्षा ही ऐसा हथियार है जिससे सभी का विकास होगा।
पढ़ें लिखे नौजवान नौकरियों के लिए भटक रहे हैं। महंगाई की वजह से आम आदमी परेशान हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार को आम जनमानस की सुख सुविधाओं से कुछ लेना-देना नहीं है। उन्हें केवल सत्ता की चिंता हैं। सत्ता को हासिल करने के लिए भाजपा सरकार कुछ भी कुचक्र रच सकती हैं। भाजपा की साजिशों से सावधान रहकर पीडीए के लोगों को जोड़कर संगठन को मजबूत बनाने का काम करें ताकि आगामी विधानसभा चुनाव में सपा की सरकार बन सके।
बैठक में बेचू लाल चौधरी,राजवंशी राजभर, ईस्माइल अंसारी, सहातम यादव, हरेराम चौधरी, प्रभात,रामनरायण, रमेश यादव, मनीष सैथवार, वंदना कुशवाहा, अनीश कुशवाहा, गुलाब यादव, आदि मौजूद रहे।

राम को मर्यादा पुरुषोत्तम बनाने के लिए कैकेयी ने दिया था ममतत्व का बलिदान

बरहज/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)l क्षेत्र के अजयपुरा गांव में श्रीरुद्र शतचंडी महायज्ञ चल रहा है। इसमें मंगलवार को अयोध्या से पधारे कथावाचक अंगद दास ने भक्तों को श्रीराम कथा का रसपान कराया। सर्वप्रथम गजानंद जायसवाल और उनकी पत्नी सरिता जायसवाल ने यज्ञाचार्य उपेंद्रनाथ के देखरेख में वेदव्यास गद्दी का विधि-विधान से पूजन -अर्चन करते हुए कथा का शुभारंभ कराया। कथा मर्मज्ञ अंगद दास ने कहा कि रानी कैकेयी एक वीरांगना महिला थीं, वह राम को हृदय से ज्यादा मानती थीं। राम से उनके दायित्वों का निर्वहन कराने के लिए अपने माथे कलंक तक ले लिया। मौके पर भानुप्रताप चौरसिया, गजानंद जायसवाल, अखिलेश चौरसिया, विनोद कुमार चौरसिया, मिथिलेश चौरसिया, दुर्गेश, रामइकबाल, संतोष, रामभरोसा राजभर, सूर्यप्रकाश चोबे, अंशू, सोनू, रवींद्र नाथ आदि उपस्थित रहे।

ओलंपियाड में माउंट वैली एकेडमी के बच्चों का दबदबा, टॉपर्स सम्मानित

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। हिंदुस्तान ओलंपियाड न केवल स्कूली छात्र-छात्राओं के लिए एक उत्कृष्ट मंच है, बल्कि अभिभावकों और विद्यालयों के लिए भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। इसके माध्यम से बच्चों की शैक्षणिक स्थिति का आकलन किया जा सकता है।
मंगलवार को माउंट वैली एकेडमी के प्रबंध निदेशक अत्रेश श्रीवास्तव ने हिंदुस्तान ओलंपियाड के जिला टॉपर सहित टॉप टेन में स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि मेहनत ही सफलता की कुंजी है, इसलिए विद्यार्थियों को निरंतर परिश्रम करते हुए अपने लक्ष्य की ओर बढ़ना चाहिए।
सम्मानित किए गए छात्रों में कक्षा 3 की अलवीना महताब और कक्षा 4 के मानस पांडेय ने जिला स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त किया। कक्षा 8 की अंशा अफाक ने द्वितीय तथा नंदनी चौरसिया ने तृतीय स्थान हासिल किया। कक्षा 5 के शौर्य श्रीवास्तव और कक्षा 7 की कृतिका श्रीवास्तव ने भी पांचवां स्थान प्राप्त कर विद्यालय का नाम रोशन किया।
इस अवसर पर प्रधानाचार्य दुर्गेश श्रीवास्तव,निदेशक नितेश श्रीवास्तव, किरन, कंचन, अंजली, स्वेता, श्यामलता, रजनीश, बाबूल्लाह, शिवम सहित एकेडमी के शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित रहीं।

जनगणना-2027: फील्ड ट्रेनर्स के प्रशिक्षण का दूसरा दिन सम्पन्न

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जनगणना-2027 से संबंधित फील्ड ट्रेनर्स के तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के तहत कलेक्ट्रेट सभागार में दूसरे दिन का प्रशिक्षण सत्र आयोजित किया गया। इस दौरान जिला विकास अधिकारी प्रेम प्रकाश त्रिपाठी मौजूद रहे।
दूसरे दिन दो बैचों में फील्ड ट्रेनर्स को प्रशिक्षण दिया गया। यह प्रशिक्षण 16 मार्च से 18 मार्च 2026 तक संचालित किया जा रहा है। कार्यक्रम में जनगणना निदेशालय उत्तर प्रदेश के संजय कुमार (उप निदेशक, मंडल प्रभारी), जिला प्रभारी सुजीत कुमार श्रीवास्तव, जिला विकास अधिकारी प्रेम प्रकाश त्रिपाठी तथा उपायुक्त राज कुमार शर्मा ने मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रशिक्षण प्रदान किया।
प्रशिक्षण के दौरान फील्ड ट्रेनर्स को जनगणना के प्रथम चरण के लिए प्रगणक एवं पर्यवेक्षकों को प्रशिक्षित करने हेतु तैयार किया जा रहा है। इसमें HLO ऐप के उपयोग तथा प्रथम चरण में पूछे जाने वाले 34 प्रश्नों की विस्तृत जानकारी दी गई।
जनगणना के प्रथम चरण में मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना (एचएलओ) 22 मई से 20 जून 2026 तक 30 दिनों की अवधि में की जाएगी। वहीं द्वितीय चरण में जनसंख्या एवं जाति गणना 9 से 28 फरवरी 2027 तक होगी, जबकि 1 से 5 मार्च 2027 तक पुनरीक्षण कार्य चलेगा। इस बार जनगणना पूरी तरह डिजिटल माध्यम से आयोजित की जाएगी, जिसमें स्व-गणना का विकल्प भी उपलब्ध रहेगा। साथ ही दूसरे चरण में प्रत्येक व्यक्ति की जाति से संबंधित आंकड़े भी एकत्र किए जाएंगे।