मुख्य अभियंता की समीक्षा बैठक में हुई कार्रवाई,
अधिकारियों को समयबद्ध शिकायत निस्तारण और निर्बाध बिजली आपूर्ति के निर्देश
बलिया(राष्ट्र क़ी परम्परा )l विद्युत आपूर्ति व्यवस्था एवं उपभोक्ता शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ बिजली विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। कृषि भवन में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान मुख्य अभियंता, आजमगढ़ क्षेत्र ने विभिन्न मंडलों और उपखंडों के कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई के निर्देश दिए।बैठक में उपभोक्ताओं की शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण, खराब ट्रांसफार्मरों के प्रतिस्थापन तथा विद्युत आपूर्ति व्यवस्था की स्थिति का मूल्यांकन किया गया। समीक्षा के दौरान पाया गया कि कई स्थानों पर शिकायतों के निस्तारण में अनावश्यक विलंब हुआ है तथा खराब ट्रांसफार्मरों को निर्धारित समय सीमा के भीतर नहीं बदला गया। इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की गई। मुख्य अभियंता ने सिकंदरपुर उपखंड के एसडीओ को आरोप पत्र जारी करने के निर्देश दिए। वहीं बांसडीह के अधिशासी अभियंता (एक्सईएन) को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इसके अतिरिक्त सिकंदरपुर ग्रामीण क्षेत्र के अवर अभियंता (जेई) को निलंबित कर दिया गया, जबकि संबंधित कार्यकारी सहायक को भी आरोप पत्र देकर स्पष्टीकरण मांगा गया है।
समीक्षा बैठक में मुख्य अभियंता ने स्पष्ट कहा कि उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विद्युत उपभोक्ताओं से प्राप्त शिकायतों का निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही, खराब ट्रांसफार्मरों को प्राथमिकता के आधार पर बदलने और विद्युत आपूर्ति में अनावश्यक व्यवधान न आने देने के निर्देश दिए।उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में निर्धारित रोस्टर के अनुसार विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है। यदि किसी क्षेत्र में तकनीकी कारणों से आपूर्ति बाधित होती है तो उसकी जानकारी उपभोक्ताओं तक समय से पहुंचाई जाए तथा समस्या का त्वरित समाधान किया जाए।मुख्य अभियंता ने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही और समयबद्धता बनाए रखें। भविष्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही सामने आने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के विरुद्ध और भी कठोर कार्रवाई की जाएगी। बैठक में विभागीय अधिकारियों को उपभोक्ता संतुष्टि को सर्वोच्च प्राथमिकता देने तथा बिजली व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए।
