हिमालय की गोद में साहित्य और संस्कृति का वैश्विक संगम
हिमालय केवल पर्वतों की शृंखला नहीं है, बल्कि वह भारत की सांस्कृतिक चेतना, आध्यात्मिक परंपरा, प्राकृतिक संपदा और मानवीय संवेदनाओं का जीवंत प्रतीक है। इसकी ऊँची चोटियाँ मनुष्य को बड़े…
निष्पक्ष खबर, सशक्त विचार
हिमालय केवल पर्वतों की शृंखला नहीं है, बल्कि वह भारत की सांस्कृतिक चेतना, आध्यात्मिक परंपरा, प्राकृतिक संपदा और मानवीय संवेदनाओं का जीवंत प्रतीक है। इसकी ऊँची चोटियाँ मनुष्य को बड़े…
गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। Deen Dayal Upadhyaya Gorakhpur University के हिंदी विभाग में आयोजित पुरातन छात्र सम्मेलन ने पीढ़ियों के बीच संवाद, स्मृतियों और अनुभवों के आदान-प्रदान की एक प्रेरक…
साहित्यकार समाज का आईना होता है: महामंडलेश्वर कनकेश्वरी नंद गिरी गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। अपना ट्रस्ट एवं गोरखपुर कारागार के संयुक्त तत्वावधान में जिला कारागार गोरखपुर में भव्य कवि सम्मेलन…
ज्ञान से भारतीयता परिभाषित होती है, भारतीयता से ज्ञान नहीं: प्रो. अनामिका राय गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के प्राचीन इतिहास, पुरातत्व एवं संस्कृति विभाग में राजकीय…
📌 इतिहास के पन्नों में 17 फ़रवरी : जानिए इस दिन जन्मे महान व्यक्तित्वों का योगदान भारतीय और विश्व इतिहास में 17 फरवरी का दिन कई महान हस्तियों के जन्म…
14 जनवरी: इतिहास में अमर हुए महान व्यक्तित्व, जिनका जन्म बदला भारत और दुनिया का भविष्य नारायण कार्तिकेयन (जन्म: 14 जनवरी 1977)जन्म स्थान: कोयंबटूर, तमिलनाडु, भारतनारायण कार्तिकेयन भारत के पहले…
नवनीत मिश्र दुष्यंत कुमार हिन्दी कविता और ग़ज़ल की परंपरा में वह सशक्त हस्ताक्षर हैं, जिन्होंने शब्दों को सौंदर्य की सीमा से निकालकर सामाजिक संघर्ष का माध्यम बनाया। उनकी रचनाएँ…
17 दिसंबर: इतिहास के पन्नों में दर्ज वे अमर नाम, जिनके निधन ने युगों को मौन कर दिया 17 दिसंबर केवल एक तारीख नहीं, बल्कि भारतीय और विश्व इतिहास में…
संकट महादेव सारगरसंकट महादेव सारगर 16 अक्टूबर 2000 को महाराष्ट्र के सांगली जिले में जन्मे । उनके पिता महादेव सारगर चाय–पान की दुकान चलाते थे। उनके परिश्रम और संघर्ष की…
🕯️ 15 अक्टूबर: उन महान आत्माओं की याद, जिन्होंने दुनिया पर छोड़ी अमिट छाप 15 अक्टूबर इतिहास के पन्नों में उन महान व्यक्तित्वों के निधन की याद दिलाता है, जिन्होंने…