Saturday, February 28, 2026
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नेपाल में भारतीय पर्यटकों को बड़ी राहत

सीमा पर एक बार जांच, अब बार-बार चेकिंग से मिलेगी मुक्ति

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। भारत–नेपाल सीमा से आने-जाने वाले भारतीय पर्यटकों के लिए राहत भरी खबर है। नेपाल पुलिस ने भारतीय पर्यटकों के वाहनों की जांच को लेकर नई व्यवस्था लागू करने की घोषणा की है। अब भारत से सोनौली मार्ग के जरिए नेपाल में प्रवेश करने वाले भारतीय वाहनों की सीमा पर केवल एक बार जांच होगी, इसके बाद नेपाल के भीतर बार-बार चेकिंग नहीं की जाएगी। इस फैसले से पर्यटन को बढ़ावा मिलने के साथ ही यात्रियों को अनावश्यक असुविधा से निजात मिलेगी।यह महत्वपूर्ण घोषणा नेपाल के आईजी दान बहादुर कार्की ने गौतम बुद्ध की जन्मस्थली लुंबिनी में आयोजित तीन दिवसीय न्यूज़ फेस्टिवल के दौरान की। लुंबिनी प्रेस क्लब के 11वें स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में भारत और नेपाल के पत्रकारों, उद्योगपतियों, व्यापारियों और जनप्रतिनिधियों की बड़ी भागीदारी रही। इस दौरान दोनों देशों के बीच संबंधों को और प्रगाढ़ बनाने तथा पर्यटन विकास पर व्यापक चर्चा हुई।
आईजी दान बहादुर कार्की ने भारतीय पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि नई व्यवस्था का उद्देश्य यात्रियों को अनावश्यक परेशानी से बचाना और सीमा पार आवागमन को अधिक सहज बनाना है। उन्होंने कहा कि प्रतिदिन सोनौली बॉर्डर से सैकड़ों भारतीय पर्यटक नेपाल भ्रमण के लिए आते हैं, ऐसे में बार-बार वाहन जांच से उन्हें परेशानी होती थी, जिसे अब समाप्त किया जा रहा है। इस घोषणा के बाद भारतीय पर्यटकों और यात्रा कारोबार से जुड़े लोगों में खुशी की लहर है।
उन्होंने पत्रकारिता की भूमिका पर भी प्रकाश डालते हुए कहा कि समाज में फैली विकृतियों और विसंगतियों को दूर करने में संचार माध्यमों की अहम भूमिका होती है। संतुलित, जिम्मेदार और निष्पक्ष पत्रकारिता से जनचेतना बढ़ती है और अपराध नियंत्रण में भी सकारात्मक दबाव बनता है।
तीन दिनों तक चलने वाले इस न्यूज़ फेस्टिवल में नेपाल पत्रकार महासंघ की अध्यक्ष निर्मला शर्मा, प्रेस काउंसिल नेपाल के अध्यक्ष डॉ. कुमार शर्मा आचार्य,लुंबिनी सांस्कृतिक नगर पालिका की कार्यवाहक नगर प्रमुख कल्पना हरिजन, लुंबिनी विकास कोष के सदस्य सचिव दीपक श्रेष्ठ, प्रेस काउंसिल सदस्य नकुल आर्य तथा लुंबिनी प्रेस क्लब के अध्यक्ष कमल राय माझी सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
भारत की ओर से प्रेस क्लब ऑफ इंडिया के पूर्व सचिव संजय सिंह, गोरखपुर प्रेस क्लब के निवर्तमान अध्यक्ष मार्कण्डेय मणि त्रिपाठी और प्रेस क्लब ऑफ महराजगंज के अध्यक्ष अमित त्रिपाठी ने भारत–नेपाल के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंधों पर अपने विचार रखे। उन्होंने पर्यटन को बढ़ावा देने और पत्रकारिता के माध्यम से आपसी सहयोग को और मजबूत करने पर जोर दिया।
कुल मिला कर नेपाल पुलिस का यह फैसला भारत–नेपाल मैत्री को नई मजबूती देने वाला साबित होगा। इससे न सिर्फ भारतीय पर्यटकों को राहत मिलेगी, बल्कि सीमावर्ती क्षेत्रों में पर्यटन, व्यापार और सांस्कृतिक आदान–प्रदान को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।

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