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नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। राजधानी दिल्ली में शनिवार, 10 अक्टूबर को प्रस्तावित कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं। चुनाव प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के विरोध और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर बुलाए गए प्रदर्शन के मद्देनजर राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने की खबर है। प्रदर्शन की अनुमति नहीं मिलने के बावजूद संभावित जुटान को देखते हुए नई दिल्ली और जंतर-मंतर के आसपास अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। प्रशासनिक प्रतिबंधों, परिवहन सेवाओं में बदलाव और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को बंद रखने की अपील से आम लोगों की आवाजाही प्रभावित होने की आशंका है।
प्रदर्शन को देखते हुए नई दिल्ली और जंतर-मंतर के आसपास निषेधात्मक आदेश लागू किए जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की है। राजधानी के प्रमुख प्रवेश मार्गों और सीमावर्ती इलाकों में निगरानी बढ़ाई गई है, ताकि प्रदर्शन में शामिल होने के लिए आने वाली भीड़ को नियंत्रित किया जा सके। हालांकि, प्रतिबंधों और परिवहन सेवाओं से संबंधित आदेशों की आधिकारिक पुष्टि तथा उनके वास्तविक दायरे की जानकारी लेकर ही यात्रा की योजना बनाना उचित होगा।
रेल यातायात पर भी असर पड़ने की जानकारी दी गई है। उपलब्ध विवरण के अनुसार, 9 और 10 अक्टूबर को कई मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों को रद्द करने की बात कही गई है। बताया गया है कि शनिवार सुबह 4 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच दिल्ली पहुंचने वाली 38 ट्रेनों की सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं। नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों के आसपास भीड़ तथा यातायात दबाव की आशंका के मद्देनजर यात्रियों को अपनी ट्रेन की स्थिति पहले जांचने की सलाह दी जाती है। रेलवे की आधिकारिक सूचना के बिना सभी 38 ट्रेनों के रद्द होने को अंतिम और पुष्ट तथ्य नहीं मानना चाहिए।
दिल्ली मेट्रो को लेकर भी यात्रियों की चिंता बढ़ गई है। खबर में शनिवार सुबह 9 बजे से अगले आदेश तक 45 मेट्रो स्टेशनों को बंद रखने का दावा किया गया है। बताया गया है कि दिल्ली पुलिस की ओर से दिल्ली मेट्रो रेल निगम (DMRC) को पत्र लिखे जाने के बाद यह कदम उठाया गया। वहीं, नमो भारत कॉरिडोर के सराय काले खां और न्यू अशोक नगर स्टेशनों को भी शुक्रवार रात 9 बजे से शनिवार रात 10 बजे तक बंद रखने की जानकारी दी गई है। यात्रियों को घर से निकलने से पहले DMRC और NCRTC की आधिकारिक वेबसाइट या सोशल मीडिया हैंडल पर ताजा अपडेट अवश्य देखना चाहिए।
सड़क परिवहन पर भी सख्ती का असर पड़ने की आशंका है। दिल्ली के विभिन्न बॉर्डर पर सुरक्षा बढ़ाए जाने और वाहनों की जांच किए जाने की जानकारी है। प्रदर्शनकारियों को नई दिल्ली क्षेत्र तक पहुंचने से रोकने के लिए पुलिस द्वारा विशेष निगरानी रखे जाने की बात कही गई है। सीमावर्ती इलाकों में ड्रोन और अन्य निगरानी साधनों के इस्तेमाल की खबरों के बीच वाहन चालकों को वैकल्पिक मार्गों की जानकारी लेकर निकलने की सलाह दी जाती है। बस सेवाओं के संचालन और प्रवेश संबंधी प्रतिबंधों की पुष्टि संबंधित परिवहन एजेंसियों से करना जरूरी है।
इंटरनेट सेवाओं को लेकर भी बड़ा दावा किया गया है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, 9 अक्टूबर की रात 10 बजे से 10 अक्टूबर की रात 10 बजे तक जंतर-मंतर के चार किलोमीटर के दायरे में इंटरनेट सेवाएं बंद रखने की बात कही गई है। हालांकि, इस तरह के प्रतिबंध की पुष्टि संबंधित प्रशासनिक आदेश से किया जाना आवश्यक है। नागरिकों को किसी भी असुविधा से बचने के लिए जरूरी संपर्क नंबर, यात्रा संबंधी जानकारी और डिजिटल टिकट पहले से सुरक्षित रखने चाहिए।
व्यापारिक गतिविधियों पर भी प्रदर्शन का असर पड़ सकता है। नई दिल्ली ट्रेडर्स एसोसिएशन ने एहतियात के तौर पर कनॉट प्लेस के दुकानदारों, कार्यालयों, रेस्तरां और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को शनिवार को बंद रखने की सलाह दिए जाने की जानकारी दी है। इसी तरह भागीरथ पैलेस के इलेक्ट्रिकल बाजार को भी बंद रखने की घोषणा की खबर है। यदि इन इलाकों में बाजार बंद रहते हैं, तो खरीदारी और व्यावसायिक कामकाज के लिए आने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
कुल मिलाकर, प्रस्तावित प्रदर्शन के चलते राजधानी में सुरक्षा, यातायात और सार्वजनिक परिवहन को लेकर असामान्य स्थिति बन सकती है। दिल्ली आने-जाने वाले यात्रियों, व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों के लिए जरूरी है कि वे घर से निकलने से पहले मेट्रो, रेलवे, बस सेवाओं और यातायात की ताजा स्थिति की पुष्टि कर लें। साथ ही, प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक निर्देशों का पालन करें और अफवाहों के बजाय प्रमाणित सूचनाओं पर भरोसा करें।