काठमांडू (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)।
भारत ने रविवार को नेपाल को भरोसा दिलाया कि यदि नेपाल सरकार अनुरोध करती है, तो वह हाल ही में ‘जेन जेड’ समूह की ओर से किए गए सरकार विरोधी प्रदर्शनों के दौरान क्षतिग्रस्त हुए ढांचों और संरचनाओं के पुनर्निर्माण में सहयोग करने को तैयार है।
इसे भी पढ़ें – https://rkpnewsup.com/hera-pheri-3-controversy-producer-sends-%e2%82%b925-crore-defamation-notice-to-actor-kiku-sharda/
काठमांडू में हुई अहम बैठक
काठमांडू स्थित सिंहदरबार कार्यालय में भारतीय राजदूत नवीन श्रीवास्तव ने नेपाल के ऊर्जा मंत्री कुलमन घीसिंग से मुलाकात की। ऊर्जा मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, बैठक में दोनों देशों के बीच ऊर्जा और जल संसाधन सहयोग पर विस्तार से चर्चा हुई।
इसे भी पढ़ें – https://rkpnewsup.com/relief-to-farmers-haryana-government-increases-subsidy-on-wheat-seeds/
ऊर्जा सहयोग और परियोजनाओं की समीक्षा
सूत्रों ने बताया कि बैठक के दौरान नेपाल-भारत सहयोग के तहत चल रही विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। इसमें जलविद्युत और ऊर्जा क्षेत्र में नई योजनाओं को लेकर भी विचार-विमर्श हुआ।
पुनर्निर्माण में भारत का सहयोग
भारतीय राजदूत श्रीवास्तव ने ऊर्जा मंत्री घीसिंग को आश्वस्त किया कि भारत, नेपाल के अनुरोध पर प्रदर्शनों के दौरान क्षतिग्रस्त हुई संरचनाओं के पुनर्निर्माण में हर संभव मदद देने के लिए तैयार है।
इसे भी पढ़ें – https://rkpnewsup.com/hyderabad-private-school-teacher-commits-suicide-by-hanging-herself-two-colleagues-arrested/
भारत-नेपाल संबंधों पर सकारात्मक संकेत
विशेषज्ञों का मानना है कि भारत का यह रुख दोनों देशों के बीच पारंपरिक संबंधों और सहयोग को और मजबूत करेगा। इससे न केवल ऊर्जा क्षेत्र में साझेदारी बढ़ेगी बल्कि सामाजिक और आर्थिक स्तर पर भी द्विपक्षीय रिश्तों में गहराई आएगी।
