Saturday, June 27, 2026
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मेष से मीन तक 12 राशियों का संपूर्ण भविष्यफल

आज का विस्तृत दैनिक राशिफल | 18 दिसंबर 2025, गुरुवार

मेष से मीन तक 12 राशियों का संपूर्ण भविष्यफल

✍️ पंडित सत्य प्रकाश पाण्डेय

ग्रह-नक्षत्रों की वर्तमान चाल आज के दिन को विशेष बना रही है। बृहस्पति मिथुन में, सूर्य-मंगल धनु में, बुध-शुक्र-चंद्रमा वृश्चिक में, शनि मीन में और राहु-केतु कुंभ-सिंह अक्ष पर विराजमान हैं। इन योगों का प्रभाव जीवन के हर क्षेत्र—कार्य, शिक्षा, व्यवसाय, राजनीति, कला और आर्थिक स्थिति—पर पड़ेगा।

मेष (Aries ♈ | चू-चे-चो-ला-ली-लू-ले-लो-अ)
आज सावधानी आवश्यक। कार्यक्षेत्र में जल्दबाज़ी नुकसान दे सकती है। वाहन धीरे चलाएँ।
व्यवसाय: जोखिम भरे निवेश से बचें।
शिक्षा: ध्यान भंग हो सकता है, अनुशासन रखें।
कला/संगीत: रचनात्मकता उभरेगी।
राजनीति/प्रशासन: टकराव से बचें।
आर्थिक: आय सामान्य, खर्च नियंत्रित रखें।
शुभ रंग: लाल | शुभ अंक: 9 | आराध्य: हनुमान जी

वृषभ (Taurus ♉ | ई-ऊ-ए-ओ-वा-वी-वू-वे-वो)
संबंधों में मधुरता। साझेदारी में लाभ।
व्यवसाय: नए करार सफल।
शिक्षा: प्रतियोगी छात्रों को सफलता।
कला/संगीत: मंच पर प्रशंसा।
राजनीति/प्रशासन: सहयोग मिलेगा।
आर्थिक: धन प्रवाह अच्छा।
शुभ रंग: सफेद | शुभ अंक: 6 | आराध्य: लक्ष्मी माता

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मिथुन (Gemini ♊ | का-की-कू-घ-ङ-छ-के-को-हा)
मेहनत रंग लाएगी, विरोधी शांत होंगे।
व्यवसाय: अटके काम पूरे।
शिक्षा: मार्गदर्शन से लाभ।
कला/संगीत: लेखन-वाणी से पहचान।
राजनीति/प्रशासन: वरिष्ठों का आशीर्वाद।
आर्थिक: स्थिरता।
शुभ रंग: हरा | शुभ अंक: 5 | आराध्य: गणेश जी

कर्क (Cancer ♋ | ही-हू-हे-हो-डा-डी-डू-डे-डो)
भावनाओं पर नियंत्रण रखें।
व्यवसाय: निर्णय सोच-समझकर।
शिक्षा: मन एकाग्र रखें।
कला/संगीत: भावप्रधान रचना।
राजनीति/प्रशासन: संयम आवश्यक।
आर्थिक: औसत।
शुभ रंग: सफेद | शुभ अंक: 2 | आराध्य: शिव जी

सिंह (Leo ♌ | मा-मी-मू-मे-मो-टा-टी-टू-टे)
घर-परिवार में मतभेद, पर संपत्ति योग।
व्यवसाय: दीर्घकालिक लाभ।
शिक्षा: आत्मविश्वास बढ़ेगा।
कला/संगीत: नेतृत्व क्षमता।
राजनीति/प्रशासन: प्रभाव बढ़ेगा।
आर्थिक: निवेश शुभ।
शुभ रंग: पीला | शुभ अंक: 1 | आराध्य: सूर्य देव

कन्या (Virgo ♍ | टो-पा-पी-पू-ष-ण-ठ-पे-पो)
पराक्रम से सफलता।
व्यवसाय: प्रमोशन/विस्तार।
शिक्षा: परिणाम अनुकूल।
कला/संगीत: तकनीकी दक्षता।
राजनीति/प्रशासन: योजनाएँ सफल।
आर्थिक: लाभ।
शुभ रंग: नीला | शुभ अंक: 5 | आराध्य: गणेश जी

तुला (Libra ♎ | रा-री-रू-रे-रो-ता-ती-तू-ते)
वाणी से विजय।
व्यवसाय: सौदे फायदे के।
शिक्षा: प्रस्तुति में चमक।
कला/संगीत: सौंदर्यबोध।
राजनीति/प्रशासन: जनसमर्थन।
आर्थिक: धन वृद्धि।
शुभ रंग: गुलाबी | शुभ अंक: 6 | आराध्य: महालक्ष्मी

वृश्चिक (Scorpio ♏ | तो-ना-नी-नू-ने-नो-या-यी-यू)
आत्मविश्वास उच्च।
व्यवसाय: स्थिर प्रगति।
शिक्षा: शोध में सफलता।
कला/संगीत: गहराईपूर्ण रचना।
राजनीति/प्रशासन: प्रभावशाली निर्णय।
आर्थिक: संतुलन।
शुभ रंग: लाल | शुभ अंक: 9 | आराध्य: भैरव/दुर्गा

धनु (Sagittarius ♐ | ये-यो-भा-भी-भू-धा-फा-ढा-भे)
स्वास्थ्य व खर्च पर ध्यान।
व्यवसाय: साझेदारी में स्पष्टता रखें।
शिक्षा: मार्गदर्शन लें।
कला/संगीत: प्रेरणा मिलेगी।
राजनीति/प्रशासन: धैर्य जरूरी।
आर्थिक: मध्यम।
शुभ रंग: पीला | शुभ अंक: 3 | आराध्य: विष्णु जी

मकर (Capricorn ♑ | भो-जा-जी-खी-खू-खे-खो-गा-गी)
आय के नए स्रोत।
व्यवसाय: विस्तार/यात्रा योग।
शिक्षा: लक्ष्य स्पष्ट।
कला/संगीत: अनुशासन से सफलता।
राजनीति/प्रशासन: जिम्मेदारी बढ़ेगी।
आर्थिक: बहुत अच्छा।
शुभ रंग: भूरा | शुभ अंक: 8 | आराध्य: शनिदेव

कुंभ (Aquarius ♒ | गू-गे-गो-सा-सी-सू-से-सो-दा)
कानूनी व प्रशासनिक विजय।
व्यवसाय: बड़ा लाभ।
शिक्षा: तकनीकी विषयों में सफलता।
कला/संगीत: नवाचार।
राजनीति/प्रशासन: पद-प्रतिष्ठा।
आर्थिक: उत्कृष्ट।
शुभ रंग: हरा | शुभ अंक: 4 | आराध्य: शिव जी

मीन (Pisces ♓ | दी-दू-थ-झ-ञ-दे-दो-चा-ची)
भाग्य प्रबल।
व्यवसाय: अवसर मिलेंगे।
शिक्षा: उच्च अध्ययन के योग।
कला/संगीत: आध्यात्मिक रंग।
राजनीति/प्रशासन: सम्मान।
आर्थिक: सुधार।
शुभ रंग: पीला | शुभ अंक: 7 | आराध्य: नारायण/विष्णु

(⚠️ नोट: यह ज्योतिषीय गणना सामान्य है। राष्ट्र की परम्परा इस ज्योतिष को प्रमाणित नहीं करता। सटीक फल हेतु अपनी जन्मकुंडली किसी विशेषज्ञ से अवश्य दिखाएँ।)

आज का विस्तृत हिंदू पंचांग, मास शिवरात्रि विशेष

पंचांग 18 दिसंबर 2025 | आज का विस्तृत हिंदू पंचांग, मास शिवरात्रि विशेष
दिनांक: गुरुवार, 18 दिसंबर 2025
विक्रम संवत: 2082 (कालयुक्त संवत्सर)
शक संवत: 1947 (विश्वावसु संवत्सर)
चन्द्र मास: मार्गशीर्ष (अमांत)
पक्ष: कृष्ण पक्ष
अयन: दक्षिणायन
ऋतु: हेमंत

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🔱 आज की तिथि
कृष्ण पक्ष चतुर्दशी – प्रातः 04:59 बजे तक
इसके उपरांत अमावस्या आरंभ
🌟 नक्षत्र
अनुराधा – रात्रि 08:06 बजे तक
इसके बाद ज्येष्ठा
🔔 योग
धृति योग – दोपहर 03:05 बजे तक
इसके बाद शूल योग
🪔 करण
विष्टि (भद्रा) – दोपहर 03:47 बजे तक
इसके बाद शकुनि, फिर चतुषद

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☀️ सूर्य एवं 🌙 चंद्रमा
सूर्योदय: 07:06 AM
सूर्यास्त: 05:40 PM
चन्द्रोदय: 05:29 AM
चन्द्रास्त: 04:13 PM
सूर्य राशि: वृश्चिक
चंद्र राशि: वृश्चिक

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🚩 वार
गुरुवार
🕉️ आज का पर्व एवं व्रत
मास शिवरात्रि
आज शिव भक्ति, रुद्राभिषेक, महामृत्युंजय जाप एवं व्रत का विशेष महत्व है।

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⚠️ अशुभ काल
केराहुकाल: 01:42 PM – 03:01 PM
यमगण्ड: 07:06 AM – 08:25 AM
कुलिक: 09:44 AM – 11:04 AM
दुर्मुहूर्त:
10:37 AM – 11:19 AM
02:51 PM – 03:33 PM
वर्ज्यम्: 02:20 AM – 04:07 AM

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शुभ काल (चौघड़िया)
लाभ: 12:23 PM – 01:42 PM
अमृत: 01:42 PM – 03:01 PM
शुभ: 04:21 PM – 05:40 PM
🧭 दिशा शूल एवं यात्रा फल
गुरुवार को दक्षिण दिशा की यात्रा वर्जित
यदि यात्रा आवश्यक हो तो गुड़ या चना खाकर यात्रा करें।
उत्तर एवं पूर्व दिशा की यात्रा से लाभ प्राप्त होगा।
🔮 चंद्रबल (19/12/25 प्रातः 07:06 बजे तक)
वृषभ, मिथुन, कन्या, वृश्चिक, मकर, कुंभ
✨ सर्वार्थसिद्धि योग
❌ आज सर्वार्थसिद्धि योग नहीं है
📌 विशेष धार्मिक संकेत
मास शिवरात्रि पर रात्रि जागरण, बेलपत्र अर्पण और “ॐ नमः शिवाय” जप विशेष फलदायी होता है। आज किए गए दान और तपस्या से पापक्षय एवं मनोवांछित सिद्धि मिलती है।
🔔 नोटइस पंचांग में किसी भी प्रकार की त्रुटि के लिए ‘राष्ट्र की परम्परा’ उत्तरदायी नहीं है। कृपया किसी भी महत्वपूर्ण कार्य से पूर्व योग्य विद्वान अथवा आचार्य से परामर्श अवश्य लें।
🌼 सनातन परंपरा के साथ जुड़े रहें, धर्म और संस्कृति को आगे बढ़ाएं।

मनरेगा से गांधी का नाम हटाना राजनीति से प्रेरित कदम : जय प्रकाश भाई पटेल

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हजारीबाग/रांची (राष्ट्र की परम्परा)। हजारीबाग में जिला कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में भाजपा द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) से महात्मा गांधी का नाम हटाने के प्रस्ताव के विरोध में पुराना समाहरणालय स्थित धरना स्थल पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व मंत्री एवं जिला कांग्रेस अध्यक्ष जय प्रकाश भाई पटेल ने की।

धरना को संबोधित करते हुए जय प्रकाश भाई पटेल ने कहा कि मनरेगा से गांधी जी का नाम हटाना एक सोची-समझी और वैचारिक रूप से प्रेरित राजनीति है। यह कदम श्रम की गरिमा, सामाजिक न्याय और गरीबों के प्रति राज्य की जिम्मेदारी जैसे गांधीवादी मूल्यों के प्रति भाजपा-आरएसएस की असहजता को उजागर करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रस्तावित नया विधेयक मनरेगा के अंतर्गत मिलने वाले कानूनी ‘काम के अधिकार’ को समाप्त कर केंद्र नियंत्रित योजना लाने की कोशिश है, जिसमें रोजगार की कोई वैधानिक गारंटी नहीं होगी।

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जय प्रकाश भाई पटेल ने आगे कहा कि मजदूरी के वित्तपोषण से केंद्र सरकार का पीछे हटना, राज्यों पर आर्थिक बोझ डालना और आवंटन पर सीमा लगाना संघीय ढांचे को कमजोर करेगा। इससे जरूरतमंद ग्रामीण मजदूरों को रोजगार से वंचित होने का खतरा बढ़ेगा।

जिला कांग्रेस मीडिया अध्यक्ष निसार खान ने बताया कि इस विरोध प्रदर्शन में प्रदेश और जिला स्तर के कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता तथा सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए और केंद्र सरकार के फैसले के खिलाफ एकजुट होकर आवाज बुलंद की।

ये भी पढ़ें – अंबा प्रसाद और योगेंद्र साव की सोनिया गांधी व प्रियंका गांधी से मुलाकात, झारखंड में कांग्रेस को मजबूत करने पर हुई चर्चा

अंबा प्रसाद और योगेंद्र साव की सोनिया गांधी व प्रियंका गांधी से मुलाकात, झारखंड में कांग्रेस को मजबूत करने पर हुई चर्चा

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बड़कागांव/रांची (राष्ट्र की परम्परा)। नई दिल्ली स्थित इंदिरा भवन में कांग्रेस की वरिष्ठ नेत्री सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी वाड्रा से बड़कागांव की पूर्व विधायक अंबा प्रसाद तथा पूर्व मंत्री योगेंद्र साव ने मुलाकात की। इस दौरान झारखंड में कांग्रेस संगठन को मजबूती प्रदान करने के लिए किए जा रहे कार्यों और भविष्य की रणनीति पर विस्तार से चर्चा हुई।

मुलाकात के दौरान अंबा प्रसाद ने आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल में उन्हें सौंपी गई जिम्मेदारियों की जानकारी सोनिया गांधी को दी। उन्होंने बताया कि वे दोनों राज्यों में कांग्रेस संगठन को मजबूत करने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही हैं और आगामी चुनावों में पार्टी को वहां व्यापक जनसमर्थन मिलने की उम्मीद है। सोनिया गांधी ने अंबा प्रसाद के संगठनात्मक कार्यों की सराहना करते हुए कांग्रेस की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने पर बल दिया।

ये भी पढ़ें – आंदोलनकारियों के अधिकारों की रक्षा के लिए खुद लड़नी होगी लड़ाई – पुष्कर महतो

इस अवसर पर अंबा प्रसाद ने मनरेगा का नाम बदले जाने के मुद्दे पर कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा नाम परिवर्तन के अलावा नए विधेयक में श्रमिकों और कर्मियों के लिए कोई ठोस राहत नहीं दी गई है। उनका आरोप था कि सरकार की मंशा महात्मा गांधी के नाम को कमजोर करने की है, जबकि जमीनी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा।

मुलाकात के दौरान सोनिया गांधी और प्रियंका गांधी ने योगेंद्र साव और अंबा प्रसाद को राज्य में जनहितकारी मुद्दों पर सक्रिय रहते हुए पार्टी का जनाधार बढ़ाने के निर्देश दिए। साथ ही युवा, महिला, दलित, आदिवासी और किसानों से जुड़ी समस्याओं पर विशेष रूप से काम करने पर जोर दिया गया।

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आंदोलनकारियों के अधिकारों की रक्षा के लिए खुद लड़नी होगी लड़ाई – पुष्कर महतो

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हजारीबाग/रांची (राष्ट्र की परम्परा)। झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा, हजारीबाग के तत्वावधान में डिस्ट्रिक्ट मोड़ के समीप झारखंड आंदोलनकारियों की विभिन्न मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन किया गया। आंदोलनकारियों ने राजकीय मान-सम्मान, अलग पहचान, बाल-बच्चों को रोज़गार एवं नियोजन की गारंटी, जेल जाने की बाध्यता समाप्त करने और सभी को समान रूप से ₹50,000 पेंशन देने की मांग उठाई।

धरना के पश्चात आंदोलनकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने उत्तरी छोटा नागपुर प्रमंडल के आयुक्त पवन कुमार को अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। आयुक्त ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वासन दिया कि मांग पत्र के आलोक में सरकार को पत्र प्रेषित किया जाएगा और आंदोलनकारियों के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रमंडल प्रशासन संवेदनशील है।

आंदोलनकारियों ने निर्णय लिया कि 5 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण एवं सम्मान पत्र दिए जाने के निर्णय के समर्थन में 3 जनवरी 2026 को मारंग गोमके जयपाल सिंह मुंडा की जयंती के अवसर पर हजारों की संख्या में आभार यात्रा में भाग लेंगे।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा के संस्थापक पुष्कर महतो ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारियों के बाल-बच्चों के अधिकारों की रक्षा के लिए स्वयं संघर्ष करना होगा। उन्होंने सरकार से मांग की कि आंदोलनकारियों को न्याय, सम्मान और स्वाभिमान के साथ जीवन जीने का अधिकार मिले। साथ ही उन्होंने 11 जनवरी 2026 से पूर्व दिशोम गुरु शिबू सोरेन को गजट नोटिफिकेशन जारी कर झारखंड आंदोलनकारी के रूप में सम्मानित करने की मांग की।

केंद्रीय अध्यक्ष विदेशी महतो ने कहा कि झारखंड को लूट और शोषण से बचाना जरूरी है। जिन मूल्यों और संघर्षों के आधार पर झारखंड राज्य बना है, सरकार को उन्हें स्थापित कर आंदोलनकारियों के बच्चों को उनके अधिकार दिलाने चाहिए।

कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे जिला अध्यक्ष प्रवीण मेहता ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारियों का सम्मान ही राज्य का सम्मान है। यदि सरकार सम्मान पत्र दे रही है तो सम्मानजनक पेंशन राशि भी सुनिश्चित करनी होगी।

पूर्व सांसद भुवनेश्वर प्रसाद मेहता ने कहा कि झारखंड आंदोलनकारियों के त्याग, संघर्ष और बलिदान से ही राज्य का निर्माण हुआ है। सरकार को आंदोलनकारियों को राजकीय मान-सम्मान, पेंशन और सभी सरकारी सुविधाएं प्रदान करनी चाहिए।

कार्यक्रम में बटेश्वर मेहता, सुनीता कच्छप, ललित नारायण, जासो देवी, वीणा पाणी नंदी, राधे कुमार, विनोद पांडेय, सूरज जायसवाल, लालधन महतो, अबरार अंसारी, गणेश सीटू, ठाकुर राम महतो, भीम माझी, सहदेव महतो, हसनैन, भरत महतो, गोविंद महली, बालकिशून बेदिया, राजकुमार सिंह, भोला गुप्ता, श्रीकांत मेहता सहित सैकड़ों झारखंड आंदोलनकारी उपस्थित रहे।

सीएचसी में गंभीर लापरवाही का आरोप, प्रसव पीड़ा से तड़पती महिलाओं को ऑपरेशन थिएटर में छोड़ चले गए डॉक्टर

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। देवरिया जिले के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) बरहज में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि रुपये न मिलने पर डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों ने प्रसव पीड़ा से जूझ रही महिलाओं को ऑपरेशन थिएटर में छोड़ दिया, जिससे उनकी हालत गंभीर हो गई। परिजनों के घंटों हंगामे के बाद ही जाकर ऑपरेशन किया गया।

सूत्रों के अनुसार मंगलवार को ग्रामीण क्षेत्र से तीन गर्भवती महिलाएं प्रसव पीड़ा की स्थिति में अपने-अपने परिजनों के साथ सीएचसी बरहज पहुंचीं। डॉक्टरों ने जांच के बाद बताया कि जच्चा और बच्चा दोनों की स्थिति खतरे में है और तत्काल ऑपरेशन जरूरी है। परिजनों ने ऑपरेशन के लिए सहमति दे दी, जिसके बाद महिलाओं को ऑपरेशन थिएटर में शिफ्ट कर दिया गया।

आरोप है कि इसके बाद स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा पैसों की मांग की गई। रुपये न मिलने पर डॉक्टर ऑपरेशन थिएटर छोड़कर चले गए और महिलाएं घंटों दर्द से कराहती रहीं। परिजन रात करीब 9:30 बजे तक डॉक्टरों का इंतजार करते रहे, लेकिन कोई चिकित्सक नहीं आया।

ये भी पढ़ें – गोरखपुर विश्वविद्यालय में मिशन शक्ति कार्यक्रम का आयोजन

मरीजों की हालत बिगड़ती देख और डॉक्टरों के न आने से आक्रोशित परिजनों ने सीएचसी परिसर में जमकर हंगामा किया। मामला बिगड़ता देख स्वास्थ्य कर्मियों और डॉक्टरों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए ऑपरेशन किया, जिसके बाद तीनों महिलाओं ने सुरक्षित प्रसव किया। जच्चा और बच्चा दोनों सुरक्षित बताए जा रहे हैं, तब जाकर स्थिति शांत हुई।

प्रसव कराने वाली महिलाओं की पहचान सुधा देवी पत्नी शैलेश गोड़ (ग्राम गोहाव), करीना देवी पत्नी अजीत (ग्राम महुई) और मनीषा पाल पत्नी डी.एम. पाल (ग्राम लक्ष्मीपुर), थाना बरहज क्षेत्र के रूप में हुई है।

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परिजनों ने आरोप लगाया कि यह पूरी लापरवाही पैसों की मांग के कारण हुई। वहीं सूत्रों की मानें तो स्वास्थ्य केंद्र पर तैनात फार्मासिस्ट चंद्रप्रकाश को रुपये के लेनदेन के आरोप में भलुअनी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्थानांतरित कर दिया गया है, हालांकि वह अब भी सीएचसी बरहज में मौजूद बताए जा रहे हैं। मामले ने स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

गोरखपुर विश्वविद्यालय में मिशन शक्ति कार्यक्रम का आयोजन

‘देवी अहिल्या–शक्ति का प्रतीक’ पर नाट्य व सांस्कृतिक प्रस्तुतियां

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के गणित एवं सांख्यिकी विभाग में भारत सरकार एवं उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित मिशन शक्ति कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य विषय “देवी अहिल्या – शक्ति का प्रतीक” रहा। इसका उद्देश्य छात्राओं एवं बच्चों में नारी सशक्तिकरण, सामाजिक चेतना तथा भारतीय इतिहास की महान महिला विभूतियों के योगदान को उजागर करना था।

कार्यक्रम के दौरान विभाग की छात्राओं एवं सरस्वती बालिका विद्यालय के बच्चों ने प्रभावशाली नाट्य प्रस्तुति, सामूहिक नृत्य और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। “देवी अहिल्या – एक महान शासक” विषय पर आधारित नाटक में देवी अहिल्याबाई होलकर के शासनकाल में किए गए मंदिरों के जीर्णोद्धार, सामाजिक सुधार, न्यायप्रिय प्रशासन और जनकल्याणकारी कार्यों का जीवंत चित्रण प्रस्तुत किया गया। नाटक के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि संवेदनशील नेतृत्व और सुशासन समाज को नई दिशा प्रदान करता है।

इसके पश्चात स्त्री शक्ति थीम सांग पर आधारित सामूहिक नृत्य ने उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया। वहीं बच्चों ने रानी अहिल्याबाई, रानी लक्ष्मीबाई, रानी अब्बका, दुर्गा भाभी, रानी पद्मिनी, रानी जीजाबाई और सावित्रीबाई फुले का वेश धारण कर उनके संघर्ष, साहस और ऐतिहासिक योगदान को मंच पर सजीव किया।

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कार्यक्रम की मुख्य वक्ता प्रो. कीर्ति पाण्डेय ने मिशन शक्ति को नारी शक्ति का सशक्त प्रतीक बताते हुए कहा कि जब-जब समाज संकट में रहा है, तब-तब नारी शक्ति ने नेतृत्व कर मार्गदर्शन किया है। उन्होंने छात्राओं से आत्मनिर्भर, आत्मविश्वासी और जागरूक बनने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में नोडल अधिकारी प्रो. विनीता पाठक ने प्रस्तुतियों की सराहना करते हुए कहा कि मिशन शक्ति केवल एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि समाज को जागरूक करने वाला प्रभावी संदेश है।
स्वागत भाषण विभागाध्यक्ष प्रो. उमा श्रीवास्तव ने दिया। संचालन डॉ. राजेश पाण्डेय ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन डॉ. जितेन्द्र कुशवाहा द्वारा प्रस्तुत किया गया।

ये भी पढ़ें – पेंशनर्स की समस्याओं का त्वरित निस्तारण करें संबंधित अधिकारीगण: डीएम

इस अवसर पर डॉ. त्रिलोकी नाथ, डॉ. जूली श्रीवास्तव, डॉ. राजेश कुमार, डॉ. विवेक कुमार शर्मा, डॉ. जी.पी. सिंह, डॉ. विकास राना सहित अन्य विभागों के शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित रहीं। कार्यक्रम का सफल समापन हुआ और इसे नारी सशक्तिकरण की दिशा में एक सार्थक पहल बताया गया।

विष्णु अवतारों का रहस्य: अधर्म विनाश से लोककल्याण तक

🕉️ अखंड धर्म की विजय और लोककल्याण की दिव्य योजना
शास्त्रोक्त विष्णु अवतार कथा (जब धर्म की स्थापना के बाद भगवान स्वयं लोकमंगल के लिए सक्रिय होते हैं)

ये भी पढ़ें –“भगवान विष्णु की दिव्य लीला: अधर्म का अंत और करुणा का उदय

पिछले गुरुवार की कथा में हमने जाना कि जब-जब अधर्म का भार असहनीय हो जाता है, तब ईश्वर स्वयं अवतरित होकर यह सिद्ध करते हैं कि धर्म कभी पराजित नहीं होता। उसी दिव्य क्रम में उस चरण तक ले जाता है, जहाँ धर्म की स्थापना के उपरांत भगवान विष्णु लोककल्याण की सूक्ष्म, गूढ़ और सर्वव्यापी योजनाओं को क्रियान्वित करते हैं।

ये भी पढ़ें –पृथ्वी की पुकार और विष्णु का अवतरण: शास्त्रोक्त कथा का चमत्कारी अध्याय

शास्त्र कहते हैं— “धर्मसंस्थापनार्थाय सम्भवामि युगे युगे।”(भगवद्गीता 4.8)
परंतु यह श्लोक केवल अधर्म-विनाश की नहीं, बल्कि लोकहित, करुणा, समता और संतुलन की व्यापक अवधारणा को भी समेटे हुए है। यही इस एपिसोड का मूल भाव है।

धर्म स्थापना के बाद भी ईश्वर का कार्य समाप्त नहीं होता

यह सामान्य भ्रांति है कि जब अधर्म का अंत हो जाए तो भगवान का कार्य पूर्ण हो जाता है। शास्त्र इसके विपरीत कहते हैं।
धर्म की स्थापना तो केवल प्रथम चरण है, वास्तविक दिव्यता तब प्रकट होती है जब समाज को संतुलन, सद्बुद्धि और लोककल्याण की दिशा दी जाती है।
विष्णु भगवान पालनकर्ता हैं—
वे केवल युद्ध नहीं करते,
वे केवल दंड नहीं देते,
वे समाज को जीने की मर्यादा सिखाते हैं।
रामावतार में राजधर्म,
कृष्णावतार में लोकधर्म और कर्मयोग,
नृसिंहावतार में भक्त-रक्षा,
वामनावतार में अहंकार का शमन—
यह सभी लोककल्याण की ही योजनाएँ हैं।
शास्त्रोक्त दृष्टि से विष्णु भगवान की लोकमंगल लीला
श्रीमद्भागवत महापुराण कहता है— “लोकानां हितकाम्यया।”
अर्थात् भगवान का प्रत्येक अवतार, प्रत्येक लीला, संपूर्ण लोकों के हित के लिए होती है।
धर्म की पुनर्स्थापना के बाद भगवान निम्न कार्य करते हैं—

राजाओं को मर्यादा का पाठ पढ़ाते हैं

साधारण जन को धैर्य और विश्वास प्रदान करते हैं

दुष्टों के मन में भी पश्चाताप की संभावना जगाते हैं
यही कारण है कि विष्णु भगवान को करुणा का सागर कहा गया है।
विष्णु भगवान की महिमा: समता और संतुलन का प्रतीक
विष्णु न तो केवल कठोर न्याय के प्रतीक हैं, न ही अंधी करुणा के।
वे समानता (Equilibrium) के देवता हैं।
शंख — धर्म का उद्घोष
चक्र — समय और कर्म का विधान
गदा — अधर्म का दमन
पद्म — शुद्धता और वैराग्य
इन चारों का संतुलन ही जीवन का आदर्श सूत्र है।
कथा: धर्म के बाद लोककल्याण की दिव्य योजना
शास्त्रों में वर्णित है कि जब किसी युग में धर्म पुनः स्थापित होता है, तब भगवान विष्णु अप्रत्यक्ष रूप से समाज को दिशा देते हैं।
वे—ऋषियों को ज्ञान देते हैं,
राजाओं के हृदय में न्याय का भाव भरते हैं,
सामान्य जन के कर्म में श्रद्धा का संचार करते हैं।
कभी वे मौन होकर मार्ग दिखाते हैं,
तो कभी लीला के माध्यम से चेतना जाग्रत करते हैं।
यही कारण है कि भक्त कहते हैं—
“ईश्वर दिखाई नहीं देते, पर हर जगह उपस्थित हैं।”
विष्णु तत्व और मानव जीवन की समानता
विष्णु तत्व केवल देवत्व नहीं, मानव जीवन का दर्पण है।

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जिस प्रकार विष्णु संसार का पालन करते हैं, उसी प्रकार मनुष्य को भी—
अपने परिवार,
समाज,
और आत्मा
का पालन करना चाहिए।
जब मनुष्य अपने कर्तव्य को विष्णु तत्व से जोड़ लेता है, तब उसका जीवन पूजा बन जाता है।
भावनात्मक बोध: आज के युग में विष्णु कथा का संदेश
आज का युग युद्ध से नहीं, विचारों से जूझ रहा है।
ऐसे समय में विष्णु भगवान की कथा हमें सिखाती है—
अधर्म से घबराना नहीं,
सत्य पर अडिग रहना,
और धैर्य रखना।

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क्योंकि जब मनुष्य सत्य के साथ खड़ा होता है,
तो समस्त ब्रह्मांड उसकी सहायता करता है।
समापन: एपिसोड–7 का दिव्य निष्कर्ष
एपिसोड–7 यह सिद्ध करता है कि—
ईश्वर केवल संकट में नहीं आते,
वे संकट के बाद भी हमारा मार्गदर्शन करते हैं।
धर्म की स्थापना के बाद भी भगवान विष्णु लोककल्याण की निरंतर योजना में लगे रहते हैं।
यह कथा केवल सुनने के लिए नहीं,
जीने के लिए है।

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🔱 अगले एपिसोड में…
जब भगवान की मौन लीलाएँ संसार की दिशा बदल देती हैं
और धर्म केवल ग्रंथों में नहीं,
मानव हृदय में प्रतिष्ठित होता है।

पेंशनर्स की समस्याओं का त्वरित निस्तारण करें संबंधित अधिकारीगण: डीएम

कलेक्ट्रेट सभागार में पेंशनर्स दिवस का आयोजन

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिलाधिकारी आलोक कुमार की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में पेंशनर्स दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी (वित्त व राजस्व) जयप्रकाश तथा अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) चंद्रेश कुमार सिंह उपस्थित रहे।
पेंशनर्स दिवस के दौरान जिलाधिकारी ने एक-एक कर पेंशनरों की समस्याएं सुनीं और उनके त्वरित निराकरण के लिए संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। पेंशनर्स संघ के अध्यक्ष सुभाष यादव एवं पदाधिकारियों ने कलेक्ट्रेट परिसर में पेंशनर्स की सुविधा हेतु बैठने के लिए कक्ष/कमरा उपलब्ध कराए जाने पर जिलाधिकारी के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम के अवसर पर उपस्थित पेंशनर्स का चिकित्सा टीम द्वारा शुगर, ब्लड प्रेशर सहित अन्य स्वास्थ्य परीक्षण किया गया तथा योग टीम द्वारा स्वस्थ रहने के लिए उपयोगी योग क्रियाओं की जानकारी दी गई। जिलाधिकारी ने 75 वर्ष से अधिक आयु के पेंशनर्स का आयुष्मान कार्ड बनाए जाने हेतु संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया।
जिलाधिकारी श्री कुमार ने जनपद के पेंशनर्स को वरीयता क्रम में सुविधाएं उपलब्ध कराए जाने सहित विभिन्न मांगों के समाधान की दिशा में कार्यवाही का आश्वासन दिया। बैठक में पेंशनर्स एसोसिएशन द्वारा 11 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा गया, जिस पर नियमानुसार विचार कर कार्यवाही किए जाने का भरोसा दिया गया।
इस अवसर पर जिलाधिकारी द्वारा पेंशनर्स को पुष्पमाला पहनाकर एवं अंग-वस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य चिकित्साधिकारी रामानुज कनौजिया, वरिष्ठ कोषाधिकारी त्रिभुवन लाल, सहायक आयुक्त खाद्य सुरक्षा सतीश कुमार, जिला पंचायत राज अधिकारी मनोज कुमार, प्रधानाचार्या पीएम श्री राजकीय कन्या इंटर कॉलेज सबीहा मुमताज, सूचना अधिकारी सुरेश कुमार सरोज सहित संबंधित अधिकारी, पेंशनर्स एसोसिएशन के पदाधिकारी एवं सम्मानित पेंशनर्स उपस्थित रहे।

राज्य महिला आयोग की जनसुनवाई में महिलाओं की समस्याएं सुनी गईं

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की सदस्य गीता बिंद द्वारा पीडब्ल्यूडी डाक बंगला, मऊ में जनसुनवाई आयोजित की गई। जनसुनवाई के दौरान महिलाओं की विभिन्न समस्याएं सुनी गईं और प्राप्त मामलों पर आवश्यक कार्यवाही की गई। कुल 10 मामले प्राप्त हुए, जिनके निस्तारण एवं पीड़ित महिलाओं को न्याय दिलाने के लिए संबंधित थानों को निर्देशित किया गया।

कार्यक्रम के द्वितीय सत्र में जिला प्रशासन द्वारा चयनित ग्राम पंचायत कासिमपुर में जन चौपाल कार्यक्रम एवं बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत कार्यक्रम आयोजित हुआ, जिसमें गीता बिंद ने मुख्य अतिथि के रूप में सहभागिता की। इस अवसर पर महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की जानकारी ग्रामीणों को दी गई।

जनसभा को संबोधित करते हुए महिला सशक्तिकरण तथा बाल विवाह के दुष्परिणामों पर विस्तार से प्रकाश डाला गया और विभागीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही ग्राम पंचायत कासिमपुर के बीएलओ से मिलकर एसआईआर अभियान की समीक्षा भी की गई।

कार्यक्रम में जिला प्रोबेशन अधिकारी डॉ. श्वेता त्रिपाठी, महिला कल्याण विभाग की टीम, ग्राम प्रधान, आशा सखी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।

जिला एकीकरण समिति की बैठक में राष्ट्रीय एकता पर जोर, एसआईआर को बताया एकीकरण का अहम माध्यम

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिला एकीकरण समिति की बैठक जिला पंचायत अध्यक्ष बलिराम यादव की अध्यक्षता में विकास भवन सभागार में आयोजित हुई। बैठक में विधायक धनघटा गणेश चन्द्र चौहान, शिक्षक विधायक प्रतिनिधि हरिबक्स सिंह, स्नातक विधान परिषद सदस्य प्रतिनिधि अंबरीश राय, पूर्व प्राचार्य प्रोफेसर डा. दिग्विजय नाथ पाण्डेय, वरिष्ठ साहित्यकार व उस्ताद शायर शारिक़ खलीलाबादी, चिकित्सक डा. अशरफ अली, भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य विजय बहादुर सिंह, अंकुर पाण्डेय, जिलाधिकारी आलोक कुमार सहित अनेक जनप्रतिनिधि व अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक को संबोधित करते हुए विधायक धनघटा गणेश चन्द्र चौहान ने कहा कि समाज में एकता की भावना को मजबूत करने के लिए सभी को निरंतर प्रयास करना होगा। उन्होंने कहा कि सरदार बल्लभ भाई पटेल ने देश की रियासतों का भारत में विलय कर राष्ट्रीय एकीकरण को सशक्त किया। उन्होंने एसआईआर को भी राष्ट्रीय एकीकरण के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए सभी से सहभागिता का आह्वान किया।
जिलाधिकारी आलोक कुमार ने कहा कि राष्ट्रीय एकीकरण हमारे देश की स्वाभाविक भावना है और संविधान स्वयं धर्मनिरपेक्षता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि संत कबीर की धरती पर एकता और प्रेम का भाव स्वतः विद्यमान है। एसआईआर को उन्होंने एकीकरण की प्रक्रिया का महत्वपूर्ण अंग बताते हुए सभी वर्गों व राजनीतिक दलों से सहयोग की अपील की, जिससे शुद्ध और त्रुटिहीन निर्वाचक नामावली तैयार हो सके।
पूर्व प्राचार्य प्रोफेसर डा. डीएन पाण्डेय ने कहा कि स्वतंत्रता के बाद सरदार पटेल ने 500 से अधिक रियासतों का भारत संघ में विलय कर अखंड भारत का निर्माण किया। उन्होंने बताया कि 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया जाता है और देश की एकता व अखंडता बनाए रखना हम सभी की नैतिक जिम्मेदारी है।
वरिष्ठ साहित्यकार व उस्ताद शायर शारिक़ खलीलाबादी ने देशभक्ति से ओतप्रोत रचनाएं प्रस्तुत कर एकता और राष्ट्रप्रेम की भावना को सशक्त किया। वहीं स्नातक विधान परिषद सदस्य प्रतिनिधि अंबरीश राय ने राष्ट्रीय एकीकरण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए जातिवाद समाप्त करने का आह्वान किया।
बैठक में अन्य वक्ताओं ने भी राष्ट्रीय एकीकरण पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम का संचालन लोकपाल मनरेगा पी.के. लाल ने किया। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी जयकेश त्रिपाठी, जिला विकास अधिकारी प्रेम प्रकाश त्रिपाठी, परियोजना निदेशक डीआरडीए विजयंत कुमार सिंह, उपायुक्त एनआरएलएम प्रवीण कुमार शुक्ल, उपायुक्त मनरेगा डा. प्रभात कुमार द्विवेदी, डीपीआरओ मनोज कुमार, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी प्रवीण कुमार मिश्र, सहायक अभियंता लघु सिंचाई अश्वनी शुक्ला सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

वन स्टॉप सेंटर का औचक निरीक्षण, पीड़ित महिलाओं व बच्चियों को मिल रही सुविधाओं की समीक्षा

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद न्यायाधीश मोहन लाल विश्वकर्मा के निर्देशन में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव/अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश देवेन्द्र नाथ गोस्वामी द्वारा वन स्टॉप सेंटर का औचक निरीक्षण किया गया। इस केंद्र में पीड़ित महिलाओं एवं बच्चियों को संरक्षण व सहायता प्रदान की जाती है।
निरीक्षण के दौरान वन स्टॉप सेंटर में आने वाली पीड़ित महिलाओं एवं बच्चियों की समस्याओं के निवारण के लिए संचालित योजनाओं की समीक्षा की गई। केंद्र पर लंबित प्रकरणों में पीड़िताओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं, स्वास्थ्य परीक्षण, चिकित्सीय सेवाओं, पुलिस सुरक्षा, कानूनी सलाह तथा अन्य सरकारी योजनाओं की जानकारी ली गई।
अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने वन स्टॉप सेंटर के संबंध में व्यापक प्रचार-प्रसार किए जाने पर बल दिया और जागरूकता शिविरों व पम्पलेट के माध्यम से अधिक से अधिक महिलाओं को इसकी जानकारी देने के लिए केंद्र की प्रबंधक को निर्देशित किया।
निरीक्षण के दौरान एलएडीसीएस के चीफ अंजय श्रीवास्तव, वन स्टॉप सेंटर का स्टाफ एवं महिला सुरक्षाकर्मी उपस्थित रहीं।

विधायक खेल स्पर्धा का भव्य शुभारंभ, खिलाड़ियों ने दिखाया जोश और प्रतिभा

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के धनघटा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत खेल मैदान, ग्राम पंचायत सिरसी, विकासखंड हैसर बाजार में दो दिवसीय विधायक खेल स्पर्धा का भव्य आयोजन प्रारंभ हुआ। प्रतियोगिता में सब-जूनियर, जूनियर एवं सीनियर वर्ग के बालक व बालिका खिलाड़ियों ने एथलेटिक्स, कबड्डी, कुश्ती, वॉलीबॉल, फुटबॉल, जूडो, वेटलिफ्टिंग एवं बैडमिंटन जैसी विभिन्न खेल विधाओं में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ जिला उपाध्यक्ष भारतीय जनता पार्टी अमर राय द्वारा किया गया। इस अवसर पर जिला युवा कल्याण अधिकारी रामप्रताप सिंह ने खिलाड़ियों को विधायक खेल स्पर्धा में बढ़-चढ़कर प्रतिभाग करने के लिए धन्यवाद ज्ञापित किया।
खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए अमर राय ने कहा कि खेल केवल हार-जीत का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, धैर्य और टीम वर्क का पाठ पढ़ाते हैं। उन्होंने कहा कि मैदान में पसीना बहाने वाला हर खिलाड़ी विजेता होता है, क्योंकि वह प्रयास करने का साहस दिखाता है। जीत विनम्र बनाती है और हार बेहतर करने की प्रेरणा देती है। उन्होंने सभी खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इसके उपरांत अमर राय द्वारा विजेता खिलाड़ियों को प्रमाण पत्र एवं मेडल प्रदान कर सम्मानित किया गया।

अत्यधिक ठंड के चलते कक्षा 1 से 8 तक के विद्यालयों के समय में परिवर्तन

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिलाधिकारी आलोक कुमार ने भारत मौसम विज्ञान विभाग द्वारा जारी बुलेटिन एवं जनपद में अत्यधिक ठंड और शीतलहर की स्थिति को देखते हुए छात्र हित में महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत बेसिक शिक्षा के अंतर्गत संचालित समस्त परिषदीय, अशासकीय सहायता प्राप्त एवं अन्य बोर्ड से मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कक्षा 01 से 08 तक के छात्रों का शैक्षणिक कार्य दिनांक 18 दिसंबर 2025 से प्रातः 10.00 बजे से अपरान्ह 03.00 बजे तक अग्रिम आदेशों तक संचालित किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने समस्त संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि उक्त आदेश का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए।

पेंशनर्स दिवस समारोह: वरिष्ठ पेंशनरों का हुआ सम्मान, समस्याओं के समाधान का मिला भरोसा

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)।जनपद देवरिया के कलेक्ट्रेट स्थित न्यू सभागार में बुधवार, 17 दिसंबर 2025 को पेंशनर्स दिवस समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश पेंशनर्स कल्याण संस्था, जनपद देवरिया के तत्वावधान में वरिष्ठ पेंशनरों की गरिमामयी उपस्थिति देखने को मिली। कड़ाके की ठंड और शीतलहर के बावजूद बड़ी संख्या में पेंशनरों की भागीदारी ने आयोजन को ऐतिहासिक बना दिया।

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समारोह की अध्यक्षता संस्था के जिला अध्यक्ष श्रीराम त्रिपाठी ने की। इस दौरान उन्होंने जिलाधिकारी देवरिया दिव्या मित्तल (आईएएस) को पेंशनरों की विभिन्न समस्याओं एवं मांगों से संबंधित एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में पेंशन से जुड़े लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण, स्वास्थ्य सुविधाओं और अन्य कल्याणकारी मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया।

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कार्यक्रम में जिलाधिकारी ने वरिष्ठ पेंशनरों को शाल ओढ़ाकर एवं माल्यार्पण कर सम्मानित किया। उन्होंने पेंशनरों को समाज का अनुभवशील स्तंभ बताते हुए कहा कि प्रशासन उनकी समस्याओं के प्रति संवेदनशील है और सभी वैध मांगों पर गंभीरता से कार्य किया जाएगा।

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इस अवसर पर वरिष्ठ कोषाधिकारी देवरिया अतुल कुमार पाण्डेय, सीएमओ अनिल कुमार गुप्ता, उपजिलाधिकारी निगम सहित अन्य विभागीय अधिकारियों ने भी अपने विचार रखे। सभी अधिकारियों ने पेंशनरों की समस्याओं के त्वरित और पारदर्शी समाधान का आश्वासन दिया।

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समारोह का समापन सौहार्दपूर्ण वातावरण में हुआ। अंत में संस्था के अध्यक्ष श्रीराम त्रिपाठी ने सभी अतिथियों, अधिकारियों और पेंशनर साथियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए आयोजन को सफल बताया।