संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जिला कृषि अधिकारी पी.सी. विश्वकर्मा ने जनपद के समस्त बीज विक्रेताओं को अवगत कराया है कि कृषि अनुभाग-2 उत्तर प्रदेश शासन लखनऊ के शासनादेश के क्रम में अवगत कराया है कि “प्रदेश में बिक्री की जा रही है रिसर्च व इंप्रूव्ड प्रजातियों के लिए संबंधित प्रजाति के विकसित, उत्पादक फर्म, संस्था के द्वारा प्रदेश के कृषि विश्वविद्यालयों, कृषि विज्ञान केंद्र, उपकार, कृषि विभाग व अन्य भारत सरकार के शोध केंद्रों के माध्यम से कम से कम 2 वर्ष का ट्रायल-डेमो करने के पश्चात संबंधित संस्था की संस्तुति के उपरांत ही प्रदेश में बिक्री हेतु आवेदन कर सकेंगे।
उन्होंने जनपद के समस्त बीज विक्रेताओं को निर्देशित किया है कि उक्त श्रेणी का बीज बेचने से पूर्व संबंधित कंपनी से सुसंगत अभिलेख प्राप्त कर लें अन्यथा की दशा में बिना आवश्यक सुसंगत अभिलेखों के रिसर्च व इंप्रूव्ड प्रजातियों की बिक्री की जाती है तो बीज (नियंत्रण) आदेश 1983, बीज अधिनियम-1966 के सुसंगत प्रावधानों के अंतर्गत कठोर कार्रवाई की जाएगी, जिसके लिए संबंधित बीज विक्रेता स्वयं जिम्मेदार होंगेl
भारतीय पीएम द्वारा जेन- ज़ेड, को संबोधित एक फेसबुक पोस्ट, वीडियो प्लेटफ़ॉर्म से हट जाने…
उत्तर प्रदेश के ठेकेदारों ने मुख्यमंत्री से लगाई गुहार, उपखनिज रॉयल्टी भुगतान व्यवस्था पर तत्काल…
✍️ सोनम सोनी आज मन का सागर शांतहो गया --- क्यों ।वो उथल-पुथल, हलचल हलचल,उलझन…
कुशीनगर।(राष्ट्र की परम्परा) जनपद के दिव्यांगजनों के लिए राहत भरी खबर है। उत्तर प्रदेश शासन…
देवरिया रेलवे स्टेशन पर चला सघन सुरक्षा अभियान, डॉग स्क्वाड व बम निरोधक दस्ते ने…