लखनऊ, (राष्ट्र की परम्परा)। ग्रामीण श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध कराने और मानव दिवस सृजन को गति देने के लिए उत्तर प्रदेश में 12 अक्टूबर को ‘विशेष रोजगार सृजन दिवस’ आयोजित किया जाएगा। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष शत-प्रतिशत प्रगति सुनिश्चित करते हुए उससे अधिक मानव दिवस सृजित कर नया रिकॉर्ड बनाने के निर्देश दिए हैं।
उप मुख्यमंत्री ने शनिवार को 7-कालिदास मार्ग स्थित अपने कैम्प कार्यालय से ग्राम्य विकास विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और प्रदेश के सभी मुख्य विकास अधिकारियों के साथ वर्चुअल बैठक कर अभियान की तैयारियों, रोजगार सृजन और ग्रामीण योजनाओं की समीक्षा की।
उन्होंने कहा कि वीबी-जी राम जी (विकसित भारत-जी राम जी) योजना के तहत ग्रामीण परिवारों के वयस्क सदस्यों को एक वित्तीय वर्ष में 125 दिवस तक अकुशल श्रम रोजगार उपलब्ध कराया जाना है। इसके साथ टिकाऊ और जनोपयोगी परिसंपत्तियों का निर्माण भी किया जाएगा। श्रमिकों की मांग के अनुरूप समय से रोजगार उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है।
मौर्य ने निर्देश दिया कि 12 अक्टूबर का अभियान प्रदेशभर में प्रभावी ढंग से संचालित कर नियमित निगरानी की जाए। योजना के तहत अनुमन्य 375 कार्यों में से ऐसे कार्यों का चयन किया जाए, जिनसे अधिकाधिक श्रमिकों को रोजगार मिले और जनहित सुनिश्चित हो। चयनित कार्यों को कार्ययोजना में शामिल कर समय से शुरू कराया जाए तथा प्रत्येक ग्राम पंचायत में पर्याप्त संख्या में अनुमोदित और प्रारम्भ किए जाने योग्य कार्य उपलब्ध रहें।
कार्य शुरू होने से पहले वर्क आईडी जनरेशन, जियो टैगिंग, एसईसीयूआर (SECURE) पोर्टल पर प्राक्कलन तैयार करने और एमआईएस से संबंधित प्रक्रियाएं पूरी करने के निर्देश दिए गए, ताकि अभियान के दौरान तकनीकी बाधा न आए। श्रमिकों की मांग के अनुसार ई-मस्टर रोल समय से जारी कर अधिकतम पात्र श्रमिकों को वास्तविक रोजगार उपलब्ध कराया जाए। जिन ग्राम पंचायतों में कोई कार्य संचालित नहीं है, वहां निर्धारित प्रावधानों के अनुसार कार्य शुरू कराया जाए।
अधिकारियों को कार्यस्थलों पर श्रमिकों की उपस्थिति, कार्यों की प्रगति और रोजगार सृजन की वास्तविक स्थिति की निगरानी करने को कहा गया। श्रमिकों के पारिश्रमिक का समय से भुगतान, जॉब कार्ड और उपस्थिति संबंधी शिकायतों का त्वरित निस्तारण तथा अनियमितता मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
ग्रामीण आवास योजनाओं की समीक्षा के दौरान उप मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण और मुख्यमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत प्रत्येक पात्र परिवार को आवास का लाभ दिलाने के निर्देश दिए। क्षेत्रीय भ्रमण में मिलने वाले पात्र परिवारों को चिह्नित कर नियमानुसार योजनाओं से जोड़ा जाए।
विशेष रोजगार सृजन दिवस और वीबी-जी राम जी योजना का बैनर, पोस्टर और अन्य माध्यमों से व्यापक प्रचार-प्रसार करने को कहा गया, ताकि ग्रामीणों को योजनाओं, रोजगार के अवसरों और श्रमिकों के अधिकारों की जानकारी मिल सके। अभियान में उत्कृष्ट कार्य करने वाले जनपदों, विकास खंडों और ग्राम पंचायतों को प्रोत्साहित एवं सम्मानित किया जाएगा।
अभियान के अनुश्रवण और पर्यवेक्षण की जिम्मेदारी जनपद स्तर पर मुख्य विकास अधिकारियों को सौंपी गई है। उपायुक्त, श्रम-रोजगार सहित संबंधित विभागों के अधिकारियों को ग्राम पंचायतों में निरीक्षण के लिए नामित किया गया है। वे कार्यस्थलों पर रोजगार उपलब्ध कराने और योजना के प्रावधानों के पालन की जांच करेंगे।
बैठक में प्रमुख सचिव, ग्राम्य विकास विभाग सौरभ बाबू, आयुक्त ग्राम्य विकास विभाग प्रमोद कुमार उपाध्याय, मिशन निदेशक, राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन अरुण कुमार, अपर मिशन निदेशक जयनाथ यादव, संयुक्त मिशन निदेशक प्रवीणानन्द और चन्द्रशेखर तथा सहायक आयुक्त, ग्राम्य विकास विभाग विनायक सिंह सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। वर्चुअल माध्यम से प्रदेश के सभी जनपदों के मुख्य विकास अधिकारी और संबंधित अधिकारी बैठक से जुड़े।

