अम्बर से उड़ उड़कर भँवराजब धरती पर आता है,देख देख सुनहरे बाग को,भ्रमर वहीं मँडराता है,कुसुमित पुष्पों की सुरभित,कलियों पर…
आज फिर जीने की तमन्ना है,और न मरने का कोई इरादा है,यह दुनिया ही इतनी खूबसूरत है,जहाँ स्वर्ग व नर्क…
आदि शंकराचार्य और मंडन मिश्रके बीच सोलह दिन तक होने वालेशास्त्रार्थ की निर्णायक मंडन मिश्रकी धर्म पत्नी देवी भारती ही…
आत्मविश्वास से ही विचारोंकी स्वाधीनता प्राप्त होती है,इसके कारण महान कार्यों केसम्पादन में सफलता मिलती है। इसी के द्वारा आत्मरक्षा…
दर्पण का काम ही है सबको सबकीसूरत दिखाना चाहे अच्छी हो या नहीं,कितना निरपेक्ष है दर्पण का सिद्धांत,कितना लाजवाब दर्पण…
वसन्त पंचमी है शाश्वत शुभ दिन,माँ सरस्वती श्वेतवस्त्र में ख़ुश हैं,पीली सरसों प्रफुल्लित उपवन में,शिशिर जगाता है, वसंत निद्रा में।रचना…
क्या देश के ग़रीबों में राष्ट्रभक्तिनहीं या उन्हें तिरंगे से प्यार नहीं है,बिलकुल है, गरीब का भी देश परवही हक़…
कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ नेता पवनेश पांडेय रहे मौजूद लखनऊ(राष्ट्र की परम्परा)।गणतंत्र दिवस के शुभ अवसर पर भारतीय राष्ट्रीय…
स्वयं से मोह इतना भी न करें,कि मात्र अपने को देख पायें,औरों से घृणा भी इतनी न करें,कि अच्छाइयां भी…
——X—— छब्बीस जनवरी गणतंत्र दिवस है,भारत मना रहा खुब धूम धाम से,डंका बजा रहा भारत है दुनिया में,लहराता दिख रहा…