महराजगंज(राष्ट्र की परम्परा)। थाना कोठीभार बुधवार की देर शाम सबया हाला के पास हुए दर्दनाक सड़क हादसे ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया। ग्राम बुढ़ाडोह निवासी बीरबल (46) अपनी पत्नी शीला (42) के साथ असमती छपरा स्थित ससुराल से बाइक से घर लौट रहे थे।
बताया जाता है कि जैसे ही दंपती सबया ढाला के पास पहुंचे, सड़क किनारे बिना किसी संकेत के खड़े ट्रक को वे देख नहीं सके और उनकी बाइक सीधे उसी में जा टकराई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि मौके पर ही बीरबल की मौत हो गई। गंभीर रूप से घायल शीला को राहगीरों ने तुरंत सिसवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, लेकिन इलाज के दौरान उन्होंने भी दम तोड़ दिया। मृतक दंपती के पुत्र विशाल ने बताया कि उनके माता-पिता बुधवार सुबह ससुराल से निकल गए थे और देर शाम तक घर पहुंचने वाले थे। हादसे की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और गांव में मातम का माहौल छा गया।
घटना की पुष्टि करते हुए प्रभारी निरीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। परिजनों की तहरीर के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी। यह हादसा एक बार फिर सड़क के किनारे लापरवाही से खड़े भारी वाहनों की खतरे भरी हकीकत को उजागर करता है।
सबया ढाला में खड़े ट्रक से भीषण टक्कर: ससुराल से लौट रहे दंपती की मौत, गांव में मातम
जिलाधिकारी ने किया बीएलओ कार्यों का निरीक्षण, डोर-टू-डोर संवाद कर SIR प्रक्रिया की समीक्षा
आगरा,(राष्ट्र की परम्परा)l
विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (SIR) अभियान के तहत आज जिलाधिकारी अरविंद मल्लप्पा बंगारी ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों में बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) और सुपरवाइजरों द्वारा किए जा रहे कार्यों का मौके पर निरीक्षण किया। उन्होंने डोर-टू-डोर जाकर नागरिकों से संवाद कर गणना प्रपत्र वितरण एवं संकलन की स्थिति की विस्तृत समीक्षा की।
जिलाधिकारी ने कलेक्ट्रेट व तहसील सदर में चल रहे प्रपत्रों के डिजिटाइजेशन और फीडिंग कार्य का जायजा लिया। समीक्षा के दौरान बीएलओ और सुपरवाइजरों ने बताया कि कई मतदाताओं द्वारा फोटो और आवश्यक जानकारी उपलब्ध न कराने से कार्य में देरी हो रही है। इसे गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि हर पात्र नागरिक से संपर्क कर निर्धारित कॉलमों में सही-सही प्रविष्टियां सुनिश्चित कराई जाएं।
जिलाधिकारी ने मुस्तफा क्वार्टर, सोहल्ला आदि क्षेत्रों में भ्रमण के दौरान घर-घर सर्वे की प्रगति देखी और बीएलओ के कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने आम मतदाताओं से संवाद कर उन्हें अपना नवीन फोटो तैयार रखने, पूरी जानकारी सही रूप से भरने तथा गणना प्रपत्र जल्द से जल्द बीएलओ को सौंपने की अपील की। उन्होंने कहा कि “अंतिम दिन का इंतजार न करें, ताकि किसी का नाम मतदाता सूची से छूटने न पाए।”
उन्होंने सभी सुपरवाइजर व बीएलओ को निर्देश दिए कि आशा वर्कर, आंगनबाड़ी, पार्षद और वार्ड सदस्यों के सहयोग से कार्य में तेजी लाएं और तय समयसीमा में काम पूरा करें।
जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि SIR की प्रक्रिया 04 नवंबर से 04 दिसंबर तक संचालित की जा रही है। बीएलओ घर-घर जाकर गणना फॉर्म वितरित कर रहे हैं। मतदाता फॉर्म भरकर हस्ताक्षर सहित बीएलओ को वापस दे दें। यदि मतदाता घर पर उपलब्ध न हो तो परिवार का कोई भी सदस्य सभी की जानकारी भरकर फॉर्म जमा करा सकता है।
जिन मतदाताओं के हस्ताक्षरित फार्म उपलब्ध हो जाएंगे, उनके नाम 9 दिसंबर को जारी होने वाले ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल कर दिए जाएंगे। जिलाधिकारी ने बताया कि मतदाता अपना गणना प्रपत्र voters.eci.gov.in पोर्टल से भी डाउनलोड कर सकते हैं।
अधिक जानकारी के लिए हेल्पलाइन 1950 या 0562-2250170 पर संपर्क किया जा सकता है।
मोहनपुर–जैतापुर सिमरा रोड पर दर्दनाक हादसा: 50 वर्षीय बाइक सवार वीरेंद्र पाल की मौत
शाहजहांपुर (राष्ट्र की परम्परा)।बुधवार शाम मोहनपुर–जैतापुर सिमरा रोड पर बालाजी मंदिर के पास एक भीषण सड़क हादसे में जैतापुर सिमरा निवासी लगभग 50 वर्षीय वीरेंद्र पाल की मौके पर ही मौत हो गई। यह हादसा शाम को हुआ, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई।
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प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, वीरेंद्र पाल किसी काम से सड़क पार कर रहे थे, तभी तेज रफ्तार से आ रही एक बाइक ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि वे सड़क पर दूर तक जा गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत मदद की, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। हादसे में बाइक सवार भी घायल हो गया, जिसे ग्रामीणों ने तत्काल अस्पताल पहुंचाया।
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घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों की भीड़ मौके पर इकट्ठा हो गई। लोगों ने बताया कि यह स्थान लंबे समय से दुर्घटना-प्रवण क्षेत्र बना हुआ है। सड़क पर स्पीड कंट्रोल के लिए स्पीड ब्रेकर, चेतावनी बोर्ड और नियमित गश्त की व्यवस्था न होने से आए दिन दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल सुरक्षा उपाय लागू करने की मांग की।
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सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। अधिकारियों का कहना है कि बाइक सवार की पहचान की जा रही है और घटना की विस्तृत जांच जारी है। वहीं, वीरेंद्र पाल के घर में हादसे के बाद कोहराम मचा है। परिजन अचानक हुए इस दर्दनाक हादसे से स्तब्ध हैं।
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स्थानीय लोगों ने प्रशासन से इस मार्ग पर स्पीड ब्रेकर, साइन बोर्ड और नियमित पुलिस गश्त लगाने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं पर रोक लगाई जा सके। वीरेंद्र पाल के निधन से पूरे इलाके में शोक और आक्रोश दोनों देखा जा रहा है।
BLO को बिना प्रशिक्षण मैदान में उतारने से बढ़ी दिक्कतें, SIR प्रक्रिया में लोगों की परेशानियाँ चरम पर
गोरखपुर (राष्ट्र की मद्देशिया)। भारत के 12 राज्यों में जारी SIR प्रक्रिया में BLO की लापरवाही और प्रशिक्षण की कमी अब गंभीर समस्या के रूप में सामने आ रही है। आधे से अधिक क्षेत्रों में BLO ने काम शुरू कर दिया है, लेकिन ग्रामीण इलाकों में स्थिति बेहद अव्यवस्थित है। 50% लोगों ने फॉर्म जमा कर दिया है जबकि बाकी 50% अभी भी प्रक्रिया समझने में ही उलझे हैं। सबसे बड़ी शिकायत यह है कि कई BLO घर–घर न जाकर एक स्थान पर बैठ जाते हैं, जिससे ग्रामीणों को खुद पहुंचकर फॉर्म भरवाना पड़ रहा है।
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स्थानीय निवासियों के मुताबिक, BLO को नियमों की पर्याप्त जानकारी नहीं होने के कारण वे फॉर्म भरने में सही मार्गदर्शन नहीं दे पा रहे हैं। यही वजह है कि लोगों को फॉर्म की त्रुटियों के चलते बार–बार चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
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प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों ने सलाह दी है कि फॉर्म भरने से पहले उसकी दो फोटो कॉपी अवश्य करा लें। यदि आपका नाम 2002–2003 की वोटर लिस्ट में है, तो BLO के पास मौजूद सूची में उसे ढूंढकर उसकी कॉपी सुरक्षित रखें। वहीं जिनका नाम पुरानी सूची में नहीं है, वे अपने दादा–दादी, नाना–नानी या माता–पिता के नाम के आधार पर आगे की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।
फॉर्म में फोटो चस्पा करना, जन्मतिथि, आधार नंबर एवं मोबाइल नंबर दर्ज करना अनिवार्य है। विवाहित व्यक्तियों को पति–पत्नी का नाम और उपलब्ध होने पर ISP नंबर भरना चाहिए। नीचे दिए गए दो खानों में बाईं ओर पुराने सूची में दर्ज लोगों का विवरण और दाईं ओर उनके रिश्तेदारों का विवरण भरा जाएगा।
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विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि पहले फोटो कॉपी वाले फॉर्म को भरकर BLO से सही करवाएं, फिर असली फॉर्म भरें। साथ ही BLO की रसीद और पुरानी वोटर लिस्ट की कॉपी को नया कार्ड आने तक सुरक्षित रखना जरूरी है।
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अज्ञात कारणों से लगी भीषण आग, साहनी परिवार का आशियाना जलकर खाक — आर्थिक संकट गहराया
सलेमपुर/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा) सलेमपुर कोतवाली क्षेत्र में देर शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई जब अज्ञात कारणों से लगी भीषण आग ने साहनी परिवार के पूरे आशियाने को कुछ ही मिनटों में राख कर दिया। धर्मेंद्र साहनी पुत्र भूमंडल साहनी, हरिंद्र साहनी, शत्रुध्न साहनी, जनार्दन साहनी और अनिरुद्ध साहनी की रिहायशी झोपड़ी में भड़की आग इतनी तेजी से फैली कि ग्रामीणों को संभलने का भी मौका नहीं मिला। आग पर काबू करने का ग्रामीणों द्वारा हरसंभव प्रयास किया गया, लेकिन तब तक घर का हर सामान जलकर खाक हो चुका था।
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परिवार के लोगों ने बताया कि अगले महीने घर में शादी थी, जिसके लिए खरीदे गए सोने-चांदी के गहने, नए कपड़े, घरेलू उपयोग की पूरी सामग्री और लगभग 10 क्विंटल गेहूं-धान आग की लपटों में स्वाहा हो गए। घटना के समय पूरा परिवार गांव में एक पारिवारिक कार्यक्रम में गया हुआ था, तभी आग ने विकराल रूप ले लिया और देखते ही देखते पूरी झोपड़ी मलबे में बदल गई।
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आग से प्रभावित साहनी परिवार आर्थिक रूप से बेहद कमजोर है और मजदूरी कर जीवन यापन करता है। परिवार के पास पक्का मकान भी नहीं है, ऐसे में अचानक लगी आग न केवल उनकी मेहनत की कमाई छीन ले गई, बल्कि उन्हें पूरी तरह बेघर भी कर दिया है। परिवार ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से तुरंत आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है, ताकि वे अपने जीवन को दोबारा पटरी पर ला सकें।
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यह घटना न सिर्फ एक परिवार के लिए, बल्कि पूरे गांव के लिए गहरा सदमा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते अग्निशमन वाहन पहुंच जाता, तो नुकसान को कम किया जा सकता था। पीड़ित परिवार पुनर्वास और आपदा राहत के लिए प्रशासन की ओर आशाभरी निगाहों से देख रहा है।
बड़ौदा यूपी ग्रामीण बैंक जैतीपुर में मनमानी: केवाईसी के नाम पर वसूली से ग्रामीण हलकान
शाहजहांपुर (राष्ट्र की परम्परा)।जैतीपुर कस्बा स्थित बड़ौदा उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक, जैतीपुर शाखा पर मनमानी और लापरवाही के गंभीर आरोप लगे हैं। ग्रामीण खाताधारकों का कहना है कि बैंक कर्मी न केवल पासबुक एंट्री करने से बच रहे हैं, बल्कि KYC अपडेट के नाम पर अवैध वसूली भी करवा रहे हैं।
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ग्राहकों के अनुसार, पासबुक प्रिंट कराने के लिए आने पर उन्हें अक्सर यह कहकर लौटा दिया जाता है कि पासबुक एंट्री मशीन खराब है। वहीं, केवाईसी के लिए आए खाताधारकों को जानबूझकर शाखा के सामने स्थित एक बैंकिंग सेवा केंद्र पर भेजा जा रहा है, जहां प्रति खाताधारक ₹50 से ₹100 तक की वसूली की जा रही है। आरोप है कि यह वसूली बिना किसी आधिकारिक रसीद व जानकारी के की जा रही है।
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गुरुवार को आसपास के गांवों से आए दर्जनों ग्रामीणों – सत्यपाल सिंह, रामपाल, रामवीर, रामसेवक, कृष्णपाल सहित कई खाताधारकों ने बताया कि वे अपनी मेहनत की कमाई सुरक्षित रखने और समय पर निकासी के लिए बैंक में राशि जमा करते हैं, लेकिन अब बैंक कर्मचारियों का रवैया दिन-प्रतिदिन अधिक उदासीन और मनमाना होता जा रहा है।
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ग्रामीणों का कहना है कि नकद निकासी के लिए घंटों लाइन में लगने के बाद भी उनका काम नहीं होता, जबकि शाखा में आने वाले कथित दलालों के काम को प्राथमिकता दी जाती है। इससे आम खाताधारकों में भारी रोष है।
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जब इस संबंध में शाखा प्रबंधक अतीकुर रहमान से बात की गई तो उन्होंने कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। ग्रामीणों ने बड़ौदा यूपी ग्रामीण बैंक के उच्च अधिकारियों और जिला प्रशासन से पूरी जांच कर जिम्मेदार बैंक कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी भी खाताधारक का शोषण न हो सके।
वृद्धा आश्रम के 9 वृद्धजनों की मोतियाबिंद सर्जरी सफल, सीएमओ की पहल से लौटी आँखों की रोशनी
देवरिया, (राष्ट्र की परम्परा)।जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने की दिशा में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल कुमार गुप्ता की पहल एक बड़ी उपलब्धि बनकर सामने आई है। गुरुवार को सीएचसी गौरीबाजार में मेहड़ापुरवा स्थित वृद्धा आश्रम के 9 वृद्धजनों की मोतियाबिंद सर्जरी सफलतापूर्वक की गई। यह कदम न केवल स्वास्थ्य विभाग की सक्रियता को दर्शाता है बल्कि बुजुर्गों के जीवन में रोशनी लौटाने वाला मानवीय प्रयास भी है।
कुछ दिन पूर्व वृद्धा आश्रम में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में विशेषज्ञ टीम द्वारा वृद्धजनों की आंखों की जांच की गई थी, जिसमें 11 वृद्धजन मोतियाबिंद से प्रभावित पाए गए। इसके उपरांत सीएमओ के निर्देश पर सीएचसी गौरीबाजार में विशेष नेत्र सर्जरी शिविर आयोजित किया गया। प्रभारी चिकित्साधीक्षक डॉ. बी.एन. गिरी के नेतृत्व में आयोजित इस शिविर में बुजुर्गों की आंखों के स्वास्थ्य की समग्र देखभाल की व्यवस्था की गई।
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शिविर में फूलमतिया देवी, तेतरी देवी, चमेली देवी, काशीनाथ, सम्पति, बादामी देवी, दयाराम, परमावती और लगनी देवी की मोतियाबिंद सर्जरी की गई। नेत्र विशेषज्ञ डॉ. इक़बाल खान, सहायक चिकित्सक डॉ. एजाज अहमद और ग्रेनिका भारती की टीम ने अत्यंत दक्षता के साथ सभी ऑपरेशन सफलतापूर्वक पूरे किए। वहीं वार्ड ब्वॉय नारायण राजभर और आयुष्मान मित्र आस मित्र ने भी महत्वपूर्ण सहयोग निभाया।
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इस विशेष शिविर में कुल 20 मरीजों की निशुल्क मोतियाबिंद सर्जरी की गई। लाभान्वित वृद्धजनों ने सीएमओ सहित पूरी चिकित्सक टीम के प्रति आभार व्यक्त करते हुए बताया कि यह पहल उनके जीवन में “नई रोशनी” लेकर आई है। स्वास्थ्य विभाग की यह कोशिश जनकल्याण और बुजुर्ग देखभाल का उत्कृष्ट उदाहरण बन गई है।
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जनसेवा के प्रति समर्पित हियुवा नेता सुभाष त्रिपाठी नहीं रहे, गांव में उमड़ा जनसैलाब
संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के नाथनगर ब्लॉक के बेलवाडाड़ी निवासी और सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय सुभाष त्रिपाठी का गोरखपुर के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। वे कुछ दिनों से अस्वस्थ थे। उनके निधन की सूचना फैलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ पड़ी।
स्व.श्री त्रिपाठी श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन से नाथनगर, हरिहरपुर, महुली सहित जिले भर में जनजागरण और सामाजिक सरोकारों से जुड़े अभियानों में अग्रणी रहे। उनके प्रयासों ने क्षेत्र की अनेक युवा पीढ़ियों को प्रेरित किया। सूचना मिलते ही नगर पंचायत के विद्यालय में शोकसभा आयोजित कर अवकाश घोषित किया गया। दिनभर जिले के तमाम हिस्सों से लोग बेलवाडाड़ी स्थित उनके आवास पहुंचकर श्रद्धासुमन अर्पित करते रहे।
हिंदू युवा वाहिनी के संरक्षक हिंदूवादी नेता वेद प्रकाश सिंह ने कहा कि स्व. सुभाष त्रिपाठी की पहचान एक सत्यनिष्ठ और सिद्धांतवादी व्यक्तित्व के रूप में थी। उन्होंने कभी अपने विचारों से समझौता नहीं किया और जरूरतमंदों की हमेशा मदद की। उनके निधन को समाज के लिए अपूरणीय क्षति बताया गया।
उनके निधन पर परमात्मा प्रसाद मिश्र ने कहा कि स्व. त्रिपाठी ने जीवन भर जनसेवा को अपना धर्म माना। वे सरल, सौम्य और अत्यंत संवेदनशील व्यक्ति थे। उनका जाना पूरे क्षेत्र के लिए असहनीय है।
क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और बड़ी संख्या में नागरिकों ने उनके घर पहुंचकर शोक संवेदना व्यक्त की।
एक से अधिक स्थानों पर ईएफ भरना अपराध, एक वर्ष तक की सजा संभव : जिलाधिकारी
देवरिया,(राष्ट्र की परम्परा)
जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी श्रीमती दिव्या मित्तल ने मतदाता सूची से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी साझा करते हुए स्पष्ट किया कि यदि किसी मतदाता का नाम एक से अधिक स्थानों पर दर्ज है, तो उसे अलग-अलग स्थानों से ईपी/ईएफ प्राप्त हो सकता है, लेकिन केवल एक ही ईएफ पर हस्ताक्षर करना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि एक से अधिक ईएफ पर हस्ताक्षर करना दंडनीय अपराध है, जिसके लिए एक वर्ष तक की सजा या जुर्माने का प्रावधान है।
विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) के संबंध में जिलाधिकारी ने बताया कि किसी भी मतदाता को दो स्थानों से गणना प्रपत्र भरने की अनुमति नहीं है। चाहे नाम गांव और शहर दोनों जगह दर्ज हो या दो अलग-अलग राज्यों में—गणना प्रपत्र सिर्फ एक ही स्थान से भरा जाए। उन्होंने बताया कि चुनाव आयोग ने दोहरी प्रविष्टियों की पहचान के लिए डिजिटल प्रणाली विकसित की है, जो दो स्थानों से फॉर्म भरने वालों का स्वतः पता लगा लेगी।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि मतदाता जिस स्थान से मतदान करना चाहते हैं—पुश्तैनी गांव या वर्तमान निवास—उसी स्थान से गणना प्रपत्र जमा करें। उन्होंने बताया कि मतदाता सूची 27 अक्टूबर को फ्रीज कर दी गई है, इसलिए वर्तमान सूची में जिसका नाम जहां दर्ज है, उसे उसी स्थान से फॉर्म भरना होगा।
इस कार्य में लगे बीएलओ और सुपरवाइजरों को निर्देश दिए गए हैं कि किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरतें, अन्यथा उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश का कोई व्यक्ति यदि किसी अन्य राज्य में मतदाता के रूप में पंजीकृत है, तो उसे यूपी में गणना प्रपत्र नहीं भरना चाहिए। एसआईआर का उद्देश्य मृत मतदाताओं के नाम हटाकर तथा दोहरे नाम समाप्त कर मतदाता सूची को शुद्ध और अद्यतन बनाना है।
अंत में, जिलाधिकारी ने नागरिकों से अपील की कि एनुमरेशन फॉर्म भरने में बीएलओ का सहयोग करें। वर्ष 2003 की मतदाता सूची में अपना नाम तथा माता/पिता का नाम सीईओ उत्तर प्रदेश और ईसीआई की वेबसाइट पर ऑनलाइन खोजा जा सकता है।
