Saturday, March 14, 2026
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होली पर किसानों को राहत: कृषि यंत्र अनुदान योजना 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन 25 फरवरी से

कुशीनगर (राष्ट्र की परम्परा)। होली के अवसर पर प्रदेश सरकार ने किसानों को बड़ी राहत देते हुए कृषि यंत्र अनुदान योजना 2026 के तहत आधुनिक कृषि उपकरणों पर सब्सिडी का अवसर प्रदान किया है। मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के नेतृत्व में कृषि विभाग द्वारा संचालित Sub Mission on Agricultural Mechanization (SMAM) योजना के अंतर्गत विभिन्न कृषि यंत्रों पर अनुदान दिया जाएगा।

उप कृषि निदेशक अतिंद्र सिंह ने बताया कि किसान 25 फरवरी 2026 को दोपहर 12 बजे से 4 मार्च 2026 की रात्रि 12 बजे तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। आवेदन विभागीय पोर्टल www.agridarshan.up.gov.in पर जनपदवार किए जाएंगे।

योजना के अंतर्गत फार्म मशीनरी बैंक, कस्टम हायरिंग सेंटर, कृषि ड्रोन, फसल अवशेष प्रबंधन यंत्र, बैच ड्रायर एवं मक्का शेलर (त्वरित मक्का विकास कार्यक्रम) तथा कृषि रक्षा उपकरण शामिल हैं। सरकार का उद्देश्य कृषि में आधुनिक तकनीक को बढ़ावा देना, लागत कम करना और उत्पादकता बढ़ाना है। फसल अवशेष प्रबंधन उपकरणों से पराली जलाने की समस्या पर नियंत्रण में भी मदद मिलेगी।

किसान “किसान कॉर्नर” में जाकर “यंत्र बुकिंग प्रारंभ” विकल्प पर क्लिक कर आवेदन कर सकते हैं। चयनित लाभार्थियों को टोकन कन्फर्म होने के 10 दिनों के भीतर यंत्र खरीदकर रसीद, फोटो और आवश्यक दस्तावेज पोर्टल तथा upyantratracking.in पर अपलोड करना अनिवार्य होगा। कृषि विभाग ने किसानों से समय सीमा के भीतर आवेदन करने की अपील की है।

किसानों को नही मिला मुआवजा तो होगा 26 को आंदोलन: स्वामीनाथ भाई

उपजिलाधिकारी को ज्ञापन सौंप की मुआवजा की मांग

सलेमपुर/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। स्थानीय सलेमपुर बाईपास से नवलपुर होते हुए भागलपुर तक प्रस्तावित फोरलेन सड़क निर्माण के लिए अधिग्रहित किसानों की भूमि का अब तक उचित मुआवजा नहीं मिलने पर विरोध तेज हो गया है। बरहज के पूर्व विधायक स्वामीनाथ भाई ने उप जिलाधिकारी सलेमपुर दिशा श्रीवास्तव को ज्ञापन सौंपकर किसानों को शीघ्र उचित मुआवजा दिलाने की मांग की।

उन्होंने कहा कि यदि किसानों को उनकी जमीन का उचित मूल्य नहीं मिला तो 26 फरवरी को दोपहर 12 बजे लक्ष्मण चौराहे पर क्षेत्रीय किसानों और सामाजिक कार्यकर्ताओं के साथ धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। उनका आरोप है कि सरकार किसानों को उनकी भूमि का वाजिब दाम नहीं दे रही, जो सरासर अन्याय है।

सपा जिला सचिव देशराज यादव ने कहा कि किसान देश का अन्नदाता है और उनके साथ हो रही नाइंसाफी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने सरकार से तत्काल भूमि का मूल्य भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की।

ज्ञापन सौंपने वालों में संजय यादव (प्रधान), गुलाब यादव, वीरेन्द्र दूबे, बीरबल प्रसाद, संजय कुशवाहा, सुभाष यादव, धर्मनाथ यादव और लल्लन दूबे सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

हम या आप

अपना हाथ देखूँ, हाथ अपना है,
पर स्वयं तो हाथ नहीं हूँ मैं,
ऐसे ही अपना पैर देखूँ,
पर पैर भी स्वयं नहीं हूँ मैं,
अपना सिर भी देखूँ,
पर सिर भी स्वयं नहीं हूँ मैं,
अपना तन भी देखूँ,
तो तन भी स्वयं नहीं हूँ मैं।

अपना मन देखूँ,
पर मन भी खुद नहीं हूँ मैं,
अपनी बुद्धि तो है,
पर खुद बुद्धि भी नहीं हूँ मैं,
तो फिर मैं क्या हूँ,
खुद कौन हूँ मैं ?
शायद शुद्ध चेतना तत्व हूँ क्या,
क्योंकि यही चेतना तत्व नित्य है।

चेतना तत्व की मृत्यु नहीं होती,
मृत्यु तन की होती है,
और मैं तन नहीं हूँ,
तो खुद की कभी मृत्यु नहीं होती,
जीवन तन का हुआ, मेरा नहीं,
पुरुषार्थ भी शरीर का हुआ मेरा नहीं,
दुखी सुखी, विकल अविकल होना,
मन का धर्म है मेरा नहीं।

निर्णय करना बुद्धि का धर्म है,
मेरा आपका नहीं,
हम आप तो इन सब के ज्ञाता, दृष्टा हैं,
जन्म, मृत्यु तन के होते हैं
मेरे या आपके नहीं,
हम या आप अमर हैं,
ब्रह्म स्वरूप हैं,
ब्रह्म सभी में है,
इसके अलावा कोई दूसरा तत्व नहीं।

यही अद्वैत भाव है कि हम आप
अपने स्वरूप में स्थित हों प्रकृति में नहीं,
सभी विकार प्रकृति में हैं,
हम में या आप में नहीं,
हम, आप निराकार, प्रकृति से परे हैं,
दुख, सुख, काम, मद, लोभ आदि
सभी विकार प्रकृति में हैं,
हम या आप शुद्ध चेतन में नहीं।

हम या आप कौन हैं ये जान लें,
जन्म मृत्यु को भूल कर अमर हो जायँ,
क्योंकि जन्म मृत्यु तन के धर्म है,
आदित्य हम या आप, शुद्ध चेतन के नहीं।

डॉ. कर्नल
आदिशंकर मिश्र, ‘आदित्य’

कुशीनगर में जिला सैनिक बंधु बैठक: शस्त्र लाइसेंस, पेंशन और भूमि विवादों पर त्वरित कार्रवाई

कुशीनगर, (राष्ट्र की परम्परा)
जनपद कुशीनगर में पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों की समस्याओं के शीघ्र निस्तारण को लेकर प्रशासन ने गंभीर पहल की है। विकास भवन सभागार में आयोजित कुशीनगर जिला सैनिक बंधु बैठक में भूतपूर्व सैनिकों से जुड़ी विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई और संबंधित अधिकारियों को तत्काल समाधान के निर्देश दिए गए।
यह बैठक जिलाधिकारी महेन्द्र सिंह तंवर के मार्गदर्शन में मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक का उद्देश्य पूर्व सैनिकों को शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाना और उनकी लंबित समस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित करना था।
पूर्व सैनिकों की समस्याओं पर गंभीर विमर्श
बैठक में शस्त्र लाइसेंस के नवीनीकरण, पेंशन प्रकरण, राशन कार्ड, भूमि विवाद, रास्ते के झगड़े, नाले के निर्माण और जमीन की पैमाइश जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाया गया।
भूतपूर्व सैनिक रामकेवल, रामवृक्ष गुप्ता और बैजनाथ ने अपनी-अपनी समस्याएं विस्तार से मुख्य विकास अधिकारी के समक्ष रखीं। अधिकारियों ने इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए मौके पर ही संबंधित विभागों के अधिकारियों से संपर्क कर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए।
मुख्य विकास अधिकारी ने स्पष्ट कहा कि प्रशासन पूर्व सैनिकों के सम्मान और अधिकारों के प्रति संवेदनशील है तथा उनकी समस्याओं को शीर्ष प्राथमिकता पर हल किया जाएगा।
शस्त्र लाइसेंस और पेंशन मामलों की समीक्षा
कुशीनगर जिला सैनिक बंधु बैठक में शस्त्र लाइसेंस नवीनीकरण की प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाने पर विशेष बल दिया गया। कई पूर्व सैनिकों ने लाइसेंस नवीनीकरण में हो रही देरी की ओर ध्यान आकर्षित किया। इस पर संबंधित विभाग को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
पेंशन से जुड़े मामलों की भी समीक्षा की गई। जिन मामलों में दस्तावेजी कमी या तकनीकी अड़चनें थीं, उन्हें शीघ्र दूर करने का आश्वासन दिया गया। अधिकारियों ने कहा कि पेंशन पूर्व सैनिकों का अधिकार है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
राशन कार्ड और भूमि विवाद जैसे स्थानीय मुद्दों पर कार्रवाई
बैठक में राशन कार्ड से संबंधित समस्याएं भी प्रमुख रूप से उठाई गईं। कुछ मामलों में नाम जुड़वाने या संशोधन में देरी की शिकायतें सामने आईं। मुख्य विकास अधिकारी ने संबंधित आपूर्ति विभाग को स्पष्ट निर्देश दिए कि पात्र पूर्व सैनिकों को बिना विलंब लाभ दिया जाए।
भूमि पैमाइश, नाले के निर्माण और रास्ते के विवाद जैसे स्थानीय मुद्दों पर भी चर्चा हुई। इन मामलों में राजस्व विभाग को त्वरित सर्वे और रिपोर्ट प्रस्तुत करने के आदेश दिए गए।
प्रशासन ने दोहराया कि पूर्व सैनिकों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें, इसके लिए विभागीय समन्वय बेहतर किया जाएगा।
पूर्व सैनिकों की भूमिका पर भी दिया गया संदेश
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने पूर्व सैनिकों से अपील की कि वे समाज में अपनी सम्मानित भूमिका का निर्वहन करते हुए आम नागरिकों को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रति जागरूक करें।
उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिक अनुशासन, ईमानदारी और सेवा भावना के प्रतीक होते हैं। उनकी सहभागिता से सामाजिक जागरूकता अभियानों को और मजबूती मिल सकती है।
विभिन्न विभागों के अधिकारी रहे उपस्थित
कुशीनगर जिला सैनिक बंधु बैठक में जिला सैनिक कल्याण अधिकारी, वरिष्ठ कोषाधिकारी सुनील कुमार यादव, क्षेत्राधिकारी सदर विनोद कुमार सिंह, डीसी उद्योग अभय कुमार सुमन, विधिक सेवा प्राधिकरण से अनसुईया सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
पूर्व सैनिकों की ओर से कैप्टन लाल बहादुर त्रिपाठी, कैप्टन शमसुद्दीन अंसारी, कैप्टन दयाशंकर पांडे और हवलदार शारदा प्रसाद समेत कई गणमान्य लोग शामिल हुए। बैठक में विभागीय समन्वय और समस्याओं के शीघ्र समाधान के लिए सामूहिक प्रतिबद्धता जताई गई।
प्रशासन की प्रतिबद्धता: सम्मान और सुविधा दोनों
कुशीनगर जिला सैनिक बंधु बैठक से यह स्पष्ट संदेश गया कि जिला प्रशासन पूर्व सैनिकों के सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए गंभीर है। शासन की मंशा है कि जिन्होंने देश की सेवा की है, उन्हें स्थानीय स्तर पर किसी भी प्रकार की प्रशासनिक कठिनाई का सामना न करना पड़े।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि भविष्य में नियमित अंतराल पर ऐसी बैठकें आयोजित की जाएंगी, ताकि लंबित प्रकरणों की समीक्षा हो सके और नए मामलों पर समय रहते कार्रवाई की जा सके।
जिले में बेहतर समन्वय की दिशा में कदम
कुशीनगर में आयोजित यह बैठक केवल औपचारिकता नहीं रही, बल्कि इसमें कई मामलों में तत्काल निर्देश जारी किए गए। अधिकारियों को स्पष्ट रूप से जवाबदेह बनाया गया कि वे तय समय सीमा में समस्याओं का समाधान करें और रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, बैठक के बाद संबंधित विभागों को लिखित निर्देश भी जारी किए जाएंगे, जिससे कार्यवाही की निगरानी की जा सके।
निष्कर्ष
कुशीनगर जिला सैनिक बंधु बैठक पूर्व सैनिकों की समस्याओं के समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुई है। बैठक में उठाए गए मुद्दों पर त्वरित कार्रवाई और प्रशासन की संवेदनशीलता ने पूर्व सैनिकों में विश्वास जगाया है।
जनपद में यह संदेश स्पष्ट है कि पूर्व सैनिकों के सम्मान, सुरक्षा और सुविधाओं से जुड़ी हर समस्या का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। प्रशासन की इस सक्रियता से जिले में बेहतर समन्वय और पारदर्शिता की उम्मीद बढ़ी है।

देवरिया पुलिस लाइन में वार्षिक निरीक्षण, जवानों की सुविधाओं और सुरक्षा व्यवस्थाओं की हुई गहन समीक्षा

देवरिया, (राष्ट्र की परम्परा)
देवरिया पुलिस लाइन में मंगलवार को वार्षिक निरीक्षण कार्यक्रम के तहत व्यापक समीक्षा की गई। जनपद देवरिया में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से आयोजित इस निरीक्षण में पुलिस लाइन की व्यवस्थाओं, अनुशासन, अभिलेखों की अद्यतन स्थिति और जवानों की सुविधाओं का सूक्ष्म परीक्षण किया गया।
अपर पुलिस अधीक्षक (उत्तरी)आनन्द कुमार पाण्डेय ने रिजर्व पुलिस लाइन पहुंचकर सर्वप्रथम परेड की सलामी ली और उसके बाद परेड का बारीकी से निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने जवानों की वर्दी, अनुशासन, शारीरिक दक्षता और कदमताल की एकरूपता पर विशेष ध्यान दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि पुलिस लाइन की चुस्त-दुरुस्त स्थिति ही जिले की कानून-व्यवस्था की रीढ़ होती है।
परेड और अनुशासन पर विशेष जोर
वार्षिक निरीक्षण की शुरुआत परेड ग्राउंड से हुई, जहां अपर पुलिस अधीक्षक ने सलामी ग्रहण कर परेड की गुणवत्ता को परखा। उन्होंने जवानों की तैयारी, कमांड की स्पष्टता और अनुशासन की स्थिति का अवलोकन किया। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि नियमित अभ्यास से परेड की गुणवत्ता और बेहतर की जाए।
उन्होंने कहा कि पुलिस बल की कार्यकुशलता का आकलन उसके अनुशासन और तत्परता से होता है। ऐसे निरीक्षण कार्यक्रम पुलिसकर्मियों को अपनी जिम्मेदारियों के प्रति सजग रहने की प्रेरणा देते हैं।
पुलिस लाइन परिसर का विस्तृत निरीक्षण
परेड के बाद अपर पुलिस अधीक्षक ने पुलिस लाइन परिसर के विभिन्न हिस्सों का निरीक्षण किया। इस दौरान क्षेत्राधिकारी पुलिस लाइन मनोज कुमार एवं प्रतिसार निरीक्षक विजय राज सिंह सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
निरीक्षण के दौरान जिन स्थानों की समीक्षा की गई, उनमें प्रमुख रूप से शामिल रहे:
परेड ग्राउंड
स्टोर रूम
अभिलेख कक्ष
प्रशासनिक कार्यालय
आवासीय परिसर
बैरक
भोजनालय
शस्त्रागार
मोटर वाहन शाखा
गैस गोदाम
प्रत्येक शाखा में साफ-सफाई, अभिलेखों की अद्यतन स्थिति और संसाधनों के रख-रखाव की बारीकी से जांच की गई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि अभिलेखों का संधारण समय-समय पर अद्यतन रखा जाए ताकि किसी भी प्रशासनिक या कानूनी प्रक्रिया में विलंब न हो।
जवानों की सुविधाओं और भोजन गुणवत्ता की समीक्षा
देवरिया पुलिस लाइन वार्षिक निरीक्षण के दौरान जवानों के रहने की व्यवस्था और भोजन की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया गया। अपर पुलिस अधीक्षक ने बैरकों का निरीक्षण कर साफ-सफाई, वेंटिलेशन, पेयजल और अन्य मूलभूत सुविधाओं की स्थिति जानी।
भोजनालय में तैयार हो रहे भोजन की गुणवत्ता और स्वच्छता का भी जायजा लिया गया। संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि जवानों के स्वास्थ्य से किसी प्रकार का समझौता न किया जाए और भोजन मानक के अनुरूप तैयार हो।
उन्होंने स्पष्ट किया कि एक स्वस्थ और संतुष्ट पुलिस बल ही प्रभावी कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सक्षम होता है।
शस्त्रागार और आपात तैयारी पर फोकस
निरीक्षण के दौरान शस्त्रागार की सुरक्षा व्यवस्था, हथियारों के रख-रखाव और अभिलेखों के मिलान की भी जांच की गई। अपर पुलिस अधीक्षक ने निर्देश दिया कि सभी हथियारों की नियमित जांच और साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए।
साथ ही, आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए नियमित मॉक ड्रिल आयोजित करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने प्रतिसार निरीक्षक को आदेशित किया कि पुलिस बल को समय-समय पर अभ्यास कराया जाए ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित हो सके।
अभिलेखों के रख-रखाव पर सख्ती
देवरिया पुलिस लाइन वार्षिक निरीक्षण में अभिलेखों के संधारण की विशेष समीक्षा की गई। पाया गया कि कई रजिस्टर अद्यतन हैं, जबकि कुछ अभिलेखों में सुधार की आवश्यकता है। इस पर अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि सभी दस्तावेजों को समयबद्ध तरीके से अपडेट किया जाए।
अपर पुलिस अधीक्षक ने कहा कि प्रशासनिक पारदर्शिता और जवाबदेही के लिए अभिलेखों का व्यवस्थित रख-रखाव अत्यंत आवश्यक है।
स्वच्छता और अनुशासन बनाए रखने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान परिसर की स्वच्छता को लेकर भी निर्देश जारी किए गए। पुलिस लाइन के प्रत्येक कर्मचारी को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया कि परिसर में नियमित साफ-सफाई हो और किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।
उन्होंने कहा कि स्वच्छ और व्यवस्थित परिसर कार्यक्षमता को बढ़ाता है और सकारात्मक वातावरण तैयार करता है।
जिम्मेदारी और कर्तव्यनिष्ठा का संदेश
अपर पुलिस अधीक्षक ने समस्त पुलिसकर्मियों को संबोधित करते हुए कहा कि प्रत्येक कर्मी अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहे और जिम्मेदारी के साथ कार्य करे। उन्होंने कहा कि पुलिस लाइन की मजबूती ही पूरे जिले की कानून-व्यवस्था की नींव है।
उन्होंने बल दिया कि अनुशासन, प्रशिक्षण और समर्पण के बल पर ही पुलिस जनता का विश्वास जीत सकती है।
देवरिया में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम
देवरिया पुलिस लाइन वार्षिक निरीक्षण को जिले में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। नियमित निरीक्षण से न केवल प्रशासनिक व्यवस्थाएं दुरुस्त रहती हैं, बल्कि पुलिसकर्मियों में भी कार्य के प्रति गंभीरता बढ़ती है।
जनपद स्तर पर इस तरह के निरीक्षण कार्यक्रम यह संदेश देते हैं कि उच्चाधिकारी जमीनी स्तर की व्यवस्थाओं पर नजर रखे हुए हैं और सुधार के लिए प्रतिबद्ध हैं।
निष्कर्ष
देवरिया पुलिस लाइन वार्षिक निरीक्षण के माध्यम से पुलिस विभाग की आंतरिक व्यवस्थाओं, अनुशासन, संसाधनों और जवानों की सुविधाओं का व्यापक मूल्यांकन किया गया। निरीक्षण के दौरान दिए गए दिशा-निर्देशों से पुलिस लाइन की कार्यप्रणाली में और अधिक पारदर्शिता, अनुशासन और दक्षता आने की उम्मीद है।
जिले में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए ऐसे निरीक्षण कार्यक्रम भविष्य में भी निरंतर जारी रहेंगे।

स्वच्छ जल–स्वच्छ मन परियोजना के तहत नदावर घाट सहित कई स्थानों पर की गई सफाई

सलेमपुर/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)
संत निरंकारी मिशन के तत्वावधान में चलाए जा रहे “स्वच्छ जल–स्वच्छ मन” परियोजना के अंतर्गत सलेमपुर क्षेत्र के नदावर घाट सहित कई सार्वजनिक स्थलों पर स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान मिशन के सेवादारों और श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से घाट व आसपास के क्षेत्रों की साफ-सफाई कर लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया।
इस दौरान मिशन के सेवादार क्षेत्रीय संचालक के नेतृत्व में सफाई करते देखे गए। सेवादारों ने घाट परिसर से कचरा हटाकर स्वच्छ वातावरण बनाए रखने का संदेश दिया तथा लोगों से सार्वजनिक स्थलों को साफ रखने की अपील की।
कार्यक्रम में सलेमपुर शाखा से रामअवध कुशवाहा, सेवादल के संचालक महेन्द्र कुमार, महात्मा व्यास जी, ऋषि मुनि देवानन्द, हँसनाथ, मुद्रिका सहित बड़ी संख्या में सेवादार एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।

बी एस ए सहित सभी दोषियों पर हो कार्यवाही- विजय रावत

मृतक के परिजनों को एक करोड़ रूपए व कृष्ण भान सिंह की पत्नी को सरकारी नौकरी व दोषियों पर कार्रवाई की माँग को लेकर मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन

कार्यवाही नहीं तो होगा आंदोलन-विजय रावत

बरहज/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)
मंगलवार को सपा नेता विजय रावत के नेतृत्व में बरहज एस डीएम को देवरिया बी एस ए पर कार्रवाई व परिजनों को एक करोड़ रुपये तथा मृतक कृष्ण भान सिंह की पत्नी को सरकारी नौकरी की माँग को लेकर एस डीएम बरहज को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान सपा नेता विजय रावत ने कहा कि उत्तर प्रदेश की बेसिक शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार चरम पर है, जिसका सबूत कृष्ण भान सिंह हैं। उनको किस तरह प्रताड़ित किया गया की आत्महत्या को मजबूर कर दिया। हमने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा है कि मृतक के परिजनों को एक करोड़ नौकरी व कृष्ण भान की पत्नी को नौकरी दी जाए तथा बी एस ए सहित दोषियों पर कार्रवाई कर सस्पेंड किया जाए नहीं तो बड़े पैमाने पर आंदोलन होगा, जिसकी ज़िम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी। इस दौरान मुख्य रूप से विकास यादव, सुशील कुमार, डीएम यादव, अखिलेश सिंह, राकेश सिंह, अनिल शर्मा, राजू यादव, इमामुदीन खान, दिनेश यादव इत्यादि लोग मौजूद रहे।

पुरवा 33/11 केवी उपकेंद्र के टाउन फीडर की बिजली 22 से 28 फरवरी तक प्रतिदिन 5 घंटे रहेगी बाधित

देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)। 33/11 केवी विद्युत उपकेंद्र पुरवा से जुड़े उपभोक्ताओं को सूचित किया गया है कि गर्मी के मौसम में बेहतर विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उपकेंद्र से निर्गत 11 केवी टाउन फीडर के माध्यम से एक नए फीडर “नगर विस्तार” के निर्माण का कार्य कराया जा रहा है।
निर्माण कार्य के चलते दिनांक 22 फरवरी 2026 से 28 फरवरी 2026 तक प्रतिदिन सुबह 11:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक पुरवा विद्युत उपकेंद्र से निकलने वाले टाउन फीडर की विद्युत आपूर्ति बाधित रहेगी। इस फीडर के अंतर्गत राम गुलाम टोला, रागनी मोड़, भीखमपुर रोड, आंबेडकर नगर, पीपरपाती, संकट मोचन गली, तारा भवन, दो पेड़वा सहित आसपास के क्षेत्र प्रभावित रहेंगे।
अधिशासी अभियंता चंद्रमा प्रसाद ने सभी सम्मानित उपभोक्ताओं से अनुरोध किया है कि निर्धारित शटडाउन अवधि से पूर्व अपने आवश्यक विद्युत संबंधी कार्य, जैसे पानी की टंकी भरना आदि, समय से पूर्ण कर लें, ताकि असुविधा से बचा जा सके।

हरियाणा जेल में बंद युवक ने कड़ी सुरक्षा में दी इंटर की परीक्षा

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। हरियाणा की जेल में बंद एक युवक को न्यायालय के आदेश पर कड़ी सुरक्षा के बीच इंटरमीडिएट बोर्ड परीक्षा दिलाई गई। धनघटा क्षेत्र के मुन्नीलाल रामविलास इंटर कॉलेज संठी में परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। परीक्षा के बाद युवक को पुनः पुलिस अभिरक्षा में लेकर हरियाणा रवाना कर दिया गया।
मिली जानकारी के अनुसार धनघटा थाना क्षेत्र के सिसवा गांव निवासी मंजीत पुत्र राजेश हरियाणा के फरीदाबाद स्थित जेल में पिछले लगभग तीन माह से मारपीट से जुड़े मामले में निरुद्ध है। न्यायालय से अनुमति मिलने के बाद हरियाणा पुलिस की निगरानी में उसे संत कबीर नगर लाया गया।
मंजीत अपने ननिहाल सिसवा में रहकर बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर इंटर कॉलेज ठठरा का छात्र रहा है। परीक्षा केंद्र पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए थे और पूरी प्रक्रिया प्रशासनिक निगरानी में संपन्न कराई गई।

25 फरवरी राशिफल: बुधवार का दिन किस राशि के लिए शुभ, किसे बरतनी होगी सावधानी?

25 फरवरी राशिफल के अनुसार बुधवार का दिन भगवान गणेश की कृपा से कई राशियों के लिए उन्नति और सुख-समृद्धि लेकर आ रहा है। ज्योतिषीय गणनाओं के आधार पर यह दिन कुछ जातकों के लिए आर्थिक लाभ, तो कुछ के लिए सावधानी का संकेत दे रहा है। आइए जानते हैं 25 फरवरी राशिफल में मेष से मीन तक सभी राशियों का हाल।

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मेष राशि
25 फरवरी राशिफल के अनुसार आपकी आर्थिक स्थिति में सुधार होगा। निवेश से लाभ मिलने के संकेत हैं। प्रेम जीवन मधुर रहेगा और दांपत्य संबंधों में सामंजस्य बढ़ेगा। भविष्य को सुरक्षित करने के लिए नई योजनाएं बनाना फायदेमंद रहेगा।
वृषभ राशि
परिवार का सहयोग मिलेगा, जिससे कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी। बड़े लक्ष्य को पाने के लिए निजी सुख-सुविधाओं में थोड़ी कटौती करनी पड़ सकती है। 25 फरवरी राशिफल बताता है कि टीमवर्क से लाभ होगा।
मिथुन राशि
आज साथी के साथ समय बिताना जरूरी है। संवाद बढ़ाने से रिश्ते मजबूत होंगे। मानसिक शांति मिलेगी और आपसी विश्वास बढ़ेगा। करियर में स्थिरता बनी रहेगी।
कर्क राशि
रिश्तों को नया आयाम देने का समय है। आर्थिक स्थिति सुधरेगी, लेकिन खर्च भी बढ़ सकते हैं। बजट संतुलित रखें। 25 फरवरी राशिफल संकेत देता है कि भावनात्मक निर्णय सोच-समझकर लें।

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सिंह राशि
शादी या नए रिश्ते पर विचार कर रहे हैं तो आर्थिक और भावनात्मक पक्ष पर गंभीरता से सोचें। करियर और निजी जीवन में संतुलन बनाना जरूरी होगा।
कन्या राशि
आज का दिन सकारात्मक रहेगा। प्रेम संबंध मजबूत होंगे। यदि विवाह के बारे में सोच रहे हैं तो समय अनुकूल है। आर्थिक मामलों में स्थिरता बनी रहेगी।
तुला राशि
कुछ नया करने का अवसर मिलेगा। प्रेम जीवन में रोमांस बनाए रखें। नई शुरुआत के लिए दिन शुभ है। 25 फरवरी राशिफल के अनुसार यात्रा के योग बन सकते हैं।
वृश्चिक राशि
निवेश के मामलों में सावधानी बरतें। जोखिम भरे निवेश से बचें। किसी विशेषज्ञ की सलाह लेना लाभदायक रहेगा। आर्थिक मामलों में जल्दबाजी नुकसान दे सकती है।
धनु राशि
आर्थिक स्थिति संतुलित रहेगी। सभी अधूरे कार्य पूरे होंगे। दांपत्य जीवन में सुख और शांति बनी रहेगी। 25 फरवरी राशिफल के अनुसार आज आत्मविश्वास बढ़ेगा।
मकर राशि
अनावश्यक खर्चों से बचें। छोटी बचत भविष्य में बड़ा सहारा बनेगी। जरूरत पड़ने पर वित्तीय सलाहकार से परामर्श लें। संयम से काम लें।

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कुंभ राशि
आय अच्छी रहेगी, लेकिन बचत पर ध्यान देना जरूरी है। भविष्य की योजनाओं के लिए धन संचय करें। आर्थिक प्रबंधन बेहतर रखने की सलाह है।
मीन राशि
आर्थिक रूप से दिन अनुकूल है। निवेश के अवसर मिल सकते हैं। रिश्तों में चल रही समस्याओं को बातचीत से सुलझाने का प्रयास करें। 25 फरवरी राशिफल बताता है कि सकारात्मक सोच लाभ देगी।
डिस्क्लेमर:
यह 25 फरवरी राशिफल सामान्य ज्योतिषीय गणनाओं पर आधारित है। इसकी पूर्ण सत्यता का दावा नहीं किया जाता। किसी भी महत्वपूर्ण निर्णय से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह अवश्य लें।

बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा पर विशेष ध्यान, सचिव ने दिए अहम निर्देश

देवरिया, (राष्ट्र की परम्परा)
जनपद देवरिया में बाल संरक्षण व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 के तहत राजकीय बाल गृह का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में सचिव एवं सिविल जज (सी0डी0) श्रीमती शैलजा मिश्रा द्वारा किया गया।
निरीक्षण के दौरान बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण, स्वच्छता और सुरक्षा से संबंधित व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सक्रिय पहल
यह निरीक्षण District Legal Services Authority Deoria के तत्वावधान में संपन्न हुआ। सचिव श्रीमती शैलजा मिश्रा ने अचानक पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया, जिससे वास्तविक स्थिति का आकलन किया जा सके।
Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 के दौरान बच्चों को उपलब्ध कराए जा रहे भोजन, स्वास्थ्य सुविधाओं और दैनिक दिनचर्या की विस्तार से समीक्षा की गई। सचिव ने निर्देश दिया कि बच्चों को पौष्टिक एवं संतुलित आहार नियमित रूप से उपलब्ध कराया जाए, ताकि उनके शारीरिक एवं मानसिक विकास में कोई कमी न रहे।
स्वास्थ्य जांच और नियमित व्यायाम पर बल
निरीक्षण के दौरान यह सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया कि बाल गृह में निवासरत बच्चों की नियमित स्वास्थ्य जांच कराई जाए। सचिव ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक बच्चे की स्वास्थ्य स्थिति का रिकॉर्ड अद्यतन रखा जाए और आवश्यकतानुसार चिकित्सकीय परामर्श उपलब्ध कराया जाए।
Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 के अंतर्गत बच्चों को नियमित व्यायाम और शारीरिक गतिविधियों में शामिल करने के भी निर्देश दिए गए। विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित व्यायाम बच्चों के शारीरिक विकास के साथ-साथ मानसिक संतुलन के लिए भी आवश्यक है।
अभिलेखों और प्रपत्रों का अवलोकन
निरीक्षण के दौरान सचिव द्वारा राजकीय बाल गृह में संधारित प्रपत्रों एवं अभिलेखों का भी गहन परीक्षण किया गया। उन्होंने सुनिश्चित किया कि सभी दस्तावेज विधिवत रूप से अद्यतन हों और प्रशासनिक प्रक्रियाओं में पारदर्शिता बनी रहे।
Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 के दौरान रिकॉर्ड की समीक्षा का उद्देश्य यह था कि बच्चों से संबंधित प्रत्येक विवरण सुरक्षित और व्यवस्थित रूप से उपलब्ध हो।
स्वच्छता और सुरक्षा के लिए विशेष निर्देश
सचिव शैलजा मिश्रा ने परिसर की साफ-सफाई, भंडार कक्ष की व्यवस्था तथा सुरक्षा इंतजामों का भी निरीक्षण किया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि परिसर में स्वच्छता सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
विशेष रूप से भंडार कक्ष में खाद्य सामग्री की सुरक्षित एवं व्यवस्थित ढंग से रख-रखाव पर ध्यान देने को कहा गया। साथ ही सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के निर्देश दिए गए, ताकि बच्चों की सुरक्षा से कोई समझौता न हो।
बाल संरक्षण के प्रति संवेदनशीलता का संदेश
Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 यह दर्शाता है कि जिला प्रशासन और न्यायिक तंत्र बाल संरक्षण के प्रति गंभीर और संवेदनशील है। औचक निरीक्षण का उद्देश्य केवल खामियों को ढूंढना नहीं, बल्कि व्यवस्थाओं को बेहतर बनाना और बच्चों को सुरक्षित वातावरण प्रदान करना है।
बाल गृहों में रहने वाले बच्चे विशेष परिस्थितियों से गुजर रहे होते हैं, ऐसे में उनके पोषण, शिक्षा, स्वास्थ्य और मानसिक संतुलन का ध्यान रखना अत्यंत आवश्यक है।
न्यायिक निगरानी से बढ़ेगी पारदर्शिता
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की नियमित निगरानी से बाल संरक्षण संस्थाओं में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित होती है। Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 के माध्यम से यह स्पष्ट संदेश दिया गया है कि बच्चों के अधिकारों की रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।
ऐसे निरीक्षण संस्थाओं को अपनी व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने के लिए प्रेरित करते हैं और किसी भी प्रकार की लापरवाही पर अंकुश लगाते हैं।
निष्कर्ष
Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 के तहत किए गए औचक निरीक्षण ने यह स्पष्ट कर दिया है कि जनपद देवरिया में बाल कल्याण संस्थाओं की निगरानी सख्ती से की जा रही है। बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण, स्वच्छता और सुरक्षा को लेकर दिए गए निर्देश भविष्य में व्यवस्थाओं को और मजबूत बनाएंगे।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की यह पहल बाल संरक्षण के क्षेत्र में सकारात्मक कदम है। उम्मीद है कि ऐसे निरीक्षण आगे भी नियमित रूप से होते रहेंगे, जिससे बाल गृहों में रहने वाले बच्चों को सुरक्षित, स्वस्थ और सम्मानजनक वातावरण मिल सके।

14 मार्च को औरैया में राष्ट्रीय लोक अदालत, बैंक रिकवरी से लेकर सिविल वादों तक होगा समाधान

औरैया, (राष्ट्र की परम्परा)
जनपद औरैया में आगामी 14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 की सफलता के लिए तैयारियां तेज कर दी गई हैं। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से इसकी औपचारिक घोषणा करते हुए बताया गया है कि यह लोक अदालत द्वितीय शनिवार को प्रातः 10 बजे से आयोजित की जाएगी।
यह आयोजन Uttar Pradesh State Legal Services Authority के निर्देशानुसार किया जा रहा है। कार्यक्रम का संचालन जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मयंक चौहान के मार्गदर्शन में होगा।
जिला स्तर पर बैठकों का दौर शुरू
National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 को सफल बनाने के लिए न्यायिक अधिकारियों एवं संबंधित विभागों के बीच समन्वय बैठकों का दौर प्रारंभ हो चुका है। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट एवं नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत विकास गोस्वामी तथा प्रभारी सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण तारकेश्वरी प्रसाद सिंह ने संयुक्त रूप से जानकारी देते हुए बताया कि लोक अदालत के माध्यम से अधिकतम मामलों का सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित किया जाएगा।
जिला प्रशासन और न्यायालय प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों, बैंकों और वादकारियों से सक्रिय सहयोग की अपील की है।
किन-किन मामलों का होगा निस्तारण?
National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 के अंतर्गत निम्न प्रकार के मामलों का समाधान किया जाएगा—
सिविल वाद
राजस्व संबंधी वाद
क्रिमिनल कम्पाउंडेबल दाण्डिक वाद
बिजली चोरी से संबंधित प्रकरण
स्टाम्प अधिनियम से जुड़े वाद
श्रम विवाद
धारा 138 एनआई एक्ट के मामले
भूमि अधिग्रहण से जुड़े विवाद
नगर पालिका के लंबित मामले
बैंक रिकवरी व अन्य वसूली संबंधी प्रकरण
इन सभी मामलों का निस्तारण आपसी सहमति और सुलह-समझौते के आधार पर किया जाएगा।
लोक अदालत के फैसले की विशेषता
विशेष बात यह है कि National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 में निस्तारित मामलों के निर्णय के विरुद्ध अपील का प्रावधान नहीं होता। लोक अदालत का निर्णय अंतिम और बाध्यकारी होता है। इससे न केवल समय और धन की बचत होती है, बल्कि न्यायालयों में लंबित मामलों का बोझ भी कम होता है।
लोक अदालत का उद्देश्य त्वरित, सस्ता और सुलभ न्याय प्रदान करना है। यह व्यवस्था न्यायिक प्रक्रिया को सरल और जनहितकारी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
आमजन से अपील
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से समस्त जनपदवासियों से अपील की गई है कि वे National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 का अधिक से अधिक लाभ उठाएं। जिन व्यक्तियों के मामले न्यायालयों में लंबित हैं या बैंक एवं अन्य विभागों से संबंधित विवाद चल रहे हैं, वे अपने मामलों को सुलह-समझौते के माध्यम से समाप्त करा सकते हैं।
लोक अदालत के माध्यम से समाधान प्राप्त करने से न केवल विवाद का शीघ्र अंत होता है, बल्कि पारस्परिक संबंध भी बेहतर बने रहते हैं।
न्याय तक आसान पहुंच का माध्यम
लोक अदालतें न्यायिक व्यवस्था का एक सशक्त विकल्प हैं। विशेषकर छोटे एवं मध्यम स्तर के मामलों में यह प्रक्रिया अत्यंत प्रभावी साबित होती है। National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 के माध्यम से जिला न्यायालय प्रशासन यह सुनिश्चित करना चाहता है कि अधिक से अधिक वादकारी इस अवसर का लाभ उठाकर लंबित मामलों से मुक्ति पाएं।
विशेषज्ञों के अनुसार, लोक अदालतें सामाजिक समरसता को बढ़ावा देती हैं और विवादों को बिना कटुता के समाप्त करने का अवसर प्रदान करती हैं।
प्रशासनिक तैयारियां
राष्ट्रीय लोक अदालत के सफल आयोजन के लिए न्यायालय परिसर में आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। विभिन्न विभागों को अपने-अपने लंबित मामलों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। बैंक एवं वित्तीय संस्थानों को भी रिकवरी से जुड़े मामलों में सुलह की संभावनाओं पर कार्य करने को कहा गया है।
National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 के आयोजन के दिन न्यायालय परिसर में अलग-अलग बेंचों का गठन किया जाएगा, जहां संबंधित न्यायिक अधिकारी मामलों की सुनवाई करेंगे।
निष्कर्ष
14 मार्च 2026 को आयोजित होने वाली National Lok Adalat Auraiya 14 March 2026 जनपदवासियों के लिए त्वरित और सुलभ न्याय प्राप्त करने का सुनहरा अवसर है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने सभी नागरिकों से इस पहल में भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की है।
लोक अदालत केवल विवाद निस्तारण का माध्यम नहीं, बल्कि सामाजिक सौहार्द और न्यायिक सुलभता का प्रतीक है। यदि आपके मामले लंबित हैं, तो इस अवसर का लाभ उठाकर सुलह-समझौते के जरिए समाधान प्राप्त करें।

बुधवार का शुभ मुहूर्त, राहुकाल और सर्वार्थसिद्धि योग की संपूर्ण जानकारी

पंचांग 25 फरवरी 2026 (बुधवार)
हिन्दू पंचांग के अनुसार 25 फरवरी 2026, बुधवार को फाल्गुन माह के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि है। इस दिन विशेष रूप से रोहिणी व्रत और दो बार बनने वाला सर्वार्थसिद्धि योग इसे अत्यंत शुभ बना रहा है। जो लोग विवाह, खरीदारी, निवेश या धार्मिक कार्य की योजना बना रहे हैं, उनके लिए यह दिन महत्वपूर्ण माना गया है।
🗓️ तिथि, नक्षत्र और योग
तिथि: शुक्ल पक्ष नवमी – 26 फरवरी 02:41 AM तक, उपरांत दशमी
नक्षत्र: रोहिणी 01:38 PM तक, उपरांत मृगशीर्षा
योग: विष्कुम्भ 01:28 AM तक, उसके बाद प्रीति योग
करण: बालव 03:46 PM तक, बाद में कौलव
वार: बुधवार
व्रत/त्योहार: रोहिणी व्रत

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🌅 सूर्य और चंद्रमा का समय
सूर्योदय: 06:55 AM
सूर्यास्त: 06:24 PM
चंद्रोदय: 12:14 PM
चंद्रास्त: 02:35 AM (26 फरवरी)
सूर्य राशि: कुंभ
चंद्र राशि: 26 फरवरी 12:54 AM तक वृषभ, उपरांत मिथुन
अशुभ समय (राहुकाल सहित)
राहुकाल: 12:39 PM – 02:05 PM
यमगंड: 08:21 AM – 09:47 AM
कुलिक काल: 11:13 AM – 12:39 PM
दुर्मुहूर्त: 12:16 PM – 01:02 PM
वर्ज्यम्: 06:08 AM – 07:38 AM, 06:53 PM – 08:23 PM
इस अवधि में मांगलिक कार्यों से बचना शुभ माना जाता है।

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शुभ मुहूर्त और विशेष योग
अमृत काल: 10:37 AM – 12:07 PM, 03:54 AM – 05:24 AM
ब्रह्म मुहूर्त: 05:18 AM – 06:06 AM
अभिजीत मुहूर्त: उपलब्ध नहीं
🌟 सर्वार्थसिद्धि योग (दो बार)
06:55 AM – 01:38 PM (रोहिणी नक्षत्र)
01:38 PM – 26 फरवरी 06:54 AM (मृगशीर्षा नक्षत्र)
यह योग नए कार्यों की शुरुआत, संपत्ति क्रय और धार्मिक अनुष्ठान के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है।

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🕉️ चौघड़िया (दिन का)
लाभ: 06:55 AM – 08:21 AM
अमृत: 08:21 AM – 09:47 AM
काल: 09:47 AM – 11:13 AM
शुभ: 11:13 AM – 12:39 PM
रोग: 12:39 PM – 02:05 PM
उद्बेग: 02:05 PM – 03:31 PM
चर: 03:31 PM – 04:58 PM
लाभ: 04:58 PM – 06:24 PM
🌙 चंद्र बल
26 फरवरी 12:54 AM तक जिन राशियों को चंद्रबल प्राप्त रहेगा:
वृषभ, कर्क, सिंह, वृश्चिक, धनु, मीन
इसके बाद लाभान्वित राशियाँ:
मेष, मिथुन, सिंह, कन्या, धनु, मकर

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🔎 क्यों खास है पंचांग 25 फरवरी 2026?
पंचांग 25 फरवरी 2026 में रोहिणी नक्षत्र, नवमी तिथि और सर्वार्थसिद्धि योग का विशेष संयोग बन रहा है। यह दिन व्यापार, शिक्षा, भूमि क्रय, वाहन खरीद और धार्मिक अनुष्ठानों के लिए उत्तम माना गया है। हालांकि राहुकाल और दुर्मुहूर्त के समय सावधानी बरतना आवश्यक है।
📌 यदि आप किसी नए कार्य की शुरुआत, पूजा-पाठ, निवेश या पारिवारिक आयोजन की योजना बना रहे हैं तो पंचांग 25 फरवरी 2026 के शुभ मुहूर्त का लाभ उठा सकते हैं। ब्रह्म मुहूर्त और अमृत काल विशेष रूप से फलदायी रहेंगे। राहुकाल में महत्वपूर्ण कार्य टालना हितकर रहेगा।

Atal Vayo Abhyuday Yojana NGO Selection 2025-26: सामाजिक संगठनों की भूमिका होगी अहम

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। वरिष्ठ नागरिकों के सामाजिक, मानसिक और भावनात्मक सशक्तिकरण के उद्देश्य से Atal Vayo Abhyuday Yojana NGO Selection 2025-26 प्रक्रिया शुरू की जा रही है। जिला समाज कल्याण अधिकारी अनुज कुमार ने बताया कि भारत सरकार के Ministry of Social Justice and Empowerment द्वारा संचालित अटल वयो अभ्युदय योजना के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 में श्रेणी-3 (जागरूकता एवं सामुदायिक जुड़ाव कार्यक्रम) के लिए गैर सरकारी एवं स्वैच्छिक संगठनों का चयन किया जाएगा।

यह पहल वरिष्ठ नागरिकों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने, उनके अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने और सामुदायिक सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से की जा रही है।

क्या है Atal Vayo Abhyuday Yojana?

Atal Vayo Abhyuday Yojana केंद्र सरकार की एक प्रमुख योजना है, जिसका उद्देश्य बुजुर्गों के जीवन स्तर में सुधार करना है। इस योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों को सामाजिक सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं, संरक्षण और सम्मानजनक जीवन सुनिश्चित करने पर जोर दिया जाता है।

योजना के अंतर्गत राज्यों को विभिन्न उप-योजनाओं के माध्यम से वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है, ताकि वे स्थानीय स्तर पर जागरूकता अभियान, प्रशिक्षण, परामर्श शिविर और सामुदायिक कार्यक्रम संचालित कर सकें।

श्रेणी-3 (Awareness & Community Engagement) कार्यक्रम क्या है?

वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए निर्धारित श्रेणी-3 कार्यक्रम विशेष रूप से जागरूकता एवं सामुदायिक जुड़ाव पर केंद्रित है। Atal Vayo Abhyuday Yojana NGO Selection के तहत चयनित संस्थाएं निम्न गतिविधियां संचालित करेंगी—

• वरिष्ठ नागरिकों के अधिकारों पर जागरूकता अभियान
• विधिक एवं सामाजिक परामर्श शिविर
• हेल्पलाइन और काउंसलिंग सुविधा
• स्वास्थ्य, पोषण और मानसिक स्वास्थ्य कार्यशालाएं
• सामुदायिक सहभागिता कार्यक्रम
• सम्मान समारोह एवं संवाद कार्यक्रम

इस कार्यक्रम का उद्देश्य बुजुर्गों को केवल सहायता देना नहीं, बल्कि उन्हें सामाजिक रूप से सक्रिय और आत्मनिर्भर बनाना है।

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किन NGOs को मिलेगा अवसर?

NGO Selection प्रक्रिया के तहत पंजीकृत गैर सरकारी एवं स्वैच्छिक संगठन आवेदन कर सकते हैं। चयन के लिए संभावित मानदंड—

• विधिवत पंजीकरण एवं वैध दस्तावेज
• सामाजिक क्षेत्र में कार्य का अनुभव
• वरिष्ठ नागरिकों से संबंधित परियोजनाओं का अनुभव
• वित्तीय पारदर्शिता
• क्षेत्रीय स्तर पर सक्रिय नेटवर्क

इच्छुक संगठन विस्तृत दिशा-निर्देश एवं आवेदन प्रक्रिया की जानकारी जिला समाज कल्याण कार्यालय से प्राप्त कर सकते हैं।

क्यों जरूरी है यह योजना?

भारत में वृद्ध जनसंख्या लगातार बढ़ रही है। बदलती पारिवारिक संरचना और शहरीकरण के कारण कई बुजुर्ग सामाजिक अलगाव और मानसिक तनाव का सामना कर रहे हैं। ऐसे में Atal Vayo Abhyuday Yojana NGO Selection 2025-26 जैसी पहल अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाती है।
यह योजना बुजुर्गों को—

• सरकारी योजनाओं की जानकारी
• कानूनी सहायता
• स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच
• सामाजिक सम्मान और सहभागिता
प्रदान करने में मदद करेगी।

जिला स्तर पर क्रियान्वयन कैसे होगा?

चयनित संस्थाओं को निर्धारित प्रारूप में परियोजना प्रस्ताव प्रस्तुत करना होगा। प्रस्तावों की समीक्षा जिला स्तरीय समिति द्वारा की जाएगी। स्वीकृति के बाद संस्था को योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार कार्यक्रम संचालित करने होंगे।
साथ ही समय-समय पर प्रगति रिपोर्ट और मूल्यांकन भी किया जाएगा, ताकि योजना का लाभ वास्तविक पात्र वरिष्ठ नागरिकों तक पहुंचे।

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देवरिया में राजकीय बाल गृह का औचक निरीक्षण, बच्चों की सुरक्षा पर जोर

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद में बाल संरक्षण व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में Deoria Rajkiya Bal Grih Inspection 2026 के तहत राजकीय बाल गृह का औचक निरीक्षण किया गया। यह निरीक्षण जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वावधान में सचिव एवं सिविल जज (सी0डी0) श्रीमती शैलजा मिश्रा द्वारा किया गया।

स्वास्थ्य, पोषण और सुरक्षा की समीक्षा

निरीक्षण के दौरान बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण, स्वच्छता और सुरक्षा से संबंधित व्यवस्थाओं की गहन समीक्षा की गई। सचिव ने निर्देश दिया कि बच्चों को नियमित रूप से पौष्टिक एवं संतुलित आहार उपलब्ध कराया जाए, ताकि उनके शारीरिक और मानसिक विकास में कोई कमी न रहे।

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नियमित स्वास्थ्य जांच पर बल

सचिव ने प्रत्येक बच्चे की नियमित स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित करने तथा स्वास्थ्य रिकॉर्ड अद्यतन रखने के निर्देश दिए। आवश्यकता पड़ने पर चिकित्सकीय परामर्श उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया गया। साथ ही बच्चों को नियमित व्यायाम और शारीरिक गतिविधियों में शामिल करने के निर्देश दिए गए।

अभिलेखों का परीक्षण

निरीक्षण के दौरान प्रपत्रों और अभिलेखों का भी गहन अवलोकन किया गया। प्रशासनिक पारदर्शिता बनाए रखने और रिकॉर्ड को व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए गए।

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स्वच्छता और सुरक्षा सर्वोपरि

परिसर की साफ-सफाई, भंडार कक्ष की व्यवस्था और सुरक्षा इंतजामों की भी जांच की गई। खाद्य सामग्री के सुरक्षित भंडारण और परिसर की स्वच्छता को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए।

न्यायिक निगरानी से पारदर्शिता

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सक्रिय निगरानी से बाल संरक्षण संस्थाओं में जवाबदेही सुनिश्चित होती है। यह निरीक्षण बच्चों के अधिकारों और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का संदेश है।

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