Categories: शिक्षा

दिल्ली विश्वविद्यालय में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत, चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम का पहला पूर्ण क्रियान्वयन

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) में शुक्रवार को नए शैक्षणिक सत्र 2025-26 की औपचारिक शुरुआत हो गई। इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिसर में एक नई ऊर्जा और उत्साह का माहौल देखने को मिला। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा प्रथम वर्ष के छात्रों के स्वागत के लिए विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। खास बात यह रही कि इस बार से चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम (Four Year Undergraduate Programme – FYUP) को पूर्ण रूप से लागू किया गया है।
चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम के तहत इस वर्ष पहली बार चौथे वर्ष में छात्र प्रवेश ले रहे हैं। इससे पहले के सत्रों में यह व्यवस्था आंशिक रूप से लागू थी, लेकिन अब इसे पूर्ण रूप से सभी संकायों और विभागों में लागू कर दिया गया है। चौथे वर्ष के तहत छात्र अनुसंधान परियोजनाओं, इंटर्नशिप और विशेषज्ञता आधारित पाठ्यक्रमों में भाग ले सकेंगे।
नवप्रवेशी छात्रों के लिए विभिन्न कॉलेजों और विभागों में ओरिएंटेशन कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिसमें छात्रों को पाठ्यक्रम की संरचना, मूल्यांकन प्रणाली, सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों और कैंपस जीवन से अवगत कराया गया। कई कॉलेजों ने अभिभावकों को भी आमंत्रित किया ताकि वे अपने बच्चों के शैक्षणिक और सामाजिक विकास की रूपरेखा को बेहतर समझ सकें।
चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के तहत डिज़ाइन किया गया है, जिसका उद्देश्य छात्रों को बहु-विषयक शिक्षा, लचीलापन, और गहन विशेषज्ञता प्रदान करना है। नए पाठ्यक्रम में मुख्य विषय के साथ-साथ छात्रों को माइनेर विषय, स्किल-आधारित कोर्स और रिसर्च के अवसर भी दिए जा रहे हैं।
डीयू के कुलपति प्रो. योगेश सिंह ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा, “हमारा उद्देश्य न केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना है, बल्कि छात्रों को भावी वैश्विक नागरिक के रूप में तैयार करना भी है। चार वर्षीय कार्यक्रम छात्रों को गहन ज्ञान के साथ व्यावसायिक दक्षता भी देगा।”
जहां नए छात्रों में कैंपस जीवन को लेकर उत्सुकता है, वहीं चौथे वर्ष में प्रवेश करने वाले छात्रों में रिसर्च और करियर आधारित विषयों को लेकर विशेष रुचि देखी गई। कई छात्रों ने इस कार्यक्रम को एक “नई शुरुआत” और “समग्र विकास की दिशा में कदम” बताया।
चार वर्षीय स्नातक कार्यक्रम के पूर्ण कार्यान्वयन के साथ दिल्ली विश्वविद्यालय में इस बार का शैक्षणिक सत्र ऐतिहासिक और परिवर्तनकारी माना जा रहा है। विश्वविद्यालय ने न केवल शैक्षणिक दृष्टिकोण से बल्कि समग्र छात्र विकास के नजरिए से भी एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है।

Karan Pandey

Recent Posts

होम स्टे नीति-2025 से पर्यटन और रोजगार को मिलेगा नया विस्तार

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। पर्यटन विभाग द्वारा प्रख्यापित “उ0प्र0 बेड एण्ड ब्रेकफास्ट एवं…

1 hour ago

विज्ञान दिवस की पूर्व संध्या पर प्रतियोगिताओं की धूम

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के भौतिकी विभाग में राष्ट्रीय विज्ञान दिवस…

1 hour ago

28 फरवरी 2026 का पंचांग: त्रिपुष्कर योग में करें ये खास कार्य, मिलेगा तीन गुना फल

आज का पंचांग 28 फरवरी 2026: द्वादशी तिथि, त्रिपुष्कर योग, राहुकाल समय और शुभ मुहूर्त…

1 hour ago

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष में विधिक जागरूकता कार्यशाला आयोजित

गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीन दयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस 2026 के…

2 hours ago

ज्योति दिव्य कलश यात्रा का भव्य अभिनंदन

बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। अखिल विश्व गायत्री परिवार, शांतिकुंज हरिद्वार द्वारा निकाली गई पावन ज्योति…

2 hours ago

होली व रमजान को लेकर शांति समिति की बैठक, प्रशासन ने दिए सख्त निर्देश

संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद में होली एवं रमजान माह को शांति और…

2 hours ago