Tag: साहित्यकार जयंती

बाबू गुलाबराय: विचार, विवेक और व्यंग्य की सशक्त परम्परा

✍️ नवनीत मिश्र हिंदी साहित्य में बाबू गुलाबराय का स्थान एक ऐसे लेखक के रूप में सुरक्षित है, जिन्होंने निबन्ध और व्यंग्य को बौद्धिक गहराई तथा नैतिक जिम्मेदारी से जोड़ा।…

हिन्दी के शेक्सपियर ‘रांगेय राघव’: यथार्थ, संघर्ष और सृजन की अमिट विरासत

पुनीत मिश्र हिन्दी साहित्य में जिन रचनाकारों ने अपने समय की सामाजिक विडम्बनाओं, मानवीय संघर्षों और ऐतिहासिक चेतना को गहन कलात्मकता के साथ स्वर दिया, उनमें डॉ. तिरूमल्लै नंबकम् वीरराघव…

श्रीलाल शुक्ला: ‘रागदरबारी’ के जरिए भारतीय व्यवस्था की तीखी पड़ताल

नवनीत मिश्र हिन्दी साहित्य में श्रीलाल शुक्ला ऐसे साहित्यकार हैं, जिन्होंने कल्पना के आवरण में नहीं, बल्कि यथार्थ की कठोर ज़मीन पर खड़े होकर लेखन किया। उनका चर्चित उपन्यास रागदरबारी…