सुख दुःख का जिम्मेदार इंसान स्वयं होता है,सुर या असुर भाव मन में स्वतः छिपा होता है,बिचार ही हमे सज्जन…
कहा जाता है घमंडी का सिर नीचाइसका अर्थ हैं घमंडी कभी न कभीमुँह के बल गिरता ही है क्योंकिघमंड की…
बचपन से विकासशील विचारधाराका पोषक होने की वजह यह रही है,मैंने गांव व ग़रीबी सिर्फ़ करीब सेदेखा ही नहीं बल्कि…
1- दोस्ती में ख़ारिज हुआ पर हारा नहीं हूँ स्वस्थ तंदुरुस्त रहने का राज मेराकुछ लोग, कुछ मेरे मित्र पूँछते…
जाड्यंधियोहरति सिंचतिवाचि सत्यं,मान्नोनतिं दिशति पापमपकरोति।चेतःप्रसादयति दिक्षुतनोति कीर्तिं,सत्संगतिः कथयकिंनकरोति पुंसाम्। सज्जनों की संगति मनुष्यको क्या क्या नहीं देती है,सत् संगति बुद्धि…
✍🏻कर्नल आदि शंकर मिश्र ‘आदित्यआज भारतीय राजनीति का स्तर समाज को किस तरह से उद्वेलित कर रहा है और सामाजिक…
अपनी जयन्ती पर याद की गयीं असम की पूर्व कांग्रेसी मुख्यमन्त्री सैयदा अनवरा तैमूर लखनऊ ( राष्ट्र की परम्परा )अल्पसंख्यक…
हाथ में मोबाइल फ़ोन और हम सबके जीवन एक जैसे ही तो होते हैं,मोबाइल में जैसे सिम और हमारीमुस्कुराहट भी…
एक लोटा पानी, सिकंदर की कहानी,किसी एक समझदार शख़्स ने,कह कर सुनाई अपनी ज़ुबानी,जिसने सुना उसको हुई हैरानी,जीवन क्षणभंगुर, न…
मैं कैसे कहूँ प्रभु कि मैं हूँ तुम्हारा,बिना बात की बात का है सहारा,दिन रात स्मरण करता हूँ तुम्हारा,दिन रात…