Saturday, April 18, 2026
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करौंदी में जमीनी विवाद ने लिया खौफनाक मोड़: लाठी-डंडों से हमले में 70 वर्षीय वृद्ध की मौत, 10 नामजद

फाइल फोटो


बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। थाना क्षेत्र के ग्राम करौंदी में लंबे समय से चले आ रहे जमीनी विवाद ने शनिवार को हिंसक रूप ले लिया। मामूली कहासुनी के बाद दो पक्ष आमने-सामने आ गए और देखते ही देखते लाठी-डंडों से जमकर मारपीट शुरू हो गई। इस घटना में एक 70 वर्षीय वृद्ध की मौत हो गई, जबकि आधा दर्जन से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने मामले में 10 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और प्रधान समेत तीन आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है।
ग्रामीणों के अनुसार, करौंदी गांव में मवाजा यादव और बाबूलाल के बीच काफी समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। शनिवार को विवाद उस समय और बढ़ गया जब बाबूलाल के पुत्र द्वारा कथित रूप से विवादित भूमि पर मिट्टी डाली जा रही थी। इस पर मवाजा यादव ने आपत्ति जताई, जिससे दोनों पक्षों के बीच पहले कहासुनी हुई और फिर मामला हिंसक झड़प में बदल गया।
आरोप है कि एक पक्ष के लोगों ने घर में घुसकर न केवल वृद्ध बल्कि महिलाओं को भी बेरहमी से पीटा। लाठी-डंडों से किए गए हमले में कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को आनन-फानन में महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज, देवरिया में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान मवाजा यादव (70) पुत्र अलगू की मौत हो गई। उनकी मौत के बाद गांव में तनाव और बढ़ गया है।

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इस घटना में मवाजा यादव के अलावा कांता यादव (80), जयराम यादव (38), कलमी देवी (68) और ममता देवी (35) गंभीर रूप से घायल हुए हैं। वहीं दूसरे पक्ष के शिवकुमार यादव को भी चोटें आई हैं। सभी घायलों का इलाज चल रहा है।
मृतक के पुत्र जयराम यादव ने थाने में दी गई तहरीर में आरोप लगाया है कि मिट्टी डालने से मना करने पर ग्राम प्रधान राजकुमार (35), शिवकुमार पुत्र हरि यादव, राजेश, शेषनाथ, विनीत, बाबूलाल, अंकित, सत्यम, मुन्नी देवी और नंदिनी ने गाली-गलौज करते हुए लाठी-डंडों से हमला कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि हमलावरों ने घर में घुसकर जानलेवा हमला किया और परिवार की महिलाओं को भी नहीं बख्शा।
पुलिस ने तहरीर के आधार पर सभी 10 आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। थानाध्यक्ष विशाल उपाध्याय ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए तीन आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। अन्य आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही सभी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

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घटना के बाद गांव में तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। अधिकारियों का कहना है कि हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है।
इस घटना ने एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में जमीन विवादों के कारण बढ़ती हिंसा को उजागर कर दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते विवाद का समाधान किया जाता, तो इतनी बड़ी घटना टाली जा सकती थी।

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