पटना (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)।बिहार में लोक आस्था के महापर्व छठ की रौनक चरम पर है, लेकिन इस बीच राजनीति भी तेज़ हो गई है। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने शनिवार को केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है। लालू ने आरोप लगाया है कि छठ पर्व पर बिहार लौटने वाले प्रवासी श्रमिकों के लिए पर्याप्त ट्रेनों की व्यवस्था नहीं की गई, जिससे लाखों लोग “अमानवीय परिस्थितियों” में यात्रा करने को मजबूर हैं।
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लालू प्रसाद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व ट्विटर) पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें छठ पर्व के लिए बिहार लौट रही ठसाठस भरी ट्रेनों में यात्रियों की मुश्किलें साफ दिख रही हैं। उन्होंने लिखा,
“झूठ के बेताज बादशाह और जुमलों के सरदार ने कहा था कि 13,198 में से 12,000 ट्रेनें बिहार के लिए चलेंगी। यह भी सफेद झूठ निकला। मेरे बिहारवासियों को अमानवीय तरीके से सफर करने को मजबूर किया जा रहा है।”
उल्लेखनीय है कि भाजपा अध्यक्ष जे. पी. नड्डा ने हाल ही में कहा था कि छठ पर्व के दौरान यात्रियों की भीड़ को देखते हुए रेल मंत्रालय ने इस बार 12,000 विशेष ट्रेनें चलाई हैं।
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लेकिन लालू प्रसाद ने इस दावे को पूरी तरह खारिज करते हुए कहा कि “एनडीए सरकार बिहारियों के साथ अन्याय कर रही है।”
पूर्व मुख्यमंत्री ने लिखा,
“20 साल की एनडीए सरकार में बिहारियों को पलायन का दंश झेलना पड़ा। छठ जैसे महापर्व पर भी ये सरकार ट्रेनों की व्यवस्था नहीं कर पा रही है। यह बेहद शर्मनाक है।”
लालू ने आगे कहा कि “संप्रग सरकार के बाद से बिहार में कोई बड़ा उद्योग नहीं लगाया गया, जिससे लोगों को रोज़गार मिले। डबल इंजन सरकार बिहार विरोधी है।”
इधर, बिहार में दो चरणों में विधानसभा चुनाव हो रहे हैं — पहला चरण 6 नवंबर को और दूसरा 11 नवंबर को। परिणाम 14 नवंबर को घोषित किए जाएंगे।
छठ पर्व और चुनावी माहौल के बीच यह बयान राज्य की राजनीति में नया ताप भर गया है।
