नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। आज, 21 सितंबर 2025 को दुनिया एक दुर्लभ खगोलीय घटना की गवाह बनेगी। आज सूर्य ग्रहण लगने वाला है, लेकिन खगोल विज्ञान के शौकीनों के लिए यह जानना जरूरी है कि यह ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा।
क्या है आज का सूर्य ग्रहण?
यह एक आंशिक सूर्य ग्रहण है, जिसका मतलब है कि चंद्रमा सूर्य के केवल एक हिस्से को ही ढकेगा। इस दौरान सूर्य एक चमकते हुए अर्धचंद्र की तरह दिखाई देगा।
भारत में क्यों नहीं दिखेगा?
यह ग्रहण भारत के समयानुसार दोपहर में शुरू होगा, लेकिन इसकी दृश्यता मुख्य रूप से दक्षिण अमेरिका, अंटार्कटिका और अटलांटिक महासागर के कुछ हिस्सों तक ही सीमित रहेगी। इसलिए, भारत में रहने वाले लोग इस खगोलीय घटना को सीधे तौर पर नहीं देख पाएंगे।
ग्रहण का समय और प्रमुख बिंदु:
- शुरुआत: भारतीय समयानुसार दोपहर 2:30 बजे (IST) के आसपास।
- अधिकतम प्रभाव: भारतीय समयानुसार शाम 4:00 बजे।
- समाप्ति: भारतीय समयानुसार शाम 5:30 बजे।
इस दौरान सूर्य को नंगी आंखों से देखने से बचना चाहिए, भले ही यह आपके क्षेत्र में दिखाई न दे। खगोल विज्ञान में रुचि रखने वाले लोग इसे नासा या अन्य वैज्ञानिक संगठनों के लाइव स्ट्रीम पर देख सकते हैं।
