
कुशीनगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिलाधिकारी के दिशा-निर्देशन एवं उत्तर प्रदेश राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण, लखनऊ के निर्देश पर जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण कुशीनगर की ओर से शुक्रवार को राज्य स्तरीय भूकंप, रासायनिक एवं अग्नि सुरक्षा मॉक एक्सरसाइज का आयोजन किया गया। जिला आपदा विशेषज्ञ रवि प्रताप राय के समन्वय में हुए इस अभ्यास में आपदा की स्थिति में विभिन्न विभागों के बीच त्वरित समन्वय, बचाव, राहत और उपचार की तैयारियों को परखा गया।प्रदेश के 34 जनपदों की 157 तहसीलों में एक साथ आयोजित इस मॉक एक्सरसाइज में कुशीनगर की पडरौना, कसया, हाटा एवं कप्तानगंज तहसीलों को शामिल किया गया। अलग-अलग स्थानों पर विभिन्न आपदा परिदृश्य तैयार कर सजीव अभ्यास कराया गया।पडरौना में छात्राओं की सुरक्षित निकासी का अभ्यास
कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय, पडरौना में भूकंप की स्थिति का परिदृश्य तैयार किया गया। छात्राओं को सुरक्षित बाहर निकालने, घायल बच्चों के रेस्क्यू और प्राथमिक उपचार का सजीव प्रदर्शन किया गया। अभ्यास में एसडीआरएफ, पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, एनसीसी और स्काउट-गाइड की टीमों ने संयुक्त रूप से भाग लिया।कसया में बनाया गया फील्ड हॉस्पिटल
सीएचसी सपहां, कसया में आपदा की स्थिति में घायलों को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए फील्ड हॉस्पिटल स्थापित करने का मॉक ड्रिल किया गया। मेडिकल टीमों ने आपात स्थिति में घायलों के उपचार और मरीजों के प्रबंधन की प्रक्रिया का अभ्यास किया।रामकोला में रासायनिक आपदा का अभ्यास
त्रिवेणी इंजीनियरिंग शुगर फैक्ट्री, रामकोला में औद्योगिक रासायनिक आपदा की स्थिति का मॉडल अभ्यास कराया गया। अग्निशमन और बचाव कार्यों के साथ कर्मचारियों की इवेक्युएशन ड्रिल कराई गई। कर्मचारियों को सुरक्षित रूप से निर्धारित असेंबली प्वाइंट तक पहुंचाया गया।हाटा में अग्नि सुरक्षा ड्रिल
तहसील परिसर/थाना हाटा में कार्यालय में आग लगने की स्थिति का मॉक ड्रिल कराया गया। अग्निशमन एवं बचाव कार्यों के साथ कर्मचारियों को सुरक्षित बाहर निकालकर निर्धारित असेंबली प्वाइंट पर एकत्रित किया गया।
मॉक एक्सरसाइज के दौरान अग्निशमन, पुलिस, स्वास्थ्य, लोक निर्माण, विद्युत, राजस्व, होमगार्ड, पीआरडी, नागरिक सुरक्षा, आपदा मित्र, एनसीसी और स्काउट-गाइड सहित विभिन्न विभागों की टीमों ने आवश्यक उपकरणों के साथ प्रतिभाग किया। प्रत्येक स्थल पर मेडिकल कैंप, रिलीफ कैंप, इंसिडेंट कमांड पोस्ट और स्टेजिंग एरिया की व्यवस्था की गई।
जनपद आपदा नियंत्रण कक्ष के माध्यम से राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र (एसईओसी), लखनऊ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए समन्वय बनाए रखा गया।अभ्यास का उद्देश्य आपदा के समय कम से कम समय में अधिकतम लोगों की सुरक्षित निकासी, त्वरित रेस्क्यू, प्राथमिक उपचार, राहत कार्य तथा विभिन्न विभागों के बीच प्रभावी समन्वय की तैयारियों को मजबूत करना रहा।
