कविता

तनाव ग्रस्त न रहें कभी भी

कुछ मित्र ऐसे अवश्य होते हैं,चाहे पास रहें अथवा दूर रहें,बात कर सकें या नहीं कर सकें,पर हमेशा महत्व पूर्ण…

9 months ago

मन:स्थिति और उत्सव

उत्सव और पर्व मानव मन कोस्वभाव वश आनंदित करते हैं,उत्सव पर्व स्वाभाविक स्थिति हैंहम हर पल इस स्थिति में जीते…

9 months ago

जीवन की नैय्या और किनारा

जब तक गंगा यमुना में पानी है,तब तक जीवन की ज़िम्मेदारी हैं,इंतज़ार करोगे पानी रुके कब तककब आयेगी ख़ुशियों की…

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चरित्र धन व संतोष धन

संतोष धन मिल जाता है तो हमारेजीवन में सुख शान्ति आ जाती है,चरित्र धन मिल जाता है तो मानवजीवन में…

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विनती महादेव से

बचपन के मित्र हैं हम दोनोंएक साथ खेले और कूदे हैं,साथ साथ पढ़े लिखे भी हैं,साथ साथ ही बड़े भी…

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वसुधैवक़ुटुम्बकम् की सोच

बसुधैवक़ुटुम्बकम् की सोच,बहुत ही पुरानी सी लगती है,इस विचार पर बात करना भी,बहुत ही अजीब सी लगती है। यह सारा…

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फ़िल्मों की संस्कारहीनता

क्या क्या दिखलाया जाता भोलीभाली भारतवर्ष की हमारी जनता को,हिंसा खुलेआम नंगापन, छल कपट,नीचा दिखलाना भाई का भाई को। जो…

9 months ago

सोशल मीडिया: श्वेत – श्याम

जब सोशल मीडिया सकारात्मकभूमिका अदा करता है तब किसी भीव्यक्ति, संस्था, समाज व देश कोसब तरह से समृद्ध बनाया जाता…

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रिवाज, धौंस जमाने का

आज एक दूसरे को नीचा दिखाने का,हर किसी को ख़ुद से कम आंकने का,झूठ फ़रेब के सहारे बदनाम करने का,रिवाज…

9 months ago

ॐ नमों नारायण

वह शक्ति हमें दो नारायण,अपने पैरों पर खड़ा रहूँ ।अपने पैरों पर ही चलकर,तव दर्शन को प्रभु आ जाऊँ ।…

9 months ago