Wednesday, January 28, 2026
HomeNewsbeat28 जनवरी से जुड़ा स्वर्णिम इतिहास

28 जनवरी से जुड़ा स्वर्णिम इतिहास

🔶 महत्वपूर्ण इतिहास जन्म
28 जनवरी को जन्मे व्यक्ति भारतीय और विश्व इतिहास में विशेष स्थान रखते हैं। यह तिथि स्वतंत्रता संग्राम, राजनीति, साहित्य, विज्ञान, संगीत, खेल और रक्षा क्षेत्र में अमिट छाप छोड़ने वाले महान व्यक्तित्वों की जन्मतिथि रही है। 28 जनवरी का इतिहास हमें यह बताता है कि एक ही दिन में जन्मे लोग कैसे अलग-अलग क्षेत्रों में असाधारण योगदान देकर समाज और राष्ट्र को दिशा दे सकते हैं।

ये भी पढ़ें –यूजीसी के नए रेगुलेशन को लेकर अधिवक्ताओं में रोष

🔹 लाला लाजपत राय (1865)
28 जनवरी को जन्मे महान स्वतंत्रता सेनानी लाला लाजपत राय को “पंजाब केसरी” कहा जाता है। वे भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन के अग्रणी नेता थे। स्वदेशी आंदोलन, साइमन कमीशन विरोध और राष्ट्रवादी चेतना को जन-जन तक पहुंचाने में उनका योगदान अविस्मरणीय है। 28 जनवरी को जन्मे व्यक्ति जब देशभक्ति की बात करते हैं, तो लाला लाजपत राय का नाम स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाता है।
🔹 के.एम. करियप्पा (1899)
फील्ड मार्शल के.एम. करियप्पा भारत के प्रथम भारतीय कमांडर-इन-चीफ थे। 28 जनवरी को जन्मे इस महान सैन्य अधिकारी ने भारतीय सेना को एक नई पहचान दी। वे अनुशासन, नेतृत्व और राष्ट्रसेवा के प्रतीक माने जाते हैं। उनका जीवन युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत है।

ये भी पढ़ें – बिछुआ में 25 दिवसीय मेकअप आर्टिस्ट प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न

🔹 के.एस. करियप्पा (1909)
भारतीय सेना के प्रथम भारतीय सेनाध्यक्ष के.एस. करियप्पा का जन्म भी 28 जनवरी को हुआ। उन्होंने आज़ादी के बाद भारतीय सेना के पुनर्गठन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 28 जनवरी को जन्मे महान व्यक्तियों में उनका योगदान रक्षा इतिहास में मील का पत्थर है।
🔹 राजा रमन्ना (1925)
भारत के परमाणु कार्यक्रम को गति देने वाले राजा रमन्ना 28 जनवरी को जन्मे थे। पोखरण परमाणु परीक्षण में उनकी भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही। विज्ञान और राष्ट्र सुरक्षा के क्षेत्र में उनका योगदान भारत को वैश्विक शक्ति बनाने की दिशा में निर्णायक रहा।

ये भी पढ़ें – 28 जनवरी से 02 फरवरी तक में सजेगा मगहर महोत्सव-2026

🔹 विद्यानिवास मिश्र (1926)
विद्यानिवास मिश्र हिन्दी साहित्य के प्रमुख स्तंभ थे। वे संस्कृत के प्रकाण्ड विद्वान, आलोचक और भाषाविद थे। 28 जनवरी को जन्मे इस साहित्यकार ने भारतीय भाषाओं को बौद्धिक ऊंचाई दी।
🔹 पंडित जसराज (1930)
भारतीय शास्त्रीय संगीत को वैश्विक पहचान दिलाने वाले पंडित जसराज 28 जनवरी को जन्मे। मेवाती घराने के इस महान गायक ने संगीत को साधना का रूप दिया। 28 जनवरी को जन्मे व्यक्ति जब कला की बात करते हैं, तो पंडित जसराज का नाम श्रद्धा से लिया जाता है।
🔹 सुमन कल्याणपुर (1937)
सुमधुर आवाज़ की धनी सुमन कल्याणपुर हिन्दी सिनेमा की प्रसिद्ध पार्श्व गायिका थीं। 28 जनवरी को जन्मी इस गायिका ने हजारों गीतों के माध्यम से भारतीय संगीत को समृद्ध किया।

ये भी पढ़ें – Andhra Pradesh News: पत्नी ने बॉयफ्रेंड संग रची पति की हत्या की साजिश, बेलन से पीटकर मार डाला

🔹 प्रतापसिंह राणे (1939)
गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री प्रतापसिंह राणे 28 जनवरी को जन्मे। उन्होंने गोवा की राजनीति में स्थिरता और विकास को प्राथमिकता दी। वे लंबे समय तक मुख्यमंत्री रहने वाले नेताओं में शामिल हैं।
🔹 भगवत दयाल शर्मा (1918)
हरियाणा के प्रथम मुख्यमंत्री भगवत दयाल शर्मा भी 28 जनवरी को जन्मे। उन्होंने प्रशासनिक और सामाजिक सुधारों में अहम भूमिका निभाई तथा उड़ीसा और मध्य प्रदेश के राज्यपाल भी रहे।
🔹 राजेन्द्र शाह (1913)
प्रसिद्ध गुजराती साहित्यकार राजेन्द्र शाह को साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया। 28 जनवरी को जन्मे इस लेखक ने गुजराती साहित्य को नई ऊंचाइयां दीं।

ये भी पढ़ें – मांगो को लेकर अधिशासी अधिकारी को सौपा पत्रक

🔹 बसवराज बोम्मई (1960)
कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई 28 जनवरी को जन्मे। वे प्रशासनिक दक्षता और विकास योजनाओं के लिए जाने जाते हैं। आधुनिक राजनीति में उनका योगदान उल्लेखनीय है।
🔹 शेफाली वर्मा (2004)
भारतीय महिला क्रिकेट की चमकती सितारा शेफाली वर्मा 28 जनवरी को जन्मी हैं। कम उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में रिकॉर्ड बनाने वाली शेफाली नई पीढ़ी की प्रेरणा हैं।
🔹 निकोलस सरकोज़ी (1955)
फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस सरकोज़ी भी 28 जनवरी को जन्मे। उन्होंने यूरोपीय राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रभाव छोड़ा।

ये भी पढ़ें – मुख्यमंत्री नगरीय अल्पविकसित एवं मलिन बस्ती विकास योजना की समीक्षा बैठक सम्पन्न, डीएम ने दिए सख्त निर्देश

🔶 निष्कर्ष
28 जनवरी को जन्मे महान व्यक्ति यह सिद्ध करते हैं कि प्रतिभा किसी एक क्षेत्र तक सीमित नहीं होती। स्वतंत्रता संग्राम से लेकर संगीत, विज्ञान, राजनीति और खेल तक, इस दिन जन्मे लोगों ने इतिहास रचा है। 28 जनवरी का इतिहास आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा, आत्मविश्वास और राष्ट्रनिर्माण का संदेश देता है।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments