सलेमपुर/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)।
जिला कांग्रेस कमेटी देवरिया के उपाध्यक्ष डॉ. धर्मेंद्र पाण्डेय ने अमृत भारत योजना के अंतर्गत सलेमपुर जंक्शन पर हो रहे निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि कुछ माह पूर्व ही निर्मित स्टेशन बोर्ड का टूट जाना निर्माण एजेंसी की कार्यप्रणाली और गुणवत्ता मानकों पर स्वयं सवालिया निशान खड़ा करता है।
डॉ. पाण्डेय ने कहा कि जिस बोर्ड के माध्यम से यात्रियों को स्टेशन की पहचान मिलती है, वही यदि अल्प समय में क्षतिग्रस्त हो जाए तो यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने चिंता जताते हुए कहा कि वर्तमान स्थिति में आने-जाने वाले यात्रियों को इस बोर्ड से सलेमपुर जंक्शन का नाम तक स्पष्ट रूप से पढ़ने में कठिनाई हो रही है, जो रेलवे प्रशासन की लापरवाही को दर्शाता है।
उन्होंने आरोप लगाया कि करोड़ों रुपये की लागत से चलाई जा रही अमृत भारत योजना का उद्देश्य यात्री सुविधाओं का विस्तार और रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण है, लेकिन यदि निर्माण कार्य की गुणवत्ता ही कमजोर होगी तो योजना के मूल उद्देश्य पर ही प्रश्नचिह्न लग जाएगा।
डॉ. धर्मेंद्र पाण्डेय ने रेलवे प्रशासन से मांग की कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता की निष्पक्ष जांच कराई जाए और दोषी ठेकेदारों व अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि स्टेशन पर लगाए गए सभी संकेतक बोर्डों और अन्य निर्माण कार्यों को उच्च गुणवत्ता सामग्री से पुनः निर्मित कराया जाए, ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
थाने से लेकर अफसरों तक चुप्पी
पीड़िता सुशीला साहनी बोलीं– आरोपियों को पुलिस का संरक्षण, परिवार की जान खतरे में
गोरखपुर(राष्ट्र की परम्परा)
थाना बड़हलगंज क्षेत्र के ग्राम रजौरी निवासी सुशीला साहनी ने गोरखपुर जर्नलिस्ट प्रेस क्लब में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि 25 जनवरी 2026 को उनके पति व बेटे अजय पर गांव के दबंगों ने जान से मारने की नीयत से हमला किया, लेकिन घटना के कई दिन बीत जाने के बावजूद एक भी आरोपी गिरफ्तार नहीं किया गया।
पीड़िता ने बताया कि हमलावरों में देव प्रकाश शुक्ला, गणनायक शुक्ला, धर्मदेव यादव, मिठाई लाल यादव समेत अन्य लोग शामिल थे, जिन्होंने लाठी-डंडों से हमला कर उनके बेटे के सिर पर गंभीर चोट पहुंचाई। घायल अवस्था में पीड़ितों को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। मामले में थाना बड़हलगंज में मुकदमा दर्ज होने के बावजूद पुलिस की निष्क्रियता सवालों के घेरे में है।
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सुशीला साहनी का आरोप है कि पुलिस आरोपियों से सांठगांठ कर मुकदमे को कमजोर करने में जुटी है। उन्होंने दावा किया कि पुलिस पर रिश्वत लेकर केस खत्म कराने का दबाव बनाया जा रहा है। गिरफ्तारी न होने से आरोपियों के हौसले बुलंद हैं और वे खुलेआम पीड़िता व उसके परिवार को जान से मारने की धमकी दे रहे हैं।
पीड़िता ने कहा कि उन्होंने पुलिस के उच्चाधिकारियों से लेकर मुख्यमंत्री कार्यालय तक गुहार लगाई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो उनके परिवार के साथ कोई भी अप्रिय घटना हो सकती है, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
प्रेस वार्ता में सुशीला साहनी ने साफ शब्दों में कहा कि यदि प्रशासन ने अब भी आंखें मूंदे रखीं तो वे न्याय के लिए आंदोलन को मजबूर होंगी। उन्होंने मांग की कि सभी नामजद आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार कर उनके परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
प्रेस क्लब में मौजूद पत्रकारों ने भी पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की।
रेल सुविधाओं को लेकर रासद-भाकपा ने सौंपा मांगपत्र
सलेमपुर/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। ग्रामीण क्षेत्रों में रेल सुविधाओं के विस्तार और यात्री सुरक्षा से जुड़ी मांगों को लेकर राष्ट्रीय समानता दल (रासद) और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (CPI) सहित विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने गुरुवार 29 जनवरी 2026 को सलेमपुर रेलवे स्टेशन पर मंडल रेल प्रबंधक, वाराणसी को संयुक्त रूप से मांगपत्र सौंपा।
मांगपत्र सौंपते हुए संजयदीप कुशवाहा ने ग्रामीण इलाकों में रेल सेवा के महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने भटनी जंक्शन से अयोध्या धाम तक चलने वाली ट्रेन संख्या 65115 मेमू को बरहज बाजार से प्रारंभ किए जाने की मांग की, ताकि ग्रामीण जनता को अयोध्या धाम तक सुरक्षित, सुलभ और किफायती रेल सुविधा मिल सके।
चौरी-चौरा एक्सप्रेस के समय में बदलाव की मांग
प्रतिनिधियों ने ट्रेन संख्या 15004 चौरी-चौरा एक्सप्रेस के वर्तमान संचालन समय पर भी चिंता जताई। यह ट्रेन गोरखपुर जंक्शन से रात्रि करीब 11:20 बजे प्रस्थान करती है, जिससे यात्रियों को मध्यरात्रि में स्टेशनों पर पहुंचना पड़ता है। इससे महिलाओं, छात्र-छात्राओं, बुजुर्गों और आम यात्रियों को असुरक्षा और भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है।
इसलिए मांग की गई कि इस ट्रेन का समय बदलकर इसे गोरखपुर से सायं 5:00 बजे चलाया जाए।
ग्रामीण समाज की रीढ़ है रेलवे
चतुरानन ओझा, सह संयोजक समान शिक्षा आंदोलन ने कहा—
“रेलवे केवल परिवहन का साधन नहीं, बल्कि ग्रामीण समाज की सामाजिक और आर्थिक रीढ़ है। आधी रात में ट्रेनों का संचालन यात्रियों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ है। हमारी सभी मांगें जनहित और सामाजिक न्याय से जुड़ी हैं।”
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स्टेशनों पर ठहराव व बुनियादी सुविधाओं की मांग
विनोद सिंह, प्रदेश सचिव खेमयु (CPI) ने पिवकोल रेलवे स्टेशन पर ट्रेन संख्या 15104 और 15132 के ठहराव की आवश्यकता बताई।
वहीं सुरेंद्र बौद्ध ने बरहज बाजार, सिसई गुलाब राय, सतराव और देवरहवा बाबा करौता रेलवे स्टेशनों के प्लेटफार्म को मानक के अनुसार ऊंचा करने की मांग रखी।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के जिला सचिव अरविंद कुशवाहा ने बरहज रेलवे स्टेशन पर शौचालय, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और शुद्ध पेयजल की सुविधा सुनिश्चित करने की मांग उठाई।
कुशीनगर को रेल मार्ग से जोड़ने की मांग
विजय कुमार, जिलाध्यक्ष राष्ट्रीय समानता दल ने बरहज बाजार रेलवे स्टेशन को दोहरीघाट रेलवे स्टेशन और भटनी जंक्शन के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय बौद्ध पर्यटन स्थल कुशीनगर से जोड़ने की मांग की। उनका कहना था कि इससे पर्यटन, स्थानीय रोजगार और क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा मिलेगा।
सभी संगठनों ने रेलवे प्रशासन से अपील की कि जनसुरक्षा, महिला-हित, छात्र-हित और ग्रामीण विकास को ध्यान में रखते हुए इन मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लिया जाए।
मंडल रेल प्रबंधक वाराणसी ने सभी मांगों पर सहमति जताते हुए उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।
इस मौके पर सुरेश कुशवाहा, सुजीत कुमार टीटू, सुभावती देवी, सांध्य, श्यामदेव यादव, राजाराम, शेषमणि, अभय कुमार, विद्यावती, विमलेश कुमार, मोहम्मद महफूज सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।
मिशन-2026 देवरिया में लोहिया वाहिनी का ‘बूथ विजय’ संकल्प, घर-घर दस्तक देंगे ‘सलोवा’ के जांबाज
देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)। जनपद में समाजवादी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व के निर्देश पर जिले में “पीडीए मतदाता जागरूकता अभियान” को धार देने के लिए समाजवादी लोहिया वाहिनी ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। गुरुवार को जिलाध्यक्ष दिव्यांश श्रीवास्तव ने रणनीति का खुलासा करते हुए बताया कि 28 जनवरी से 6 फरवरी तक चलने वाला यह अभियान केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि बूथ स्तर पर शुद्धिकरण का एक बड़ा अभियान होगा।
कार्यकर्ताओं को मिला ‘पंच बूथ’ का जिम्मा
बैठक में बनी रणनीति के तहत सलोवा कार्यकर्ताओं को ‘पाँच-पाँच बूथ’ की जिम्मेदारी सौंपी गई है। ये कार्यकर्ता न केवल मतदाता सूची को दुरुस्त करेंगे, बल्कि जमीन पर जाकर समाजवादी विचारधारा और पीडीए के संकल्प को युवाओं तक पहुँचाएंगे।
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संगठन ने इस बार तकनीकी और जमीनी दोनों स्तरों पर काम करने का ब्लूप्रिंट तैयार किया है जिसमे एस.आई.आर. (SIR) के तहत सी-कैटेगरी और नो-मैपिंग की गहन जांच। मृतक और डबल मतदाताओं के नाम कटवाने की प्रक्रिया पर विशेष नजर। अब्सेंट और शिफ्टेड मतदाताओं की सघन जांच ताकि वोट का अधिकार सुरक्षित रहे।साथ ही बूथों पर कैंप लगाकर फॉर्म 6, 7 और 8 भरवाए जाएंगे ताकि कोई भी पात्र युवा मताधिकार से वंचित न रहे।
हमारा लक्ष्य हर बूथ पर पारदर्शिता और मजबूती लाना है। विधानसभा से लेकर ब्लॉक और नगर अध्यक्षों तक, हर पदाधिकारी को जवाबदेही सौंपी गई है। सलोवा का एक-एक सिपाही नौजवानों को जागरूक करने के लिए मैदान में उतर चुका है।
— दिव्यांश श्रीवास्तव, जिलाध्यक्ष (समाजवादी लोहिया वाहिनी)
भारत-EU ट्रेड डील पर अमेरिका का हमला, ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने यूरोप को घेरा
वॉशिंगटन (राष्ट्र की परम्परा)। अमेरिका के ट्रेजरी सेक्रेटरी स्कॉट बेसेंट ने भारत और यूरोपीय यूनियन (EU) के बीच हाल ही में हुए व्यापार समझौते को लेकर यूरोप पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि इस डील से साफ हो गया है कि यूरोपीय यूनियन ने यूक्रेन के समर्थन से ज्यादा अपने व्यापारिक हितों को प्राथमिकता दी है।
CNBC को दिए इंटरव्यू में बेसेंट ने कहा कि भारत-EU ट्रेड डील कई साल की बातचीत के बाद मंगलवार को पूरी हुई, जिससे वह बेहद निराश हैं। यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने इस समझौते को ‘मदर ऑफ ऑल डील्स’ बताया था।
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए बेसेंट ने कहा,
“उन्हें जो सही लगे, वह करें, लेकिन ईमानदारी से कहूं तो यूरोप का यह रवैया मुझे निराशाजनक लगा।”
भारत पर US टैरिफ से EU ने बनाई दूरी
स्कॉट बेसेंट ने आरोप लगाया कि यूरोपीय देश भारत से ऐसे रिफाइंड प्रोडक्ट्स खरीद रहे हैं, जो रूसी तेल से बने हैं, लेकिन भारत पर अमेरिका की सख्त व्यापार नीति का समर्थन करने को तैयार नहीं हुए।
उन्होंने कहा कि अमेरिका ने पिछले साल भारतीय उत्पादों पर 25 फीसदी अतिरिक्त टैरिफ लगाया था, लेकिन EU ने इस कदम का समर्थन नहीं किया क्योंकि वह भारत के साथ अपना व्यापार समझौता करना चाहता था।
बेसेंट के मुताबिक,
“यूरोप हमारे साथ खड़ा नहीं हुआ और अब साफ हो गया है कि इसकी वजह यह ट्रेड डील थी।”
यूक्रेन को लेकर यूरोप के बयानों पर सवाल
बेसेंट ने कहा कि यूरोप की यह नीति यूक्रेन को लेकर उसके दावों को कमजोर करती है। उन्होंने टिप्पणी करते हुए कहा,
“जब भी किसी यूरोपीय नेता को यूक्रेनी लोगों के महत्व पर बोलते सुनें, तो याद रखें कि उन्होंने व्यापार को यूक्रेन से ऊपर रखा।”
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‘मदर ऑफ ऑल डील्स’ का मकसद
भारत-EU व्यापार समझौते का उद्देश्य दोनों पक्षों के बीच व्यापार बढ़ाना और अमेरिका पर यूरोप की निर्भरता कम करना बताया गया है।
ब्रसेल्स के अनुसार, इस डील के तहत करीब 97 फीसदी उत्पादों पर टैरिफ खत्म या कम किए जाएंगे। इससे 2032 तक EU का भारत को निर्यात दोगुना हो सकता है और यूरोपीय कंपनियों को लगभग 4 अरब यूरो की ड्यूटी बचत होगी।
अमेरिका-यूरोप व्यापार संबंधों में बढ़ता तनाव
स्कॉट बेसेंट के ये बयान ऐसे समय आए हैं, जब राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल में अमेरिका और यूरोप के बीच व्यापार संबंध तनावपूर्ण बने हुए हैं। अमेरिकी अधिकारियों का आरोप है कि EU ने जुलाई में हुए फ्रेमवर्क समझौते के तहत टैरिफ कटौती के वादों को अब तक लागू नहीं किया है।
अन्य देशों पर भी US का टैरिफ दबाव
अमेरिका ने दक्षिण कोरिया समेत कई अन्य व्यापारिक साझेदारों पर भी टैरिफ बढ़ाए हैं। बेसेंट ने टैरिफ को दबाव बनाने का हथियार बताते हुए कहा कि इससे व्यापारिक बातचीत को आगे बढ़ाने में मदद मिलती है।
ऊर्जा व्यापार को लेकर यूरोप पर निशाना
ABC न्यूज से बातचीत में बेसेंट ने कहा कि यूरोपीय देश ऊर्जा व्यापार के जरिए अपनी ही सुरक्षा नीति को कमजोर कर रहे हैं। उन्होंने कहा,
“हमने भारत पर रूसी तेल खरीदने को लेकर 25 फीसदी टैरिफ लगाया, लेकिन इसके बावजूद यूरोप ने भारत के साथ ट्रेड डील साइन कर ली।”
भारत पर 50% तक टैरिफ, राहत के संकेत
ट्रंप प्रशासन ने भारतीय उत्पादों पर 50 फीसदी तक टैरिफ लगाए हैं, जिनमें से 25 फीसदी टैरिफ भारत द्वारा रूसी तेल खरीदने से जुड़ा है। अगस्त में इन टैरिफ को और बढ़ाया गया, जिससे अमेरिका-भारत व्यापार संबंधों में तनाव बढ़ गया।
हालांकि, बेसेंट ने संकेत दिए हैं कि आने वाले समय में टैरिफ में राहत मिल सकती है। वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के दौरान Politico से बातचीत में उन्होंने कहा कि भारतीय रिफाइनरियों द्वारा रूसी कच्चे तेल की खरीद में तेज गिरावट आई है और 25 फीसदी टैरिफ हटाने का रास्ता निकल सकता है।
क्रिटिकल मिनरल्स बैठक के लिए अमेरिका जा सकते हैं एस. जयशंकर
नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। विदेश मंत्री एस. जयशंकर अगले सप्ताह अमेरिका के दौरे पर जा सकते हैं, जहां वह क्रिटिकल मिनरल्स मिनिस्टीरियल बैठक में हिस्सा लेंगे। यह उच्चस्तरीय बैठक वॉशिंगटन डीसी में आयोजित होगी और इसकी मेजबानी अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो करेंगे। यह पहली बार होगा जब इस मंच पर इतने बड़े स्तर पर देशों के विदेश मंत्री एक साथ जुटेंगे।
बैठक से इतर एस. जयशंकर और मार्को रूबियो के बीच द्विपक्षीय मुद्दों पर भी चर्चा होने की संभावना है। माना जा रहा है कि बातचीत में भारत-अमेरिका रणनीतिक साझेदारी, व्यापार और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला जैसे अहम विषय शामिल हो सकते हैं।
क्रिटिकल मिनरल्स सप्लाई चेन पर फोकस
क्रिटिकल मिनरल्स मिनिस्टीरियल बैठक का मुख्य उद्देश्य दुनियाभर के देशों को एक मंच पर लाकर अहम खनिजों की सुरक्षित और भरोसेमंद सप्लाई चेन विकसित करना है। इन खनिजों में लिथियम, कोबाल्ट और निकल जैसे संसाधन शामिल हैं, जिनका इस्तेमाल इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, रिन्यूएबल एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर और डिफेंस सिस्टम्स में किया जाता है।
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भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर तनाव
यह हाई-लेवल मीटिंग ऐसे समय पर हो रही है, जब भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील को लेकर तनाव की स्थिति बनी हुई है। ऐसे में एस. जयशंकर का प्रस्तावित दौरा दोनों देशों के रिश्तों में आई तल्खी को कम करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
सूत्रों के मुताबिक, इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की संभावित मुलाकात पर भी चर्चा हो सकती है। अगर विदेश मंत्री का यह दौरा होता है, तो इसे भारत-अमेरिका संबंधों में मनमुटाव खत्म होने का स्पष्ट संकेत माना जाएगा।
यूरोपियन यूनियन के साथ FTA के बाद अहम दौरा
एस. जयशंकर का यह दौरा ऐसे वक्त में संभावित है, जब भारत ने हाल ही में यूरोपियन यूनियन के साथ मुक्त व्यापार समझौता (FTA) किया है। यह समझौता अमेरिकी दबाव के बीच रणनीतिक रूप से काफी अहम माना जा रहा है।
इस एफटीए से भारतीय कंपनियों को यूरोपीय बाजारों में प्राथमिकता से पहुंच मिलेगी। इससे ‘मेड इन इंडिया’ मेडिकल उपकरणों पर टैरिफ घटेगा, साथ ही रसायन, उर्वरक, दवाएं, कॉस्मेटिक, साबुन और डिटर्जेंट जैसे सेक्टरों में तेजी से विकास होगा। इसके अलावा उत्पादन क्षमता बढ़ाने और एमएसएमई क्लस्टर्स के विकास को भी बढ़ावा मिलेगा।
बनारस–हरदत्तपुर रेल खंड पर सघन टिकट चेकिंग अभियान, 33 यात्री पकड़े गए
वाराणसी (राष्ट्र की परम्परा)। बनारस–हरदत्तपुर रेल खंड पर बिना टिकट एवं अनियमित यात्रा करने वालों के खिलाफ रेलवे द्वारा सघन टिकट जांच अभियान चलाया गया। यह बस रेड टिकट चेकिंग अभियान 28 जनवरी 2026 को प्रातः हरदत्तपुर स्टेशन को आधार बनाकर संचालित किया गया।
मंडल रेल प्रबंधक आशीष जैन के निर्देशन में, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक शेख रहमान एवं सहायक वाणिज्य प्रबंधक पशुपतिनाथ मिश्रा के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान बनारस–प्रयागराज रामबाग रेल खंड पर चलने वाली 65132 प्रयागराज रामबाग मेमू, 65131 मऊ–प्रयागराज रामबाग मेमू एक्सप्रेस सहित अन्य सवारी गाड़ियों में किलाबंदी कर टिकट जांच की गई।
इस टिकट जांच दल में सहायक वाणिज्य प्रबंधक पी.एन. मिश्रा, मुख्य टिकट निरीक्षक विवेक बाजपेयी, टिकट निरीक्षक माहरूफ खान, उमेश यादव, अमित सहित कुल 21 टिकट जांच कर्मचारी और 05 रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के जवान शामिल रहे।
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जांच के दौरान बिना टिकट एवं अनियमित टिकट पर यात्रा कर रहे कुल 33 यात्रियों को पकड़ा गया। इन यात्रियों से रेलवे राजस्व के रूप में ₹58,540 (अठावन हजार पांच सौ चालीस रुपये) का जुर्माना वसूला गया। वहीं जुर्माना तत्काल अदा न करने वाले 10 यात्रियों को रेलवे मजिस्ट्रेट प्रशांत मिश्रा के समक्ष प्रस्तुत किया गया, जहां जुर्माना जमा करने के बाद उन्हें छोड़ा गया।
बस रेड अभियान के चलते इस रेल खंड के विभिन्न स्टेशनों पर टिकट काउंटरों पर यात्रियों की लंबी कतारें देखी गईं। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक शेख रहमान ने यात्रियों से अपील की है कि वे रेलवे नियमों का पालन करें और यात्रा के दौरान उचित एवं वैध टिकट लेकर ही सफर करें।
देवरिया में अवैध शराब तस्करी पर बड़ी कार्रवाई, स्कॉर्पियो समेत 90 लीटर देशी शराब बरामद
देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। अवैध शराब तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत देवरिया पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। थाना श्रीरामपुर पुलिस ने एक महिंद्रा स्कॉर्पियो वाहन से 90 लीटर अवैध देशी शराब बरामद की है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक देवरिया संजीव सुमन के निर्देशन में चल रहे “ऑपरेशन प्रहार” अभियान के अंतर्गत की गई।
घटना 28 जनवरी 2026 की रात की है, जब अपर पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार सिंह के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी भाटपार रानी अंशुमन श्रीवास्तव के पर्यवेक्षण में थाना श्रीरामपुर पुलिस संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। चित्रसेन बनकटा बॉर्डर पर बासोपट्टी पेट्रोल पंप के पास एक पंचर की दुकान के समीप खड़ी स्कॉर्पियो वाहन को देखकर पुलिस को शक हुआ।
पुलिस को देखते ही वाहन चालक स्कॉर्पियो छोड़कर झाड़ियों की ओर फरार हो गया। अंधेरे का फायदा उठाकर वह मौके से भागने में सफल रहा। बाद में जब पुलिस ने वाहन की तलाशी ली तो स्कॉर्पियो (नंबर BR 01 PG 4118) से 10 पेटी अवैध देशी शराब बरामद हुई। इनमें 5 पेटी “बंटी बबली” और 5 पेटी “रोमिया राजा” ब्रांड की शराब शामिल है।
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बरामद शराब की कुल मात्रा 90 लीटर बताई गई है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 24 हजार रुपये है, जबकि जब्त स्कॉर्पियो की कीमत लगभग 8 लाख रुपये आंकी गई है। इस मामले में थाना श्रीरामपुर में मु0अ0सं0 0015/2026 के तहत धारा 60/72 आबकारी अधिनियम में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जिले में अवैध शराब तस्करी के खिलाफ अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा।
मोबाइल विवाद में दुकानदार के बेटे पर जानलेवा हमला
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। ठूठीबारी कोतवाली क्षेत्र के डुमरी ईटहिंया गांव में मोबाइल फोन को लेकर हुआ एक मामूली विवाद हिंसक झड़प में तब्दील हो गया। आरोप है कि गांव के तीन लोगों ने मिलकर एक दुकानदार के बेटे पर लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से जानलेवा हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद इलाके में दहशत और तनाव का माहौल बन गया। पुलिस ने एक महिला समेत तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ईटहिंया मंदिर परिसर में दुकान चलाने वाले रामनिवास यादव ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि बुधवार सुबह करीब नौ बजे गांव के दिलीप, दीपू और चिनका किसी मोबाइल फोन को लेकर विवाद करते हुए उनकी दुकान पर पहुंचे। आरोप है कि तीनों गाली-गलौज करने लगे और माहौल बिगाड़ने की कोशिश की। उस समय दुकानदार का छोटा बेटा अनिकेश घर पर मौजूद नहीं था।
इसी दौरान रामनिवास यादव का बड़ा बेटा गंगेश यादव दुकान पर पहुंचा। आरोप है कि उसे देखते ही तीनों आरोपी उग्र हो गए और उसके साथ गाली-गलौज करने लगे। बात बढ़ने पर आरोपियों ने लाठी-डंडों और लोहे की रॉड से गंगेश यादव पर हमला कर दिया। अचानक हुए हमले में वह गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा।
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घटना के दौरान चीख-पुकार सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक आरोपी युवक को जान से मारने की धमकी देते हुए फरार हो गए। हमले की सूचना मिलते ही गांव में तनाव फैल गया। एहतियातन पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को नियंत्रण में लिया।
घायल युवक को तत्काल इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों के अनुसार उसकी हालत फिलहाल स्थिर बनी हुई है, लेकिन सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। पुलिस मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए हर पहलू से जांच कर रही है।
इस संबंध में ठूठीबारी थानाध्यक्ष नवनीत नागर ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर एक महिला समेत तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मेडिकल रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
बुजुर्ग को बचाने में युवक घायल, बृजमनगंज में मानवता की मिसाल
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। बृजमनगंज थाना क्षेत्र में गुरुवार को मानवता को जीवंत करने वाली एक घटना सामने आई, जहां एक युवक ने सड़क पार कर रहे बुजुर्ग की जान बचाने के लिए खुद की परवाह किए बिना साहसिक कदम उठाया। इस प्रयास में युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि बुजुर्ग सुरक्षित हैं।
जानकारी के अनुसार, गुरुवार दोपहर करीब 12 बजे बृजमनगंज नगर पंचायत के वार्ड नंबर दो, वाल्मीकि नगर निवासी फरहान अपनी बाइक से भारतीय स्टेट बैंक के पास से गुजर रहे थे। उसी दौरान अचानक एक बुजुर्ग सड़क पार करने लगे। सामने बुजुर्ग को असहाय स्थिति में देख फरहान ने तुरंत बाइक मोड़कर उन्हें बचाने की कोशिश की, लेकिन संतुलन बिगड़ने से वह सड़क पर गिर पड़े।
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हादसा इतना गंभीर था कि फरहान के सिर, हाथ और पैर में गंभीर चोटें आईं। दुर्घटना के बाद कुछ समय के लिए मौके पर अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद लोगों और पुलिसकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए घायल युवक की मदद की और एंबुलेंस बुलाकर उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बृजमनगंज पहुंचाया।
चिकित्सकों के अनुसार युवक की हालत गंभीर बनी हुई है। प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल रेफर किए जाने की संभावना जताई जा रही है। वहीं, जिस बुजुर्ग को बचाने के प्रयास में यह हादसा हुआ, वह पूरी तरह सुरक्षित बताए जा रहे हैं।
इस घटना के बाद क्षेत्र में युवक फरहान के साहस और मानवीय संवेदनशीलता की जमकर सराहना हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आज के समय में जब लोग अक्सर अपनी जान की चिंता में दूसरों की मदद से पीछे हट जाते हैं, ऐसे में फरहान का यह कदम समाज के लिए प्रेरणादायक है। यह घटना साबित करती है कि इंसानियत आज भी जिंदा है।
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UGC के नए नियमों पर सुप्रीम कोर्ट की रोक, 2012 के नियम फिर लागू
नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। सुप्रीम कोर्ट ने UGC के नए नियमों पर बड़ी रोक लगाते हुए उन्हें अस्पष्ट और दुरुपयोग की आशंका वाला बताया है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस ज्योमाल्या बागची की पीठ ने कहा कि मौजूदा स्वरूप में ये नियम भ्रम पैदा करते हैं और समाज में विभाजन को बढ़ा सकते हैं। कोर्ट ने केंद्र सरकार से जवाब भी मांगा है। मामले की अगली सुनवाई 19 मार्च को होगी।

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2012 के नियम होंगे लागू
अदालत ने स्पष्ट किया कि अगली सुनवाई तक 2012 के नियम ही प्रभावी रहेंगे। पीठ का कहना था कि नए रेगुलेशन में प्रयुक्त शब्द ऐसे हैं जिनका गलत इस्तेमाल संभव है। जस्टिस बागची ने टिप्पणी की कि जब पहले से तय मानक मौजूद हैं, तो नए प्रावधानों की प्रासंगिकता पर सवाल उठता है।
कोर्ट की सख्त टिप्पणियां
सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया कि UGC एक्ट की धारा 3(सी) असंवैधानिक है और यह समानता के सिद्धांत के खिलाफ जाती है। इस पर कोर्ट ने कहा कि वह केवल प्रावधानों की कानूनी वैधता और संवैधानिकता की जांच कर रही है।
चीफ जस्टिस ने समाज में बढ़ते वर्गीय और पहचान आधारित विभाजन पर चिंता जताते हुए कहा कि 75 साल बाद भी देश जातिगत जटिलताओं से पूरी तरह बाहर नहीं आ पाया है। उन्होंने रैगिंग के संदर्भ में सांस्कृतिक असहिष्णुता पर भी कड़ी टिप्पणी की।
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कमेटी गठन का सुझाव
कोर्ट ने सुझाव दिया कि प्रतिष्ठित कानूनविदों की एक स्वतंत्र कमेटी बनाकर पूरे मुद्दे की समीक्षा की जाए, ताकि नियम समाज को जोड़ने वाले हों, न कि विभाजन बढ़ाने वाले।
यूजीसी नियमों के विरोध की गूंज देवरिया तक, बार अध्यक्ष ने पद छोड़ा, सवर्ण समाज आंदोलन को तैयार
देवरिया।(राष्ट्र की परम्परा)
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) द्वारा लागू किए गए नए नियमों के खिलाफ देवरिया जिले में विरोध की लहर तेज होती जा रही है। इसी कड़ी में तहसील बार एसोसिएशन देवरिया के अध्यक्ष सामंत कुमार मिश्र ने मंगलवार को अपने पद से त्यागपत्र दे दिया। उन्होंने अपना इस्तीफा एल्डर्स कमेटी के चेयरमैन को सौंपते हुए इसे नैतिक निर्णय बताया।
यूजीसी के नए नियमों को लेकर जिले में सवर्ण समाज के बीच गहरा असंतोष देखा जा रहा है। विरोध के क्रम में बुधवार को एक बड़े आंदोलन की रूपरेखा तय की गई है, जिसे देखते हुए प्रशासन भी पूरी तरह अलर्ट मोड में है।
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अपने त्यागपत्र में सामंत कुमार मिश्र ने यूजीसी के नए प्रावधानों की तुलना ब्रिटिश काल के कुख्यात रोलेट एक्ट 1919 से की है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन नियमों के माध्यम से सवर्ण समाज के छात्रों को बिना समुचित जांच के कानूनी मामलों में फंसाकर जेल भेजने की मंशा छिपी हुई है।
मिश्र का कहना है कि यह नियम आने वाली पीढ़ियों के लिए गंभीर खतरा बन सकता है। उन्होंने पत्र में लिखा कि ऐसे प्रावधान समाज में वैमनस्यता को जन्म देंगे और जाति व धर्म के आधार पर विभाजन को बढ़ावा देंगे। इससे उच्च शिक्षण संस्थानों का शैक्षणिक वातावरण प्रभावित होगा और छात्रों में भय व असुरक्षा की भावना पैदा होगी।
गौरतलब है कि यूजीसी ने 13 जनवरी को ‘उच्च शिक्षण संस्थानों में भेदभाव के विरुद्ध नियम, 2026’ को लागू किया है। आयोग का दावा है कि इन नियमों का उद्देश्य कॉलेजों और विश्वविद्यालयों में समानता सुनिश्चित करना और भेदभाव को रोकना है।
हालांकि, इन नियमों को लेकर कई सामाजिक और पेशेवर संगठनों ने कड़ा विरोध जताया है। सामंत कुमार मिश्र ने स्पष्ट किया कि वह इन नियमों का हर स्तर पर विरोध करेंगे और इसी नैतिक जिम्मेदारी के तहत उन्होंने तहसील बार अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने का निर्णय लिया है। उनके इस्तीफे के बाद बार एसोसिएशन में आगे की रणनीति को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
फायरिंग में घायल गो-तस्कर गिरफ्तार, दो फरार
🔴 देवरिया में पुलिस मुठभेड़: गो-तस्कर गिरफ्तार, पिकअप वाहन व 7 गोवंशीय पशु बरामद
देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)।जनपद देवरिया में अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना कोतवाली पुलिस एवं एसओजी की संयुक्त टीम को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस मुठभेड़ के दौरान एक शातिर गो-तस्कर गिरफ्तार किया गया, जबकि मौके से पिकअप वाहन, देशी तमंचा, कारतूस और 07 गोवंशीय पशु बरामद किए गए हैं।
पुलिस अधीक्षक देवरिया श्री संजीव सुमन के निर्देशन में, अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी श्री आनन्द कुमार पाण्डेय तथा क्षेत्राधिकारी नगर श्री संजय कुमार रेड्डी के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने गोरखपुर ओवरब्रिज के पास कुर्नानाला, कसया रोड पर गोवंश से लदे पिकअप वाहन UP53ET5872 को रोकने का प्रयास किया।
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पुलिस को देखते ही वाहन चालक ने पिकअप को फुटपाथ की ओर मोड़ दिया, जिससे वाहन अनियंत्रित होकर बिजली के खंभे से टकरा गया। वाहन क्षतिग्रस्त होकर बंद हो गया। इसी दौरान वाहन सवार तीनों आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर भागने लगे।
पीछे बैठे एक आरोपी ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी और वह मौके पर घायल होकर गिर पड़ा।
घायल आरोपी की पहचान किशन यादव पुत्र रामरेखा यादव, निवासी भरथरी, थाना ऊरूवा बाजार, जनपद गोरखपुर के रूप में हुई। आरोपी के पास से एक देशी तमंचा 315 बोर, एक खोखा कारतूस और एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया। घायल को उपचार हेतु देवरिया मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।
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पूछताछ में आरोपी ने अपने दो अन्य साथियों के नाम बताए—
ऋषि पाल पुत्र पवन पाल, निवासी रघवापुर, थाना कोतवाली, देवरिया
अनिकेश पुत्र अज्ञात, निवासी माल्हनपार, थाना बासगांव, गोरखपुर
इन दोनों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगातार दबिश दे रही है।
पुलिस ने मौके से 07 गोवंशीय पशु (06 जीवित, 01 मृत), पिकअप वाहन और हथियारों को कब्जे में लेकर थाना कोतवाली पर मु0अ0सं0 217/2025 के तहत बीएनएस की धारा 109(1), गोवध निवारण अधिनियम, पशु क्रूरता निवारण अधिनियम एवं आयुध अधिनियम में मुकदमा दर्ज कर आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
देवरिया पुलिस ने स्पष्ट किया है कि गो-तस्करी और संगठित अपराध के विरुद्ध अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा।
विकसित भारत 2047: पीएम मोदी के विजन पर टिका ऐतिहासिक बजट
बजट सत्र 2026: विकसित भारत 2047 की ओर निर्णायक कदम, पीएम मोदी का दूरदर्शी संदेश
नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज संसद के बजट सत्र की शुरुआत के अवसर पर देश को स्पष्ट संदेश दिया कि यह सत्र केवल आंकड़ों और खर्च का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक निर्णायक पड़ाव है। मीडिया को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि भारत 21वीं सदी के दूसरे चौथाई हिस्से में प्रवेश कर चुका है और अगले 25 वर्ष देश के भविष्य का आधार तय करेंगे।
प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति के अभिभाषण का उल्लेख करते हुए कहा कि यह 140 करोड़ भारतीयों के भरोसे, क्षमताओं और आकांक्षाओं का प्रतिबिंब है। विशेष रूप से युवाओं की उम्मीदों को इसमें प्रमुखता से स्थान दिया गया है। उन्होंने विश्वास जताया कि सभी सांसद राष्ट्रपति द्वारा दिखाए गए मार्गदर्शन को गंभीरता से लेंगे और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
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पीएम मोदी ने कहा कि यह बजट सत्र ऐतिहासिक है क्योंकि यह सदी के दूसरे चौथाई हिस्से का पहला बजट है। उन्होंने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की उपलब्धि को भी रेखांकित किया, जो लगातार नौवीं बार संसद में बजट पेश करने जा रही हैं। यह देश के संसदीय इतिहास में एक गौरवपूर्ण अध्याय है और महिला नेतृत्व की सशक्त उपस्थिति को दर्शाता है।
बजट सत्र 2026 ऐसे समय में हो रहा है जब भारत की आर्थिक वृद्धि वैश्विक स्तर पर चर्चा का विषय बनी हुई है। हाल के वर्षों में वास्तविक आर्थिक विकास अक्सर आर्थिक सर्वेक्षण के अनुमानों से अधिक रहा है। वर्ष 2023-24 में भारत की GDP वृद्धि 9.2 प्रतिशत रही, जबकि अनुमान 6 से 6.8 प्रतिशत के बीच था। इसी तरह 2025-26 के लिए GDP वृद्धि 7.4 प्रतिशत रहने की संभावना है, जो बजट पूर्व अनुमानों से बेहतर मानी जा रही है।
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आर्थिक मोर्चे पर यह बजट केवल अल्पकालिक राहत तक सीमित नहीं रहने वाला है। विशेषज्ञों और उद्योग जगत को उम्मीद है कि सरकार संरचनात्मक सुधारों पर जोर देगी। खासकर बीमा क्षेत्र में बीमा पैठ बढ़ाने, सेवानिवृत्ति सुरक्षा को मजबूत करने और जीवन, स्वास्थ्य व MSME से जुड़े उत्पादों में जोखिम सुरक्षा बढ़ाने पर फोकस किया जा सकता है। यह कदम दीर्घकालिक आर्थिक स्थिरता और सामाजिक सुरक्षा को मजबूत करेगा।
पीएम मोदी के संबोधन से यह स्पष्ट है कि सरकार का विजन तात्कालिक लाभ से आगे बढ़कर दीर्घकालिक विकास पर केंद्रित है। अब देश की निगाहें वित्त मंत्री के बजट भाषण पर टिकी हैं, जिससे यह तय होगा कि विकसित भारत 2047 के दूसरे चरण की नींव कैसे रखी जाती है।
किशोरी की शिकायत पर युवक पर छेड़छाड़ का मुकदमा, पुलिस ने शुरू की जांच
सलेमपुर/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)।
सलेमपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में किशोरी के साथ लगातार छेड़छाड़ का मामला सामने आया है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने गांव के ही एक युवक के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
किशोरी ने पुलिस को दी गई तहरीर में बताया कि गांव का ही एक युवक आए दिन उसके साथ अभद्र व्यवहार करता है। विरोध करने पर वह युवक उसे डराने-धमकाने लगता है, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान है।
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मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने किशोरी की तहरीर के आधार पर गांव निवासी अजित मिश्र के विरुद्ध छेड़छाड़ का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि प्रकरण की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
