सथनी बाला खेड़ा के प्राचीन मंदिर की दिव्य महिमा
आज कूटीबाबा जी में बाज रहा डमरू,
सथनी बाला खेड़ा के प्राचीन मंदिर में गूंजा हर सुर।
योगी, यति, संतों ने आकर डेरा डाला,
कूटीबाबा के आशीर्वाद से धरा धन्य हो डाली।
अद्भुत, अलौकिक यह दृश्य निराला,
कूटीबाबा जी की महिमा ने सबको संभाला।
‘सथनी बाला खेड़ा’ का नाम रोशन हुआ,
भोलेनाथ प्रसन्न, हर भक्त निहाल हुआ।
प्रयागराज से पधारे गोपाल जी महाराज,
कूटीबाबा द्वार पर जगा रहे अलख आज।
डमरू की धुन पर तन-मन झूम उठा,
पुरखों की आत्मा पर जैसे अमृत बरसा।
श्री गया तीर्थ धाम में हुआ श्राद्ध-तर्पण,
पूर्वजों को अर्पित श्रद्धा का पावन अर्पण।
उसी पुण्य का प्रत्यक्ष फल आज मिला,
साधु-संतों को शत-शत नमन किया।
श्रीराम कथा का दिव्य आयोजन है,
ऐसी सुंदरता की कल्पना भी कठिन है।
पूर्वजों के पुण्य आज रंग ला गए,
साधु-संतों की संगत हम पा गए।
यह उन्हीं का पुण्य और आशीर्वाद है,
वह प्रसन्न हैं, आत्मा अभिभूत है।
आदित्य की अर्चना, विनती यही है,
कूटीबाबा की कृपा सब पर बनी रहे।
✍️ रचनाकार:
डॉ. कर्नल आदिशंकर मिश्र ‘आदित्य’
सरदार पटेल इंटर कॉलेज के पूर्व छात्र का हुआ भव्य सम्मान, छात्र- छात्राओं को दिया…
देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)l प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए राहत भरी…
औरैया (राष्ट्र की परम्परा)l जिले में चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता और सुरक्षा को सुनिश्चित करने…
महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय को मिली नई पहचान गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय, गोरखपुर…
देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)l जिले में अधिक से अधिक पात्र लोगों के आयुष्मान कार्ड बनवाने…
गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के फैकल्टी ऑफ हेल्थ एंड लाइफ साइंसेज के…