धनौती गांव में पसरा मातम: छत्तीसगढ़ सड़क दुर्घटना में सीआरपीएफ जवान समेत चार शहीद

सुखपुरा/बलिया (राष्ट्र की परम्परा)बलिया जनपद के थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत धनौती में शनिवार को शोक की लहर दौड़ गई। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में हुई भीषण सड़क दुर्घटना में सीआरपीएफ जवान राजकुमार गोड (30) समेत चार जवानों की मौके पर ही मौत हो गई। इस हादसे में एक जवान गंभीर रूप से घायल है, जिसका इलाज रायपुर के जिला अस्पताल में जारी है। घटना की खबर मिलते ही धनौती गांव में मातम पसर गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सीआरपीएफ की एक टुकड़ी शनिवार धमतरी से स्टेशन की ओर निजी वाहन से जा रही थी। पहाड़ी मार्ग पर वाहन अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़े ट्रक से जा टकराया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि चार जवानों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे की सूचना मिलते ही प्रशासन और केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल के अधिकारी मौके पर पहुंचे।
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सबसे पहले इस दुखद खबर की जानकारी मृतक जवान की पत्नी पूजा को फोन पर दी गई। वह वर्तमान में अपने मायके—बांसडीह थाना क्षेत्र के मैरीटार गांव—में रह रही थीं। सूचना मिलते ही वह बेसुध हो गईं। राजकुमार गोड के परिवार में तीन माह का पुत्र और पांच वर्ष की पुत्री हैं। इसके बाद गांव धनौती में उनके पिता समशेर गोड और माता शिवकुमारी को सूचना दी गई। घर में कोहराम मच गया और रोने-बिलखने की आवाज से माहौल गमगीन हो उठा।
घटना की पुष्टि के लिए स्थानीय लोगों ने छत्तीसगढ़ में तैनात सीआरपीएफ अधिकारियों से संपर्क किया। अधिकारियों ने बताया कि सभी शहीद जवानों का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद पार्थिव शरीर को सम्मान के साथ उनके पैतृक गांव धनौती लाया जाएगा। अंतिम दर्शन के लिए गांव में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना है।
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राजकुमार गोड की असमय शहादत से धनौती गांव में शोक और गर्व का मिला-जुला भाव है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने देश सेवा में सर्वोच्च बलिदान दिया है। क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों ने शोक संवेदना व्यक्त करते हुए शहीद परिवार को सरकारी सहायता, अनुकंपा नियुक्ति और सम्मानजनक मुआवजे की मांग की है।
यह छत्तीसगढ़ सड़क दुर्घटना, सीआरपीएफ जवान की मौत, और धनौती गांव में मातम की खबर न केवल स्थानीय बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी संवेदना का विषय है। देश अपने वीर जवानों के बलिदान को कभी नहीं भूलता।
