गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। वित्तीय वर्ष 2025-26 की छात्रवृत्ति एवं शुल्क प्रतिपूर्ति योजना के अंतर्गत आवेदन करने वाले छात्र-छात्राओं के लिए जिला समाज कल्याण विभाग ने आय प्रमाण पत्र को लेकर स्थिति स्पष्ट कर दी है। विभाग के अनुसार दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजना में केवल माता-पिता, अभिभावक अथवा विवाहित छात्रा की स्थिति में पति के नाम से जारी आय प्रमाण पत्र ही मान्य होगा।
जिन छात्र-छात्राओं ने नवीनीकरण या नवीन आवेदन के दौरान अपने नाम से बने आय प्रमाण पत्र अपलोड कर दिए हैं, उन्हें अब आवेदन में संशोधन करने का अवसर दिया गया है। ऐसे आवेदक पोर्टल पर उपलब्ध एडिट विकल्प के माध्यम से सही आय प्रमाण पत्र अपलोड कर सकते हैं।
यह भी स्पष्ट किया गया है कि जिन छात्रों ने पूर्व वर्षों में अपने नाम से जारी आय प्रमाण पत्र के आधार पर छात्रवृत्ति प्राप्त की थी, उन्हें भी इस वर्ष अनिवार्य रूप से माता, पिता, अभिभावक अथवा पति के नाम से जारी नवीन आय प्रमाणपत्र लगाना होगा।
संशोधन के बाद छात्र-छात्राओं को अपना आवेदन पत्र एवं आय प्रमाणपत्र संबंधित शिक्षण संस्था में जमा करना अनिवार्य होगा। शिक्षण संस्थानों द्वारा पुराने एवं नए आय प्रमाण पत्र का परीक्षण कर आवश्यक अभिलेख जिला समाज कल्याण विभाग को उपलब्ध कराए जाएंगे, जिसके उपरांत जनपद स्तर पर अंतिम सत्यापन किया जाएगा।
इस संबंध में जिला समाज कल्याण अधिकारी गोरखपुर वशिष्ठ नारायण सिंह ने सभी शिक्षण संस्थानों के नाम पत्र जारी कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। तो विभाग ने छात्र-छात्राओं से समय रहते संशोधन प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है, ताकि छात्रवृत्ति योजना का लाभ निर्बाध रूप से मिल सके।
छात्रवृत्ति में माता-पिता का ही मान्य होगा आय प्रमाण पत्र, करें संशोधन
पर्यावरण संरक्षण की समीक्षा: गंगा समिति व पर्यावरण समितियों की मासिक बैठक सम्पन्न
मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी प्रवीण मिश्र की अध्यक्षता में जिला गंगा समिति, जिला पर्यावरण समिति तथा जिला वृक्षारोपण एवं आर्द्र भूमि समिति की मासिक बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में पर्यावरण संरक्षण, नदी स्वच्छता और वृक्षारोपण से जुड़े विभिन्न बिंदुओं की विस्तार से समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए गए।
बैठक में विभागों द्वारा किए गए पौधरोपण की अंतर्विभागीय जांच शीघ्र पूर्ण करने, वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम के तहत लगाए गए पौधों की समय पर निराई-गुड़ाई कराने तथा वॉचर नियुक्त करने के निर्देश दिए गए। साथ ही आगामी वृक्षारोपण के लिए अभी से उपयुक्त भूमि का चयन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।
जिलाधिकारी ने नदियों एवं अन्य जल स्रोतों के पारिस्थितिक तंत्र को स्वच्छ बनाए रखने के लिए कृषि और उद्यान विभाग को निर्देश दिया कि नदी किनारे स्थित खेतों में जैविक उर्वरकों के उपयोग को लेकर किसानों में जागरूकता बढ़ाई जाए। उन्होंने बताया कि विकास खंड दोहरीघाट, बड़राव एवं फतेहपुर मण्डाव में 21 क्लस्टरों के अंतर्गत 1050 हेक्टेयर क्षेत्र में प्राकृतिक एवं जैविक खेती की जा रही है, जिसे आगे और विस्तार दिया जाएगा। इसके साथ ही प्रत्येक गांव में ग्रीन चौपाल आयोजित करने के निर्देश भी दिए गए।
नदी और नहरों की सरकारी भूमि पर हो रहे अतिक्रमण को हटाने के लिए विशेष अभियान चलाने तथा अतिक्रमण मुक्त भूमि पर व्यापक वृक्षारोपण कराने के निर्देश दिए गए। सामाजिक वानिकी प्रभाग द्वारा जनपद की चारों रेंजों में 15 से 20 दिसंबर 2025 के बीच पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें जागरूकता रैली, लेखन प्रतियोगिता, हरित फैशन शो, प्रश्नोत्तरी, पेंटिंग, भाषण, गीत प्रतियोगिता, सेमिनार और सांस्कृतिक कार्यक्रम शामिल होंगे।
बैठक में अस्पतालों से निकलने वाले मेडिकल कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण पर विशेष जोर देते हुए स्पष्ट किया गया कि किसी भी प्रकार की लापरवाही पर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। बैठक में प्रोजेक्ट डायरेक्टर, उपजिलाधिकारी घोसी, जिला पंचायत राज अधिकारी, सभी नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी, प्रभागीय वनाधिकारी, जल निगम, नगर निगम, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
संविलियन विद्यालय गढ़िया रंगीन में मतदाता सूची का गहन सत्यापन, ग्रामीणों की सक्रिय सहभागिता
शाहजहांपुर (राष्ट्र की परम्परा)। गढ़िया रंगीन कस्बे में स्थित संविलियन विद्यालय में उपजिलाधिकारी कलान की अध्यक्षता में ग्रामवासियों के साथ बैठक आयोजित कर बूथ संख्या 192, 193, 194 और 195 की मतदाता सूची का गहन सत्यापन किया गया। इस प्रक्रिया का उद्देश्य मतदाता सूची में पारदर्शिता बनाए रखना और पात्र मतदाताओं के नाम किसी भी स्थिति में सूची से न छूटने देना रहा।
सत्यापन के दौरान कटे हुए नामों को लेकर विशेष सावधानी बरती गई। अधिकारियों द्वारा नाम बोल-बोलकर एक-एक मतदाता का परीक्षण किया गया, जिसमें मतदाताओं के नाम, विवरण और वर्तमान स्थिति की बारीकी से जांच की गई।
ये भी पढ़ें – बीएलओ/बीएलए की बैठक सदर तहसील सभागार में
इस बैठक में ज्योति प्रसाद यादव (एडवोकेट), प्रदीप कुमार भोजवाल, लालू प्रसाद प्रजापति, खंड शिक्षा अधिकारी जैतीपुर सहित चारों बूथों के बीएलओ तथा बड़ी संख्या में ग्रामवासी मौजूद रहे। अधिकारियों ने ग्रामीणों की शंकाओं का समाधान किया और आवश्यक सुधारों को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश भी दिए।
उपजिलाधिकारी कलान ने कहा कि मतदाता सूची का शुद्ध और अद्यतन होना लोकतंत्र को मजबूत बनाने के लिए अत्यंत आवश्यक है। ग्रामीणों ने इस पारदर्शी और निष्पक्ष सत्यापन प्रक्रिया की सराहना करते हुए प्रशासन को पूर्ण सहयोग का भरोसा दिलाया।
ये भी पढ़ें – मिशन शक्ति अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई, महिला से मारपीट का आरोपी गिरफ्तार
बीएलओ/बीएलए की बैठक सदर तहसील सभागार में
मतदाता सूची की गहन जांच के निर्देश
गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। विशेष पुनरीक्षण अभियान के अंतर्गत तहसील सभागार में बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) एवं बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता एसडीएम सदर दीपक गुप्ता ने की। बैठक में नायब तहसीलदार आकांक्षा पासवान सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में एसडीएम सदर दीपक गुप्ता ने बीएलओ एवं बीएलए को निर्देशित किया कि मतदाता सूची का गहन एवं निष्पक्ष सत्यापन सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने कहा कि सूची के आधार पर यह जांच की जाए कि कितने मतदाता अन्य स्थानों पर स्थानांतरित हो चुके हैं, कितने मतदाताओं की मृत्यु हो चुकी है तथा कितने मतदाताओं के नाम दो अलग-अलग स्थानों पर दर्ज हैं। ऐसे सभी मामलों की स्थलीय जांच कर समयबद्ध रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। बैठक के दौरान बीएलओ/बीएलए को संबंधित मतदाताओं की सूची उपलब्ध कराई गई।
ये भी पढ़ें – बीएलओ/बीएलए की बैठक सदर तहसील सभागार में
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि विशेष पुनरीक्षण अभियान के अंतर्गत किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और सूची को पूरी तरह त्रुटिरहित बनाया जाएगा। इसी क्रम में निर्वाचन कार्यालय द्वारा बीएलए विवरण संकलन की प्रक्रिया भी प्रारंभ कर दी गई है। इसके लिए निर्धारित प्रपत्र जारी किए गए हैं, जिनमें प्रत्येक मतदेय स्थल पर नियुक्त बीएलए की पूरी जानकारी भरकर जमा करना अनिवार्य होगा। निर्वाचन विभाग के अनुसार प्रपत्र में बीएलए के हस्ताक्षर, नाम/पदनाम, मान्यता प्राप्त राजनीतिक दल का नाम तथा संबंधित मतदेय स्थल की संख्या व नाम स्पष्ट रूप से अंकित किया जाना आवश्यक है।
एक ही मतदेय स्थल पर अधिकृत एजेंटों की सूची अलग-अलग क्रमांक में भरी जाएगी, ताकि सत्यापन प्रक्रिया में किसी प्रकार की त्रुटि न रहे। प्रपत्र में यह भी उल्लेख किया गया है कि मतदाता सूची से संबंधित कार्यों—जैसे नाम जोड़ना, संशोधन, विलोपन एवं अन्य दावे-आपत्तियों—के लिए अधिकृत बीएल एजेंटों की सूची समयबद्ध रूप से उपलब्ध कराना आवश्यक है। अधिकारियों ने कहा कि अभियान का उद्देश्य मतदाता सूची को शुद्ध, अद्यतन और पारदर्शी बनाना है, जिसमें बीएलओ और बीएलए की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।
ये भी पढ़ें – मिशन शक्ति अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई, महिला से मारपीट का आरोपी गिरफ्तार
मिशन शक्ति अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई, महिला से मारपीट का आरोपी गिरफ्तार
शाहजहांपुर (राष्ट्र की परम्परा)। मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत महिलाओं की सुरक्षा को लेकर पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। इसी क्रम में जैतीपुर थाना क्षेत्र में पुलिस ने महिला के साथ मारपीट करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
जानकारी के अनुसार, बिहारीपुर नगरिया निवासी रामलली ने मिशन शक्ति केंद्र पर शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि पड़ोसी देवराज ने घर में घुसकर उनकी पुत्रवधू रूपवती के साथ लाठी-डंडों से मारपीट की। इसके साथ ही आरोपी ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी।
ये भी पढ़ें – फाइलेरिया के खिलाफ जमीनी स्तर पर पीएसपी की पहल
पीड़िता की शिकायत पर जैतीपुर थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। शनिवार को मुखबिर से सूचना मिलने पर उपनिरीक्षक इतेश तोमर के नेतृत्व में पुलिस टीम आरोपी के घर पहुंची।
पुलिस द्वारा नोटिस तामील कराने का प्रयास किया गया, लेकिन आरोपी देवराज ने नोटिस लेने से इनकार कर दिया और विवेचना में सहयोग नहीं किया। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के उपरांत आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
थाना प्रभारी गौरव त्यागी ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए कहा कि क्षेत्र में महिलाओं के साथ अपराध करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। मिशन शक्ति अभियान के तहत ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
ये भी पढ़ें – कामेश्वर धाम में अंधेरा, आस्था पर भारी लापरवाही
फाइलेरिया के खिलाफ जमीनी स्तर पर पीएसपी की पहल
देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत गठित पीएसपी (पेशेंट स्टेकहोल्डर प्लेटफॉर्म) जिले में स्वास्थ्य जागरूकता की मजबूत कड़ी बनकर उभर रहा है। अब पीएसपी के सदस्य केवल फाइलेरिया नियंत्रण तक सीमित नहीं हैं, बल्कि बुधवार और शनिवार को आयोजित होने वाले टीका उत्सव में भी सक्रिय भागीदारी निभा रहे हैं। उनका मुख्य उद्देश्य टीकाकरण से छूटे बच्चों और गर्भवती महिलाओं को स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ना है।
टीका उत्सव के दौरान पीएसपी सदस्य घर-घर जाकर बच्चों के अभिभावकों को बुलावा पर्ची देकर टीकाकरण सत्र तक लाने का प्रयास कर रहे हैं। साथ ही, बच्चों को 12 घातक बीमारियों से बचाने वाले नियमित टीकों की जानकारी देकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। गर्भवती महिलाओं को संतुलित आहार और सही पोषण के बारे में भी परामर्श दिया जा रहा है, जिससे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार हो सके।
ये भी पढ़ें – 25 दिसंबर तक विशेष अभियान, हर पात्र का बनेगा आयुष्मान कार्ड
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल कुमार गुप्ता के अनुसार, जिले के पथरदेवा, भटनी और भलुअनी ब्लॉक के आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर पीएसपी का गठन किया गया है। इसमें सीएचओ, एएनएम, आशा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, ग्राम प्रधान, वालंटियर, कोटेदार और फाइलेरिया से प्रभावित मरीजों को शामिल किया गया है। इनके संयुक्त प्रयास से वीएचएसएनडी (ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस) सत्रों को प्रभावी बनाया जा रहा है।
पीएसपी सदस्य ग्रामीणों को यह भी समझा रहे हैं कि फाइलेरिया एक गंभीर लेकिन रोकी जा सकने वाली बीमारी है। क्यूलेक्स मच्छर के काटने से फैलने वाली इस बीमारी के लक्षण कई वर्षों बाद सामने आते हैं, जिनमें हाथ-पैर या अंडकोष में सूजन शामिल है। समय पर पहचान और साल में एक बार लगातार पांच वर्षों तक दवा सेवन से इस बीमारी से बचाव संभव है।
ये भी पढ़ें – कामेश्वर धाम में अंधेरा, आस्था पर भारी लापरवाही
दिल्ली में निजी स्कूल अब मनमाने ढंग से नहीं बढ़ा सकेंगे फीस, एलजी वीके सक्सेना ने जारी की अधिसूचना
नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा)। दिल्ली में निजी स्कूलों की मनमानी फीस बढ़ोतरी पर अब लगाम लगने जा रही है। उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने दिल्ली एजुकेशन बिल (फीस निर्धारण और नियमन) अधिनियम 2025 को लेकर दिल्ली गजट में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर दी है। इस कानून के लागू होने से राजधानी के 1700 से अधिक निजी स्कूल इसके दायरे में आ जाएंगे।
नए कानून के तहत फीस बढ़ोतरी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने के लिए कम से कम 15 प्रतिशत अभिभावकों की सहमति अनिवार्य होगी। फीस निगरानी और नियंत्रण के लिए तीन-स्तरीय व्यवस्था बनाई गई है। इसमें स्कूल स्तर पर फीस रेगुलेशन कमेटी, जिला स्तर पर फीस अपील कमेटी और उच्च स्तर पर संशोधन समिति शामिल होंगी।
इस संबंध में दिल्ली सरकार के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि शिक्षा विभाग अब अधिनियम और नियमों में तय सभी प्रक्रियाओं को प्रभावी रूप से लागू करेगा। इसमें स्कूलों की फीस प्रस्तावों की जांच, अनुमोदन, रिपोर्टिंग और निगरानी शामिल है। उन्होंने कहा कि पूर्व सरकारों ने 27 वर्षों तक इस गंभीर मुद्दे को नजरअंदाज किया, जबकि मौजूदा सरकार ने बेहद कम समय में यह ऐतिहासिक सुधार लागू किया है।
ये भी पढ़ें – रोहिणी आचार्य के आरोपों पर बिहार भाजपा अध्यक्ष दिलीप जायसवाल का हमला, तेजस्वी यादव के रोजगार वादों को बताया अव्यावहारिक
शिक्षा व्यवसाय नहीं, अधिकार
शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया कि शिक्षा कोई व्यवसाय नहीं बल्कि हर बच्चे का अधिकार है। दिल्ली सरकार हर छात्र को ईमानदारी, पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। यह कानून न केवल अभिभावकों की चिंताओं को दूर करेगा, बल्कि शिक्षा व्यवस्था में जनता का भरोसा भी मजबूत करेगा।
उन्होंने अभिभावकों और संरक्षकों से इस नए कानून का समर्थन करने की अपील करते हुए कहा कि यह अधिनियम निजी स्कूलों द्वारा की जा रही मनमानी फीस बढ़ोतरी पर रोक लगाएगा, अभिभावकों को सशक्त बनाएगा और शिक्षा प्रणाली में पारदर्शिता व जवाबदेही सुनिश्चित करेगा।
स्कूलों की जवाबदेही होगी तय
सरकार का उद्देश्य साफ है कि अनुचित और मनमानी फीस बढ़ोतरी को पूरी तरह समाप्त किया जाए। अब निजी स्कूलों को अपनी फीस संरचना, खर्च और वित्तीय जरूरतों को पारदर्शी तरीके से प्रस्तुत करना होगा। शिक्षा मंत्री ने कहा कि इस कानून के लागू होने से फीस से जुड़ी समस्याओं का स्थायी समाधान मिलेगा और स्कूलों की नियमित निगरानी संभव हो सकेगी।
दिल्ली सरकार ने दोहराया कि अभिभावकों के हित सर्वोपरि हैं और यह परिवर्तनकारी कदम शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और अभिभावक-हितैषी बनाएगा।
ये भी पढ़ें – शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने वाला आरोपी गिरफ्तार, भिटौली पुलिस को बड़ी सफलता
शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने वाला आरोपी गिरफ्तार, भिटौली पुलिस को बड़ी सफलता
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। पुलिस अधीक्षक महराजगंज के निर्देशन में वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना भिटौली पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। अपर पुलिस अधीक्षक एवं क्षेत्राधिकारी सदर के निकट पर्यवेक्षण में पुलिस टीम ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने के मामले में फरार चल रहे एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान सौरभ पुत्र भोरिक, निवासी मुड़िला चौधरी, थाना भिटौली, जनपद महराजगंज (उम्र लगभग 25 वर्ष) के रूप में हुई है। आरोपी को धर्मपुर नहर पुल के पास से शुक्रवार सुबह करीब 05:15 बजे गिरफ्तार किया गया।
ये भी पढ़ें – रोहिणी आचार्य के आरोपों पर बिहार भाजपा अध्यक्ष दिलीप जायसवाल का हमला, तेजस्वी यादव के रोजगार वादों को बताया अव्यावहारिक
बताया गया कि आरोपी के खिलाफ थाना भिटौली में मुकदमा संख्या 0286/2025 अंतर्गत धारा 69, 352, 351(3) भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत मामला दर्ज था। आरोप है कि आरोपी ने पीड़िता को शादी का झूठा आश्वासन देकर शारीरिक शोषण किया और बाद में गाली-गलौज व जान से मारने की धमकी दी। घटना के बाद से आरोपी फरार चल रहा था।
पुलिस की सक्रियता और सटीक सूचना के आधार पर की गई कार्रवाई में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि आवश्यक विधिक कार्रवाई के उपरांत आरोपी को न्यायालय महराजगंज के समक्ष प्रस्तुत किया जा रहा है। इस कार्रवाई में उप निरीक्षक घनश्याम सिंह यादव एवं कांस्टेबल मनीष कुमार की अहम भूमिका रही।
ये भी पढ़ें – सूने मकान को बनाया निशाना, लाखों की चोरी से इलाके में दहशत
महराजगंज पुलिस की यह कार्रवाई महिला अपराधों के प्रति सख्त रुख को दर्शाती है और अपराधियों के लिए स्पष्ट संदेश है कि कानून से बचना संभव नहीं है।
रोहिणी आचार्य के आरोपों पर बिहार भाजपा अध्यक्ष दिलीप जायसवाल का हमला, तेजस्वी यादव के रोजगार वादों को बताया अव्यावहारिक
पटना (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। बिहार की राजनीति में एक बार फिर सियासी हलचल तेज हो गई है। इस बार मुद्दा राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के भीतर का पारिवारिक विवाद और उसके राजनीतिक निहितार्थ हैं। बिहार भाजपा अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने शनिवार को आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को निशाने पर लेते हुए तीखे बयान दिए। जायसवाल ने कहा कि लालू यादव और राबड़ी देवी को अपनी बेटी रोहिणी आचार्य द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों पर गंभीरता से विचार करना चाहिए और इसे सार्वजनिक मंच की बजाय परिवार के भीतर सुलझाना चाहिए।
पत्रकारों से बातचीत में दिलीप जायसवाल ने कहा कि यदि किसी बेटी को अपने ही मायके को सुरक्षित स्थान मानने की गारंटी मांगनी पड़ रही है, तो यह सोचने का विषय है। उन्होंने इसे पूरी तरह पारिवारिक मामला बताते हुए कहा कि ऐसे संवेदनशील मुद्दों पर परिवार के वरिष्ठ सदस्यों को आत्ममंथन करना चाहिए।
तेजस्वी यादव के रोजगार वादों पर सवाल
दिलीप जायसवाल ने इस दौरान तेजस्वी यादव के रोजगार संबंधी दावों को भी कठघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा कि आरजेडी का “हर घर एक नौकरी” का वादा न केवल अव्यावहारिक है, बल्कि जनता को भ्रमित करने वाला भी है। जायसवाल के अनुसार, आजादी के लगभग 78 वर्षों में बिहार में कुल मिलाकर 20 से 22 लाख सरकारी नौकरियां ही उपलब्ध कराई जा सकी हैं, जबकि तेजस्वी यादव 3 करोड़ 80 लाख परिवारों को नौकरी देने की बात कर रहे हैं। भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि इससे साफ जाहिर होता है कि आरजेडी के पास न तो ठोस योजना है और न ही यथार्थवादी सोच।
ये भी पढ़ें – सूने मकान को बनाया निशाना, लाखों की चोरी से इलाके में दहशत
रोहिणी आचार्य के बयान और महिला सशक्तिकरण का मुद्दा
यह पूरा विवाद आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य के हालिया बयान के बाद सामने आया है। रोहिणी आचार्य ने महिलाओं के अधिकारों की सुरक्षा को लेकर ठोस कदम उठाने की मांग की थी। उन्होंने कहा कि किसी भी बेटी को यह भरोसा मिलना चाहिए कि उसका मायका हर परिस्थिति में सुरक्षित है। गौरतलब है कि रोहिणी आचार्य ने एक महीने पहले राजनीति से दूरी बनाने और परिवार से अलग होने की बात कही थी।
उन्होंने यह भी कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए केवल योजनाएं काफी नहीं हैं। हालांकि, उन्होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की कुछ पहलों—जैसे महिलाओं को आर्थिक सहायता और छात्राओं को साइकिल वितरण—की अप्रत्यक्ष रूप से सराहना की, लेकिन साथ ही यह भी कहा कि भारत में लैंगिक असमानता को खत्म करने के लिए इससे कहीं अधिक व्यापक और प्रणालीगत सुधारों की जरूरत है
ये भी पढ़ें – रॉयल फिटनेस क्लब जिम का भव्य उद्घाटन, ग्रामीण युवाओं को मिली आधुनिक फिटनेस सुविधा
बिहार की राजनीति में नया मोड़
दिलीप जायसवाल के इस बयान ने न केवल आरजेडी के अंदरूनी मामलों को सार्वजनिक बहस का विषय बना दिया है, बल्कि आगामी चुनावों से पहले रोजगार और महिला सुरक्षा जैसे मुद्दों को भी केंद्र में ला दिया है। अब देखना होगा कि आरजेडी नेतृत्व इस पर क्या प्रतिक्रिया देता है और यह विवाद बिहार की राजनीति को किस दिशा में ले जाता है।
सूने मकान को बनाया निशाना, लाखों की चोरी से इलाके में दहशत
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के घुघली थाना क्षेत्र में चोरों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। शुक्रवार रात बेलवा टोला, रामपुर बलडीहा गांव में एक सूने मकान में हुई बड़ी चोरी की वारदात से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। अज्ञात चोर रामवचन यादव के घर को निशाना बनाकर लाखों रुपये मूल्य का कीमती सामान चोरी कर ले गए।
पीड़ित रामवचन यादव ने बताया कि 12 दिसंबर की रात उनका पूरा परिवार घर पर मौजूद नहीं था। इसी का फायदा उठाकर चोर मकान के पीछे से दाखिल हुए। चोरों ने पहले कटर से कंटीले तार काटे, फिर मजबूत ताले तोड़कर घर के अंदर घुस गए। इसके बाद एक-एक कर कमरों के ताले तोड़ते हुए एलईडी टीवी, कपड़े और अन्य कीमती घरेलू सामान समेट ले गए।
घटना के बाद सामने आए सीसीटीवी फुटेज में चोरों की संदिग्ध गतिविधियां कैद हुई हैं, जिससे चोरी की पुष्टि होती है। सुबह जब परिवार के लोग घर लौटे तो घर का सारा सामान बिखरा पड़ा था और ताले टूटे हुए थे। आनन-फानन में डायल 112 और घुघली थाना पुलिस को सूचना दी गई।
ये भी पढ़ें – रॉयल फिटनेस क्लब जिम का भव्य उद्घाटन, ग्रामीण युवाओं को मिली आधुनिक फिटनेस सुविधा
चोरी की खबर फैलते ही आसपास के ग्रामीणों की भारी भीड़ मौके पर जमा हो गई। लोगों में आक्रोश के साथ-साथ दहशत का माहौल है। स्थानीय ग्रामीणों ने क्षेत्र में रात्रि गश्त बढ़ाने और पुलिस की सक्रियता तेज करने की मांग की है।
पीड़ित की तहरीर पर घुघली थाना पुलिस ने लाखों की चोरी मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस संबंध में घुघली थानाध्यक्ष कुंवर गौरव सिंह ने बताया कि घटना की गहन जांच की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर चोरों की पहचान की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
ये भी पढ़ें – नदी किनारे मिट्टी निकालते समय युवक की डूबकर मौत, मिर्गी के दौरे बने हादसे की वजह; बुजुर्ग पिता का टूटा सहारा
रॉयल फिटनेस क्लब जिम का भव्य उद्घाटन, ग्रामीण युवाओं को मिली आधुनिक फिटनेस सुविधा
महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। क्षेत्र में स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए सिसवां मुंशी चौराहे पर शुक्रवार को रॉयल फिटनेस क्लब जिम का भव्य उद्घाटन किया गया। उद्घाटन भाजपा नेता प्रेम शंकर उर्फ निर्भय सिंह एवं ब्लॉक प्रमुख परतावल आनंद शंकर वर्मा ने संयुक्त रूप से फीता काटकर किया।
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए भाजपा नेता निर्भय सिंह ने कहा कि स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मन का वास होता है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे प्रतिदिन कम से कम एक घंटा अपनी सेहत के लिए जरूर निकालें, ताकि शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत बन सकें। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में आधुनिक जिम सुविधा का खुलना सराहनीय पहल है, जिससे युवाओं में अनुशासन और सकारात्मक सोच का विकास होगा।
ब्लॉक प्रमुख आनंद शंकर वर्मा ने कहा कि रॉयल फिटनेस क्लब जिम को अत्यंत व्यवस्थित और आधुनिक ढंग से तैयार किया गया है। यहां युवाओं के लिए अत्याधुनिक मशीनें और बेहतर फिटनेस सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिनका लाभ क्षेत्र के युवाओं को जरूर उठाना चाहिए। उन्होंने कहा कि फिट और स्वस्थ युवा ही समाज और राष्ट्र के निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं।
ये भी पढ़ें – नदी किनारे मिट्टी निकालते समय युवक की डूबकर मौत, मिर्गी के दौरे बने हादसे की वजह; बुजुर्ग पिता का टूटा सहारा
कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व जिला पंचायत सदस्य एवं हिंदुस्तान पेट्रोलियम गैस के प्रोपराइटर राज नारायण ने की। उन्होंने कहा कि अब ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को फिटनेस के लिए शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। चौराहे पर ही आधुनिक जिम सुविधा उपलब्ध होने से क्षेत्रवासियों को बड़ी राहत मिली है।
जिम के प्रोपराइटर भृगुनाथ पटेल ने बताया कि युवाओं की सेहत को ध्यान में रखते हुए जिम में सुरक्षित और अत्याधुनिक फिटनेस मशीनें लगाई गई हैं। उनका उद्देश्य क्षेत्र के युवाओं को बेहतर, सुरक्षित और प्रभावी फिटनेस सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
ये भी पढ़ें – कैप्टन अमरिंदर सिंह का सियासी विस्फोट: भाजपा, कांग्रेस और ‘आप’ पर तीखे प्रहार से गरमाई पंजाब की राजनीति
उद्घाटन अवसर पर क्षेत्र के गणमान्य नागरिक, युवा वर्ग और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान उत्साहपूर्ण माहौल देखने को मिला और युवाओं में जिम को लेकर खासा जोश नजर आया। रॉयल फिटनेस क्लब जिम का शुभारंभ क्षेत्र में स्वास्थ्य जागरूकता की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
