संत कबीर नगर(राष्ट्र की परम्परा)। वृक्षारोपण महायज्ञ-2026 अभियान के तहत मंडलायुक्त अखिलेश सिंह ने रविवार को विकास खंड सेमरियावां की ग्राम पंचायत डिघवा में पौधारोपण कर लोगों को अधिक से अधिक पेड़ लगाने का संदेश दिया। उन्होंने पौधारोपण के साथ पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी जयकेश त्रिपाठी भी मौजूद रहे।
मंडलायुक्त ने कहा कि वृक्ष मानव जीवन और पर्यावरण के लिए अमूल्य धरोहर हैं। स्वच्छ वातावरण, संतुलित पारिस्थितिकी और आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए अधिकाधिक वृक्षारोपण आवश्यक है। उन्होंने ग्राम पंचायत में पिछले वर्ष लगाए गए पौधों की प्रगति का भी निरीक्षण किया और उनके संरक्षण की व्यवस्था की जानकारी ली।
उन्होंने कहा कि वृक्षारोपण महाअभियान को सफल बनाने के लिए जनसहभागिता सबसे महत्वपूर्ण है। प्रत्येक व्यक्ति को पौधा लगाने के साथ उसकी देखभाल का भी संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने लोगों से अभियान का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और दूसरों को भी पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करने की अपील की।
इसी क्रम में, उत्तर प्रदेश शासन के निर्देश पर माधव प्रसाद त्रिपाठी राजकीय महिला महाविद्यालय, खलीलाबाद में संयुक्त निदेशक (उच्च शिक्षा) प्रो. अश्विनी कुमार मिश्र, क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी गोरखपुर प्रो. उदयभान, क्षेत्रीय उच्च शिक्षा अधिकारी बस्ती प्रो. जयप्रकाश सिंह तथा महाविद्यालय के प्राचार्य एवं जनपदीय नोडल अधिकारी प्रो. आशाराम की देखरेख में वृक्षारोपण महायज्ञ अभियान-2026 का सफल आयोजन किया गया।
इस अवसर पर प्रो. अश्विनी कुमार मिश्र ने कहा कि वृक्षों के कारण ही पृथ्वी पर जीवन संभव है। जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने के लिए अधिकाधिक वृक्षारोपण आवश्यक है और पृथ्वी को हरा-भरा बनाए रखना हम सभी की नैतिक जिम्मेदारी है। प्रो. उदयभान ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार पर्यावरण संरक्षण और वृक्षारोपण को लेकर गंभीर है तथा प्रत्येक नागरिक को इस अभियान में जिम्मेदारी के साथ भागीदारी निभानी चाहिए। वहीं प्रो. जयप्रकाश सिंह ने कहा कि ऐसे अभियान देश में वन क्षेत्र बढ़ाने और पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए पर्यावरण संरक्षण हम सभी का दायित्व है।
कार्यक्रम में डॉ. प्रीति सिंह, डॉ. रोहित कुमार राय, डॉ. संतोष कुमार चंद, डॉ. आनंद कुमार पांडेय, डॉ. प्रेमचंद, श्रवण कुमार कुशवाहा, नीलम श्रीवास्तव, सुनीता सिंह, राम केवल, लक्ष्मी प्रसाद, अरुण कुमार गौड़ सहित महाविद्यालय की छात्राएं उपस्थित रहीं।
