देवरिया(राष्ट्र कि परम्परा)l लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करने और नागरिकों को मतदान के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से 16वें राष्ट्रीय मतदाता दिवस के अवसर पर जनपद देवरिया में एक विशाल और प्रेरणादायी मतदाता जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। इस रैली का शुभारंभ जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने राजकीय इंटर कॉलेज (जीआईसी) परिसर से हरी झंडी दिखाकर किया।
इस अवसर पर पूरे जनपद में लोकतंत्र की मजबूती, निष्पक्ष मतदान और नागरिक सहभागिता का सशक्त संदेश गूंजता नजर आया। रैली में समाज के हर वर्ग की सहभागिता देखने को मिली, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि मतदाता जागरूकता अब केवल एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जन आंदोलन का स्वरूप ले रही है।
मतदान: लोकतंत्र की आधारशिला
रैली को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने कहा कि “मतदान केवल एक अधिकार नहीं, बल्कि लोकतंत्र की आत्मा है। प्रत्येक पात्र नागरिक का यह संवैधानिक दायित्व है कि वह अपने मताधिकार का प्रयोग करे और राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया में सक्रिय भागीदार बने।”
उन्होंने विशेष रूप से युवा मतदाताओं से आह्वान किया कि वे लोकतांत्रिक प्रक्रिया में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें और अपने विवेकपूर्ण मतदान के माध्यम से देश व प्रदेश की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं। जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि जागरूक मतदाता ही पारदर्शी, सशक्त और उत्तरदायी शासन व्यवस्था की नींव रखता है।
जनभागीदारी से सजी जागरूकता रैली
मतदाता जागरूकता रैली में विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं, आशा व आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियों, स्काउट-गाइड, स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधियों तथा आम नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतिभागियों के हाथों में जागरूकता संदेशों से सजी तख्तियाँ थीं, जिन पर “पहले मतदान, फिर जलपान”, “मेरा वोट, मेरी ताकत”, “लोकतंत्र की शान, मतदान मेरी पहचान” जैसे प्रेरक नारे अंकित थे।
रैली जीआईसी से प्रारंभ होकर कलेक्ट्रेट परिसर, पोस्टमार्टम चौराहा और जलकल रोड होते हुए पुनः जीआईसी ग्राउंड पर संपन्न हुई। पूरे मार्ग में नागरिकों ने रैली का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।
मतदाता शपथ और एपिक कार्ड वितरण
रैली के उपरांत आयोजित मुख्य कार्यक्रम में जिलाधिकारी ने उपस्थित नागरिकों को मतदाता शपथ दिलाई। शपथ के माध्यम से सभी ने यह संकल्प लिया कि वे निष्पक्ष, निर्भीक और नैतिक रूप से मतदान करेंगे तथा अन्य नागरिकों को भी मतदान के लिए प्रेरित करेंगे।
इस अवसर पर नव पंजीकृत मतदाताओं को उनके एपिक (मतदाता पहचान) कार्ड वितरित किए गए, जिससे युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। इसके साथ ही मतदाता जागरूकता अभियान में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यक्तियों, शिक्षण संस्थानों और संगठनों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बढ़ाया आकर्षण
कार्यक्रम को और अधिक प्रभावशाली बनाने के लिए विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं द्वारा मतदाता जागरूकता पर आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं। विशेष रूप से बच्चों द्वारा प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक ने शत-प्रतिशत मतदान का सशक्त संदेश दिया। नाटक के माध्यम से यह दर्शाया गया कि एक वोट किस प्रकार समाज और शासन की तस्वीर बदल सकता है। उपस्थित जनसमूह ने इन प्रस्तुतियों की भूरि-भूरि प्रशंसा की।
मजबूत लोकतंत्र के लिए जागरूक नागरिक आवश्यक
अपने उद्बोधन में जिलाधिकारी श्रीमती दिव्या मित्तल ने कहा कि “एक सशक्त लोकतंत्र के निर्माण के लिए जागरूक, शिक्षित और जिम्मेदार मतदाता का होना अनिवार्य है। जब हर नागरिक निर्भीक होकर मतदान करता है, तभी लोकतांत्रिक व्यवस्था मजबूत होती है।”
उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार के दबाव, प्रलोभन या भय से मुक्त होकर अपने मताधिकार का प्रयोग करें और लोकतांत्रिक मूल्यों को सुदृढ़ बनाएं।
प्रशासनिक समन्वय का उदाहरण बना आयोजन
कार्यक्रम के सफल आयोजन में जिला प्रशासन, शिक्षा विभाग, निर्वाचन कार्यालय एवं अन्य संबंधित विभागों का उल्लेखनीय सहयोग रहा। यह आयोजन प्रशासनिक समन्वय और जनभागीदारी का उत्कृष्ट उदाहरण बनकर सामने आया।
