Saturday, May 2, 2026
Home Blog Page 53

मिशन शक्ति के तहत महिलाओं को बताए गए अधिकार

कोपागंज/मऊ (राष्ट्र की परम्परा) मिशन शक्ति फेस-5 के द्वितीय चरण के तहत थाना कोपागंज पुलिस ने एक सराहनीय पहल करते हुए फतेहपुर ताल नरजा स्थित दुर्गा माता मंदिर परिसर में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर प्रभारी निरीक्षक के नेतृत्व में आयोजित इस अभियान में बड़ी संख्या में महिलाओं और बालिकाओं ने भाग लिया।

कार्यक्रम के दौरान पुलिस टीम ने महिलाओं को उनके अधिकारों और सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं की जानकारी दी। साथ ही महिला हेल्पलाइन 1090, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076, साइबर हेल्पलाइन 1930, एम्बुलेंस सेवा 108 व 102 तथा चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 जैसे जरूरी नंबरों के बारे में विस्तार से बताया गया।

ये भी पढ़े – गंदगी और बदहाली में पढ़ने को मजबूर बच्चे, स्कूल में नहीं चारदीवारी और शौचालय की सुविधा

पुलिस अधिकारियों ने महिलाओं से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें भरोसा दिलाया कि किसी भी आपात स्थिति में पुलिस हर समय उनके साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि जागरूकता ही सुरक्षा की सबसे मजबूत कड़ी है।

इस आयोजन ने न केवल महिलाओं को जागरूक किया, बल्कि उनके अंदर आत्मविश्वास भी बढ़ाया। उपस्थित महिलाओं ने पुलिस की इस पहल की सराहना करते हुए इसे बेहद उपयोगी बताया।

ये भी पढ़े – Deoria News: भागलपुर में घरेलू गैस का खेल बेनकाब, मिठाई की दुकान पर छापा—चार सिलेंडर जब्त

Deoria News: भागलपुर में घरेलू गैस का खेल बेनकाब, मिठाई की दुकान पर छापा—चार सिलेंडर जब्त

भागलपुर/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। रसोई गैस सिलेंडरों की किल्लत के बीच भागलपुर कस्बे में घरेलू गैस के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। सोमवार शाम को भागलपुर के हनुमान चौराहे पर तहसील प्रशासन और आपूर्ति विभाग की संयुक्त टीम ने एक मिठाई की दुकान पर छापेमारी कर चार घरेलू गैस सिलेंडर बरामद किए, जिनका इस्तेमाल व्यावसायिक कार्यों में किया जा रहा था।

छापेमारी की जानकारी मिलते ही आसपास के दुकानदारों में हड़कंप मच गया। बताया जाता है कि कई दुकानदार घरेलू गैस सिलेंडर का उपयोग करते हैं। कार्रवाई की खबर लगते ही कुछ दुकानदार अपनी दुकानें बंद कर मौके से फरार हो गए।

प्रशासन द्वारा बरामद किए गए सिलेंडरों में लगभग एक से दो किलो तक गैस पाई गई। सभी सिलेंडरों को जब्त कर कालिका गैस एजेंसी, भागलपुर के संचालक को सुपुर्द कर दिया गया। इस अभियान में नायब तहसीलदार रविन्द्र मौर्या, अजय कुमार, संजीव त्रिपाठी और गैस एजेंसी संचालक संजीव जायसवाल मौजूद रहे।

ये भी पढ़े – वरिष्ठ नेता महेंद्र यादव का निधन, राजनीतिक और सामाजिक जगत में शोक की लहर

ग्रामीणों का आरोप है कि एक तरफ आम उपभोक्ता गैस सिलेंडर के लिए धूप में घंटों लाइन में खड़े रहते हैं, वहीं दूसरी तरफ दुकानों के सामने एजेंसी की गाड़ियां खड़ी होकर चार-पांच सिलेंडर तुरंत उपलब्ध करा देती हैं। कई उपभोक्ताओं का कहना है कि उनके मोबाइल पर गैस डिलीवरी का ओटीपी भी आ जाता है और सिस्टम में सिलेंडर डिलीवर दिखा दिया जाता है, लेकिन सिलेंडर उनके घर तक नहीं पहुंचता।

स्थानीय लोगों के अनुसार कस्बे की करीब आधा दर्जन मिष्ठान दुकानों में हर महीने 25 से 80 तक घरेलू गैस सिलेंडरों का उपयोग किया जाता है। ऐसे में प्रशासनिक कार्रवाई के बावजूद सवाल उठ रहा है कि आखिर इतनी बड़ी संख्या में घरेलू गैस सिलेंडर दुकानों तक कैसे पहुंच रहे हैं। दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो ताकि आम उपभोक्ताओं को गैस सिलेंडर की किल्लत से राहत मिल सके।

ये भी पढ़े – गंदगी और बदहाली में पढ़ने को मजबूर बच्चे, स्कूल में नहीं चारदीवारी और शौचालय की सुविधा

गंदगी और बदहाली में पढ़ने को मजबूर बच्चे, स्कूल में नहीं चारदीवारी और शौचालय की सुविधा

जैतीपुर (राष्ट्र की परम्परा)। एक ओर सरकार द्वारा विद्यालयों के रखरखाव और बच्चों की शिक्षा पर हर वर्ष करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, वहीं ब्लॉक क्षेत्र के कई विद्यालयों की जमीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग नजर आ रही है। अधिकांश स्कूल आज भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं, जिससे बच्चों को असुरक्षित माहौल में पढ़ाई करनी पड़ रही है।

ऐसा ही मामला विकासखंड क्षेत्र के उच्च प्राथमिक विद्यालय नगला देहतमाली में सामने आया है। यहां स्कूल में चारदीवारी नहीं होने से आवारा पशुओं का खतरा बना रहता है। अस्थायी रूप से लकड़ी और जाली लगाकर परिसर को सुरक्षित करने का प्रयास किया गया है, लेकिन यह स्थायी समाधान नहीं है।

ये भी पढ़े – वरिष्ठ नेता महेंद्र यादव का निधन, राजनीतिक और सामाजिक जगत में शोक की लहर

विद्यालय में दिव्यांग शौचालय का अभाव है। पानी की टंकी लगी है, लेकिन उसकी टोटियां गायब हैं और टैंक भी क्षतिग्रस्त है। परिसर में जगह-जगह गंदगी फैली रहने से स्वच्छता व्यवस्था भी सवालों के घेरे में है।
विद्यालय में 53 छात्र पंजीकृत हैं, लेकिन उपस्थिति कम रहती है। दो शिक्षकों में से एक प्रशिक्षण पर होने के कारण शिक्षण कार्य भी प्रभावित हो रहा है।

अध्यापक अरविंद कुमार ने बताया कि विद्यालय को कंपोजिट ग्रांट के तहत मात्र 25 हजार रुपये मिलते हैं, जिससे चारदीवारी बनवाना संभव नहीं है। वहीं खंड शिक्षा अधिकारी यशवंत सिंह ने स्वीकार किया कि कई विद्यालयों में मूलभूत सुविधाओं की कमी है, जिसकी सूचना उच्च अधिकारियों को दे दी गई है।

ये भी पढ़े – Deoria News: निषादराज गुह्य जयंती पर गूंजे सामाजिक उत्थान के स्वर, श्रीराम-निषाद मित्रता बताई अनुकरणीय

वरिष्ठ नेता महेंद्र यादव का निधन, राजनीतिक और सामाजिक जगत में शोक की लहर

देवरिया/गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। जिले के वरिष्ठ नेता और सामाजिक रूप से सक्रिय व्यक्तित्व महेंद्र यादव का 76 वर्ष की आयु में गोरखपुर में निधन हो गया। उनके निधन की खबर मिलते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। महेंद्र यादव ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत कांग्रेस से की थी और बाद में विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर रहते हुए जनसेवा के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई।
महेंद्र यादव का अंतिम संस्कार देवरिया के बरहज स्थित कटइलवा घाट पर पूरे सम्मान के साथ संपन्न हुआ। उनकी अंतिम यात्रा उनके पैतृक गांव मुंडेरा से प्रारंभ हुई, जहां से हजारों की संख्या में लोग उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए उमड़े। अंतिम यात्रा के दौरान लोगों की आंखें नम थीं और हर कोई उनके योगदान को याद कर रहा था।
महेंद्र यादव का राजनीतिक सफर काफी लंबा और प्रभावशाली रहा। उन्होंने कांग्रेस से राजनीति की शुरुआत की और बाद में ब्लॉक प्रमुख के रूप में अपनी कार्यक्षमता का परिचय दिया। इसके बाद वे विधान परिषद सदस्य भी बने और जनहित के मुद्दों को मजबूती से उठाया। आगे चलकर उन्होंने भारतीय जनता पार्टी में सक्रिय भूमिका निभाई और जिले के जिलाध्यक्ष पद पर भी आसीन रहे।
उनके नेतृत्व में कई विकास कार्यों को गति मिली और उन्होंने समाज के हर वर्ग के लोगों के लिए काम किया। यही कारण रहा कि उनके निधन पर केवल राजनीतिक जगत ही नहीं, बल्कि समाज के हर वर्ग में शोक की लहर देखने को मिली।
महेंद्र यादव के अंतिम दर्शन के लिए उनके पैतृक गांव मुंडेरा में भारी भीड़ जुटी। इसमें राजनीतिक दलों के नेता, समाजसेवी, पत्रकार, व्यापारी वर्ग के लोग और देवरिया व गोरखपुर के चिकित्सक भी शामिल हुए। सभी ने उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके योगदान को याद किया।
श्रद्धांजलि सभा में वक्ताओं ने कहा कि महेंद्र यादव एक सरल, मिलनसार और जनसेवा के प्रति समर्पित नेता थे। उन्होंने हमेशा समाज के कमजोर वर्गों की आवाज उठाई और हर व्यक्ति की मदद के लिए तत्पर रहते थे। उनके जाने से क्षेत्र की राजनीति में एक बड़ी रिक्तता उत्पन्न हो गई है, जिसे भर पाना आसान नहीं होगा।
महेंद्र यादव का जीवन संघर्ष, सेवा और समर्पण का प्रतीक रहा। उन्होंने अपने राजनीतिक जीवन में कई उतार-चढ़ाव देखे, लेकिन हमेशा जनहित को प्राथमिकता दी। उनके कार्यों को लंबे समय तक याद किया जाएगा और आने वाली पीढ़ियों के लिए वे प्रेरणा स्रोत बने रहेंगे।
स्थानीय लोगों ने बताया कि महेंद्र यादव का व्यवहार बेहद सरल था और वे हर व्यक्ति की समस्या को गंभीरता से सुनते थे। यही कारण था कि वे जनता के बीच काफी लोकप्रिय थे। उनके निधन से क्षेत्र ने एक ऐसे नेता को खो दिया है, जिसने हमेशा समाज को जोड़ने का काम किया।
महेंद्र यादव के परिवार में उनके परिजन और समर्थकों का बड़ा दायरा है, जो इस दुख की घड़ी में एक-दूसरे का सहारा बने हुए हैं। प्रशासनिक अधिकारियों ने भी उनके निधन पर शोक व्यक्त किया और उनके योगदान को याद किया।
महेंद्र यादव का निधन न केवल उनके परिवार के लिए बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उनकी अंतिम यात्रा में उमड़ा जनसैलाब इस बात का प्रमाण है कि उन्होंने लोगों के दिलों में अपनी खास जगह बनाई थी।

Deoria News: निषादराज गुह्य जयंती पर गूंजे सामाजिक उत्थान के स्वर, श्रीराम-निषाद मित्रता बताई अनुकरणीय

बरहज/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। प्रभु श्रीराम के परम मित्र व श्रृंगवेरपुर के महाराजा निषादराज गुह्य की जयंती राष्ट्रीय निषाद संघ के तत्वाधान में बस स्टैंड स्थित मत्स्यजीवी एफएफपीसी कार्यालय पर धूमधाम से मनाई। आयोजित कार्यक्रम में लोगों ने महाराजा गुह्यराज का पूजन-अर्चन किया और समाज की उन्नति, तरक्की व स्वरोजगार की रूपरेखा तय की।

राष्ट्रीय निषाद संघ के मण्डल अध्यक्ष निषाद जितेन्द्र भारत ने कहा कि महाराज निषादराज गुह्य का जन्म त्रेतायुग में चैत्र शुक्ल पंचमी को श्रृंगवेरपुर, प्रयागराज में हुआ था। प्रभु श्रीराम के विषम परिस्थितियों में साथ देकर निषादराज ने मित्रवत धर्म निभाया था I वनगमन के दौरान श्रीराम ने अपनी पहली रात अपने मित्र निषादराज के यहां बिताई थी । निषादराज ने ही केवट हरिवंश से प्रभु श्रीराम को गंगा पार करवाया।

ये भी पढ़े – कुशीनगर हॉकी प्रतियोगिता में रोमांच चरम पर, 24 मार्च को फाइनल मुकाबला

श्री भारत ने कहा कि इस देश के मूल निवासी निषाद वंश के लोग हैं। देश की सभ्यता व संस्कृति निषाद संस्कृति रही है। देश के स्वाधीनता संग्राम में निषादों का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। आगे उन्होंने कहा कि इतिहास की यत्नपूर्वक रक्षा करनी चाहिए धन तो आता है और चला जाता है, धन से हीन होने पर कुछ नष्ट नही होता किंतु इतिहास और अपना प्राचीनतम गौरव नष्ट होने पर उस समाज का विनाश निश्चित है।

निषादों की वर्तमान दशा एवं स्थिती इसका परिणाम है। साहनी राजेश निषाद ने कहा कि सरकार पिछड़े निषाद समाज के उत्थान के लिए रोजगार का अवसर दें और अनुसूचित जाति के आरक्षण का लाभ दे। कार्यक्रम की अध्यक्षता सूरज प्रसाद निषाद व संचालन बृजा नन्द निषाद ने किया।

इस अवसर पर राजकुमार निषाद, दीनानाथ निषाद ,विजय निषाद, सभासद नवाब हुसैन, पूर्व सभासद धर्मेन्द्र जायसवाल, नंदलाल निषाद, सुरेन्द्र साहनी, अमरनाथ निषाद, राजू निषाद, अमेरिका यादव, मुन्ना, शिवम् आदि मौजूद रहेंI

ये भी पढ़े – डीएम दिव्या मित्तल की सख्ती: शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश

डीएम दिव्या मित्तल की सख्ती: शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण के निर्देश

देवरिया, (राष्ट्र की परम्परा)l जनपद की बरहज तहसील में सोमवार को आयोजित सम्पूर्ण समाधान दिवस आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान का प्रभावी मंच बनकर सामने आया। जिलाधिकारी दिव्या मित्तल की अध्यक्षता में हुए इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में फरियादी अपनी शिकायतों के साथ पहुंचे। तहसील सभागार में आयोजित कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारी भी मौजूद रहे, जहां जिलाधिकारी ने हर शिकायत को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण और निष्पक्ष निस्तारण के स्पष्ट निर्देश दिए।
सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि शासन की प्राथमिकता आमजन की समस्याओं का शीघ्र समाधान करना है। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि शिकायतों को औपचारिकता न समझें, बल्कि हर मामले को संवेदनशीलता और गंभीरता के साथ लें। जो प्रकरण मौके पर नहीं सुलझ सकते, उन्हें तय समयसीमा के भीतर प्राथमिकता से निपटाने तथा लंबित मामलों की नियमित समीक्षा कर प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए गए।
इस दौरान कुल 67 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें पुलिस विभाग से 25, राजस्व से 14, विकास विभाग से 7, खाद्य एवं रसद/शिक्षा से 7, समाज कल्याण से 2 तथा अन्य विभागों से 12 मामले शामिल रहे। आंकड़े बताते हैं कि पुलिस और राजस्व से जुड़ी समस्याएं सबसे अधिक सामने आईं, जो ग्रामीण क्षेत्रों की सामान्य चुनौतियों को दर्शाती हैं।
प्रशासन की तत्परता का उदाहरण देते हुए मौके पर ही 6 मामलों का निस्तारण कर फरियादियों को तत्काल राहत दी गई, जबकि शेष शिकायतों को संबंधित विभागों को अग्रसारित कर दिया गया। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी लंबित मामलों पर नियमित निगरानी रखी जाए, ताकि तय समय में उनका समाधान सुनिश्चित हो सके।
कार्यक्रम के दौरान पात्र लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ भी प्रदान किया गया। दो लाभार्थियों को मौके पर ही अन्त्योदय राशन कार्ड वितरित किए गए, जिससे उन्हें खाद्य सुरक्षा योजना का लाभ मिल सका। साथ ही अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि पात्र व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें सभी जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्राथमिकता पर दिया जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि सम्पूर्ण समाधान दिवस प्रशासन और जनता के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का सशक्त माध्यम है, जिससे न केवल समस्याओं का त्वरित समाधान होता है, बल्कि पारदर्शिता और जवाबदेही भी सुनिश्चित होती है। कार्यक्रम में जनपद स्तरीय अधिकारियों, खंड विकास अधिकारियों, तहसील कर्मियों और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी से कई मामलों का मौके पर ही समाधान संभव हुआ।
बरहज तहसील में आयोजित यह समाधान दिवस प्रशासन की सक्रियता और जवाबदेही का सकारात्मक संदेश देता है। इससे आम जनता में विश्वास मजबूत होता है कि उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना और प्राथमिकता के आधार पर हल किया जा रहा है।

कुशीनगर हॉकी प्रतियोगिता में रोमांच चरम पर, 24 मार्च को फाइनल मुकाबला

कुशीनगर (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद में खेल प्रतिभाओं को मंच देने के उद्देश्य से आयोजित ओपन स्टेट आमंत्रण सीनियर वर्ग पुरुष हॉकी प्रतियोगिता 2026 अब अपने अंतिम और निर्णायक दौर में पहुंच गई है। खेल निदेशालय उत्तर प्रदेश, लखनऊ एवं जिला खेल कार्यालय, कुशीनगर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता के सेमीफाइनल मुकाबले सोमवार को पूरे उत्साह और जोश के साथ संपन्न हुए, जहां खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन ने दर्शकों को रोमांच से भर दिया।
प्रतियोगिता का शुभारंभ कोषाधिकारी सुनील कुमार यादव द्वारा खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर किया गया। उन्होंने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए खेल भावना के साथ बेहतर प्रदर्शन करने का आह्वान किया। इसके बाद शुरू हुए सेमीफाइनल मुकाबलों में दोनों मैच एकतरफा रहे, लेकिन खेल का स्तर बेहद उच्च कोटि का देखने को मिला।
पहले सेमीफाइनल में कन्नौज और अठगावां की टीमें आमने-सामने थीं, जिसमें अठगावां की टीम ने आक्रामक खेल का प्रदर्शन करते हुए 7-0 से शानदार जीत दर्ज की और फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। वहीं दूसरे सेमीफाइनल में सैफई और तरवां के बीच मुकाबला हुआ, जिसमें सैफई ने बेहतरीन तालमेल और रणनीति के दम पर 6-0 से जीत हासिल कर फाइनल का टिकट कटाया। दोनों विजेता टीमों ने अपने-अपने मैचों में विपक्षी टीमों को कोई खास मौका नहीं दिया।
अब प्रतियोगिता का फाइनल मुकाबला 24 मार्च 2026 को अठगावां और सैफई के बीच खेला जाएगा। दोनों टीमों के सेमीफाइनल प्रदर्शन को देखते हुए यह मुकाबला बेहद रोमांचक होने की उम्मीद है। अठगावां की टीम ने जहां 7 गोल दागकर अपनी आक्रामक क्षमता दिखाई है, वहीं सैफई ने भी 6 गोल कर अपनी मजबूत दावेदारी पेश की है। ऐसे में खेल प्रेमियों को एक कांटे की टक्कर देखने को मिल सकती है।
प्रतियोगिता को सफलतापूर्वक संपन्न कराने में निर्णायकों की भूमिका भी अहम रही। प्रवेज अख्तर, वृजेश यादव, बिट्टू पासवान, अनुराग यादव, अमित कुमार, शशिकांत चौहान, मंगेशचंद, मेराज अहमद और वात्सल्य ने निष्पक्ष निर्णय लेते हुए मैचों को सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया, जिससे प्रतियोगिता की गरिमा बनी रही।
इस दौरान जिला हॉकी संघ कुशीनगर के सचिव प्रियेश पाण्डेय सहित कई खेल प्रेमी और अधिकारी मौजूद रहे। समापन अवसर पर क्रीड़ाधिकारी रवि कुमार निषाद ने सभी अतिथियों, मीडिया प्रतिनिधियों और सहयोगियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिताएं खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा निखारने और आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करती हैं।
कुशीनगर में आयोजित यह प्रतियोगिता न केवल स्थानीय बल्कि राज्य स्तर के खिलाड़ियों के लिए एक सशक्त मंच बनकर उभर रही है। इससे युवाओं में खेल के प्रति रुचि बढ़ रही है और वे अनुशासन, टीम भावना तथा सकारात्मक जीवनशैली की ओर प्रेरित हो रहे हैं।

हॉकी प्रतियोगिताटैग – कुशीनगर, हॉकी, खेल प्रतियोगिता, फाइनल मैच, अठगावां, सैफई, खेल निदेशालय, युवा खिलाड़ी

नवरात्रि पर बेटी बचाओ अभियान: नुक्कड़ नाटक से जागरूकता का सशक्त संदेश

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। उत्तर प्रदेश में विकास और सुशासन के 9 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जनपद मऊ में बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत एक प्रभावशाली जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। नवरात्रि के पावन अवसर पर नगरपालिका कम्यूनिटी हॉल में आयोजित इस कार्यक्रम ने समाज में बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच और जागरूकता बढ़ाने का सशक्त संदेश दिया।

जिलाधिकारी के आदेश तथा जिला प्रोबेशन अधिकारी के निर्देशानुसार आयोजित इस कार्यक्रम में मिशन शक्ति फेज-05 के अंतर्गत महिलाओं और बालिकाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा और विभिन्न सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम की विशेषता नुक्कड़ नाटक रहा, जिसने उपस्थित लोगों को भावनात्मक रूप से जोड़ते हुए “नारी शक्ति ही राष्ट्र शक्ति है” का संदेश प्रभावी ढंग से पहुंचाया। नाटक के माध्यम से यह दिखाया गया कि समाज में बेटियों के प्रति सोच बदलना आवश्यक है और उन्हें समान अवसर देकर ही देश को सशक्त बनाया जा सकता है।

नवरात्रि पर्व के महत्व को रेखांकित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि मां दुर्गा के नौ रूप शक्ति, साहस और ज्ञान के प्रतीक हैं। जिस प्रकार हम देवी की पूजा करते हैं, उसी प्रकार हमें अपनी बेटियों को भी सम्मान और सुरक्षा प्रदान करनी चाहिए।

कार्यक्रम के अंतर्गत जिला महिला चिकित्सालय में कन्या जन्मोत्सव का आयोजन भी किया गया, जहां नवजात बच्चियों का पूजन कर उन्हें देवी स्वरूप मानकर सम्मानित किया गया। बच्चियों को चुनरी ओढ़ाकर स्वागत किया गया तथा बेबी किट वितरित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई, जिससे बेटियों के जन्म को उत्सव के रूप में मनाने की सकारात्मक सोच को बढ़ावा मिला।

इस दौरान महिला कल्याण विभाग की विभिन्न योजनाओं की जानकारी देते हुए अभिभावकों को मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना में आवेदन के लिए प्रेरित किया गया। साथ ही निराश्रित महिला पेंशन, वृद्धावस्था पेंशन, दिव्यांग पेंशन, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना और मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के बारे में भी विस्तार से बताया गया।

राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत आयोजित कार्यशाला में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया गया। स्वयं सहायता समूहों की भूमिका और स्वरोजगार के अवसरों पर चर्चा की गई तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले कैडर को सम्मानित किया गया, जिससे अन्य महिलाओं को भी प्रेरणा मिली।

महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कार्यक्रम के दौरान हेल्पलाइन सेवाओं की जानकारी भी सहज रूप में साझा की गई। बताया गया कि संकट की स्थिति में 181 महिला हेल्पलाइन, 1090 महिला पावर लाइन, 112 पुलिस आपातकालीन सेवा, 1098 चाइल्ड हेल्पलाइन, 108 एम्बुलेंस सेवा और 1076 मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर संपर्क कर त्वरित सहायता प्राप्त की जा सकती है। साथ ही वन स्टॉप सेंटर की सेवाओं के बारे में जानकारी दी गई, जहां महिलाओं को एक ही स्थान पर चिकित्सा, कानूनी और मनोवैज्ञानिक सहायता उपलब्ध कराई जाती है।

कार्यक्रम में उपायुक्त स्वतः रोजगार सुमनलता, जिला मिशन समन्वयक अर्चना राय, जेंडर स्पेशलिस्ट राखी राय एवं तृप्ति राय सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। स्वयं सहायता समूह की महिलाएं, अस्पताल स्टाफ और बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाएं भी कार्यक्रम में शामिल हुईं। सभी की सक्रिय भागीदारी ने इस अभियान को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

यह आयोजन नवरात्रि के अवसर पर नारी सम्मान और सशक्तिकरण का संदेश देते हुए समाज को यह प्रेरणा देता है कि बेटियों को समान अधिकार और अवसर देकर ही वास्तविक रूप से एक सशक्त और समतामूलक समाज का निर्माण संभव है।

बाल लीलाओं के रस में सराबोर हुआ भक्तों का मन

सिद्धार्थनगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के पथरा बाजार क्षेत्र के गौरी पाठक स्थित श्री राम जानकी मंदिर परिसर में चल रहे नौ दिवसीय श्रीराम कथा महायज्ञ के चौथे दिन भगवान श्रीराम की बाल लीलाओं का अत्यंत भावपूर्ण और प्रेरणादायी वर्णन किया गया। कथा का रसपान करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।
कथावाचक रामकुमार जी महाराज ने भगवान श्रीराम के बाल स्वरूप, उनकी शिक्षा-दीक्षा तथा उनके आदर्श चरित्र की महिमा का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने बताया कि माता कौशल्या कभी उन्हें गोद में लेकर हिलाती-डुलातीं और कभी पालने में लिटाकर झुलाती थीं।
एक प्रसंग में वर्णन किया गया कि माता ने भगवान को स्नान कराकर श्रृंगार किया और पालने में सुला दिया। इसके बाद उन्होंने अपने इष्टदेव की पूजा कर नैवेद्य अर्पित किया और रसोई में चली गईं। जब वापस लौटीं तो देखा कि भगवान श्रीराम स्वयं इष्टदेव को चढ़ाए गए नैवेद्य का भोग लगा रहे हैं।
यह दृश्य देखकर माता आश्चर्यचकित हो गईं, क्योंकि उन्होंने तो बालक को पालने में सुलाया था। जब वह घबराकर पालने के पास गईं तो वहाँ बालक सोता हुआ मिला, और पूजा स्थल पर वही बालक भोग ग्रहण करता दिखा। इस अद्भुत लीला से माता का हृदय कंपित हो उठा और उन्हें अपनी ही बुद्धि पर संशय होने लगा।
अंततः माता ने भगवान श्रीराम के चरणों में शीश नवाया, तब प्रभु पुनः बाल रूप में आ गए। इस प्रसंग को सुनकर श्रद्धालु भक्ति भाव में डूब गए।
कथावाचक ने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन मानव समाज के लिए आदर्श है और उनकी लीलाएं धर्म, साहस और मर्यादा का संदेश देती हैं। कथा के दौरान यह भी बताया गया कि भगवान के बाल स्वरूप के दर्शन के लिए देवता भी स्वर्ग से अयोध्या आए और विभिन्न वेश में प्रभु के दर्शन कर स्वयं को धन्य किया।
कथा के समापन पर श्रद्धालुओं ने जयकारे लगाए और पूरे क्षेत्र में भक्ति व उल्लास का वातावरण बना रहा। आयोजकों के अनुसार नौ दिवसीय कथा में प्रतिदिन अलग-अलग प्रसंगों का वर्णन किया जा रहा है, जिसे सुनने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।

साइबर जागरूकता कार्यशाला में डिजिटल सुरक्षा पर जोर, पुलिस लाइन निर्माण की रफ्तार बढ़ाने के निर्देश

औरैया (राष्ट्र की परम्परा)। डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों के मद्देनजर जनपद औरैया में साइबर जागरूकता कार्यशाला 2026 का आयोजन किया गया। गेल के सरगम ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में प्रशासन और पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने लोगों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किया।

कार्यक्रम का शुभारंभ अपर पुलिस महानिदेशक कानपुर जोन आलोक सिंह, पुलिस उप महानिरीक्षक कानपुर परिक्षेत्र हरीश चंदर, जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी तथा पुलिस अधीक्षक अभिषेक भारती द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राएं, शिक्षक, पत्रकार और आमजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

कार्यशाला में साइबर अपराध के बदलते स्वरूप पर चर्चा करते हुए आलोक सिंह ने कहा कि अपराधी अत्याधुनिक तकनीकों का उपयोग कर लोगों को ठगने के नए तरीके अपना रहे हैं, ऐसे में सतर्कता बेहद जरूरी है। उन्होंने युवाओं को सोशल मीडिया का जिम्मेदारी से उपयोग करने और संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तुरंत देने की सलाह दी।

साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ रक्षित टण्डन ने ऑनलाइन ठगी के तरीकों जैसे फिशिंग, फेक लिंक और नकली वेबसाइट के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने सुरक्षित पासवर्ड के उपयोग, अनजान लिंक से बचने और व्यक्तिगत व बैंकिंग जानकारी साझा न करने की सलाह दी।

कार्यशाला में महिलाओं और बच्चों के खिलाफ साइबर अपराधों पर भी विशेष चर्चा की गई। अधिकारियों ने साइबर बुलिंग, फेक प्रोफाइल और ऑनलाइन शोषण से बचाव के उपाय बताए और हेल्पलाइन व पुलिस से तत्काल संपर्क करने को कहा।

कार्यक्रम का उद्देश्य विशेषकर युवाओं को डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूक करना रहा। अधिकारियों ने कहा कि जनसहभागिता से ही साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण संभव है।

कार्यशाला के बाद अधिकारियों ने निर्माणाधीन पुलिस लाइन का निरीक्षण किया, जहां कार्य की गति धीमी पाई गई। उन्होंने कार्यदायी संस्था को निर्माण में तेजी लाने और समयसीमा के भीतर कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान पुलिस लाइन को आधुनिक सुविधाओं से युक्त बनाने, शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, कैफेटेरिया और स्कूल जैसी सुविधाएं विकसित करने के निर्देश भी दिए गए। साथ ही बारिश से पहले स्ट्रक्चर कार्य पूरा करने और बाद में फिनिशिंग कार्य करने को कहा गया।

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी संत कुमार, अपर पुलिस अधीक्षक आलोक मिश्रा, अधिशाषी अभियंता लोक निर्माण विभाग अमर सिंह सहित कई अधिकारी मौजूद रहे

GATE-2026 में डीडीयू के छात्रों का शानदार प्रदर्शन, छात्राओं की बढ़ी भागीदारी बनी खास उपलब्धि

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के विभिन्न विषयों के पचास से अधिक विद्यार्थियों ने GATE-2026 परीक्षा में सफलता प्राप्त कर विश्वविद्यालय का गौरव बढ़ाया है। इस उपलब्धि की विशेषता यह रही कि कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रॉनिक्स, अंग्रेजी एवं मनोविज्ञान जैसे विषयों में छात्राओं की भागीदारी और सफलता उल्लेखनीय रूप से अधिक रही, जो विश्वविद्यालय में बढ़ती शैक्षणिक गुणवत्ता और लैंगिक संतुलन का सकारात्मक संकेत है। कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग के सर्वाधिक दर्जन भर से अधिक विद्यार्थियों ने सफलता अर्जित की है।
GATE-2026 के परिणाम में लाइफ साइंस के हर्ष गोविंद राव ने 380वीं रैंक एवं इलेक्ट्रॉनिक्स एवं कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग के अभय सिंह ने ऑल इंडिया 429वीं रैंक प्राप्त कर विश्वविद्यालय को राष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया है। इसके अतिरिक्त कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग, गणित एवं सांख्यिकी, भौतिकी, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग, प्राणिविज्ञान, मनोविज्ञान एवं अंग्रेजी जैसे विविध विषयों के विद्यार्थियों ने भी अच्छी संख्या में सफलता अर्जित की है।
इस उपलब्धि पर विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. पूनम टंडन ने सभी सफल विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि GATE जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा में विद्यार्थियों की सफलता उनके कठिन परिश्रम, अनुशासन एवं शिक्षकों के उत्कृष्ट मार्गदर्शन का परिणाम है। यह उपलब्धि न केवल विश्वविद्यालय के लिए गौरव का विषय है, बल्कि अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणास्रोत है। उन्होंने विश्वास जताया कि विद्यार्थी भविष्य में भी इसी प्रकार उत्कृष्ट प्रदर्शन करते रहेंगे।
यह उल्लेखनीय है कि GATE परीक्षा एक राष्ट्रीय स्तर की प्रतिष्ठित परीक्षा है, जो इंजीनियरिंग, प्रौद्योगिकी, विज्ञान, अंग्रेजी, मनोविज्ञान एवं आर्किटेक्चर जैसे विषयों में स्नातक स्तर की अवधारणाओं की समझ और विश्लेषण क्षमता का आकलन करती है। इसके स्कोर के आधार पर देश के प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रवेश तथा सार्वजनिक उपक्रमों (PSUs) में रोजगार के अवसर प्राप्त होते हैं।
विद्यार्थियों की इस उपलब्धि पर प्रति कुलपति प्रो. शांतनु रस्तोगी, डीएसडब्ल्यू प्रो. अनुभूति दुबे समेत अनेक शिक्षकों ने बधाई दी।

डॉ. लोहिया जयंती पर युवाओं ने दी श्रद्धांजलि, विचारों पर चलने का लिया संकल्प

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। समाजवादी विचारधारा के प्रणेता डॉ. राम मनोहर लोहिया की जयंती के अवसर पर सोमवार को समाजवादी युवा फ्रंटल संगठनों द्वारा रामपुर कारखाना क्षेत्र के डुमरी चौराहे पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान युवा कार्यकर्ताओं ने डॉ. लोहिया की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर पुष्प अर्पित किए तथा कैंडल जलाकर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर मौजूद युवाओं ने उनके विचारों को आत्मसात करने का संकल्प भी लिया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजवादी लोहिया वाहिनी के जिलाध्यक्ष दिव्यांश श्रीवास्तव ने की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि डॉ. लोहिया ने अपना पूरा जीवन सामाजिक न्याय, समानता और वंचित वर्गों—पिछड़ों, दलितों, महिलाओं तथा गरीबों—के अधिकारों के लिए समर्पित किया। उनके विचार आज भी समाज को दिशा देने का कार्य कर रहे हैं।
वहीं समाजवादी युवजन सभा के जिलाध्यक्ष रणवीर यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी डॉ. लोहिया के बताए मार्ग पर चलकर समाज में समता, भाईचारा और न्याय स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
इस कार्यक्रम में छात्र सभा के जिलाध्यक्ष मनोज यादव, हरिओम लाला, लारेब रहमान, सोनू प्रकाश, विनोद यादव, गुड्डू, बलवंत पहलवान, अनीस कुशवाहा, सोनू यादव, कृष्णा, सुनील श्रीवास्तव, अरबाज, नुरुल हसन, कमलेश शर्मा, अश्वनी विश्वकर्मा, अनश, धनंजय और शैलेन्द्र सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

नव वर्ष शोभायात्रा का किया गया भव्य स्वागत

बरहज/देवरिया(राष्ट्र क़ी परम्परा)l नव वर्ष क़ी भव्य शोभा यात्रा क्षेत्र का भ्रमण कर बरहज नगर क़ी मुख्य सड़क पर पहुंची, जिसका हिन्दुओ ने स्वागत किया ।
बताते चले कि सोमवार को गाजे बाजे के साथ बरहज क्षेत्र का भ्रमण करते हुए भारतीय नव वर्ष की शोभा हिंदूवादी नेता प्रमोद मिश्रा के नेतृत्व में बरहज नगर मे प्रवेश किया, जिसका लोगो ने बस स्टेशन रोड स्थित दुर्गा मंदिर पर स्वागत किया। प्रमोद मिश्र ने कहा कि सनातन धर्म भारत की आत्मा है,चैत्र प्रतिपदा संस्कृति का गौरव है। इस दौरान भाजपा के नगर अध्यक्ष विवेक कुमार गुप्त, जीतेन्द्र भारत, सभासद अशोक सोनकर, मानवेन्द्र तिवारी, डॉ हरिश्चंद मिश्र, पीयूष मद्धेशिया, पंकज वर्मा, कृष्णा जायसवाल, विनोद मद्धेशिया आदि मौजूद रहे।

संस्कार भारती की जिला इकाई गठि, डॉ. सोनी सिंह बनीं जिलाध्यक्ष

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। संस्कार भारती गोरक्ष प्रांत के निर्देशानुसार जनपद इकाई का गठन कर दिया गया है। बैठक में डॉ. सोनी सिंह को सर्वसम्मति से जिलाध्यक्ष नियुक्त किया गया, जबकि गीता सिंह (मेहदावल) एवं गोरखनाथ मिश्रा को उपाध्यक्ष और अमीता सिंह (बघौली) को मंत्री बनाया गया।
निर्णय प्रांतीय प्रतिनिधि एवं प्रांतीय उपाध्यक्ष/पर्यवेक्षक डॉ. कैप्टन पुष्पलता मिश्रा, प्रांतीय मंत्री एवं सह-पर्यवेक्षक राहुल श्रीवास्तव तथा बस्ती की जिला उपाध्यक्ष सत्त्या मिश्रा की उपस्थिति में आयोजित बैठक में लिया गया। बैठक का उद्देश्य संगठन के विस्तार और सुदृढ़ीकरण को गति देना रहा।
नव नियुक्त जिलाध्यक्ष डॉ. सोनी सिंह ने संगठन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त करते हुए कहा कि संस्कार भारती के माध्यम से जनपद में सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाएगा और कला-संस्कृति के संरक्षण के लिए सक्रिय कार्य किए जाएंगे।
बैठक में प्रमुख समाजसेवी अखिलेन्द्र सिंह एवं भारतीय किसान यूनियन के उपाध्यक्ष राजन सिंह की भी उपस्थिति रही। कार्यक्रम का समापन संगठन को मजबूत बनाने के संकल्प के साथ किया गया।

संपूर्ण समाधान दिवस में 130 मामलों की सुनवाई, 12 का मौके पर निस्तारण

एक दिन की डीएम बनी छात्रा अनन्या दूबे, अफसरों को दिए निर्देश

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जिलाधिकारी सन्तोष कुमार शर्मा एवं पुलिस अधीक्षक सोमेंद्र मीना की अध्यक्षता में निचलौल तहसील के सभागार में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में जनसुनवाई की गई, जिसमें फरियादियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना गया। इस दौरान कुल 130 प्रकरण प्राप्त हुए, जिनमें से 12 मामलों का जिलाधिकारी द्वारा मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। शेष मामलों के संबंध में जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे प्राथमिकता के आधार पर त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें। विशेष रूप से भूमि विवाद से जुड़े मामलों में निष्पक्ष और शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने संपूर्ण समाधान दिवस में अनुपस्थित रहने वाले अधिकारियों पर कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्टीकरण जारी करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि इस महत्वपूर्ण जनसुनवाई कार्यक्रम में अनुपस्थिति किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है। इस अवसर पर उप कृषि निदेशक, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी, परियोजना अधिकारी डूडा, श्रम प्रवर्तन अधिकारी, सहायक निदेशक मत्स्य एवं सहायक निदेशक रेशम अनुपस्थित पाए गए।
कार्यक्रम की विशेष बात यह रही कि कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय की कक्षा 8 की छात्रा अनन्या दूबे को मिशन शक्ति 5.0 के तहत एक दिन के लिए डीएम बनाया गया। अनन्या ने डीएम की कुर्सी पर बैठकर जनसुनवाई की प्रक्रिया को नजदीक से देखा और कुछ मामलों में निर्देश भी दिए। उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि यह अवसर उनके लिए प्रेरणादायक रहा और इससे उन्हें प्रशासनिक कार्यों को समझने का मौका मिला।
संपूर्ण समाधान दिवस में एसडीएम निचलौल सिद्धार्थ गुप्ता, तहसीलदार अमित सिंह, क्षेत्राधिकारी बसंत सिंह, डीडीओ बी.एन. कन्नौजिया, बीडीओ शमा सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहें।