US–Israel–Iran War के बीच बहरीन की राजधानी Manama में घूमने गए तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के 100 से अधिक तेलुगु परिवार फंस गए हैं। 24 फरवरी को पर्यटक वीजा पर चार दिन के टूर के लिए पहुंचे ये लोग अब होटल और अपार्टमेंट में रुके हुए हैं। अचानक हालात बिगड़ने के बाद फ्लाइट्स रद्द हो गईं, एयरस्पेस बंद कर दिया गया और एयरपोर्ट पर मिसाइल अलर्ट के चलते चेक-इन काउंटर तक बंद कर दिए गए।
हैदराबाद निवासी सॉल्मन राज की अपील
हैदराबाद के रहने वाले सॉल्मन राज ने वीडियो जारी कर केंद्र सरकार, तेलंगाना के मुख्यमंत्री A. Revanth Reddy और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री N. Chandrababu Naidu से तत्काल मदद की गुहार लगाई है।
वीडियो में उन्होंने बताया कि जब वे वापसी के लिए एयरपोर्ट पहुंचे तो आसपास बम और मिसाइलों की आवाजें सुनाई दे रही थीं। कई यात्रियों को बोर्डिंग पास लेने से पहले ही वापस भेज दिया गया।
उन्होंने कहा:
“हम होटल में रुके हैं, लेकिन पैसे कम पड़ रहे हैं और बुजुर्गों को दवाइयों की जरूरत है। भारत सरकार हमें जल्द सुरक्षित निकाले।”
ये भी पढ़े – Rajouri Encounter: एलओसी पर घुसपैठ की कोशिश नाकाम, भारतीय सेना की कार्रवाई
दूतावास पर अधूरी जानकारी का आरोप
फंसे हुए पर्यटकों का कहना है कि भारतीय दूतावास से स्पष्ट और विस्तृत जानकारी नहीं मिल पा रही है। उन्हें फिलहाल होटल में रुकने की सलाह दी गई है, लेकिन आगे की निकासी योजना पर कोई ठोस जानकारी साझा नहीं की गई।
पैसे और दवाइयों की कमी से बुजुर्ग और बीमार लोग ज्यादा परेशान हैं।
भारत में भी असर, हैदराबाद से उड़ानें रद्द
मिडिल ईस्ट में एयरस्पेस बंद होने का असर भारत पर भी पड़ा है। Rajiv Gandhi International Airport से कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द कर दी गई हैं। इससे यात्रियों की आवाजाही बुरी तरह प्रभावित हुई है।
तेलंगाना सरकार ने गल्फ देशों में फंसे लोगों के लिए कंट्रोल रूम बनाया है, जबकि आंध्र प्रदेश सरकार एपीएनआरटीएस के जरिए सहायता दे रही है। दोनों राज्य सरकारें केंद्र और विदेश मंत्रालय के संपर्क में हैं।
फिलहाल सुरक्षित, लेकिन वापसी अनिश्चित
हालांकि सभी पर्यटक फिलहाल होटल में सुरक्षित बताए जा रहे हैं, लेकिन हालात सामान्य होने तक उनकी वापसी मुश्किल लग रही है। भारत में बैठे उनके परिवार लगातार चिंता में हैं और जल्द सुरक्षित वापसी की मांग कर रहे।
ये भी पढ़े – Rupee Falls to Record Low: ईरान संकट के बीच रुपया 92.18 पर, कच्चे तेल में उछाल से बाजार दबाव में
