
गुरुग्राम (राष्ट्र की परम्परा डेस्क) गुरुग्राम पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) ने तड़के एक बड़ी कार्रवाई करते हुए कुख्यात रोहित गोदारा गिरोह से जुड़े दो शूटरों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की गोली से घायल दोनों आरोपियों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
गुरुग्राम पुलिस प्रवक्ता के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नितिन (28) और यशपाल (23) के रूप में हुई है। दोनों पर रेवाड़ी और गुरुग्राम में कई संगीन आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस का कहना है कि ये दोनों किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे।
रेवाड़ी हमले का बदला
यह मुठभेड़ बुधवार को रेवाड़ी में निरीक्षक अनिल छिल्लर पर हुए हमले के बाद हुई, जिसमें दोनों संदिग्धों की संलिप्तता पाई गई थी। उसी आधार पर एसटीएफ की टीम ने गुरुवार तड़के करीब 3 बजे सेक्टर-10 इलाके में छापेमारी की।
बुलेटप्रूफ जैकेट ने बचाई जान
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पुलिस टीम को देखते ही फायरिंग शुरू कर दी। एक गोली एएसआई विकास की बुलेटप्रूफ जैकेट में लगी जबकि दूसरी गोली प्रोबेशनर सब-इंस्पेक्टर मनोज की बुलेटप्रूफ जैकेट में जाकर अटक गई। गनीमत रही कि दोनों सुरक्षित रहे।
जवाबी कार्रवाई में ढेर हुए
पुलिस की ओर से की गई जवाबी फायरिंग में दोनों आरोपियों को पैरों में गोली लगी और वे ज़मीन पर गिर पड़े। इसके बाद उन्हें काबू कर लिया गया। मौके पर सेक्टर-10ए थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
आरोपियों का आपराधिक रिकॉर्ड
गिरफ्तार नितिन के खिलाफ रेवाड़ी और गुरुग्राम में कुल सात आपराधिक मामले दर्ज हैं। वहीं यशपाल के खिलाफ भी रेवाड़ी और गुरुग्राम में दो मामले दर्ज हैं। पुलिस अब दोनों से गिरोह की गतिविधियों और भविष्य की वारदातों की साजिशों को लेकर पूछताछ कर रही है।