लखनऊ (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) की कार्य परिषद की बैठक कुलपति प्रो. सोनिया नित्यानंद की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में विश्वविद्यालय से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा के साथ-साथ विभागाध्यक्षों पर लगे आरोपों की समीक्षा की गई और उस पर निर्णय लिए गए।

बैठक में गायनी विभाग की प्रो. तूलिका चंद्रा को बड़ी राहत मिली। उन पर लगे फर्जी हस्ताक्षर और भ्रष्टाचार के आरोप जांच में साबित नहीं हो सके। परिषद ने उन्हें आरोपों से बरी कर दिया है। अब वे दोबारा विभागाध्यक्ष (HOD) का कार्यभार संभालेंगी।

वहीं, थोरेसिक सर्जरी विभागाध्यक्ष पर निजी प्रैक्टिस करने के आरोप पाए गए। परिषद ने इस मामले में उन्हें चार्जशीट देने का निर्णय लिया है। इसी प्रकार वस्कुलर सर्जरी विभागाध्यक्ष पर स्टॉक रजिस्टर न बनाने और गड़बड़ियों के आरोप पाए गए, जिन पर कार्रवाई की संस्तुति की गई है।

कार्य परिषद की बैठक में प्रशासनिक और शैक्षणिक सुधारों पर भी चर्चा हुई। विश्वविद्यालय प्रबंधन ने स्पष्ट किया कि पारदर्शिता और अनुशासन से समझौता नहीं किया जाएगा। किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा भ्रष्टाचार की स्थिति में संबंधित