Monday, July 6, 2026
Home Blog Page 562

डीडीयू+फ्लाई अप: शिक्षा से आत्मनिर्भरता तक का कदम

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय ने विद्यार्थियों में वित्तीय साक्षरता, डिजिटल दक्षता, उद्यमिता विकास और कौशल आधारित प्लेसमेंट को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से फ्लाई अप फाउंडेशन के साथ एम.ओ.यू. पर हस्ताक्षर किए। कुलपति प्रो. पूनम टंडन के नेतृत्व में यह समझौता विद्यार्थियों को वित्तीय सशक्तिकरण, डिजिटल प्रशिक्षण, तकनीकी दक्षता और उद्योग संपर्क के नए अवसर प्रदान करेगा।
कुलपति प्रो. टंडन ने कहा कि यह सहयोग शिक्षा और उद्योग के बीच विद्यार्थियों के लिए सशक्त सेतु का काम करेगा। प्रो. अजय कुमार शुक्ला, निदेशक – गाइडेंस एंड प्लेसमेंट सेल ने बताया कि इस साझेदारी के तहत वित्तीय साक्षरता कार्यशालाएँ, डिजिटल अभियान, उद्यमिता बूटकैंप और उभरती तकनीकों पर प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

प्रो. अनुभूति दुबे, अधिष्ठाता छात्र कल्याण ने कहा कि यह पहल विद्यार्थियों के समग्र विकास को गति देगी और उन्हें रोजगार योग्य तथा जिम्मेदार नागरिक बनाएगी।
संस्थापक अभय सिंह और सह-संस्थापक रामशंकर संह ने कहा कि उनके उद्देश्य हैं युवाओं को वित्तीय प्रबंधन, डिजिटल सुरक्षा, नवाचार और स्टार्टअप सोच के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाना।
इस एमओयू के तहत फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम, सेमिनार, वर्कशॉप और इंडस्ट्री–स्टूडेंट लिंकज गतिविधियाँ भी आयोजित की जाएंगी। यह कदम राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप कौशल-उन्मुख और मूल्य-आधारित शिक्षा व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है। साझेदारी विश्वविद्यालय और फाउंडेशन के साझा मिशन “शिक्षा से आत्मनिर्भरता तक” को नई ऊर्जा देगी।

एकेडमिक ग्लोबल स्कूल में ताइक्वांडो बेल्ट परीक्षा आयोजित

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। एकेडमिक ग्लोबल स्कूल में गुरुवार को ताइक्वांडो बेल्ट परीक्षा का आयोजन किया गया। परीक्षा का नेतृत्व कोच शंभूनाथ कुशवाहा ने किया, जबकि डीटीएजी सचिव गुलशेर सिंह गिल परीक्षक के रूप में उपस्थित रहे।
परीक्षा दो पालियों में आयोजित हुई। प्रथम पाली सुबह 9 बजे से 12 बजे तक और द्वितीय पाली दोपहर 1 बजे से 4 बजे तक। परीक्षा में छात्रों ने अपनी अनुशासनबद्धता और उत्कृष्ट क्षमता का प्रदर्शन किया। प्रमुख परीक्षार्थियों में अनाया, सौम्या, पूजा, विन्धेश्वरी, हर्षिता, नुमान, आयुष, वैश्नवी, शोना, अन्या, अन्वी, अक्षय शामिल थे।
छात्रों को संबोधित करते हुए निदेशक राजेश कुमार ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम छात्रों में आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ ही मुश्किल परिस्थितियों में आत्मरक्षा की क्षमता भी विकसित करते हैं। उन्होंने सभी छात्रों को ताइक्वांडो प्रशिक्षण लेने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर सहायक निदेशक संदीप कुमार, प्राचार्य वीसी चाको, प्रशासक अफरोज खान, कोच शंभूनाथ कुशवाहा समेत अन्य मौजूद थे।

पत्रकारिता के छात्रों ने ‘गोरखपुर रंग महोत्सव 2025’ में जीता प्रथम स्थान

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। गोरखपुर रंग महोत्सव 2025 के अंतर्गत आयोजित नुक्कड़ नाटक प्रतियोगिता में दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के पत्रकारिता विभाग की टीम ने प्रथम स्थान हासिल किया।
प्रतियोगिता में कुल आठ टीमों ने भाग लिया। विश्वविद्यालय की टीम ने अपने नाटक “सोशल मीडिया: यूज करो, मिसयूज नहीं” के माध्यम से समाज में सोशल मीडिया के सही उपयोग और दुरुपयोग के प्रभाव पर महत्वपूर्ण संदेश दिया।


टीम में तनीषा यादव, सुधांशु सिंह, सक्षम द्विवेदी, लाभांश गुप्ता, आंचल शुक्ला, इशांत मालवीय, नीरज जायसवाल और अभिषेक गुप्ता शामिल थे। नाटक का लेखन और परिकल्पना डॉ. अन्वेषण सिंह द्वारा किया गया, जिन्होंने निर्देशन एवं मार्गदर्शन भी प्रदान किया।
पुरस्कार वितरण समारोह बाबा गंभीरनाथ प्रेक्षागृह में हुआ। विजेता टीम को के.आई.पी.एम. के चेयरमैन आर.डी. सिंह, ऐश्प्रा के निदेशक अतुल सर्राफ, और अभियान रंगमंडल के चेयरमैन नारायण पांडे ने पुरस्कृत किया।
पत्रकारिता पाठ्यक्रम के संयोजक प्रो. राजेश मल्ल ने इसे विभाग की गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया। वहीं, हिंदी एवं पत्रकारिता विभाग के अध्यक्ष प्रो. कमलेश कुमार गुप्त ने छात्रों की रचनात्मकता, सामाजिक संवेदनशीलता और टीम भावना की प्रशंसा की।

समय से विद्यालय नहीं पहुंचते अध्यापक, पढ़ाई हो रही बाधित

बहराइच (राष्ट्र की परम्परा)। सरकार शिक्षा के प्रति सजग है और कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे इसके लिऐ प्रयास कर रही है। ब्लाक नवाबगंज क्षेत्र में कई स्कूल ऐसे हैं जहां अध्यापक स्कूल समय से नहीं पहुंच रहे हैं जबकि स्कूल खुलने का समय सुबह 9:00 से 3:00 बजे है। इसके बाद भी अध्यापक नौ बजे नहीं पहुंचते हैं।

यह भी पढ़ें – डिजिटल साक्षरता और नारी सशक्तिकरण कार्यक्रम

ऎसा ही उमा रीया के स्कूलों में देखने को मिला। प्राथमिक विद्यालय में सुबह नौ बजे तक मौके पर लगभग 20 छात्र मौजूद थे लेकिन मस्टर साहब विद्यालय नहीं पहुंच पाए थे छात्र-छात्राओं से पूछने पर बताया कि मास्टर साहब हमेशा स्कूल के समय से देर आते रहते हैं। जिससे छात्र छात्राओं का पठन पाठन वाले बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ हो रहा है। यही नहीं ब्लाक नवाबगंज क्षेत्र के विद्यालय में शिक्षकों का समय से विद्यालय न पहुंचना एक आमबात साबित हो रहा हैं। विद्यालय में छात्रा-छात्राएं तो समय से पहुंच जाते हैं लेकिन अध्यापक समय से नहीं पहुंचते हैं। लेकिन जब इस बात की शिक़ायत खण्ड शिक्षा अधिकारी से छात्राओं के गार्जियन द्वारा की जाती है तो कार्यवाही की जा रही है। ऐ बोल कर शिक़ायत को ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है।‌ विकास खण्ड नवाबगंज अन्तर्गत ग्राम पंचायत उमरिया के मजरा उमरिया में स्थित प्राथमिक विद्यालय प्रथम व सेकेंड प्राथमिक विद्यालय में जहां शौचालय व रसोई घर में गन्दगी देखने को मिला रहा है। विद्यालय में पढ़ने वाले बच्चों के लिये शुद्ध पानी सप्लाई के लिये जो नल की टोंटी लगी हुई है वो भी सब टूटीं फूटीं हुईं हैं। वहीं फर्स्ट और सेकेंड दोनों विद्यालय में मास्टर साहब भी समय से विद्यालय नहीं पहुंचते हैं।

यह भी पढ़ें – विश्व हिन्दू महासंघ तहसील इकाई का गठन सम्पन्न

दोनों विद्यालयों में शौचालय की साफ-सफाई भी सही से नहीं रहती है।‌ बच्चे पानी के लिये गांव में जाते हैं वही रीमा कक्षा पांच रिया कक्षा दो अमन, पायल, गुलशन, कक्षा एक सुहानी कक्षा पांच रोहित कक्षा पांच अनिल कक्षा दो आर्यन कक्षा एक, जगदीश कक्षा तीन, अंचल कक्षा एक, अतुल वर्मा, अरविन्द कक्षा पांच,आदि बच्चों ने बताया कि गुरु जी समय से नहीं आते हैं । जिससे सभी बच्चों की पढ़ाई सही से नहीं हो पा रही है इस संबन्ध में खण्ड शिक्षा अधिकारी नवाबगंज राधेश्याम वर्मा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि साफ सफाई का काम पंचायत का है, अगर शिक्षक समय से नहीं आते तो नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा जायेगा ।

चौथा स्तम्भ-कितना सक्षम

0

कौन सच्चा कौन झूठा, क्या
लिखकर बतला पाऊँगा ?
ख्याल आता है कभी, क्या
बहती गंगा में हाथ धो पाऊँगा?

परंतु जब ख़याल आया कि
इसमें भी बड़ी राजनीति है,
तो क्या सच लिख पाऊँगा !
भाई यहाँ चुप रहने की रीति है!

फिर एक ख़याल यह आता है,
कि क्या उन जैसा न होकर,
तुम खुद उन जैसा बन सकोगे,
लिखते जो सदा निडर होकर !

क्या यू पी, बिहारी, मराठी की
कहानी को फिर दोहरा पाओगे,
कौन पटना का, कौन मुम्बई
का है, क्या बतला पाओगे!

क्या धर्म व जातिवाद पर
कुछ रोशनी डाल सकोगे !
संघ, शिव सेना या सिंह वाहिनी
सेना किसकी हैं बता सकोगे !

आलंकारिक भाषा को कविता
में गूँथ गूँथ कर बताना पड़ेगा,
मकसद किसका है और किस
को किस से मुक्त होना पड़ेगा!

लोगों को चिल्ला चिल्ला कर
हो सकता है डाँटना पड़ेगा,
मीडिया में कौन सच्चा, कौन
झूठा, यह भी बताना पड़ेगा।

क्या पुलिस, सीबीआई व
ईडी का पर्दा उठा सकोगे?
या यूँ ही गोलमोल लिख
कर ही खिसक जाओगे!

सच को झूठ और झूठ को सच
बताने का माद्दा है क्या तुममें?
नहीं ना, इसलिए तुम्हारा चुप
रहना ही अच्छा है इस सब में।

बस यही सोच कर चुप रहना,
होगा कि जो हो रहा है होने दो,
वरना देश द्रोह का आरोप
क्या तुम भी झेल पाओगे ?

उड़ने दो मखौल लोकतंत्र का,
और बिक जाने दो नवरत्नों को,
नहीं बिकने देना चाहते हो, तो
आदित्य, क्या इन्हें बचा पाओगे!

  • डॉ कर्नल आदि शंकर मिश्र ‘आदित्य’

डिजिटल साक्षरता और नारी सशक्तिकरण कार्यक्रम

बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। जिलाधिकारी के निर्देशानुसार और डॉ. अमरेंद्र कुमार पौत्स्यायन, जिला प्रोबेशन अधिकारी के नेतृत्व में मिशन शक्ति 5.0 के अंतर्गत सतीश चंद्र कॉलेज, बलिया में महिलाओं के लिए डिजिटल साक्षरता और नारी सशक्तिकरण विषयक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। मुख्य अतिथि अपर पुलिस अधीक्षक श्री दिनेश कुमार शुक्ला और विशिष्ट अतिथि डॉ. पौत्स्यायन रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को डिजिटल युग की जानकारी प्रदान कर उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना था।

यह भी पढ़ें – विश्व हिन्दू महासंघ तहसील इकाई का गठन सम्पन्न

डॉ. पौत्स्यायन ने महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन और मादा भ्रूण हत्या रोकने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने डिजिटल फ्रॉड से बचाव के लिए सतर्कता और मोबाइल का सुरक्षित उपयोग करने का महत्व बताया। अपर पुलिस अधीक्षक दिनेश शुक्ला ने डिजिटल फ्रॉड से निपटने के उपाय, अवांछित कॉल से बचाव और साइबर क्राइम थाने में शिकायत करने पर बल दिया। कार्यक्रम में महिलाओं और छात्राओं को डिजिटल माध्यमों के प्रयोग, ऑनलाइन सुरक्षा, सरकारी योजनाओं की जानकारी और आत्मनिर्भर बनने के तरीकों के बारे में जागरूक किया गया।

यह भी पढ़ें – पति घर आया तो पत्नी ने छिपाया बॉयफ्रेंड, वायरल हुआ वीडियो और बजी लाठियां

इस अवसर पर प्रो. बी. एन. पाण्डेय, प्राचार्य, डॉ. अंजु पटेल, समन्वयक महिला सशक्तिकरण प्रकोष्ठ, निकिता सिंह एवं पूनम राजभर, जेंडर स्पेशलिस्ट, सुमेश (अध्यापिका) एवं छात्राएं उपस्थित रहीं। इस कार्यक्रम से महिलाओं में डिजिटल ज्ञान, आत्मविश्वास और सामाजिक भागीदारी की भावना को बढ़ावा मिला।

विश्व हिन्दू महासंघ तहसील इकाई का गठन सम्पन्न

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। गुरुवार को पटेल नगर पश्चिमी स्थित पुरानी संगत पीठ मे विश्व हिन्दू महासंघ तहसील इकाई का गठन किया गया, जिसके के मुख्य अथिति पूर्व राज्य दर्जा प्राप्त मंत्री नीरज शाही रहे।
बताते चले कि गुरुवार को पटेल नगर बरहज स्थित पुरानी संगत पीठ के प्रांगण मे एक कार्यक्रम पीठ के पिठाधिश्वर परमेश्वर दास के नेतृत्व मे आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अथिति नीरज शाही एवं विशिष्ट अथिति जिला प्रभारी सुभाष तिवारी तथा जिलाध्यक्ष संजय तिवारी ने माँ भारती के चित्र पर पुष्प अर्पित कर आशीर्वाद प्राप्त किया ततपश्चात् परमेश्वर दास ने मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों का माल्यार्पण एवं अंगवस्त्र भेट कर स्वागत किया।

यह भी पढ़ें – पति घर आया तो पत्नी ने छिपाया बॉयफ्रेंड, वायरल हुआ वीडियो और बजी लाठियां

कार्यक्रम का शुरुआत करते हुए विश्व हिन्दू महासंघ के जिलाध्यक्ष संजय तिवारी कार्यकर्ताओ को सम्बोधित कर विश्व हिंदू महासंघ के उद्देश्य एवं सिद्धांतो के विषय मे बताया। उन्होंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ के द्वारा प्रदेश मे किये गए विकास व हिंदुत्व के प्रति उनकी सोच से कार्यकर्ताओ को अवगत कराया। इसी क्रम मे मुख्य अतिथि पूर्व राज्य दर्जा प्राप्त मंत्री नीरज शाही ने कार्यकर्ताओ को सम्बोधित करते हुए संघ को मजबूती प्रदान करने कि बात कही, उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व मे हिन्दू समाज सुरक्षित है और भारत उत्तरोतर विकास की ओर अग्रसर है।
इस दौरान उन्होंने विश्व हिन्दू महासंघ के तहसील इकाई के गठन की घोषणा की। उन्होंने हरिन्दर विश्वकर्मा को तहसील संयोजक तथा प्रदीप सोनकर को तहसील अध्यक्ष घोषित किया। इसी क्रम मे तहसील उपाध्यक्ष राजेश जायसवाल, एवं महामंत्री के पद पर दिनेश मणि त्रिपाठी को घोषित किया गया। वही चंदन पाण्डेय को मंत्री तथा कोषाध्यक्ष मनीष पाण्डेय को घोषित किया गया।

यह भी पढ़ें –

विश्व हिन्दू महासंघ तहसील इकाई की गठन के दौरान नीरज शाही ने श्रीनिवास पाण्डेय को धर्माचार्य प्रकोष्ठ का तहसील अध्यक्ष घोषित किया गया। इस दौरान वरिष्ठ पत्रकार जगदीश जायसवाल,सुनील गुप्ता,
डॉ कृष्णा जायसवाल,ओमप्रकाश विश्वकर्मा,हरिशंकर चौरसिया,संजय मिश्रा,चंद्रभान निषाद, भीम प्रसाद साहनी, प्रियांशु गुप्ता सहित आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कार्यक्रम का संचालन गुड्डू पहलवान जिला मिडिया प्रभारी एवं अर्जुन भारती ने किया।

पति घर आया तो पत्नी ने छिपाया बॉयफ्रेंड, वायरल हुआ वीडियो और बजी लाठियां

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें दिखाया गया है कि पति जब अचानक घर लौटता है, तो उसकी पत्नी घबरा जाती है क्योंकि उस समय उसका बॉयफ्रेंड भी घर में मौजूद होता है।

वीडियो में देखा जा सकता है कि पत्नी बॉयफ्रेंड को बेड के अंदर छिपाने की कोशिश करती है, लेकिन जैसे ही पति को शक होता है और वह बेड की तलाशी लेता है, बॉयफ्रेंड पकड़ा जाता है। इसके बाद पति गुस्से में आकर डंडे से पिटाई करने लगता है।

यह वीडियो @sankii_memer नाम के यूजर ने शेयर किया था और अब तक लाखों लोग इसे देख चुके हैं। वीडियो के वायरल होने के बाद लोग इसके बारे में मज़ाक और गंभीर बहस दोनों कर रहे हैं।

कमेंट सेक्शन में प्रतिक्रियाएँ

कुछ लोगों ने वीडियो को फनी और ड्रामेटिक बताया।

कुछ ने सामाजिक मुद्दों जैसे जबरदस्ती की शादी और दहेज प्रथा से जोड़ा।

एक यूजर ने लिखा, “अगर पहले से लवर था तो शादी क्यों की?”

अन्य ने मजाक में कहा, “अब तो दहेज में बेड के साथ बॉयफ्रेंड फ्री मिलने लगा है।”

कुछ लोगों का मानना है कि यह स्क्रिप्टेड वीडियो हो सकता है, जो केवल वायरल होने के लिए बनाया गया है।

यह वायरल वीडियो इस समय सोशल मीडिया पर चर्चा का मुख्य विषय बन गया है और लोगों की राय पूरी तरह बंटी हुई है।

क्या जीत पाएंगी मैथिली ठाकुर? अलीनगर सीट पर BJP का बड़ा दांव, जानें सियासी समीकरण

दरभंगा (राष्ट्र की परम्परा)। मशहूर लोकगायिका मैथिली ठाकुर का राजनीतिक डेब्यू बिहार विधानसभा चुनाव में नया उत्साह लेकर आया है। बीजेपी ने उन्हें दरभंगा जिले की अलीनगर विधानसभा सीट से उम्मीदवार बनाया है। पार्टी ने मौजूदा विधायक मिश्री लाल यादव का टिकट काटकर मैथिली को मौका दिया है। अब बड़ा सवाल है—क्या मैथिली ठाकुर अपने पहले ही चुनाव में जीत दर्ज कर पाएंगी?

अलीनगर सीट के सियासी समीकरण

अलीनगर सीट को पारंपरिक रूप से RJD का गढ़ माना जाता है।

2010 और 2015 में RJD के अब्दुल बारी सिद्दीकी ने यहां जीत दर्ज की थी।

2020 में VIP उम्मीदवार मिश्री लाल यादव जीते, जो बाद में BJP में शामिल हो गए।
हालांकि एक आपराधिक मामले में 2 साल की सजा मिलने के बाद उनकी विधायकी रद्द हो गई थी, जिससे यह सीट फिर चर्चा में आ गई।

वोट समीकरण की बात करें तो अलीनगर में लगभग 15-20% ब्राह्मण, 20-25% यादव, और 25-30% मुस्लिम वोटर्स हैं।
अगर मैथिली ठाकुर ब्राह्मण और महिला मतदाताओं को अपने पक्ष में कर लेती हैं, तो वे RJD की मजबूत पकड़ को चुनौती दे सकती हैं। लेकिन यादव-मुस्लिम गठजोड़ यदि RJD के साथ बना रहा, तो मुकाबला बेहद कठिन हो जाएगा।

BJP ने मैथिली ठाकुर पर क्यों खेला दांव?

दरअसल, बीजेपी को इस सीट पर एक साफ छवि और लोकप्रिय उम्मीदवार की तलाश थी। मैथिली ठाकुर बिहार में लोकगायिका के रूप में बेहद लोकप्रिय हैं और सोशल मीडिया पर करोड़ों फॉलोअर्स रखती हैं। उनके ब्राह्मण समुदाय से आने के कारण बीजेपी को उम्मीद है कि वे ब्राह्मण वोट बैंक को फिर से जोड़ेंगी और महिला मतदाताओं पर भी असर डालेंगी।

चुनौतियाँ भी कम नहीं

मैथिली ठाकुर को दो प्रमुख चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है:

  1. RJD का यादव-मुस्लिम गठजोड़, जो अलीनगर में परंपरागत रूप से मजबूत रहा है।
  2. BJP का आंतरिक विरोध, क्योंकि स्थानीय नेता संजय सिंह (पप्पू भइया) को टिकट नहीं मिलने से कार्यकर्ताओं में नाराजगी है।
    इसके अलावा, मैथिली ठाकुर का राजनीतिक अनुभव न होना भी विपक्षी दलों के लिए मुद्दा बन सकता है।

अगर मैथिली ठाकुर ब्राह्मण और महिला वोटरों को अपने पक्ष में करने में सफल होती हैं, तो वे RJD को कड़ी टक्कर दे सकती हैं। लेकिन समीकरणों के हिसाब से यह मुकाबला कड़ा और दिलचस्प होने वाला है।

नौकरी छूट गई? जानें PF से कितना पैसा निकाल सकते हैं, EPFO के नए नियमों की पूरी जानकारी

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। अगर आपकी नौकरी छूट गई है और आप अपने Provident Fund (PF) का पैसा निकालना चाहते हैं, तो आपके लिए बड़ी खबर है। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने हाल ही में PF निकासी के नियमों में बदलाव किए हैं। नए नियमों के अनुसार अब खाताधारकों को अपने पीएफ अकाउंट में कम से कम 25% राशि रखना अनिवार्य होगा, जबकि 75% तक की राशि वे निकाल सकते हैं।

नौकरी छूटने के बाद कब निकाल सकते हैं पूरा पैसा?

EPFO के नए दिशा-निर्देशों के मुताबिक, अगर किसी कर्मचारी की जॉब चली जाती है, तो वह 12 महीने बाद अपने पीएफ अकाउंट से 100% राशि निकाल सकता है। यह फैसला लेबर मिनिस्टर मनसुख मांडविया की अध्यक्षता वाले सेंट्रल बोर्ड ने मंजूर किया है। इसका उद्देश्य बेरोजगार लोगों को वित्तीय सहायता देना है ताकि वे आर्थिक रूप से सक्षम रह सकें।

क्या बदले हैं EPFO के नियम?

पहले बेरोजगार कर्मचारी सिर्फ 2 महीने बाद ही PF की पूरी राशि निकाल सकते थे, लेकिन अब उन्हें 1 साल (12 महीने) का इंतजार करना होगा।

PF की राशि: 12 महीने बाद निकाली जा सकती है।

पेंशन की राशि: 36 महीने (3 साल) बाद ही निकाली जा सकती है।

PF ऑनलाइन कैसे निकालें?

  1. EPFO पोर्टल पर लॉगिन करें – https://www.epfindia.gov.in
  2. UAN, पासवर्ड और कैप्चा दर्ज करें।
  3. Form 19 (PF निकासी) और Form 10C (पेंशन निकासी) भरें।
  4. बैंक डिटेल्स और दस्तावेज़ अपलोड करें।
  5. Form 15G/15H टैक्स बेनिफिट्स के लिए सबमिट करें।
  6. आधार OTP से वेरिफिकेशन कर अनुरोध सबमिट करें।

आपका आवेदन सबमिट होते ही EPFO कार्यालय में भेज दिया जाएगा, जहां वेरिफिकेशन के बाद राशि आपके बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी।

“ऑपरेशन सिंदूर बना भारत की आत्मनिर्भरता का प्रतीक — राजनाथ बोले, अब रक्षा नहीं, स्वाभिमान भी ‘मेड इन इंडिया’

पुणे (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने गुरुवार को कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ भारत की आत्मनिर्भरता और सामरिक क्षमता का जीवंत प्रतीक है। उन्होंने कहा कि इस अभियान में भारतीय सशस्त्र बलों ने जो शौर्य और पराक्रम दिखाया, उसे पूरी दुनिया ने देखा।

पुणे स्थित सिम्बायोसिस स्किल्स एंड प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के दीक्षांत समारोह में बोलते हुए उन्होंने कहा कि, “ऑपरेशन सिंदूर इस बात का प्रमाण है कि अब भारत केवल रक्षा उपकरणों का उपभोक्ता नहीं, बल्कि निर्माता भी है। हमारे वीर जवानों ने इस अभियान में स्वदेशी तकनीक और हथियारों का भरपूर उपयोग कर यह सिद्ध कर दिया कि ‘मेक इन इंडिया’ अब केवल नारा नहीं, राष्ट्रीय शक्ति बन चुका है।”

गौरतलब है कि 7 मई को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 निर्दोषों की जान जाने के बाद ऑपरेशन सिंदूर को अंजाम दिया गया था। इस दौरान भारतीय बलों ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में आतंकवादी ठिकानों पर सटीक कार्रवाई की। भारत की इस निर्णायक प्रतिक्रिया से बौखलाए पाकिस्तान को अंततः युद्धविराम का प्रस्ताव देना पड़ा।

राजनाथ सिंह ने कहा कि आज भारत ने रक्षा उत्पादन में विदेशी निर्भरता को कम कर दिया है। “स्वतंत्रता के बाद से जिन क्षेत्रों में हमें आत्मनिर्भर होना चाहिए था, वहाँ हमने विदेशी सहयोग पर भरोसा किया। लेकिन प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हमने उस प्रवृत्ति को बदला। अब भारत अपने सैनिकों के लिए अपने ही देश में बने आधुनिक हथियार बना रहा है,” उन्होंने कहा।

रक्षा मंत्री ने युवाओं के कौशल और नवाचार को देश की आत्मनिर्भरता की रीढ़ बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने “स्किल इंडिया, स्टार्ट-अप इंडिया और मेक इन इंडिया” जैसी पहलों से युवाओं को सशक्त बनाया है।
राजनाथ सिंह ने कहा, “अगर भारत को आत्मनिर्भर बनना है, तो सबसे पहले उसके युवाओं को कुशल बनाना होगा। इसी सोच से 2014 में कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय की स्थापना की गई थी।”

उन्होंने कहा कि भारत आज उस दौर में है, जहाँ “हर गोली, हर तोप और हर टैंक में भारतीय स्वाभिमान गूंज रहा है।”

ये भी पढ़ें –“नए चेहरे, नई जिम्मेदारियाँ: देवरिया पुलिस में तबादलों से बदलेंगे सुरक्षा समीकरण”

ये भी पढ़ें –तेज रफ्तार ट्रेलर की चपेट में आने से अधेड़ की मौत

ये भी पढ़ें –दानापुर रैली में बोले सीएम योगी: बिहार में फिर जीतेगी NDA, मिलेगा माता जानकी का आशीर्वाद

ये भी पढ़ें –देश के सपूत सूबेदार हरी बहादुर सिंह जम्मू-कश्मीर में हुए शहीद

देवरिया की सूर्या तिवारी ने तीन राष्ट्रीयकृत बैंकों में पाई सफलता, आईटी ऑफिसर पद पर हुआ चयन

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। देवरिया जिले की प्रतिभाशाली बेटी सूर्या तिवारी ने एक साथ तीन राष्ट्रीयकृत बैंकों में आईटी ऑफिसर पद पर सफलता हासिल कर जिले और क्षेत्र का नाम रोशन किया है। बरहज तहसील के ग्राम खुदिया मिश्र निवासी रामानुज तिवारी की पुत्री सूर्या तिवारी ने अपनी मेहनत और लगन से यह बड़ी उपलब्धि प्राप्त की।

सूर्या तिवारी का चयन स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा, और यूनियन बैंक ऑफ इंडिया में आईटी ऑफिसर पद पर हुआ है। इससे पहले वे एक अमेरिकी कंपनी में सीनियर सॉफ्टवेयर डेवलपर अधिकारी के रूप में कार्यरत थीं।

यह भी पढ़ें – हिंदू महासभा पाकिस्तानी हिंदुओं के साथ मनाएगी दीपावली, बी एन तिवारी ने दी जानकारी

खुदिया मिश्र स्थित एक विद्यालय के प्रबंधक रामानुज तिवारी की पुत्री सूर्या बचपन से ही पढ़ाई में होनहार रही हैं। परिवार में उनकी बड़ी बहन ए ग्रेड अधिकारी हैं, जबकि छोटा भाई आईआईटी पटना से कंप्यूटर इंजीनियर है।

क्षेत्र के शिक्षकों और समाजसेवियों — सुरेश पांडेय, प्रेम चंद मिश्र, अंगद तिवारी, संजय यादव और विद्या निवास यादव — ने सूर्या की इस उपलब्धि पर गर्व और हर्ष व्यक्त किया है।

सूर्या तिवारी की इस सफलता से न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे देवरिया जिले का मान बढ़ा है।

यह भी पढ़ें – शिक्षक मृत्युंजय कुमार की कविताएँ शिक्षा विभाग की ई-पत्रिका ‘निपुण बालमंच’ में प्रकाशित

शिक्षक मृत्युंजय कुमार की कविताएँ शिक्षा विभाग की ई-पत्रिका ‘निपुण बालमंच’ में प्रकाशित

पटना (राष्ट्र की परम्परा)। बिहार शिक्षा विभाग द्वारा जारी ‘निपुण बालमंच’ ई-पत्रिका के तीसरे अंक में राज्यभर के शिक्षकों और विद्यार्थियों की रचनात्मक अभिव्यक्तियों को स्थान दिया गया है। इस अंक में पूर्वी चंपारण के नवसृजित प्राथमिक विद्यालय खुटौना यादव टोला, पताही के शिक्षक मृत्युंजय कुमार की दो कविताएँ— “स्कूल चले हम” और “आओ खेलें खेल” — प्रकाशित की गई हैं।

शिक्षक मृत्युंजय कुमार देश की सबसे बड़ी प्रोफेशनल लर्निंग कम्युनिटी “टीचर्स ऑफ बिहार” के प्रदेश मीडिया संयोजक भी हैं। उनकी कविताओं को ई-पत्रिका में स्थान मिलने से शिक्षकों और विद्यार्थियों में उत्साह का माहौल है।

निपुण बालमंच ई-पत्रिका शिक्षा विभाग की एक नवाचारी पहल है, जिसका उद्देश्य बच्चों और शिक्षकों में रचनात्मकता, लेखन और अभिव्यक्ति कौशल को बढ़ावा देना है। इस त्रैमासिक पत्रिका में कहानियाँ, कविताएँ, चित्रकला और विविध रचनात्मक गतिविधियाँ शामिल की गई हैं।

पत्रिका के संपादकीय संदेश में बच्चों को संदेश दिया गया है— “कल्पना की दुनिया में खो जाइए! बालमंच का तीसरा अंक आपके सामने है, जिसमें मज़ेदार कहानियाँ, कविताएँ और गतिविधियों का खजाना है।”

इस अवसर पर शिक्षक मृत्युंजय कुमार ने कहा, “निपुण बालमंच जैसी पहल शिक्षकों और विद्यार्थियों दोनों के लिए प्रेरणादायक है। मेरी कविताओं को इसमें स्थान मिलना न केवल व्यक्तिगत सम्मान है, बल्कि यह सभी शिक्षकों के लिए एक संदेश है कि शब्दों और विचारों से बच्चों के मन में सृजनात्मक ऊर्जा भरी जा सकती है।”

“योगी का राजद पर वार: घुसपैठियों को वोट दिलाकर बिहारवासियों के अधिकार छीनना चाहता महागठबंधन”


दानापुर (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को बिहार में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) प्रत्याशी रामकृपाल यादव के समर्थन में आयोजित चुनावी सभा में महागठबंधन पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और कांग्रेस मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का विरोध इसलिए कर रहे हैं क्योंकि वे चाहते हैं कि घुसपैठिए भी आगामी विधानसभा चुनाव में मतदान करें और बिहार के लोगों के अधिकारों पर डाका डालें।

योगी आदित्यनाथ ने कहा, “राजद और कांग्रेस अब ‘बुर्के’ की राजनीति कर रहे हैं। वे पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया से डरते हैं। क्या बिहार के मतदाताओं के अधिकार छीनने की अनुमति दी जा सकती है?”

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने मंच से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की भी सराहना की और कहा कि डबल इंजन की सरकार ने बिहार के विकास की गति को नई दिशा दी है। उन्होंने कहा कि 1990 से 2005 तक बिहार में वंशवाद और अपराध का जो ‘जंगलराज’ फैला था, एनडीए सरकार ने पिछले दो दशकों में उस अंधकार से राज्य को निकालकर विकास के पथ पर अग्रसर किया है।

योगी ने कहा, “बिहार की धरती, जो आध्यात्मिकता और ज्ञान की प्रतीक रही है, उसे वंशवादी राजनीति ने कलंकित किया था। अब वह समय समाप्त हो चुका है। डबल इंजन की सरकार ने उस कलंक को मिटा दिया है और बिहार को विकास, सुशासन और सुरक्षा की दिशा दी है।”

उन्होंने बिहार और उत्तर प्रदेश के संबंधों को “एक आत्मा और एक संस्कृति का बंधन” बताते हुए कहा कि दोनों राज्यों का रिश्ता भगवान राम और माता जानकी जितना ही अटूट है। उन्होंने जनसभा में उपस्थित लोगों से एनडीए के पक्ष में मतदान करने की अपील करते हुए कहा कि बिहार का भविष्य अब विकास की राह पर अडिग है।

बिहार विधानसभा चुनाव दो चरणों में होंगे — पहला चरण 6 नवंबर और दूसरा चरण 11 नवंबर को। मतगणना 14 नवंबर को की जाएगी।

ये भी पढ़ें –गुरु बृहस्पति मंत्र: गुरू दिवस पर जपें ये शक्तिशाली मंत्र और खोलें भाग्य, धन, ज्ञान के द्वार

ये भी पढ़ें –“धन, धर्म और प्रेम का संगम: दीपावली महापर्व की आध्यात्मिक महिमा”

ये भी पढ़ें –📰 साढ़े तीन घंटे बाद देर रात बहाल हुआ यातायात, मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी न होने पर भड़का आक्रोश

ये भी पढ़ें –जय और उजैर बच्चों में जगा रहे हैं संविधान और पर्यावरण की चेतना

ये भी पढ़ें – सिकंदरपुर में पुलिस और बदमाश के बीच मुठभेड़, गैस सिलिंडर चोरी का आरोपी समीम कुरैशी गोली लगने से घायल

ये भी पढ़ें –दिल्ली में 7 साल बाद पटाखों की गूंज! सुप्रीम कोर्ट ने दी ग्रीन पटाखों की सशर्त अनुमति, खुश हुए दिल्लीवासी

ये भी पढ़ें –बही भक्ति, प्रेम और मातृत्व की त्रिवेणी, बाल योगी पचौरी जी महाराज ने किया श्रीकृष्ण बाल लीलाओं का अद्भुत वर्णन

ये भी पढ़ें –25 हजार का इनामी लूट का आरोपी मुठभेड़ में गिरफ्तार

ये भी पढ़ें –व्हाट्सएप वीडियो के आधार पर पति को मिला तलाक, अदालत ने परित्याग के कारण मंजूरी दी

ये भी पढ़ें –सिंदुरिया में सर्विस लेन निर्माण की मांग तेज, व्यापार मंडल ने डीएम को सौंपा ज्ञापन

हिंदू महासभा पाकिस्तानी हिंदुओं के साथ मनाएगी दीपावली, बी एन तिवारी ने दी जानकारी

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। अखिल भारत हिंदू महासभा ने इस साल दीपावली पर्व पाकिस्तानी हिंदुओं के साथ मनाने की घोषणा की है। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष रविंद्र कुमार द्विवेदी ने बताया कि महासभा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता नई दिल्ली के मजनू का टीला स्थित पाकिस्तानी हिंदू बस्ती में जाकर उनके साथ दीपावली की खुशियां साझा करेंगे। इस दौरान मिष्ठान्न वितरण के माध्यम से विश्व हिंदू एकता का संदेश दिया जाएगा।

हिंदू महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता बी. एन. तिवारी ने जानकारी दी कि राष्ट्रीय अध्यक्ष रविंद्र कुमार द्विवेदी के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल छोटी दीपावली के दिन पाकिस्तानी हिंदुओं की बस्ती पहुंचेगा और उन्हें दीपावली की शुभकामनाएं देगा।

यह भी पढ़ें – दानापुर रैली में बोले सीएम योगी: बिहार में फिर जीतेगी NDA, मिलेगा माता जानकी का आशीर्वाद

प्रतिनिधिमंडल में राष्ट्रीय संगठन मंत्री पवन शर्मा, कार्यालय मंत्री केशव चंद्र मल्होत्रा, प्रवक्ता मदन लाल गुप्ता, दिल्ली प्रदेश प्रभारी सुरेंद्र स्वामी, प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र सिंह राजू पार्चा, उपाध्यक्ष विजय सोनकर और महामंत्री शिवा गोस्वामी सहित कई पदाधिकारी शामिल होंगे। यह सभी नेता मिष्ठान्न और उपहार लेकर पहुंचेंगे और हिंदू एकता का संदेश देंगे।

बी. एन. तिवारी ने कहा कि “पाकिस्तानी हिंदू हमारे अपने बंधु हैं, और जहां भी हिंदू रहते हैं, वे एक परिवार का हिस्सा हैं। भारत में बसने वाले पाकिस्तानी हिंदुओं के प्रति प्रेम और विश्वास की भावना को मजबूत करने के लिए यह पहल की जा रही है।”

यह भी पढ़ें – 🕰️ १६ अक्टूबर : इतिहास के आईने में संघर्ष, परिवर्तन और गौरव के रंग

वहीं, राष्ट्रीय प्रवक्ता मदन लाल गुप्ता ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की याचिका पर एनसीआर में ग्रीन पटाखों की अनुमति देने के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि “अरविंद केजरीवाल शासन में दीपावली पर पटाखे चलाने पर रोक थी, लेकिन अब मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने हिंदुओं की धार्मिक आस्था का सम्मान करते हुए ग्रीन पटाखों के साथ दीपावली मनाने की अनुमति मांगी थी, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने मंजूर किया।”

हिंदू महासभा ने इस निर्णय के लिए सुप्रीम कोर्ट और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का आभार जताया है।